रायपुर। प्रसिद्ध रंग साधकअशोक चंद्राकर की स्मृति में संस्कार भारती छत्तीसगढ़ द्वारा संस्कृति विभाग छत्तीसगढ़ के सहयोग से तीन दिवसीय रंग संस्कार महोत्सव का आयोजन महाराष्ट्र मंडल रायपुर में 15 से 17 मई तक किया जा रहा है। वहीं राष्ट्र रंग संघ साधना के 100 बछर पूरा होने पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष पर छत्तीसगढ़ के चित्र साधकों द्वारा निर्मित चित्रमाला आयोजन को खास बनाएगा। इस अवसर पर चार मनोरंजक और ज्ञानवर्धक नाटकों का मंचन किया जाएगा।
महाराष्ट्र मंडल के मुख्य समन्वयक श्याम सुंदर खंगन ने बताया कि महाराष्ट्र मंडल की गौरवशाली नाट्य प्रस्तुति मैं अनिकेत हूं का मंचन एक बार फिर महाराष्ट्र मंडल के रंगमंच पर किया जाएगा। आयोजन को लेकर स्टेज तैयार किया जा रहा है।
संस्कार भारती छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष रिखी क्षत्रीय ने बताया कि कार्यक्रम का शुभारंभ 15 मई की शाम किया जाएगा। महोत्सव के प्रथम दिन शाम 6.30 बजे से महाराष्ट्र मंडल के रंगनिर्देशक शशि वरवंडकर द्वारा निर्देशित नाटक मैं अनिकेत हूँ की प्रस्तुति होगी। वहीं शनिवार 16 मई की शाम अर्पिता बेडेकर के दिग्दर्शन में सूखी डाली नाटक और संत फऱिकार के दिग्दर्शन में तैयार नाटक संत रविदास का मंचन किया जाएगा। रिखी क्षत्रीय ने आगे बताया कि रविवार 15 मई को नाटक राज रवि वरमा, एक अनकही लड़ाई का मंचन होगा। जिसके लेखर रोहित श्रीवास्त्व है। दिग्दर्शक डा अनंद कुमार पांडेय है।