रायपुर
सुदूर अंचलों के श्रद्धालुओं को मिला अयोध्या धाम दर्शन का सौभाग्य, मुख्यमंत्री बोले, यही जनसेवा की प्रेरणा
मुख्यमंत्री साय ने श्रद्धालुओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि प्रभु श्रीराम छत्तीसगढ़ के भांचा हैं और प्रदेशवासियों को उनके दर्शन कराना शासन के लिए सौभाग्य का विषय है। उन्होंने कहा कि सुदूर अंचलों में रहने वाले लोगों तक योजनाओं का लाभ पहुँचाना ही जनसेवा की वास्तविक संतुष्टि है, और सरकार इसी भावना के साथ कार्य कर रही है।
रायपुर के रांवाभाठा में नवनिर्मित गुरुद्वारे का एसजीपीसी के प्रधान हरजिंदर सिंह धामी ने किया भव्य उद्घाटन, ग्रैंड ग्रुप के चेयरमैन गुरुचरण सिंह होरा ने दी बधाई
उद्घाटन समारोह में राज्य अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष अमरजीत सिंह छाबड़ा, पूर्व विधायक गुरुमुख सिंह होरा, पूर्व विधायक कुलदीप सिंह जुनेजा, सिख फोरम के अध्यक्ष बलदेव सिंह भाटिया, देवेंद्र नगर गुरुद्वारा अध्यक्ष दिलेर सिंह होरा, जी.एस. भाम्बरा, रेलवे स्टेशन गुरुद्वारा समिति के अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह छाबड़ा, लवली अरोरा, दशमेष सेवा समिति केपरविंदर सिंह भाटिया, अध्यक्ष हरपाल सिंह भाम्बरा ( सलाहकार सदस्य -छत्तीसगढ़ सिंह संगठन ) दलजीत चावला, बंटी चावला, इंदरजीत छाबड़ा, कुलदीप चावला, बलजीत भाटिया, कल्याण पासरीजा एवं दलजीत चावला सहित सिख समाज के अनेक गणमान्यजन एवं विभिन्न गुरुद्वारों के प्रधान उपस्थित रहे।
उज्ज्वला गैस, पिंक ई-रिक्शा और गार्बेज रिक्शा वितरण से आत्मनिर्भरता को मिला नया संबल, सीएम विष्णुदेव साय ने हितग्राहीमूलक सामग्रियों का किया वितरण
इस अवसर पर स्व-रोजगार और महिला सशक्तिकरण को प्रोत्साहन देने के उद्देश्य से 6 आजीविका दीदियों को पिंक ई-रिक्शा (ग्रामीण आजीविका एक्सप्रेस) प्रदान किए गए। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पहल महिलाओं की आय बढ़ाने के साथ उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी नई गति प्रदान करेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है, ताकि समाज का प्रत्येक वर्ग विकास की मुख्यधारा से जुड़ सके। उन्होंने कहा कि सरकार जनकल्याण और आत्मनिर्भरता के संकल्प के साथ निरंतर कार्य कर रही है।
पर्यटन स्थलों के विकास और सुविधाओं के विस्तार के लिए सरकार प्रतिबद्ध — मुख्यमंत्री साय
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कोरिया प्रवास के दौरान पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा बैकुंठपुर स्थित प्रसिद्ध झुमका पर्यटन स्थल में निर्मित ओपन थिएटर का लोकार्पण किया। इस अवसर पर उन्होंने झुमका जलाशय में बोटिंग करते हुए क्षेत्र के मनोहारी प्राकृतिक सौंदर्य का आनंद लिया तथा यहां विकसित की गई पर्यटन सुविधाओं का अवलोकन किया।
मुख्यमंत्री साय ने झुमका जलाशय में शिकारा पर सवार होकर नौका विहार किया। चारों ओर हरियाली, शांत जलराशि और कमल के फूलों से सजा यह रमणीय स्थल अब एक आकर्षक पिकनिक स्पॉट के रूप में उभर रहा है। मुख्यमंत्री ने यहां बोटिंग, वाटर स्पोर्ट्स सहित विकसित पर्यटन गतिविधियों की जानकारी ली और व्यवस्थाओं की सराहना की।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री साय ने लगभग 27 लाख रुपए की लागत से निर्मित ओपन थिएटर का लोकार्पण किया।500 दर्शकों की बैठक क्षमता वाला यह ओपन थिएटर सांस्कृतिक आयोजनों के लिए नया केंद्र बनेगा।