शबरी कन्या आश्रम में महाराष्ट्र मंडळ के सदस्यों ने किया गीता पाठ
रायपुर। संस्कृत भारती, छत्तीसगढ़ वनवासी विकास समिति की ओर से शबरी कन्या आश्रम रोहिणीपुरम में गीता जयंती के अवसर पर आज 23 दिसंबर को सामूहिक गीता पाठ किया गया। गीता पाठ के इस सामूहिक आयोजन में महाराष्ट्र मंडळ के सदस्य भी शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान गीता के 7,12 और 15 अध्याय का पाठ किया जाएगा।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सत्येन्द्र कुमार स्वरवेदी विहंगम योगी प्रचारक, महर्षि सदाफल देव आश्रम महादेव घाट रायपुर थे। कार्यक्रम में डा. सतेंद्र सिंह सेंगर, प्रांत अध्यक्ष संस्कृत भारती और आर्य समाज के काशी नाथ चतुर्वेदी भी उपस्थित थे। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया। दीप प्रज्ज्वलन के बाद सभी ने एक साथ ओम नमो भगवते वासुदेवाय नमः मंत्र का जाप किया। जिसके बाद गीता के 7,12 और 15 अध्याय का पाठ शुरू हुआ।

मंडळ के आध्यमिक समिति की प्रमुख आस्था काळे ने बताया कि मान्यता है कि जिस दिन श्री कृष्ण ने अर्जुन को गीता का ज्ञान दिया था उस दिन मार्गशीर्ष माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी थी। इसीलिए इस दिन को गीता जयंती के रूप में मनाया जाता है। संस्कृत भारती, छत्तीसगढ़ वनवासी विकास समिति की ओर से आयोजित इस गीता पाठ में सरस्वती ज्ञान मंदिर के 200 छात्र और 30 शिक्षक शामिल होंगे। वहीं ज्ञान सरिता स्कूल, एंजल कान्वेंट स्कूल, संस्कृत महाविद्यालय, बिरगांव के स्कूल के साथ महाराष्ट्र मंडळ के सदस्य उपस्थित थे।