दिव्यांग बालिका विकास गृह में ध्वजारोहण के साथ 'एक पौधा मां के नाम' भी
2024-08-16 12:52 PM
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0- आजादी के साथ निभानी होगी जिम्मेदारियां: ललित
रायपर। महाराष्ट्र मंडल के दिव्यांग बालिका विकास गृह में स्वतंत्रता दिवस समारोह अनोखे अंदाज में मनाया गया। मुख्य अतिथि सुप्रसिद्ध समाजसेवी, पर्यावरण, व उद्योगपति ललित सिंघानिया ने राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा का रोहण किया। तत्पश्चात दिव्यांग बालिकाओं सहित मुख्य अतिथि, मंडल के अध्यक्ष अजय काले संग पदाधिकारियों ने भी एक पौधा मां के नाम अभियान को गति प्रदान करते हुए एक- एक पौधा रोपित किया। साथ ही पौधे का संरक्षण करते हुए उसे बड़ा करने का संकल्प भी दोहराया।
स्वतंत्रता दिवस पर दिव्यांग बच्चियों ने सामूहिक एवं एकल गानों की सुमधुर प्रस्तुति से प्रभावित किया। मुख्य अतिथि ललित सिंघानिया ने कहा कि देश का आजाद होना और हमें आजादी मिलना एक अभूतपूर्व अनुभूति है। लेकिन इसके साथ जुड़े अपने कर्तव्यों को अगर हमने नजरअंदाज किया, तो हमारी आजादी आखिर कितने दिनों तक रह पाएगी और कितनी रह पाएगी।
सिंघानिया ने कहा कि जापान के हिरोशिमा- नागासाकी से लेकर अमेरिका और भोपाल की गैस त्रासदी को उन्होंने वहां रहकर बेहद करीब से देखा है। इसमें प्रकृति के साथ खिलवाड़ का नतीजा भी सामने स्पष्ट रूप से दिखाई देता है। इसके बाद भी हम नहीं समझे हैं और अपनी आजादी को इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के घेरे में रखकर अपने आपको कंफर्ट जोन में रहना पसंद कर रहे हैं। यही वजह है कि एक तरफ लगातार पेड़ कटते जा रहे हैं, तो दूसरी तरफ घरों में एयर कंडीशनर की संख्या बढ़ते जा रही है। भारत देश ही नहीं पूरे विश्व में कार्बन डाइ ऑक्साइड का स्तर तेजी से बढ़ता जा रहा है। हमें ऐसी सरकार, संस्थाएं, उद्योग और शैक्षणिक संस्थाएं खड़ी करनी है, जो कार्बन डाइऑक्साइड के उत्सर्जन का कार्य पहली प्राथमिकता से करें।
गौरतलब है की ललित सिंघानिया को वर्ल्ड हेल्थ आर्गेनाइजेशन (डब्ल्यूएचओ) सर्वाधिक कार्बन उत्सर्जन का अवार्ड और नगद राष्ट्रीय राशि डॉलर में देकर पहले ही सम्मानित कर चुका है। अध्यक्ष काले अपने अध्यक्षीय संबोधन में महाराष्ट्र मंडल के नौ दशकों के सफर को रेखांकित करते हुए मंडल की समाजसेवा के प्रति प्रतिबद्धता को जाहिर किया। कार्यक्रम का संचालन दिव्यांग बालिका विकास गृह के प्रभारी प्रसन्न निमोणकर ने व आभार प्रदर्शन सचेतक रविंद्र ठेंगड़ी ने किया। इस मौके पर दिव्यांग बच्चियों व मंडल के संपूर्ण स्टाफ के साथ अनिल श्रीराम कालेले, आरवाय जोगलेकर, अपर्णा कालेले, भगीरथ कालेले, दीपक पत्रीकर, दिव्या पत्रीकर प्रशांत देशपांडे, अंजलि काले, प्रवीण क्षीरसागर, गौरी क्षीरसागर, शताब्दी पांडेय, नमिता शेष, अभय भागवतकर, जयदीप निमोणकर, संगीता निमोणकर, अक्षता पंडित, अतुल गिरहे, सह सचिव मालती मिश्रा, पवन ओगले सहित अनेक गणमान्य विशेष रूप से उपस्थित रहे।