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि झुमका जलाशय केवल कोरिया जिले की पहचान ही नहीं, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ में पर्यटन की अपार संभावनाओं का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पर्यटन स्थलों के विकास, सौंदर्यीकरण और आधुनिक सुविधाओं के विस्तार के लिए निरंतर कार्य कर रही है, ताकि छत्तीसगढ़ को देश के प्रमुख पर्यटन स्थलों में स्थापित किया जा सके। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि पर्यटकों की सुरक्षा, स्वच्छता और सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा जाए तथा स्थानीय युवाओं को पर्यटन गतिविधियों से जोड़कर रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जाएँ।
इस अवसर पर कृषि मंत्री रामविचार नेताम, स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल, विधायक भैयालाल राजवाड़े, संभागायुक्त नरेंद्र दुग्गा, आईजी दीपक झा, कलेक्टर चंदन त्रिपाठी, पुलिस अधीक्षक रवि कुमार कुर्रे सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
‘शिक्षा संवाद 2026’ का भव्य शुभारंभ… उच्च शिक्षा, कौशल और रोजगार को जोड़कर विकसित छत्तीसगढ़ की दिशा तय
रायपुर। छत्तीसगढ़ में उच्च शिक्षा और कौशल विकास के भविष्य पर केंद्रित फ्लैगशिप कार्यक्रम ‘शिक्षा संवाद 2026’ का आज रायपुर के कोर्टयार्ड मैरियट में भव्य शुभारंभ हुआ। कार्यक्रम का उद्घाटन उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने किया। इस आयोजन का संचालन उच्च शिक्षा विभाग, छत्तीसगढ़ शासन द्वारा किया गया, जिसमें एलिट्स टेक्नोमीडिया सहयोगी संस्था के रूप में जुड़ा रहा।
‘विकसित छत्तीसगढ़ के लिए शिक्षा, कौशल और रोजगार का सेतु’ थीम पर आधारित उद्घाटन सत्र में उच्च शिक्षा को रोजगारोन्मुख बनाने, उद्योग की जरूरतों के अनुरूप पाठ्यक्रमों के समायोजन और क्षेत्रीय विकास प्राथमिकताओं पर विशेष चर्चा हुई।
उच्च शिक्षा मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा कि छत्तीसगढ़ के युवा राज्य की सबसे बड़ी शक्ति हैं। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि उच्च शिक्षण संस्थानों को उभरते अवसरों के अनुरूप खुद को तैयार करना होगा। मंत्री ने संस्थागत क्षमता सुदृढ़ करने, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तक पहुंच बढ़ाने और पाठ्यक्रमों को उद्योग की मांग के अनुरूप ढालने पर बल दिया। साथ ही विश्वविद्यालयों, तकनीकी संस्थानों और उद्योग जगत के बीच संरचित समन्वय की आवश्यकता बताई, ताकि विद्यार्थियों को व्यावहारिक दक्षता और रोजगारपरक कौशल प्राप्त हो सके। डिजिटल लर्निंग प्लेटफॉर्म और नीतिगत सुधारों को भी गुणवत्ता सुधार का अहम माध्यम बताया गया।
कार्यक्रम में उच्च शिक्षा विभाग के सचिव डॉ. एस. भारतीदासन ने शासन के शिक्षा सुधारों, संस्थागत सशक्तीकरण और नीतियों के प्रभावी क्रियान्वयन की रूपरेखा प्रस्तुत की। उन्होंने कहा कि नीति के समुचित कार्यान्वयन, डिजिटल एकीकरण और परिणाम आधारित दृष्टिकोण से राज्य की उच्च शिक्षा व्यवस्था को नई दिशा मिलेगी।
इस अवसर पर एलिट्स टेक्नोमीडिया के सीईओ एवं एडिटर-इन-चीफ डॉ. रवि गुप्ता ने अतिथियों का स्वागत करते हुए नीति, अकादमिक और उद्योग जगत के बीच सतत संवाद मंच की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। वहीं, उच्च शिक्षा आयुक्त डॉ. संतोष कुमार देवांगन ने आगे बढ़कर ठोस कार्ययोजना बनाने पर जोर दिया, जिससे शिक्षा, रोजगार और कौशल विकास का समेकित मॉडल विकसित हो सके।‘
कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण उच्च शिक्षा विभाग, छत्तीसगढ़ शासन और ‘स्वयं प्लस – आईआईटी मद्रास’ के बीच एमओयू पर हस्ताक्षर रहा। इस समझौते के तहत उच्च गुणवत्ता वाले ऑनलाइन और ब्लेंडेड कोर्स, उद्योग-प्रासंगिक प्रमाणपत्र तथा क्रेडिट-लिंक्ड कार्यक्रमों का विस्तार किया जाएगा। इससे राज्य के विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में ‘अकादमिक बैंक ऑफ क्रेडिट’ के अंतर्गत क्रेडिट ट्रांसफर को बढ़ावा मिलेगा तथा विद्यार्थियों को उन्नत कौशल आधारित मॉड्यूल्स का लाभ मिलेगा।
इसके अतिरिक्त, उच्च शिक्षा विभाग ने मलेशिया के लिंकन यूनिवर्सिटी कॉलेज (LUC) के साथ भी एमओयू किया। इस सहयोग का उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक साझेदारी, छात्र एवं संकाय विनिमय, संयुक्त शोध पहल और वैश्विक एक्सपोजर को बढ़ावा देना है।
शिक्षा संवाद 2026 में दिनभर राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के क्रियान्वयन, प्रशासनिक सुधार, डिजिटल नवाचार, उद्योग-अकादमिक सहयोग, शोध और उद्यमिता जैसे विषयों पर विभिन्न सत्र आयोजित किए जाएंगे। शिक्षा संवाद 2026’ ने यह स्पष्ट संदेश दिया कि शिक्षा, कौशल और रोजगार के बीच मजबूत सेतु बनाकर ही विकसित छत्तीसगढ़ का लक्ष्य साकार किया जा सकता है।
छत्तीसगढ़ के मीडिया दल ने सिक्किम के राज्यपाल से मुलाकात की
रायपुर। आज लोकभवन, सिक्किम में सिक्किम के माननीय राज्यपाल ओम प्रकाश माथुर से पत्र सूचना कार्यालय (PIB) रायपुर के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ के 12 सदस्यीय मीडिया प्रतिनिधिमंडल ने शिष्टाचार भेंट की। यह दल 15 से 21 फरवरी तक सिक्किम के सात दिवसीय मीडिया प्रवास पर है। इस प्रवास का उद्देश्य केंद्र सरकार द्वारा संचालित महत्वाकांक्षी परियोजनाओं, बुनियादी ढांचे के विकास तथा सामरिक महत्व के कार्यों का प्रत्यक्ष अवलोकन करना है।
माननीय राज्यपाल ने इस अवसर पर सिक्किम को स्वच्छ और पर्यावरण के प्रति जागरूक राज्य बताते हुए इसकी अनेक पहलों सराहना की। इस मध्य महिला प्रधान राज्य, सतत पर्यटन के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की भी चर्चा की गई। माननीय राज्यपाल ने प्रतिनिधिमंडल को सिक्किम के ऐतिहासिक रणभूमि स्थलों, चोला और डोकला दर्रे के महत्व से अवगत कराया और इन स्थानों का दौरा कर यहाँ के इतिहास को समझने तथा इसके विस्तार के लिए प्रेरित किया।
पत्रकारों ने राज्यपाल महोदय से सड़क और हवाई संपर्क, जैविक उत्पादों के बाजार और पर्यटन ढांचे से संबंधित प्रश्न किए। इस पर राज्यपाल महोदय ने आश्वस्त किया कि केंद्र और राज्य सरकार मिलकर इन क्षेत्रों को सुदृढ़ बनाने के लिए कार्यरत हैं।
प्रतिनिधिमंडल में छत्तीसगढ़ के प्रमुख मीडिया संस्थानों के 10 वरिष्ठ पत्रकार, एक अधिकारी और एक कर्मचारी शामिल हैं। इसके अतिरिक्त सिक्किम राज्य से पत्र सूचना कार्यालय, गंगटोक के सहायक निदेशक मानस प्रतिम शर्मा भी उपस्थित रहे। दल का नेतृत्व सहायक निदेशक सुदीप्त कर और पुरुषोत्तम झा कर रहे हैं। इस दौरान मीडिया टीम ने पुराने लोकभवन का भी दौरा किया और जाना कि किस प्रकार यह भवन स्वतंत्रता-पूर्व ब्रिटिश राजनीतिक कार्यालय से राजभवन और अब लोकभवन के रूप में भारतीय लोकतंत्र की यात्रा का साक्षी रहा है।
