छत्तीसगढ़

आमा पारा चौक में 150 किलो कुमकुम से बनी मां की आकर्षक प्रतिमा

रायपुर। राजधानी रायपुर के आमापारा जीई रोड में न्यू आजाद चौक दुर्गा उत्सव समिति की ओर से इस बार 150 किलो कुमकुम से मां दुर्गा की प्रतिमा तैयार की गई। प्रतिमा में मिट्टी का इस्तेमाल बिल्कुल नहीं किया गया है। कुमकुम से प्रतिमा निर्माण से साथ उसकी साज-सज्जा के लिए पूजा-पाठ में उपयोग होने वाली सामग्री का इस्तेमाल हुआ है। मां की आंखों को चांदी से तैयार किया गया है। 

न्यू आजाद दुर्गोत्सव समिति के अध्यक्ष और वार्ड पार्षद दीपक जायसवाल ने बताया कि कि दुर्गा उत्सव का आयोजन का 47वां साल है। इस बार जो प्रतिमा स्थापित की गई है, उसमें किसी भी प्रकार से मिट्टी का इस्तेमाल नहीं किया गया है। बेसिक स्ट्रक्चर खड़ा करने के बाद पूरी तरह कुमकुम से प्रतिमा तैयार की गई है। मूर्ति का निर्माण रायपुरा निवासी मूर्तिकार सुरेश प्रजापति ने किया है। 

जायसवाल ने बताया कि रायपुर पश्चिम विधायक राजेश मूणत और वरिष्ठजनों की प्रेरणा से हमने पर्यावरण को बचाने यह प्रयास किया। सनातन संस्कृति में पूजा पाठ में इस्तेमाल होने वाले सामानों का उपयोग कर लोगों में यह संदेश देना चाहते है कि हमारी सनातन संस्कृति में जीवन का आधार है। मां का श्रृंगार मौली धारा और पूजा सुपारी से किया गया है।  पिछले वर्ष हल्दी से मां की प्रतिमा का निर्माण किया गया था। 

बतादें कि पर्यावरण को बचाने के लिए कुछ समय से मिट्टी की प्रतिमा स्थापित करने की मांग उठती रही। ऐसे में जहां लोग मिट्टी की प्रतिमा स्थापित करने में रूचि दिखा रहे हैं,वहीं न्यू आजाद दुर्गा उत्सव समिति के सदस्यों ने सनातन संस्कृति के साथ पर्यावरण को बचाने का संदेश दिया है।