नवा रायपुर में 3 दिन का महाउत्सव, 40 हजार वाहनों की पार्किंग, 25 एंबुलेंस और 60 LED स्क्रीन, 6 रास्तों से एंट्री
2026-11-01 11:14 AM
18
रायपुर : छत्तीसगढ़ आज अपना 26वां स्थापना दिवस मना रहा है। इस ऐतिहासिक अवसर पर नवा रायपुर में तीन दिवसीय भव्य आयोजन शुरू हो रहा है। इस बार राज्योत्सव की थीम 'सशक्त नारी-युवा उड़ान' रखी गई है। समारोह में बॉलीवुड कलाकारों की प्रस्तुतियां, छत्तीसगढ़ की लोकसंस्कृति, देशभर के शिल्पकारों की कला, विभिन्न विभागों की प्रदर्शनियां और भारतीय वायुसेना का रोमांचक एयर शो आकर्षण का केंद्र रहेंगे। तीन दिवसीय आयोजन के दौरान 41 राज्य अलंकरण और पुरस्कार भी प्रदान किए जाएंगे। बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने यातायात, पार्किंग, सुरक्षा, स्वास्थ्य और अन्य जरूरी सुविधाओं की व्यापक तैयारियां की हैं। छत्तीसगढ़ राज्योत्सव के उद्घाटन समारोह में केंद्रीय मंत्री मनसुख मंडाविया शामिल होंगे, जबकि समापन समारोह में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के शामिल होने का कार्यक्रम है। आयोजन में प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत के साथ विकास यात्रा और भविष्य की योजनाओं की झलक भी दिखाई जाएगी।
26 विभागों के स्टॉल
नवा रायपुर में आयोजित इस राज्योत्सव को भव्य बनाने के लिए देश के विभिन्न राज्यों से आए कारीगरों ने आयोजन स्थल को सजाया है। यहां तैयार किए गए आकर्षक पंडाल, सजावट और सांस्कृतिक मंच लोगों के आकर्षण का केंद्र होंगे। आयोजन में करीब 26 सरकारी विभागों की करीब प्रदर्शनियां भी लगाई जाएंगी, जिनमें जनकल्याणकारी योजनाओं, उपलब्धियों और भविष्य की कार्ययोजना को प्रदर्शित किया जाएगा। राज्योत्सव में आने वाले दर्शकों की सुविधा के लिए प्रशासन ने छह अलग-अलग पहुंच मार्ग निर्धारित किए हैं। आयोजन स्थल के आसपास करीब 40 हजार वाहनों की पार्किंग की व्यवस्था की गई है। बड़ी संख्या में वाहनों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए यातायात व्यवस्था बनाए रखना पुलिस और जिला प्रशासन के लिए महत्वपूर्ण चुनौती होगी। पार्किंग स्थलों से मुख्य आयोजन स्थल तक दर्शकों की आवाजाही को व्यवस्थित रखने की योजना बनाई गई है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, लोगों को आयोजन स्थल के भीतर प्रवेश देने के लिए दो प्रवेश द्वार निर्धारित किए गए हैं। प्रशासन का उद्देश्य भीड़ को नियंत्रित रखना और लोगों को अनावश्यक परेशानी से बचाना है।
300 शौचालय बनाए गए
जन स्थल पर दर्शकों की सुविधा के लिए 300 शौचालय बनाए गए हैं। इसके अलावा स्वच्छ पेयजल, बिजली, साफ-सफाई और रोशनी की व्यवस्था की गई है। विशाल डोम में दर्शकों के बैठने के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं, ताकि लोग सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आनंद ले सकें। मुख्य मंच से दूर बैठे दर्शकों को भी कार्यक्रम स्पष्ट दिखाई दें, इसके लिए आयोजन स्थल पर करीब 60 एलईडी स्क्रीन लगाने की व्यवस्था की गई है। इन स्क्रीन के माध्यम से दर्शक मंच पर होने वाली प्रस्तुतियों को देख सकेंगे। राज्योत्सव के दौरान स्वास्थ्य संबंधी आपात स्थितियों से निपटने के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। आयोजन स्थल पर 20 बिस्तरों वाला अस्थायी अस्पताल, आईसीयू और 25 एंबुलेंस की व्यवस्था की गई है। इससे किसी दर्शक या प्रतिभागी की तबीयत बिगड़ने पर तत्काल प्राथमिक उपचार और जरूरत पड़ने पर अस्पताल पहुंचाने में सहायता मिल सकेगी। अग्नि सुरक्षा के लिए फायर ब्रिगेड की गाड़ियां भी तैनात की गई हैं। आयोजन के दौरान बिजली, भीड़ और मंच से संबंधित सुरक्षा व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान देने की तैयारी है।