कार्यक्रम के अनुसार दल केंद्रीय प्रायोजित प्रमुख परियोजनाओं का अवलोकन करेगा, जिनमें सिक्किम की पहली रेल लिंक परियोजना सेवोक–रंगपो रेलवे लाइन का साइट विजिट शामिल है। इसके अतिरिक्त सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण नाथू ला दर्रा, बाबा मंदिर और छांगू झील का दौरा किया जाएगा। दल वाइब्रेंट विलेज पहल, पेलिंग स्काईवॉक और भारतीय वनस्पति सर्वेक्षण केंद्रों का भी भ्रमण करेगा। माननीय राज्यपाल ने विश्वास व्यक्त किया कि इस प्रकार के अंतर-राज्यीय मीडिया संवाद राष्ट्रीय एकता को सुदृढ़ करेंगे, विकास कार्यों की जानकारी को व्यापक बनाएंगे और देश की प्रगति को नई ऊर्जा प्रदान करेंगे।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय परीक्षा दे रहे विद्यार्थियों को दिया संदेश… ऑल द बेस्ट, प्यारे बच्चों
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने विद्यार्थियों को शुभकामनाएँ देते हुए कहा “ऑल द बेस्ट, प्यारे बच्चों।” मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रदेश के छात्र-छात्राओं को परीक्षाओं के अवसर पर शुभकामनाएं देते हुए उन्हें आत्मविश्वास और हौसले के साथ आगे बढ़ने का संदेश दिया है। उन्होंने विद्यार्थियों के नाम अपने आत्मीय संदेश में कहा कि परीक्षाओं का समय जीवन का महत्वपूर्ण पड़ाव होता है, जिसमें उत्साह के साथ थोड़ा तनाव भी स्वाभाविक है, लेकिन घबराने की आवश्यकता नहीं है।
मुख्यमंत्री ने बच्चों से कहा कि परीक्षाओं का समय आ गया है। मैं जानता हूँ कि इन दिनों आपके मन में उत्साह भी है और थोड़ा सा तनाव भी। लेकिन सबसे पहले यह जान लीजिए- आप अकेले नहीं हैं, हम सब आपके साथ हैं। उन्होंने कहा कि परीक्षाओं का समय कभी-कभी मन में घबराहट भी लेकर आता है। यह स्वाभाविक है। यदि आपको डर लग रहा है तो इसका अर्थ है कि आप अपनी पढ़ाई और अपने भविष्य को गंभीरता से लेते हैं।
उन्होंने कहा कि सबसे पहले यह समझ लीजिए, डर कमजोरी नहीं, बल्कि जिम्मेदारी का संकेत है। लेकिन इस डर को अपने आत्मविश्वास पर हावी न होने दें। आपने पूरे वर्ष मेहनत की है। हर दिन का प्रयास, हर अभ्यास, हर दोहराव- सब आपकी ताकत बनकर आपके साथ खड़े हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि आप सभी नियमित पढ़ाई करें, कठिन विषयों को दोहराएँ, समय का संतुलन बनाए रखें। पर्याप्त नींद लें, पौष्टिक भोजन करें और कुछ समय के लिए मोबाइल से दूरी बनाकर अपने लक्ष्य पर पूरी तरह ध्यान केंद्रित करें। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि छत्तीसगढ़ के सभी विद्यार्थी इस बार भी उत्कृष्ट प्रदर्शन करेंगे और अपने परिवार तथा प्रदेश का नाम रोशन करेंगे।
ऑनलाइन सट्टा संचालित करते आरोपी गिरफ्तार, 2.55 लाख का मशरूका जब्त
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 1 लाख 80 हजार रुपये नगद, 3 मोबाइल फोन, 20 बैंक पासबुक, 10 चेकबुक, 14 एटीएम कार्ड, आधार कार्ड, पैन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, सट्टे का हिसाब-किताब रजिस्टर सहित कुल 2 लाख 55 हजार रुपये का मशरूका जब्त किया है।आरोपी के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 7 और 8 तथा भारतीय न्याय संहिता की धारा 112(2) के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब आरोपी के बैंक खातों की जांच कर रही है और इस पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी है।
टाटीबंध स्थित उदय सोसाइटी में नि:शुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर 22 फरवरी को
