रायपुर

छत्तीसगढ़ में 15 लाख से ज्यादा चालान पेंडिंग; वाहन मालिकों पर सख्ती की तैयारी

रायपुर : छत्तीसगढ़ में यातायात नियमों का उल्लंघन करने के बाद ई-चालान का भुगतान नहीं करने वाले वाहन मालिकों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। प्रदेश में 15 लाख से अधिक ई-चालान लंबित होने की जानकारी सामने आई है। इनमें राजधानी रायपुर के लाखों मामले भी शामिल हैं। बकाया जुर्माने की वसूली तेज करने के लिए राज्य यातायात पुलिस और परिवहन विभाग सख्ती की तैयारी कर रहे हैं। प्रस्तावित व्यवस्था के तहत लंबित चालान वाले वाहन मालिकों को आरसी, फिटनेस, प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र (पीयूसी) और अन्य वाहन संबंधी सेवाओं में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, लंबे समय से चालान का भुगतान नहीं करने वाले वाहन मालिकों के खिलाफ कार्रवाई तेज करने की योजना बनाई जा रही है। इसके लिए परिवहन विभाग, यातायात पुलिस और संबंधित संस्थाओं के बीच समन्वय बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।

प्रदेश में 15 लाख से ज्यादा ई-चालान लंबित 
छत्तीसगढ़ में डिजिटल यातायात निगरानी और ई-चालान व्यवस्था के बावजूद बड़ी संख्या में वाहन मालिक जुर्माने का भुगतान नहीं कर रहे हैं। प्रदेशभर में 15 लाख से अधिक ई-चालान लंबित बताए गए हैं। इनमें रायपुर के भी लाखों चालान शामिल हैं। इतनी बड़ी संख्या में बकाया चालान होने के कारण यातायात पुलिस और परिवहन विभाग वसूली व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने की तैयारी कर रहे हैं।

चालान नहीं भरा तो इन सेवाओं में आ सकती है परेशानी 
प्रस्तावित कदमों के तहत बकाया चालान वाले वाहन मालिकों को विभिन्न सेवाओं में परेशानी हो सकती है। वाहन की आरसी से जुड़ी सेवाएं। फिटनेस प्रमाणपत्र। प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र (पीयूसी)। वाहन स्वामित्व हस्तांतरण। वाहन से जुड़ी ऑनलाइन सेवाएं। बीमा नवीनीकरण और सर्विसिंग संबंधी प्रक्रियाएं। हालांकि, इन सभी सेवाओं पर रोक लागू हो चुकी है, इसकी आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध नहीं है। विशेष रूप से बीमा नवीनीकरण और वाहन सर्विसिंग पर प्रतिबंध के लिए लागू नियमों तथा संबंधित आदेशों की पुष्टि आवश्यक होगी।

सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का हवाला 
उपलब्ध विवरण में बताया गया है कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के बाद लंबित चालानों की वसूली को लेकर सख्ती की तैयारी की जा रही है। इसमें आरसी, फिटनेस, पीयूसी, वाहन स्वामित्व हस्तांतरण और ऑनलाइन सेवाओं पर प्रतिबंध लगाने जैसे उपायों का उल्लेख है। इसके अलावा बकाया जुर्माने की राशि बिजली बिल में जोड़कर वसूली करने के सुझाव का भी जिक्र किया गया है। हालांकि, संबंधित सुप्रीम कोर्ट आदेश की तारीख, केस नंबर और आधिकारिक प्रति उपलब्ध नहीं कराई गई है। इसलिए इन उपायों को न्यायालय का अंतिम और तत्काल लागू होने वाला आदेश मानने से पहले आधिकारिक पुष्टि जरूरी है।

रायपुर में रोज कट रहे करीब 5 हजार चालान 
राजधानी रायपुर में डिजिटल यातायात निगरानी के जरिए प्रतिदिन औसतन पांच हजार वाहनों के ई-चालान जारी किए जाने की जानकारी दी गई है। इसके बावजूद चालान जमा करने वालों की संख्या कम बताई जा रही है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, केवल 25 प्रतिशत वाहन मालिक ही समय पर जुर्माने का भुगतान कर रहे हैं। इसका मतलब है कि बड़ी संख्या में चालान निर्धारित समय पर जमा नहीं हो पा रहे हैं। रायपुर में लंबित चालानों की संख्या को लेकर उपलब्ध विवरण में दो अलग-अलग आंकड़े दिए गए हैं। एक स्थान पर 7.73 लाख और दूसरे स्थान पर 7.43 लाख चालान लंबित बताए गए हैं। इसी विवरण के अनुसार, लगभग 1.31 लाख मामले अदालत भेजे जा चुके हैं। लंबित मामलों में करीब 53 प्रतिशत चालान दो वर्ष से अधिक पुराने बताए गए हैं। वहीं, पिछले वर्ष 67 प्रतिशत वाहन मालिकों द्वारा चालान का भुगतान नहीं किए जाने का दावा किया गया है। इन आंकड़ों से स्पष्ट है कि लंबित चालानों की वसूली यातायात प्रशासन के लिए एक महत्वपूर्ण चुनौती बनी हुई है।

बार-बार नियम तोड़ने वालों पर भी कार्रवाई 
यातायात पुलिस का उद्देश्य केवल लंबित जुर्माने की वसूली करना नहीं, बल्कि लगातार यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर अंकुश लगाना भी है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, बार-बार नियम तोड़ने वाले चालकों के ड्राइविंग लाइसेंस निलंबित करने की कार्रवाई भी की जा रही है। विभाग संबंधित संस्थाओं के साथ समन्वय कर बकाया चालानों के निपटारे की प्रक्रिया को मजबूत बनाने पर विचार कर रहा है।

लोक अदालत से मिल सकती है राहत 
जिन वाहन मालिकों के बड़ी संख्या में चालान लंबित हैं, उनके लिए राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से मामलों का निपटारा कराने का विकल्प उपलब्ध हो सकता है। पात्र और समझौता योग्य मामलों में लोक अदालत के माध्यम से चालान का निपटारा किया जा सकता है। हालांकि, हर चालान पर छूट मिलना जरूरी नहीं है। छूट या समझौते की शर्तें संबंधित मामले और लागू नियमों पर निर्भर करेंगी।

अपना ई-चालान ऐसे चेक करें 
वाहन मालिक अपने लंबित ई-चालान की जानकारी आधिकारिक पोर्टल पर देख सकते हैं। वाहन मालिकों को सलाह दी जाती है कि वे अपने लंबित चालान की स्थिति समय-समय पर जांचें और किसी भी भुगतान से पहले चालान का विवरण सत्यापित करें।