तात्या निमोणकर बहुत कुछ सिखा गए: काले
2026-02-10 02:15 PM
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0- महाराष्ट्र मंडल के अध्यक्ष अजय मधुकर ने विजय निमोणकर के निधन पर आयोजित स्मरण सभा में व्यक्त की भावनाएं
रायपुर। महाराष्ट्र मंडल के वरिष्ठ सदस्य 93 वर्षीय विजय निमोणकर (तात्या) का जाना एक लाइब्रेरी का बंद होना कहा जा सकता है। सकारात्मक विचारों के धनी, हमेशा छोटे- छोटे कार्यों के सफल होने पर खुले मन से बधाई देकर उत्साहवर्धन करने वाले तात्या हमें जीवन में बहुत कुछ सिखा गए। महाराष्ट्र मंडल के अध्यक्ष अजय मधुकर काले ने तात्या के स्मरण सभा में इस आशय के विचार व्यक्त किए।
काले ने कहा कि महाराष्ट्र मंडल के प्रत्येक कार्यक्रम में प्रथम पंक्ति में बैठने वाले तात्या की कमी हमेशा बनी रहेगी। मंडल की 80 वर्ष से अधिक आयु के सभासदों का जन्मदिन पर उनके घर जाकर सम्मान करने वाली ‘वरिष्ठजन सम्मान योजना’ के अंतर्गत जब भी तात्या के लव- कुश विहार स्थित निवास पर जाकर मंडल के पदाधिकारी उनका सम्मान करते थे, तो वे कहते कि तुम लोगों को मेरे 100वें जन्मदिन तक इस तरह सम्मान करने आना होगा। उससे पहले मैं कहीं नहीं जाऊंगा। उनके बेबाक स्वभाव, ठहाकों के साथ मंडल के पदाधिकारी भी तात्या के साथ जन्मदिन एंजॉय करते थे।
मंडल अध्यक्ष ने कहा कि महाराष्ट्र मंडल से लेकर उनके निवास लव कुश विहारवासी हो, या मित्रजन व परिजन, उनका जाना सभी को दु:खी कर गया। नवंबर 2025 में मामूली सी घटना में अचानक उनकी कमर का फैक्चर तात्या के जाने का कारण बन गया। काले ने बताया कि हमेशा की तरह इस बार भी 29 जनवरी को तात्या का जन्मदिन जोरशोर से मनाने की तैयारी थी, जो अधूरी रह गई। ये संयोग ही था कि पिता विजय निमोणकर और पुत्र प्रसन्न का जन्मदिन एक हीं दिन- तिथि के हिसाब से बसंत पंचमी पर और दिनांक के हिसाब से 29 जनवरी को आता है। अब आगे से जयंती मनेगी तात्या की और जन्मदिन बेटे प्रसन्न का।
मंडल अध्यक्ष ने पुरानी यादों को ताजा करते हुए कहा कि 20- 25 साल पहले जब महाराष्ट्र मंडल के बोर्ड ऑफ ट्रस्टीज का चुनाव था, तो तात्या ने भी फॉर्म भरा था। लगा था कि महाराष्ट्र मंडल के लिए सेवानिवृत्त तात्या की सेवाएं उपयोगी साबित होंगी, लेकिन फार्म भरने के बाद तात्या ने नामांकन वापस ले लिया था। उन्होंने कारण बताया कि निर्वाचन में मेरे ही सब साथी हैं। कोई हारेगा… कोई जीतेगा, तो भी मेरे संबंध हार जायेंगे। इसीलिए मैं निर्वाचन से हटता हूं और समाज कार्य मैं इसी तरह करता रहूंगा।