रायपुर। डॉ. डोरले क्लिनिक रविवार, 22 फरवरी को नि:शुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर टाटीबंध स्थित उदय सोसाइटी में लगा रहा है। सुबह 10:00 से दोपहर दो बजे तक लगने वाले इस शिविर में
मुफ्त में ब्लड शुगर और एचबीए वनसी, ईसीजी और लिपिड प्रोफ़ाइल, थायरॉइड प्रोफ़ाइल, न्यूरोपैथी स्कैन, पीएसए (PSA- प्रोस्टेट टेस्ट), बीपी और वज़न चेक किया जा सकेगा। शिविर में एमडी मेडिसिन डॉक्टर शेखर डोरले की फ्री गाइडेंस और कंसल्टेशन सर्विस उपलब्ध रहेगी।
डॉ. डोरले ने शिविर में आने वाले लोगों से सही टेस्टिंग कराने के लिए खाली पेट (फ़ास्टिंग) आने का आग्रह किया है। उन्होंने रजिस्टर करने के लिए A-2/11, स्ट्रीट नंबर 27, सेक्टर-1, उदय सोसाइटी, टाटीबंध में स्थित डॉ. डोरले क्लिनिक अथवा मो. नंबर 9041106853 पर कॉल कर या वाट्सएम के माध्यम से संपर्क करने का आग्रह किया है।
छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर जनरेशन कंपनी को मिला राष्ट्रीय सम्मान.. चेयरमेन डॉ रोहित यादव ने जी बधाई
- , प्रबंध निदेशक एसके कटियार ने लिया पुरस्कार
रायपुर। इंडियन पावर स्टेशन (ओ एंड एम) कॉन्फ्रेंस में छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर जनरेशन कंपनी को राष्ट्रीय सम्मान प्रदान किया गया।। रायपुर में एनटीपीसी व्दारा आयोजित इंडियन पावर स्टेशन ऑपरेशन एंड मेंटेनेंस (O&M) कॉन्फ्रेंस के दौरान बिजली क्षेत्र की उत्कृष्ट उपलब्धियों को सम्मानित किया गया। राजधानी के दीनदयाल उपाध्याय आडिटोरियम में आयोजित कार्यक्रम में जनरेशन कंपनी के अंतर्गत संचालित डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी ताप विद्युत केंद्र,(डीएसपीएम) कोरबा पूर्व को वर्ष 2024-25 के लिए “सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाला विद्युत केंद्र सम्मान” प्रदान किया गया।
यह प्रतिष्ठित सम्मान कंपनी के प्रबंध निदेशक एसके कटियार ने ग्रहण किया। इस गौरवपूर्ण अवसर पर छत्तीसगढ़ विद्युत कंपनियों के अध्यक्ष डॉ. रोहित यादव विशेष रूप से उपस्थित रहे। यह सम्मान केंद्र के उत्कृष्ट उत्पादन, उच्च कार्यकुशलता तथा विश्वसनीय संचालन का प्रतीक है। सम्मेलन में विद्युत उत्पादन की गुणवत्ता, आपूर्ति की विश्वसनीयता, तापीय विद्युत केंद्रों की दक्षता तथा भविष्य में अक्षय ऊर्जा और ऊर्जा संचयन जैसे विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। इस अवसर पर देशभर के विद्युत उत्पादन संगठनों के प्रतिनिधि एवं विशेषज्ञ उपस्थित रहे।
विशेषज्ञों ने बदलते ऊर्जा परिदृश्य में आधुनिक तकनीक तथा बेहतर प्रबंधन व्यवस्था अपनाने की आवश्यकता पर बल दिया। इस उपलब्धि से न केवल छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर जनरेशन कंपनी बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ राज्य का गौरव बढ़ा है। आयोजन के दौरान उपस्थित अतिथियों ने केंद्र की पूरी टीम को बधाई देते हुए इसे राज्य के विद्युत क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य संस्कृति और समर्पण का परिणाम बताया।
मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े के प्रयास रंग लाए: वनांचल के सुदूर टोलों में पहुंचेगी बिजली
मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा है कि राज्य सरकार की प्राथमिकता है कि प्रदेश का कोई भी घर अंधेरे में न रहे। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि विद्युत सुविधा उपलब्ध होने से बच्चों को अध्ययन में सुविधा मिलेगी, किसानों को कृषि कार्यों में सहूलियत होगी तथा स्थानीय स्तर पर स्वरोजगार और लघु उद्यमों को प्रोत्साहन मिलेगा। यह पहल वनांचल क्षेत्रों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम सिद्ध होगी।
