मनरेगा का चेक डेम बना किसानों की नई उम्मीद, 12.5 एकड़ खेतों की होगी सिंचाई
रायपुर। कभी बारिश का पानी बह जाने से गर्मी में जल संकट झेलने वाले मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले के भरतपुर विकासखंड स्थित ग्राम पंचायत माड़ीसरई के किसानों के लिए अब हालात बदलने की उम्मीद जगी है। महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत अंधेरगढ़ नाला पर निर्मित पक्का चेक डेम गांव में जल संरक्षण और सिंचाई का स्थायी आधार बनकर उभरा है। इससे लगभग 12.5 एकड़ कृषि भूमि को सिंचाई सुविधा मिलने की संभावना है। ग्रामीणों के अनुसार पहले बरसात का अधिकांश पानी नाले के जरिए बह जाता था। इसके कारण गर्मी के दिनों में खेतों और पेयजल दोनों के लिए संकट पैदा हो जाता था। अब चेक डेम बनने से वर्षा जल का संचयन होगा और किसानों को समय पर इस परियोजना के निर्माण में 1,185 मानव दिवस का रोजगार सृजित हुआ। इससे गांव के श्रमिकों को स्थानीय स्तर पर काम मिला और रोजगार के लिए बाहर पलायन की जरूरत भी कम हुई। निर्माण कार्य में ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी भी देखने को मिली।