अंतर्राष्ट्रीय बाल श्रम निषेध दिवस : CM बोले-बालश्रम रोकना सबकी जिम्मेदारी... लक्ष्मी राजवाड़े बोली- रोकथाम के लिए जागरूकता जरूरी
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने अंतर्राष्ट्रीय बालश्रम निषेध दिवस पर जारी अपने संदेश में कहा है कि बच्चे देश का सुनहरे भविष्य एवं समाज की अमूल्य निधि हैं, जिनका सरंक्षण और संवर्धन हम सबकी ज़िम्मेदारी है। विश्व बाल श्रम निषेध दिवस के अवसर पर हम भविष्य की आशाओं और आकांक्षाओं का आधार बच्चों को बालश्रम के बंधनों से मुक्ति दिलाने के लिए संकल्पित रहेंगे। वहीं महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा है कि बाल श्रम अपराध की श्रेणी में आता है इसलिए अपने थोड़े से स्वार्थ के लिए बच्चों का जीवन दांव पर ना लगाएं। बच्चे समाज और देश का भविष्य होते हैं।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि बच्चों की उचित देखभाल, पोषण, सुरक्षा, खुशहाल जीवन, शिक्षा, स्वास्थ्य और आगे बढ़ने के अवसर पर बच्चों का भी समान अधिकार है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि छोटे बच्चों को काम में न लगाएं, न ही किसी को लगाने दें। बच्चों के प्रति दुर्व्यवहार, हिंसा या मजदूरी करते पाए जाने पर तुरंत पुलिस और प्रशासन को सूचना देकर बच्चों का भविष्य बचाने में सहयोग करें।
मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि बाल श्रम, बाल तस्करी के कई मामले आज भी सामने आते रहते हैं। लोग कल-कारखानों सहित अपने घर-दुकानों में भी छोटे-छोटे बच्चों से काम करवाने लगे हैं। इस दौरान बच्चों से दुर्व्यवहार और हिंसा की कई घटनाएं भी प्रकाश में आई हैं। उन्होंने कहा कि 14 वर्ष से कम उम्र के बच्चों से ऐसा काम लेना जो उनके स्वास्थ्य और जीवन के लिए असुरक्षित हो, कानूनन अपराध है। सरकार ऐसे लोगों पर कानूनी कार्रवाई करती है, लेकिन इसके लिए प्रत्येक नागरिक का जागरूक होना जरूरी है।