रायपुर

संपत्ति कर जमा करने की अंतिम तारीख 15 नहीं 30 अप्रैल होगी, मुख्यमंत्री की पहल पर बढ़ी तारीख

रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने सम्पत्ति कर भुगतान में विशेष छूट प्रदान करने का अहम् निर्णय लिया गया हैं। इसके तहत राज्य में सम्पत्ति कर तथा विवरणी जमा करने के लिए निर्धारित अंतिम तिथि 31 मार्च को बढाकर अब 30 अप्रैल तक कर दी गई हैं। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निर्देश तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री डॉ. शिव डहरिया की पहल पर अंतिम तिथि में 30 दिवस की विशेष छूट प्रदान करते हुए नागरिकों की सुविधा के लिए एक महीना का अतिरिक्त अवसर दिया गया है। 
 
उल्लेखनीय हैं कि गत वर्षो में महामारी (कोविड -19) को दृष्टिगत रखते हुए संपत्तिकर तथा विवरणी  जमा करने हेतु निर्धारित अंतिम तिथी 31 मार्च  में विशेष छूट प्रदान करते हुए अतिरिक्त अवसर दिया गया था। इस वर्ष 2022-23 की सम्पत्ति कर तथा विवरणी जमा करने के लिए पूर्व में दिए गए छूट की समय सीमा -15 अप्रैल 2023 तक, को बढाकर 30 अप्रैल 2023 तक कर दिया गया है। 
 
इस संबंध में नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा समस्त कलेक्टर, आयुक्त तथा मुख्य नगर पालिका अधिकारी, नगर पालिका परिषद् एवं नगर पंचायत को जारी पत्र में कहा गया हैं कि नागरिकों द्वारा कार्यालय में आकर संम्पत्ति कर के भुगतान की स्थिति में, फिजिकल डिस्टेंसिंग का पालन अनिवार्यतः किया जाए। फिजिकल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए, निकाय के कर्मचारियों द्वारा घर- घर जाकर संम्पत्ति कर की वसूली की जाए तथा नागरीकों को  ऑनलाइन भुगतान  के लिए अधिक से अधिक प्रोत्साहित किया जाए ।
 
रायपुर नगर निगम ऑनलाइन टैक्स जमा करने की सुविधा दे रहा है। 31 मार्च को रिकॉर्ड वसूली दर्ज की गयी थी और अब 30 अप्रैल तक इसमें बढ़ोतरी देखी जा सकती है। निगम की वेबसाइट और ’मोर रायपुर’ ऐप में ऑनलाइन टैक्स जमा किया जा सकता है। इसके अलावा क्यूआर कोड, डेबिट-क्रेडिट कार्ड से भी भुगतान किया जा सकता है। इसमें करदाता को पेमेंट की रसीद भी ऑनलाइन मिल रही है। वेबसाइट में लॉग इन करके या एप में सम्पत्ति मालिक,वार्ड क्रमांक, मोहल्ला-कॉलोनी का नाम, मकान नंबर और मोबाइल नंबर समेत यूनिक आईडी से अपनी सम्पत्ति की जानकारी लेकर टैक्स जमा कर सकते है।

 

 

 
 

शहर में नगर निगम ने वार्डों में डिजिटल नंबर प्लेट भी लगाया है। इसमें छपे क्यूआर कोड में मकान संबंधी पूरी जानकारी पहले ही अपलोड होती है। ऐसे में क्यूआर कोड से स्कैन कर प्रापर्टी टैक्स जमा किया जा सकता है। हांलाकि अब तक शत प्रतिशत मकानों और भवनों में क्यूआर कोड की प्रक्रिया पूरा नहीं हो पायी है लेकिन जिन घरों में डिजिटल नंबर प्लेट लगे हैं। वहां क्यूआर स्कैन करने को बाद अपना नाम,एड्रैसवेरिफिकेशन कर टैक्स का भुगतान किया जा सकता है।