केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने दिल्ली ग्रामोदय अभियान के तहत दिल्ली के 41 गाँव में पीएनजी सुविधा एवं 178 गाँवों में विभिन्न विकास कार्यों का शुभारंभ किया
नई दिल्ली | केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने दिल्ली के ग्रामीण इलाकों के विकास के लिए एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए आज ‘दिल्ली ग्रामोदय अभियान’ के तहत 383 करोड़ रुपए की लागत से 41 गांवों में पाइप्ड नैचुरल गैस (PNG) सुविधा और 178 गांवों में विभिन्न विकास कार्यों का उद्घाटन किया। इस अवसर पर केन्द्रीय आवास और शहरी विकास एवं पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी और दिल्ली के उपराज्यपाल वी के सक्सेना सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति मौजूद थे।
केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने पिछले 10 साल में देश में एक नई संस्कृति की शुरूआत की। उन्होंने कहा कि पहले नेता बहुत सारे वादे करते थे, लेकिन न जनता उनका हिसाब मांगती थी और न नेता हिसाब लेकर जनता के सामने जाते थे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने जो कहा, वो किया और वादों को धरातल पर उतारने का काम किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने देश की 13 करोड़ माताओं को गैस सिलिंडर दिए, 1 करोड़ लोगों के घर में पाइप्ड गैस पहुंचाई, 14 करोड़ लोगों के घरों में नल से जल पहुंचाए, 14 करोड़ शौचालय बनाए, 3 करोड़ से अधिक घर बनाए और 60 करोड़ गरीबों को प्रति व्यक्ति प्रति माह 5 किलो अनाज मुफ्त दिया। शाह ने कहा कि ये 10 साल गरीबों के कल्याण और गावों के विकास के 10 साल रहे। उन्होंने कहा कि शहर औऱ गांव के जीवन के बीच का अंतर समाप्त करने के लिए मोदी जी ने अनेक कदम उठाए और इसके अच्छे नतीजे मिले। उन्होंने कहा कि मोदी जी ने लद्दाख से लक्षद्वीप, कामाख्या से द्वारका, किसान से विज्ञान, नई शिक्षा नीति से आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस और सौर ऊर्जा से पीएनजी तक भारत के नागरिकों का हर स्वप्न पूरा करने का काम किया है।
अमित शाह ने कहा कि त्रिपल तलाक समाप्त करना हो या सीएए लाना हो, नरेन्द्र मोदी जी ने हर वादे को पूरा कर नए उत्साह, आशा और उमंग का वातावरण पूरे देश में बनाया है और इसी कारण आज पूरा देश नए विश्वास के साथ 2047 में पूर्ण विकसित और आत्मनिर्भर बनने के लिए आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि देश में आए इस परिवर्तन की कड़ी में जहां पहले एनर्जी पावर्टी थी, उसकी जगह एनर्जी सिक्योरिटी लाने का काम भी मोदी जी ने किया है। उन्होंने कहा कि सीएऩजी बसों, मेट्रो रेल और नई ट्रेन की सेवाओंके माध्यम से नागरिकों का आवागमन भी बहुत सरल बनाने का काम मोदी जी ने किया। इसके साथ ही पीएम-सूर्यघर योजना से गरीब के घर पर सौर ऊर्जा का संयंत्र लगाकर उसे 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली मिले, ऐसी व्यवस्था भी मोदी जी ने की है। शाह ने कहा कि ऊर्जा की दृष्टि से देश और देश के हर गरीब को आत्मनिर्भर बनाने का काम मोदी जी ने किया है।
केन्द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि आज दिल्ली ग्रामोदय अभियान के तहत 178 गांवों में 383 करोड़ रूपए के विकास कार्यों का लोकार्पण हुआ है। उन्होंने कहा कि बेहतर सड़कें, तालाबों का निर्माण, वृक्षारोपण, जल निकासी, सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट, सीवेज पंपिंग स्टेशन, पेयजल सुविधा, ड्रेनेज, रेन वाटर हार्वेस्टिंग प्रावधान, पार्क, खेल के मैदान, सामुदायिक भवन, ग्रामीण पुस्तकालय, सोलर स्ट्रीट लाइट, सीसीटीवी कैमरे और पशुओं के लिए चारागाहों का निर्माण जैसे कामों को एक विज़न के साथ पूरा किया गया है।

केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री ने कहा कि पिछले 10 में नरेन्द्र मोदी जी ने देश को समृद्ध, शिक्षित और सुरक्षित किया है। उन्होंने कहा किमोदी जी ने भारत से आतंकवाद और नक्सलवाद को समाप्त करने का काम किया है जिसके कारण एक विश्वास बना है और पूरी दुनिया में भारत का सम्मान बढ़ा है। उन्होंने कहा कि आज पूरी दुनिया हर समस्या के समाधान के लिए भारत और भारत के प्रधानमंत्री की ओर देखती है।
‘दिल्ली ग्रामोदय अभियान’ का मकसद दिल्ली के शहरीकृत गांवों और नए शहरी इलाकों में जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर का सृजन और विकास करना है। इसके लिए दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA) को 960 करोड़ रुपए की धनराशि उपलब्ध कराई गई है। पिछले कई वर्ष से यह धनराशि दिल्ली सरकार के राजस्व विभाग के पास पड़ी थी और उसका कोई इस्तेमाल नहीं हो रहा था। दिल्ली के उप-राज्यपाल वी के सक्सेना के निर्देश पर यह धनराशि DDA को ट्रांसफर की गई। मौजूदा वित्त वर्ष के दौरान सिर्फ तीन महीनों के रिकॉर्ड समय में दिल्ली के विभिन्न गांवों के लिए 383 करोड़ रुपए की परियोजनाएं मंजूर की गई हैं।‘दिल्ली ग्रामोदय अभियान’ के उद्देश्यों में इंफ्रास्ट्रक्चर और नागरिक सुविधाओं में खामियों की पहचान कर उन्हें दूर करना तथा ग्रामीणों के जीवन की गुणवत्ता बेहतर बनाना, स्थानीय जरूरतों के मुताबिक रणनीतिक रूप से योजनाएं बनाना, निर्णय लेने की प्रक्रिया में सक्रिय सामुदायिक भागीदारी और सामुदायिक संपत्तियों एवं अवसरों तक सभी की समान पहुंच सुनिश्चित करना शामिल है।
इस उद्देश्य को हासिल करने के लिए उपराज्यपाल ने स्थानीय प्रतिनिधियों, ग्रामीणों के प्रतिनिधियों और स्थानीय एजेंसियों के परामर्श से इस कार्यक्रम के तहत कराए जाने वाले कार्यों और योजनाओं की पहचान के लिए संबंधित जिलों के जिला मजिस्ट्रेटों के अधीन दिल्ली ग्राम विकास और कल्याण समिति (DVDWC) का गठन किया है।