महाशिवरात्रि के अवसर पर ग्राम कामठी में पंडरिया विधायक भावना बोहरा संग श्रद्धालु 151 पार्थिव शिवलिंग में एक साथ करेंगे रुद्राभिषेक
उन्होंने 6 दिनों में माँ नर्मदा मंदिर अमरकंटक से लहनी, खुडिय़ा, पंडरिया, मोहतरा से डोंगरिया महादेव में शिवजी का जलाभिषेक करने के तत्पश्चात डोंगरिया महादेव से बोड़ला होते हुए भोरमदेव मंदिर में पूजा-अर्चना व शिवजी का जलाभिषेक कर अपनी यात्रा समाप्त की जिसमें सैकड़ों कांवड़ यात्री भी उनकी इस यात्रा में सहभागी बने। एक बार पुन: उनके द्वारा ग्राम कामठी में 151 पार्थिव शिवलिंग में सामूहिक रुद्राभिषेक का पुण्य आयोजन किया जा रहा है जिसे लेकर क्षेत्र की जनता एवं श्रद्धालुओं में भक्ति और आस्था का उत्साह स्पष्ट रूप से देखने को मिल रहा है।इस अवसर पर विधायक भावना बोहरा ने कहा कि भगवन भोलेनाथ जी के प्रति भक्तजनों की आस्था और पंडरिया विधानसभा एवं छत्तीसगढ़ प्रदेश की समृद्धि व खुशहाली के लिए यह आयोजन किया जा रहा है। भगवान भोलेनाथ की असीम कृपा, आशीर्वाद एवं जनता के स्नेह और सहयोग से इस वर्ष महाशिवरात्रि के पावन एवं पुण्य अवसर पर ग्राम कामठी के स्कूल मैदान में 151 पार्थिव शिवलिंगों का निर्माण कर सामूहिक रुद्राभिषेक किया जाएगा।
यह आयोजन श्रद्धा, आस्था, संस्कार और सामाजिक एकता का अद्भुत संगम होगा, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की सहभागिता अपेक्षित है। उन्होंने बताया कि इस पावन अवसर पर 151 मिट्टी से निर्मित पार्थिव शिवलिंगों की स्थापना की जाएगी, जिसमें प्रत्येक पार्थिव शिवलिंग पर विवाहित जोड़ें एवं श्रद्धालु एक साथ विधि-विधान से रुद्राभिषेक करेंगे। यह आयोजन सामूहिक भक्ति, सामाजिक समरसता और धार्मिक चेतना का अद्भुत संगम होगा, जहाँ हम सभी एक साथ भगवान भोलेनाथ की आराधना कर क्षेत्र, प्रदेश और देश की सुख-समृद्धि, शांति और उन्नति की कामना करेंगे। रुद्राभिषेक के पश्चात् पुरे विधि-विधान के साथ पार्थिव शिवलिंग का प्रवाह संस्कार किया जाएगा। यह आयोजन हमारी नई पीढ़ी को अपनी समृद्ध सनातन परंपराओं से जोडऩे, धार्मिक संस्कारों को संरक्षित करने तथा समाज में आध्यात्मिक चेतना और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करने का एक महत्वपूर्ण माध्यम भी है। मैं पंडरिया विधानसभा की जनता से आग्रह करती हूँ कि इस धार्मिक आयोजन में बड़ी से बड़ी संख्या में पधारें। आप सभी की उपस्थिति, सहभागिता एवं आशीर्वाद इस आयोजन को और अधिक सफल, भव्य एवं पुण्यदायी बनाएगा।
सड़क किसी भी विभाग की हो जनता की नजर में वह शहर की सड़क है और उसे व्यवस्थित रखना हम सबकी जिम्मेदारी है
महापौर मीनल चौबे द्वारा शहर में यातायात सुधार हेतु ली गयी बैठक में आयुक्त विश्वदीप सहित यातायात एएसपी विवेक शुक्ला, नगर निगम नगर निवेशक आभाष मिश्रा, नगर निगम अधीक्षक ( विज्ञापन) पद्माकर श्रीवास, नगर निगम स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. तृप्ति पाणीग्रही, कार्यपालन अभियंता नगर निवेश आशुतोष सिंह सहित नगर निगम नगर निवेश एवं यातायात पुलिस प्रशासन के संबंधित अधिकारियों की उपस्थिति रही।
चावल उत्सव 20 फरवरी से, खाद्य विभाग ने दी जानकारी
