छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ में इलाज पर ब्रेक; अस्पतालों में नहीं होगा आयुष्मान से इलाज, अब आगे क्या होगा? स्वास्थ्य मंत्री ने बताया

रायपुर। छत्तीसगढ़ में स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर बड़ी खबर है. शुक्रवार यानी 30 जनवरी को निजी अस्पतालों में आयुष्मान से इलाज बंद किया गया है. निजी अस्पतालों एसोसिएशन ने 1500 करोड़ से ज्यादा का भुगतान लंबित होने का हवाला देते विरोध में एक दिन के लिए आयुष्मान भारत योजना से इलाज बंद किया है. आज योजना के तहत इलाजे के लिए अस्तपाल पहुंचने वाले मरीजों को शनिवार का समय दिया जाएगा. जल्द भुगतान नहीं होने पर आगामी दिनों में कड़ा कदम उठाने की भी चेतावनी दी गई है. हालांकि इस फैसले के बाद प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने निजी अस्पतालों को जल्द भुगतान करने का आश्वसन दिया है.

सरकार और निजी अस्पताल की बीच संघर्ष में गरीब मरीजों के लिए चुनौती बड़ सकती है. मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने माना है कि भुगतान में विलंब हुआ. उन्होंने कहा कि पिछली सरकार की बकाया राशि थी, जिसका एक-एक पैसा चुका दिया गया है. मार्च के बाद हुए सभी भुगतान का पेमेंट कर दिया गया है. स्वास्थ्य मंत्री ने अस्पताल संचालकों से अपील करते हुए कहा कि एक सप्ताह के भीतर भुगतान सुनिश्चित कर दिया जाएगा. निजी अस्पताल आयुष्मान कार्ड से इलाज करना बंद न किया जाए.धान खरीदी की तारीख को बढ़ाए जाने की मांग को लेकर आज अलग-अलग जगह पर कांग्रेस प्रदर्शन करने वाली है.

कांग्रेस की मांग को मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने घड़ियाली आंसू बताया औऱ कहा कि कांग्रेस के पास कोई मुद्दा और तथ्य नहीं है. केवल विरोध और प्रदर्शन करना ही उनका काम है. किसान और मजदूरों के हितों से कांग्रेस का कोई सरोकार नहीं है. मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में बीजेपी सरकार ने एक-एक दाना धान खरीदने का फैसला लिया है. पिछली सरकार के मुकाबले अधिक धान खरीदा जा रहा है. कांग्रेस चार किस्तों में भुगतान करती थी, हम एक किस्त में भुगतान कर रहे हैं. किसी भी किसान का धान खरीदी से नहीं बचेगा. कांग्रेस के पास कोई मुद्दा और तथ्य नहीं है.