पंडित दीनदयाल उपाध्याय राष्ट्रीय दिव्यांगजन संस्थान ने मनाया अपना 47वां स्थापना दिवस
नईदिल्ली। पंडित दीनदयाल उपाध्याय राष्ट्रीय शारीरिक दिव्यांगजन संस्थान ने अपना 47वां स्थापना दिवस एक विशेष कार्यक्रम के साथ मनाया, जिसकी अध्यक्षता संस्थान के निदेशक डॉ. जितेंद्र शर्मा ने की। कार्यक्रम की शुरुआत विशिष्ट अतिथि मल्लिकार्जुन ऐथा, उप निदेशक डॉ. ललित नारायण और अन्य विभागों के प्रमुखों और संस्थान के कर्मचारियों की उपस्थिति में दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई।
विभिन्न शैक्षणिक पाठ्यक्रमों में शीर्ष स्थान प्राप्त करने वाले छात्रों को प्रमाण पत्र और स्मृति चिन्ह प्रदान किए गए। सांस्कृतिक कार्यक्रमों के द्वारा संस्थान के छात्रों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया, जबकि विभिन्न देशों से आए पिछले 40 वर्षों के पूर्व छात्रों ने वर्तमान छात्रों के साथ अपने अनुभव साझा किए।
निदेशक, डॉ. जितेंद्र शर्मा ने समाज में दिव्यांग व्यक्तियों को सशक्त बनाने में संस्थान की महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित किया। उन्होंने छात्रों की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला और सशक्तिकरण पहल के माध्यम से उनके योगदान का समर्थन करने की प्रतिबद्धता जताई। डॉ. शर्मा ने दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग के कार्यक्रमों और संस्थान की वर्ष भर की विभिन्न गतिविधियों की भी चर्चा की। उप निदेशक डॉ. ललित नारायण ने शैक्षणिक पाठ्यक्रमों के विस्तार सहित संस्थान के इतिहास, वर्तमान उपलब्धियों और भविष्य की योजनाओं के बारे में जानकारी दी।
सम्मानित अतिथि मल्लिकार्जुन ऐथा ने दिव्यांग व्यक्तियों को सशक्त बनाने में संस्थान की महत्वपूर्ण भूमिका को स्वीकार किया। उन्होंने दुनिया भर में सेवारत पुनर्वास पेशेवरों को तैयार करने में संस्थान के योगदान पर गर्व व्यक्त करते हुए देश भर में छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने वाले विश्वविद्यालय के रूप में इसके विकास की वकालत की।