विकसित भारत युवा नेता संवाद 2025 में कर्नाटक एवं छत्तीसगढ़ : दोनों प्रदेशों का प्रतिनिधित्व करने का सौभाग्य मिला
रायपुर | 12 जनवरी 2025 को नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में 'विकसित भारत युवा नेता संवाद 2025' का आयोजन हुआ। यह कार्यक्रम 10 से 12 जनवरी तक चला, जिसमें देशभर से चयनित 3,000 युवा नेताओं ने भाग लिया। इस आयोजन का उद्देश्य युवाओं को विकसित भारत के लिए अभिनव समाधान प्रस्तुत करने के लिए एक मंच प्रदान करना था।
इस युवा नेता संवाद में प्रतिभागियों के चयन की प्रक्रिया अक्टूबर 2024 से ही भारत के प्रत्येक राज्य में प्रारंभ हो गई थी। उत्सुकतावश मैंने भी इस प्रक्रिया में भाग लेने का निश्चय किया।

इस आयोजन में पहुचने के लिए 4 राउंड में प्रक्रिया पूर्ण की जानी थी, जिसे प्रतिभागियों को पूरा करना था। पहला राउंड क्विज़ राउंड, जिसमें कर्नाटक राज्य से 30 लाख से अधिक आवेदकों ने पंजीकरण कराया था जिनमें से सूक्ष्म परीक्षण पश्चात 2 लाख प्रतिभागी निबंध लेखन प्रतियोगिता में शामिल हुए।

इस निबंध लेखन में 10 अलग-अलग विषयों में से चयन करना था, जिसमें से मैंने ''भारत को पूर्णतः स्थिर भविष्य की ओर ले जाना'' चुना। यहां से 9000 राज्य दौर में चले गए जहां उन्हें व्यक्तिगत रूप से निर्णायकों के एक पैनल के सामने अपने विचार प्रस्तुत करने थे, जिसमें से कुछ छात्रों को भारत सरकार के एक अधिकारी के साथ साक्षात्कार के लिए चुना गया था।
इस चयन पश्चात मैं बहुत उत्साहित था क्योंकि मुझे कर्नाटक एवं छत्तीसगढ़ दोनों राज्यों का राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिनिधित्व करने का मौका मिल रहा था ये इसलिए कि मैं अपने माता पिताजी के साथ बैंगलुरु (कर्नाटक) में रहता हूँ और हमारा पूरा परिवार रायपुर और बिलासपुर (छत्तीसगढ़) में रहता है।
भारत के प्रत्येक राज्य से आये युवाओं ने इस भव्य आयोजन में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाई। मेरी इस 3 दिवसीय यात्रा के प्रथम दिन प्रत्येक ट्रैक से 3 छात्रों को भारत मंडपम में राज्य का प्रतिनिधित्व करने के लिए चुना गया। कार्यक्रम के पहले दिन हमें 3 लोगों के समूह में 5 मिनट से कम समय में अपने विचारों को कुछ अध्यापकों के सामने प्रस्तुत करना था, जिन्होंने हमारे विचारों का मूल्यांकन किया।
कार्यक्रम के दूसरे दिन हम अपने कार्यक्षेत्र विशेषज्ञों अर्थात् छत्तीसगढ़ के वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी और पर्यावरणविद् मल्हार कलांबे के साथ बातचीत करने का मौका मिला।
उन्होंने हमारी प्रस्तुति में अपना अमूल्य योगदान दिया, जिसे प्रधानमंत्री के सामने प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम के तीसरे दिन माननीय प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं कार्यक्रम में पहुंचे और प्रत्येक प्रस्तुति पर अपनी विचारशील अंतर्दृष्टि प्रदान की। मैंने जो 3 विचार पैनल के सामने रखे थे, उनमें से एक पराली जलाने की समस्या के बारे में था, जिसे मास्टर प्रेजेंटेशन में शामिल किया गया था, जिसे पीएम के सामने पेश किया गया था।
इस कार्यक्रम के माध्यम से मैं भारत की वास्तविक समस्याओं के बारे में बहुत कुछ जानने में सक्षम हुआ और मुझे आनंद महिंद्रा, पालकी शर्मा और मनसुख मंडाविया, युवा एवं खेल मंत्री जैसे प्रसिद्ध हस्तियों के साथ बातचीत करने का अवसर भी मिला।
कर्नाटक के राज्य दल को केंद्रीय मंत्री प्रल्हाद जोशी जी के साथ रात्रिभोज करने का भी सौभाग्य मिला। जिन्होंने हमारे विचारों को बढ़ाने और हमारे विचारों की समग्र गुणवत्ता में सुधार करने के लिए अपना अमूल्य समय दिया। यंग लीडर्स डायलॉग एक अद्भुत मंच था जहां मैं एक बेहतर और विकसित राष्ट्र के लिए अपने विचार साझा कर सकता था और अपने जैसे अन्य लोगों के साथ बातचीत भी कर सकता था। इस प्रकार की पहल वास्तव में वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने में एक प्रेरक शक्ति साबित होगी।
चि. आमोघ मदन होनप महाराष्ट्र मंडल, रायपुर के आजीवन सभासद परिमिता मदन होनप एवं मदन दत्तात्रय होनप के सुपुत्र है।