छत्तीसगढ़

सी-मार्ट में बिक रही महिला समूहों द्वारा बनाई राखियां.... बहनों को आ रही खूब पसंद

रायपुर। महिला सहायता समूहों के द्वारा बनाई गई राखियां सी-मार्च में बिक रही है। इन राखियों को बहनें खूब पसंद कर रही है। बलौदाबाजार जिले के हरिनभट्टा गांव में महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क में हस्तनिर्मित "राखियां" जिले के सभी जनपद कार्यालयों के साथ-साथ जिला मुख्यालय स्थित सी-मार्ट पर भी खरीद के लिए उपलब्ध हैं।

जय अम्बे महिला स्व-सहायता समूह से जुड़ी महिलाएं ये राखियां बना रही हैं। इस महिला समूह की अध्यक्ष पार्वती साहू ने उत्साहपूर्वक कहा कि उनके प्रयासों से अब तक 20,000 रुपये से अधिक की बिक्री हो चुकी है। समूह में कुल 11 महिलाएं शामिल हैं, जिनमें से प्रत्येक उत्पादन प्रक्रिया में योगदान देती है। उन्होंने इस बात पर भी प्रकाश डाला कि इन हस्तनिर्मित राखियों को बहुत अच्छी प्रतिक्रिया मिली है, और जनता से इन्हें काफी सराहना मिली है।

समूह के सदस्यों में से एक रीना ने बताया कि यह राखियां 5 रुपये से 20 रुपये तक लोगों को उपलब्ध है। इन राखियों पर मिली प्रतिक्रिया देखकर सभी सदस्य काफी खुशी  है। जिला पंचायत सीईओ नम्रता जैन ने जनता से इन हस्तनिर्मित राखियों को खरीदने की अपील की है। उन्होंने कहा कि इस तरह की पहल से स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं के लिए रोजगार के अवसर और आय में उल्लेखनीय वृद्धि होने की संभावना है।