छत्तीसगढ़

शेयर मार्केट निवेश के नाम पर इंजीनियर से 16.66 लाख की ठगी

दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में शेयर मार्केट में निवेश के नाम पर एक इंजीनियर से 16 लाख 66 हजार रुपये की ऑनलाइन ठगी का मामला सामने आया है। ठगों ने पहले मुनाफे का लालच देकर भरोसा जीता और बाद में अलग-अलग खातों में रकम ट्रांसफर कराकर ठगी को अंजाम दिया। मामला वैशाली नगर थाना क्षेत्र का है। पीड़ित राजनारायण पाण्डेय (46 वर्ष), जो भिलाई के निवासी हैं और मुंबई की एक सॉफ्टवेयर कंपनी में कार्यरत हैं, इस साइबर ठगी के शिकार हुए हैं। जानकारी के अनुसार, ठगी की शुरुआत उनके इंस्टाग्राम अकाउंट पर आए एक अनजान लिंक से हुई, जिसमें “VIP एग्जीक्यूटिव सर्विस” से जुड़कर शेयर मार्केट में निवेश करने और अधिक मुनाफा कमाने का प्रस्ताव दिया गया था।

लिंक के माध्यम से पीड़ित को एक व्हाट्सऐप ग्रुप से जोड़ा गया, जहां “दिया मेहरा” नाम की महिला ने खुद को कंपनी प्रतिनिधि बताकर निवेश का तरीका समझाया। इसके बाद “abslhnw” नामक ऐप के जरिए निवेश करने पर अधिक रिटर्न का दावा किया गया। शुरुआत में छोटे निवेश पर लाभ दिखाकर भरोसा बनाया गया, जिसके बाद पीड़ित ने धीरे-धीरे बड़ी रकम निवेश करना शुरू कर दिया। ठगों ने पूरी साजिश के तहत अलग-अलग बैंक खातों और यूपीआई आईडी का इस्तेमाल किया ताकि पैसे की पहचान न हो सके। पीड़ित ने अपने और अपनी पत्नी के बैंक खातों से कुल 16,66,000 रुपये विभिन्न खातों में ट्रांसफर किए। इनमें एचआर ट्रेडर्स, रेशमी कुमारी, सोनू, अंकित कुमार, गुरमीत कौर, नेहा प्रवीण, गोपाल, ट्रेंडोरा तव्यास ओपीसी प्राइवेट लिमिटेड और वाईडी एंटरप्राइजेज जैसे कई नाम शामिल हैं।

सबसे बड़ा झटका तब लगा जब 2 मार्च 2026 को पीड़ित ने अपनी निवेश राशि निकालने की कोशिश की। इस दौरान ठगों ने एक और रकम जमा करने की शर्त रख दी। इसी पर उन्हें शक हुआ और उन्होंने आगे भुगतान करने से इनकार कर दिया, जिसके बाद उनका पूरा पैसा फंस गया और ठगों ने संपर्क बंद कर दिया। इसके बाद पीड़ित ने साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराई और थाने में लिखित आवेदन देकर FIR की मांग की। प्रारंभिक जांच में मामला भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) के तहत दर्ज अपराध के रूप में सामने आया है।