छत्तीसगढ़

आबकारी उड़नदस्ता ने ई-सिगरेट और फ्लेवर लिक्विड किया जब्त, दो दुकान संचालक गिरफ्तार

सरगुजा। अंबिकापुर में सरगुजा पुलिस और आबकारी उड़नदस्ता टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए मणीपुर क्षेत्र की दो दुकानों से प्रतिबंधित ई-सिगरेट, वेप और फ्लेवर लिक्विड जब्त किया है। इस कार्रवाई में अमित मोबाइल व गिफ्ट गैलरी शॉप और स्कूल रोड स्थित डेली निड्स की दुकान के संचालक गिरफ्तार किए गए हैं। दोनों पर बीएनएस और कोटपा एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। जानकारी के अनुसार, संभागीय आबकारी उड़नदस्ता दल के प्रभारी रंजीत गुप्ता को स्थानीय स्कूल संचालकों से सूचना मिली कि शहर के कुछ दुकानों में प्रतिबंधित ई-सिगरेट बेची जा रही हैं। इन ई-सिगरेटों का सेवन स्कूल के बच्चे और युवा कर रहे थे, जो स्वास्थ्य के लिए अत्यंत खतरनाक है। रंजीत गुप्ता ने यह सूचना अंबिकापुर पुलिस के सीएसपी राहुल बंसल को दी।

सूचना मिलते ही टीम ने मणीपुर स्कूल के सामने स्थित अमित मोबाइल एवं गिफ्ट गैलरी में छापा मारा। दुकान संचालक अमित अग्रवाल (35 वर्ष) के कब्जे से फ्लेवर लिक्विड 148 नग, 16 नग वेप, ई-सिगरेट 2 नग, 12 नग ब्रेन फ्रेशर फ्लेवर और 4 नग चाइना चाकू जब्त किए गए। साथ ही टीम ने स्कूल रोड में सुशील कुमार केशरी (35 वर्ष) के पान ठेला एवं डेली निड्स दुकान पर छापा मारा। यहां से इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट के 24 नग रिफिल और 10 नग फ्लेवर जब्त किए गए। यह दुकान कई बड़े स्कूलों के पास स्थित है। दोनों दुकानों में ई-सिगरेट और रिफिल के भंडारण और बिक्री के मामले में आरोपियों के खिलाफ इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट (उत्पाद, विनिमार्ण, आयात, निर्यात, परिवहन, विक्रय, वितरण, भंडारण और विज्ञापन प्रतिषेध अधिनियम 2019 की धारा 7, 8, बीएनएस की धारा 270 और कोटपा एक्ट की धारा 6(ख) के तहत अपराध दर्ज कर गिरफ्तारी की गई। आरोपियों के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई भी की गई।
 
ई-सिगरेट एक बैटरी संचालित डिवाइस है, जो निकोटिन और फ्लेवर लिक्विड को गर्म करके धुएं जैसी भाप पैदा करता है। इसे यूजर सांस के माध्यम से लेता है, जो सीधे फेफड़ों तक पहुंचती है। इसका सेवन स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है और WHO के अनुसार युवाओं में निकोटिन की लत का प्रमुख कारण बन रहा है। किशोरों में इसका असर ब्रेन के विकास पर भी पड़ता है। सरगुजा एसएसपी राजेश कुमार अग्रवाल ने जिले के सभी शैक्षणिक संस्थानों के प्रमुखों, संचालकों और छात्र-छात्राओं के परिजनों से अपील की है कि ई-सिगरेट और फ्लेवर लिक्विड से होने वाले स्वास्थ्य प्रभावों के प्रति बच्चों और युवाओं को जागरूक किया जाए। 
 
उन्होंने कहा कि इस प्रकार की नशे की गतिविधियों की सूचना मिलते ही पुलिस को तुरंत सूचित करें। यह सरगुजा जिले में प्रतिबंधित ई-सिगरेट के खिलाफ पहली बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है। पुलिस ने शहर के स्कूलों और आसपास के क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी है ताकि युवाओं और बच्चों को इस खतरनाक नशे से बचाया जा सके। इस कार्रवाई से यह संदेश गया कि पुलिस और आबकारी विभाग मिलकर प्रतिबंधित उत्पादों की बिक्री पर रोक लगाने और युवाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए तत्पर हैं।