नये नियम का दस्तावेज लेखकों व स्टाम्प विक्रेताओं ने जताया विरोध, तीन दिवसीय हड़ताल की घोषणा की
रायपुर। छत्तीसगढ़ के दस्तावेज लेखकों और स्टांप विक्रेताओं ने सरकार की नई प्रणाली के विरोध में तीन दिन की हड़ताल का ऐलान किया है। यह हड़ताल 18 से 20 सितंबर तक चलेगी। विरोध का मुख्य कारण शासन द्वारा प्रस्तावित पेपरलेस और फेसलेस रजिस्ट्री सिस्टम है, जिससे दस्तावेज लेखकों और स्टांप विक्रेताओं के बेरोजगार होने का खतरा है।
दस्तावेज लेखक चंद्रशेखर दास का कहना है कि वे लंबे समय से समाज को अपनी सेवाएं देते हुए अपना गुजारा कर रहे हैं, लेकिन अब सरकार एक ऐप के जरिए पेपरलेस और फेसलेस रजिस्ट्री प्रणाली लागू करने की योजना बना रही है। इस नई प्रणाली से लोग घर बैठे ही अपनी रजिस्ट्री करवा सकेंगे, जिससे दस्तावेज लेखकों और स्टांप विक्रेताओं की सेवाओं की आवश्यकता समाप्त हो जाएगी। इससे हजारों लोगों का रोजगार छिनने का खतरा है और उनके परिवारों का भविष्य अनिश्चित हो सकता है।
दस्तावेज लेखकों का कहना है कि यह हड़ताल सरकार का ध्यान इस मुद्दे की ओर आकर्षित करने के लिए की जा रही है। उन्हें आम जनता को होने वाली परेशानी का खेद है, लेकिन उनका मानना है कि यह कदम उनकी आजीविका बचाने के लिए जरूरी है। उन्होंने सरकार से अपील की है कि नई प्रणाली लागू करने से पहले उनके रोजगार के मसलों पर विचार किया जाए, ताकि वे बेरोजगारी के संकट से बच सकें।