सबसे रोमांचक आकर्षण भारतीय वायुसेना का एयर शो
इस बार राज्योत्सव का सबसे रोमांचक आकर्षण भारतीय वायुसेना का एयर शो होगा। उपलब्ध कार्यक्रम के अनुसार, 1 और 2 नवंबर को वायुसेना की सारंग हेलीकॉप्टर टीम और सूर्यकिरण एरोबेटिक टीम हवाई करतब दिखाएंगी। सारंग टीम के पांच हेलीकॉप्टर रायपुर में अभ्यास कर चुके हैं। सेंध लेक क्षेत्र में प्रस्तावित प्रदर्शन में नौ विमानों के जरिए लगभग 40 मिनट तक फॉर्मेशन फ्लाइंग और रोमांचक हवाई करतब दिखाए जाने की जानकारी दी गई है। दर्शकों के लिए यह राज्योत्सव के सबसे विशेष आकर्षणों में शामिल होगा। एयर शो के दौरान लोगों की सुरक्षा और निर्धारित क्षेत्र में प्रवेश संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन करना आवश्यक रहेगा। सांस्कृतिक कार्यक्रमों की बात करें तो राज्योत्सव में बॉलीवुड कलाकार पलक मुच्छाल, स्वस्ति मेहुल और अभिजीत भट्टाचार्य अपनी प्रस्तुतियों से दर्शकों का मनोरंजन करेंगे। इसके साथ ही छत्तीसगढ़ के स्थानीय कलाकारों को भी अपनी कला प्रस्तुत करने का अवसर मिलेगा।
पारंपरिक लोककलाओं को विशेष स्थान
राज्योत्सव में छत्तीसगढ़ की पारंपरिक लोककलाओं और जनजातीय संस्कृति को विशेष स्थान दिया जाएगा। लोकगीत, लोकनृत्य और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से प्रदेश की समृद्ध विरासत को दर्शकों के सामने प्रस्तुत किया जाएगा। देश के विभिन्न हिस्सों से आए शिल्पकार अपनी कला और हस्तशिल्प का प्रदर्शन करेंगे। इस बार की थीम 'सशक्त नारी-युवा उड़ान' के माध्यम से महिलाओं और युवाओं की भूमिका को प्रमुखता देने का संदेश दिया जा रहा है। आयोजन में सरकारी योजनाओं की प्रदर्शनियों के जरिए महिला सशक्तिकरण, युवाओं के अवसरों और विकास संबंधी पहलों को सामने लाने की तैयारी है। राज्योत्सव के दौरान विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाली हस्तियों को सम्मानित किया जाएगा। समारोह में कुल 41 राज्य अलंकरण और पुरस्कार प्रदान किए जाने का कार्यक्रम है। इन सम्मानों के माध्यम से विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले लोगों के योगदान को मान्यता दी जाएगी।
चाक चौबंद पार्किंग व्यवस्था
तीन दिवसीय राज्योत्सव की भव्यता के साथ प्रशासनिक व्यवस्थाओं की भी परीक्षा होगी। बड़ी संख्या में दर्शकों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए पार्किंग, प्रवेश, बैठने की व्यवस्था, पेयजल, शौचालय और स्वास्थ्य सुविधाओं का सुचारु संचालन महत्वपूर्ण रहेगा। विशेष रूप से कार्यक्रम समाप्त होने के बाद एक साथ बड़ी संख्या में वाहनों के निकलने से यातायात का दबाव बढ़ सकता है। ऐसे में निर्धारित मार्गों और पार्किंग व्यवस्था का पालन करना दर्शकों के लिए उपयोगी होगा। छत्तीसगढ़ के गठन के 26 वर्ष पूरे होने के अवसर पर आयोजित यह राज्योत्सव प्रदेश की सांस्कृतिक पहचान, विकास यात्रा और भविष्य की आकांक्षाओं को प्रदर्शित करने का महत्वपूर्ण मंच बनने जा रहा है। नवा रायपुर में अगले तीन दिनों तक कला, संस्कृति, सम्मान समारोह और रोमांचक हवाई प्रदर्शन का संगम देखने को मिलेगा।