अधिकारियों का कहना है कि टेंडर प्रक्रिया में देरी के कारण चावल उत्सव तय समय पर नहीं हो सका। FRK (फोर्टिफाइड राइस कर्नेल) की आपूर्ति से जुड़े टेंडर समय पर फाइनल नहीं हो पाए थे। अब सभी आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी कर ली गई हैं और 20 फरवरी को राज्यव्यापी वितरण कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। फिलहाल प्रदेश की करीब साढ़े 6 हजार राशन दुकानों में नियमित रूप से चावल का वितरण जारी है। बाकी दुकानों में भी स्टॉक पहुंचाने की प्रक्रिया चल रही है, ताकि उत्सव के दिन किसी तरह की परेशानी न हो। खाद्य विभाग ने जिला अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वितरण व्यवस्था सुचारू रहे और हितग्राहियों को किसी तरह की असुविधा न हो।
आईबीसी24 ने वीडियो जर्नलिस्ट को 124 रन से हराकर सेमीफाइनल में प्रवेश किया
श्रम मंत्री ने ली श्रम विभाग की बैठक... योजनाओं के क्रियान्वयन, श्रमिकों की सुरक्षा पर विशेष फोकस
रायपुर। श्रम मंत्री लखन लाल देवांगन ने नवा रायपुर स्थित मंत्रालय (महानदी भवन) में श्रम विभाग की दो चरणों में मैराथन समीक्षा बैठक ली। प्रथम चरण की बैठक में श्रम विभाग के अंतर्गत आने वाले तीनों मंडलों की योजनाओं और कारखानों में श्रमिकों के अधिकारों की सुरक्षा को लेकर समीक्षा की गई। मंत्री देवांगन ने अधिकारियों को निर्देश दिए की कारखाने की नियमित तौर पर निरीक्षण करें। श्रमिकों की हितों की सुरक्षा का पूरा ख्याल रखें। कमी मिलने पर संबंधित उद्योग को निर्देशित करें। हर महीने किए जाने वाले निरीक्षण की भी समीक्षा करने की निर्देश दिए गए।
बैठक में उपस्थित अधिकारियों को श्रम मंत्री ने कहा कि श्रमिकों के कल्याणकारी योजनाओं का क्रियान्वयन, उनके हितों की सुरक्षा और स्वास्थ्य सुरक्षा सबसे महत्वपूर्ण है। प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की मंशा अनुरूप श्रमिक भाई बहनों को योजनाओं के ज्यादा से ज्यादा लाभ दिलवाए, सुरक्षा के मानको का पूरा ख्याल रखने का प्रयास करें। श्रमिकों के पंजीयन, नवीनीकरण, और योजनाओ का क्रियान्वयन समय अवधि में पूर्ण करें। बैठक में श्रम विभाग के सचिव हिमशिखर गुप्ता, उप सचिव विपुल गुप्ता, अपर श्रमायुक्त एस. एल. जांगड़े, सविता मिश्रा, बीओसी सचिव गिरीश रामटेके सहित जिलो से आए मैदानी अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में श्रम मंत्री ने कॉन्ट्रैक्ट श्रमिक अधिनियम को लेकर विशेष निर्देश दिए गए। इस अधिनियम के तहत पंजीकृत श्रमिकों को ईएसआईसी और पीएफ का लाभ सुनिश्चित करने साथ ही श्रमिकों की संख्या का मिलान करने के भी निर्देश दिए गए। ठेकेदार को जितने श्रमिकों का लाइसेंस प्राप्त है, उतने ही श्रमिक कार्यरत है की नहीं यह सुनिश्चित करने कहा गया। इसके साथ-साथ निजी कंपनिययों से सेवानिवृत हो चुके कर्मियों के उपादन भुगतान संबंधी मामले के जल्द निराकरण, विभिन्न माध्यमों से आने वाले शिकायतों का समय अवधि में निराकरण, करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में मुख्यमंत्री की घोषणा शहीद वीर नारायण सिंह श्रम अन्न योजना के अंतर्गत किफायती दर पर भोजन केंद्र की भी समीक्षा की गई। प्रदेश के साथ जिलों में जल्द ही श्रम अन्न केंद्र प्रारंभ करने निर्देश दिए गए। इनमें मुंगेली, सक्ति, जगदलपुर, कांकेर, खैरागढ़ छुई खदान गंडई, जशपुर और जगदलपुर में केंद्र शुरू करने कहा गया है।
