दिव्य महाराष्ट्र मंडल

बुजुर्गों के जन्मदिन को सेलिब्रेट कर रहा महाराष्ट्र मंडल

- महिला केंद्रों के माध्यम से घर पहुंच कर लिया जा रहा आशीर्वाद व मार्गदर्शन
- 80 वर्ष से अधिक उम्र के सदस्यों के घर पहुंचकर शाल, श्रीफल भेंटकर टीम करती है सन्मानित

रायपुर। घर के बुजुर्गों का आशीर्वाद और उनका मार्गदर्शन हमेशा से युवा पीढ़ी के लिए उन्नति का मार्ग प्रशस्त करता है। महाराष्ट्र मंडल परिवार वर्ष 2018 से इस कार्य को बखूबी अंजाम दे रहा है। अपने बुजुर्ग सभासदों के जन्मदिन पर उनके घर पहुंचकर उनका सम्मान कर समाजसेवा के क्षेत्र में उनके अतुलनीय कार्य से मार्गदर्शन व प्रेरणा ले रहा है। सम्मान की इस प्रक्रिया में वरिष्ठ सभागृह के परिजन भी सहर्ष शामिल होते हैं एवं महाराष्ट्र मंडल की आगंतुक टीम का मुंह मीठा कर स्वागत भी करते हैं। 

जून महीने में रायपुर निवासी 18 वरिष्ठ सदस्यों में से 15 का जन्मदिन सेलिब्रेट किया जा चुका है। बाकी तीन वरिष्ठ जन का आज- कल में जन्मदिन मनाया जाएगा महाराष्ट्र मंडल के समन्वयक और वरिष्ठ जन सेवा समिति के प्रमुख श्याम सुंदर खंगन ने बताया कि पिछले आठ वर्षों से हम बुजुर्ग सदस्यों का सम्मान कर रहे हैं। इस महीने चार जून को सुमन भंडारकर, छह जून को दत्तात्रय पांडुरंग खरे, नौ जून को कृष्णा मुदलियार, 13 जून को शरद शेवलीकर और पीए मांडगे, 14 जून को अरूण गवई, 15 जून को कौमुदी वैद्य व कर्नल विकास तामस्कर, 16 जून को एमएल भंडारकर, ज्योत्सना शेवलीकर और अशोक लोणकर, 17 जून को प्रकाश रामकृष्ण शेष, 20 जून को डा. अर्चना आचार्य, 24 जून को निर्मला कुलकर्णी और 25 जून को माधवी गिर्हे का उनके निवास स्थान पर जाकर कार्यकारिणी सदस्यों, पदाधिकारियों और महिला केंद्रों के सभासदों की टीम ने सम्मान किया। वहीं गुरुवार को वसंत राहटगांवकर, अरूण श. डबली और 29 जून को सुनंदा देशमुख का सम्मान किया जाएगा। 

खंगन के मुताबिक  वरिष्ठ जनों के सम्मान की कड़ी में ही महाराष्ट्र मंडल 15 अगस्त को 'आपुलकी योजना' का शुभारंभ किया जाएगा। इस योजना के अंतर्गत महाराष्ट्र मंडल के समता कॉलोनी स्थित दिव्यांग बालिका विकास गृह में अलग से पूरी तैयारियों के साथ में बुजुर्गों के मनोरंजन और समय व्यतीत करने के लिए कई सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इसके तहत बुजुर्गों के मनोरंजन के लिए टीवी, इंटरनेट, स्वास्थ्य संबंधी सुविधाओं के रूप में इंटरनेट और मोबाइल बैंकिंग के साथ साइबर ठगी को लेकर बुजुर्गों को जागरूक किया जाएगा। 

श्याम सुंदर ने जानकारी दी कि
इसी की तैयारी के तहत दिव्यांग बालिका विकास गृह में आपुलकी योजना के अंतर्गत शामिल होने वाले बुजुर्गों और दिव्यांग बच्चियों के लिए अलग-अलग सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए निर्माण कार्य जारी हैं। नई अत्याधुनिक सुविधाओं वाली व्यवस्था में बुजुर्गों की आपुलकी योजना के कारण न तो दिव्यांग बच्चियों को कोई परेशानी होगी और न ही दिव्यांग बच्चियों के कारण आपुलकी योजना में शामिल होने वाले वरिष्ठ जनों को।