बड़ा मंदिर में गूंजा धार्मिक मंत्र,.... मुनिसंघ के सानिध्य में हो रहा धार्मिक आयोजन
रायपुर। श्री दिगंबर जैन बड़ा मंदिर, मालवीय रोड, रायपुर में आयोजित 'श्री नवोदय तीर्थ, श्री दिगंबर जैन आदिश्वर धाम "समयोपदेश वर्षायोग 2026" के पावन अवसर पर आज दिनांक 6 अगस्त 2026 को प्रातःकाल से ही धार्मिक आयोजनों की श्रंखला में अभूतपूर्व उल्लास देखा गया। बड़ी संख्या में धर्मप्रेमी बंधुओं ने मंदिर पहुंचकर जिनबिम्ब के दर्शन, पूजन और संतों के वचनों का लाभ उठाया।
प्रमुख धार्मिक अनुष्ठान एवं अभिषेक कार्यक्रम की शुरुआत प्रातः 8 बजे से मूलनायक भगवान के समक्ष नित्य नियम अभिषेक, शांतिधारा और पूजन के साथ हुई। आज के पावन अनुष्ठान में भगवान की शांतिधारा करने का सौभाग्य श्री राजकुमार, नवीन, नमन मोदी परिवार तथा श्री प्रभात, सीमा जैन परिवार को प्राप्त हुआ। इस दौरान पूरा मंदिर परिसर जिनेन्द्र भगवान के जयकारों और भक्तिमय भजनों से गूंज उठा।
समयोपदेश वर्षायोग 2026 के तहत प्रतिदिन आयोजित हो रही धार्मिक कक्षाओं में जैन आगमों का गंभीर स्वाध्याय चल रहा है। आज के प्रातः काल मुनि श्री 108 पुनीत सागर जी महाराज के सानिध्य में जैन दर्शन के मूल ग्रंथ 'तत्त्वार्थ सूत्र' का गंभीर अध्ययन कराया गया। मुनि श्री 108 आगम सागर जी महाराज के सानिध्य में 'छहढाला' (प्रथम अध्याय) का पठन-पाठन हुआ। इसके उपरांत, मुनि श्री ने अपनी ओजस्वी मंगल देशना (प्रवचन) के माध्यम से उपस्थित श्रद्धालुओं को संयम, नैतिकता और आत्म-कल्याण का मार्ग दिखाया।
जैन परंपरा में मुनिसंघ को नवधाभक्ति के साथ आहार देना अत्यंत पुण्य का कार्य माना जाता है। आज रायपुर के सौभाग्यशाली परिवारों को परम पूज्य मुनिसंघ को विधि-विधान और नवधा भक्ति के साथ आहार दान देने का दुर्लभ अवसर प्राप्त हुआ। जिसमें मुनि श्री 108 आगम सागर जी महाराज को श्रीमती रोहित जैन एवं श्री पुष्पेंद्र जैन (टिल्लू) परिवार द्वारा, एलक 105 श्री धैर्य सागर जी महाराज को श्रीमती रुचि जैन एवं श्री श्रेयश जैन (बालू) परिवार द्वारा,एलक 105 श्री स्वागत सागर जी महाराज को श्रीमती पुष्पा जैन एवं श्री बंशीलाल जी परिवार द्वारा आहार दिया गया।
वर्षायोग समिति के अध्यक्ष नरेंद्र जैन गुरुकृपा एवं कार्यकारी अध्यक्ष श्री संजय नायक जैन ने जानकारी दी कि सांयकाल के सत्र में भी विशेष धार्मिक आयोजनों में प्रतिदिन सायं 7 बजे से मूलनायक भगवान के समक्ष 'भक्तांबर विधान' का भव्य आयोजन किया जा रहा है, जिसमें जैन समाज के सैकड़ों लोग सम्मिलित होकर रिद्धि-सिद्धि की कामना कर रहे हैं।भक्तांबर विधान के पश्चात एलक 105 श्री धैर्य सागर जी महाराज के सानिध्य में विशेष प्रवचन एवं धार्मिक कक्षाएं संचालित हो रही हैं, जिससे श्रद्धालुओं को निरंतर आध्यात्मिक ऊर्जा प्राप्त हो रही है। श्री दिगंबर जैन नवोदय तीर्थ आदिश्वरधाम समयोपदेश वर्षायोग 2026 समिति ने रायपुर एवं आसपास के सभी धर्मप्रेमी बंधुओं से अधिक से अधिक संख्या में पधारकर इन आयोजनों का लाभ उठाने की विनम्र अपील की है।