रायपुर

डॉ.अशोक का जीवन समाज को रहा समर्पित... अब आंखों और शरीर का भी किया दान

रायपुर। उदया सोसायटी टाटीबंध निवासी डॉ. अशोक पेंढरकर का जीवन दूसरों की सेवा के लिए समर्पित रहा। अब उनके जाने के बाद उनकी इच्छा के अनुरुप उनकी आंखें और शरीर भी समाज के लिए दान कर दिया गया। बतादें कि 13-14 अगस्त की मध्यरात्रि 12.10 को उनका निधन हो गया। जिसके बाद देररात 2.30 बजे एम्स में उनका नेत्रदान और 14 अगस्त को सुबह 11.00 बजे एम्स में ही उनका देहदान कर दिया गया। जो मेडिकल छात्रों के शोध और अध्यययन के काम आएगा। 

डॉ. अशोक के पुत्र कुणाल ने बताया कि उन्होंने अपना पूरा जीवन दूसरों की सेवा के लिए समर्पित किया था। एक डॉक्टर के रूप में उन्होंने हमेशा मानव जीवन को सर्वोपरि माना और अपने कर्मों से सेवा का सच्चा अर्थ समझाया। देह दान और नेत्रदान का उनका निर्णय भी उनकी उसी सेवा-भावना का विस्तार था। उन्होंने जीवन भर दूसरों के जीवन को बेहतर बनाने का प्रयास किया और मृत्यु के बाद भी चिकित्सा शिक्षा एवं आने वाली पीढ़ियों के लिए उपयोगी बने रहने का रास्ता चुना। 
हमें गर्व है कि उन्होंने अपने जीवन से हमें सिखाया कि सच्ची महानता अपने लिए नहीं, बल्कि दूसरों के लिए जीने और जाते-जाते भी कुछ देने में है। पूरा परिवार उनके इस निर्णय को गर्व और सम्मान के साथ स्वीकार करता हैं। उनका जीवन, सेवा-भावना और मानवता के प्रति आपका समर्पण हमेशा हमारे लिए प्रेरणा का स्रोत रहेगा।