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राष्ट्रीय समुद्री विरासत परिसर भारत के विविध समुद्री इतिहास को सीखने और समझने के लिए एक केंद्र के रूप में करेगा कार्य

नईदिल्ली। केंद्रीय पत्तनपोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने गुजरात के गांधीनगर में राष्ट्रीय समुद्री विरासत परिसरलोथल की समीक्षा की। बैठक में गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेन्द्रभाई पटेलस्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री और रसायन और उर्वरक मंत्री डॉ. मनसुख मंडावियापत्तनपोत परिवहन और जलमार्ग और पर्यटन राज्य मंत्री श्रीपद येसो नाइक, पत्तनपोत परिवहन और जलमार्ग राज्य मंत्री शांतनु ठाकुर भी सम्मिलित हुए।

एनएमएचसी परिसर के अंदर एक नौसेना गैलरी "द जर्नी ऑफ इंडियन नेवी एंड कोस्ट गार्ड" के विकास के लिए रक्षा मंत्रालय (भारतीय नौसेना और तटरक्षक बल) के साथ बैठक के दौरान एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए।

सर्बानंद सोनोवाल ने कहा 'माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में पत्तनपोत परिवहन और जलमार्ग मंत्रालय लोथलगुजरात में राष्ट्रीय समुद्री विरासत परिसर विकसित कर रहा है। इसमें भारत की समृद्ध और विविध समुद्री विरासत को प्रदर्शित करने की परिकल्पना की गई है। एनएमएचसीएमओपीएसडब्ल्यू के तहत सागरमाला कार्यक्रम की प्रमुख परियोजनाओं में से एक है और यह दुनिया का सबसे बड़ा समुद्री संग्रहालय परिसर होगा।'

उन्होंने यह भी बताया 'एनएमएचसी भारत के विविध समुद्री इतिहास को सीखने और समझने के लिए एक केंद्र के रूप में कार्य करेगा और इसे इस तरह से बनाया जा रहा है कि भारत का आम आदमी इसके इतिहास को सरलता से समझ सके।श्री सोनोवाल ने परियोजना के विकास में लगातार समर्थन देने के लिए गुजरात सरकार का आभार भी प्रकट किया।

 

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