दूसरे चरण की बैठक में मंत्री देवांगन ने कर्मचारी राज्य बीमा सेवाएं और औद्योगिक स्वास्थ्य सुरक्षा के अधिकारियों की संयुक्त बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए। श्रम मंत्री ने सभी जिलों के डिस्पेंसरी की समीक्षा की। ओपीडी की संख्या को और बढ़ाने और श्रमिकों के गुणवत्तापूर्ण इलाज के निर्देश दिए गए। डिस्पेंसरी के स्टाफ की रोजाना हाजिरी बायोमेट्रिक के आधार पर करने के निर्देश दिए। प्रमुख डिस्पेंसरी में सुविधा और बढ़ाने कार्य योजना बनाने कहां गया है। मंत्री ने उद्योगों में नजदीकी डिस्पेंसरी का पता चस्पा करने के भी निर्देश दिए गए हैं। साथ ही कारखाने की नियमित जांच कर उनमें आवश्यक कार्यवाही करने के भी निर्देश दिए गए।
भवन निर्माण में उत्कृष्ट दृष्टिकोण के साथ दीर्घकालीन कार्य योजना अपनाये : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि निर्माण सिर्फ ईंट–पत्थर का संयोजन नहीं, एक अभिनव कला है। इसमें उत्कृष्ट दृष्टिकोण के साथ दीर्घकालिक कार्य योजना को अपनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि बदलते समय की आवश्यकताओं के अनुरूप अब हर निर्माण कार्य में कन्सेप्चुअल और क्वालिटेटिव एप्रोच अनिवार्य रूप से दिखाई देना चाहिए।
गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाना चाहिए। प्रदेश के विकास के लिए हम सभी को पूरी क्षमता दक्षता से काम करना होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव गुरुवार को रवीन्द्र भवन में लोक निर्माण विभाग अन्तर्गत मध्यप्रदेश भवन विकास निगम द्वारा आयोजित एक दिवसीय क्षमता संवर्धन कार्यशाला सह प्रशिक्षण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। लोक निर्माण विभाग के तकनीकी अधिकारियों, वरिष्ठ एवं कनिष्ठ अभियंताओं को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि वैचारिक प्रतिबद्धता और कार्यशैली में जड़ता से बचने और बदलती तकनीकों के अनुरूप स्वयं को अद्यतन रखने के लिए कौशल संवर्धन अत्यंत आवश्यक है। ऐसी कार्यशालाएं अभियंताओं की स्किल्स को रिफ्रेश करती हैं और उन्हें नई ऊर्जा प्रदान करती हैं। उन्होंने निर्माण कार्यों में दीर्घकालिक दृष्टि, नवाचार और पारदर्शिता को प्राथमिकता देने पर जोर दिया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में पीएम गतिशक्ति योजना के माध्यम से लोक निर्माण विभाग नवाचारों को धरातल पर उतार रहा है। वर्तमान समय में हमारे इंजीनियर्स साक्षात् भगवान विश्वकर्मा के अवतार हैं। लोक निर्माण विभाग ने पिछले 2 वर्षों के कार्यों के आधार पर अपनी एक विशिष्ट पहचान बनाई है। इस अवधि में सराहनीय कार्य हुए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि गीता के अंतिम अध्याय में ज्ञान और विज्ञान की बात कही गई है, जिसमें मन, बुद्धि और अहंकार के साथ पंच तत्वों की व्याख्या की गई है।
लोक निर्माण विभाग के इंजीनियर्स की यह कार्यशाला आधुनिक संरचनाओं के निर्माण को गति प्रदान करने के लिए महत्वपूर्ण पहल है। हमारे इंजीनियर्स ने सांदीपनि विद्यालय सहित बड़े-बड़े अधोसंरचनात्मक विकास के निर्माण कार्य किए हैं। सड़क, पुल, स्टेडियम और भवन जैसे निर्माण कार्य लोक निर्माण विभाग के माध्यम से ही किये जाते हैं। विभागीय इंजीनियर्स की क्षमता संवर्धन के लिए समय-समय पर प्रशिक्षण की आवश्यकता भी है। उन्होंने कहा कि इंजीनियर्स को अपना काम करने में अनेक चुनौतियों का भी सामना करना पड़ता है। आज की कार्यशाला में एमपीआईडीसी सहित देश की विभिन्न संस्थाओं के साथ समझौते हुए हैं। प्रदेश में ग्रीन बिल्डिंग के विकास को लेकर सहमति बनी है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सभी कार्यों और नवाचारों के लिए लोक निर्माण मंत्री एवं विभाग को बधाई दीं।