डंगनिया केंद्र की बैठक में दिखी संस्कृति, परंपरा और हमारे ऐतिहासिक गौरव
- अहिल्या बाई होल्कर और दत्तात्रेय जयंती पर प्रस्तुत भजन ने लुभाया
- महाराष्ट्र मंडल के डंगनिया केंद्र की टीम ने किया आयोजन
रायपुर। अपनी सांस्कृतिक, सामाजिक और शैक्षणिक दायित्वों का निर्वहन करते हुए महाराष्ट्र मंडल की चौबे कालोनी महिला केंद्र की बैठक में शनिवार 7 दिसंबर को मराठी संस्कृति, परंपरा और ऐतिहासिक गौरव एक साथ नजर आया। पारंपरिक परिधान में पहुंच जहां महिलाओं ने अपनी संस्कृति को संजोया वहीं दत्तात्रय जयंती पर सुंदर भजन प्रस्तुत कर अपने पुर्वजों से विरासत में मिली परंपरा का निर्वहन किया। वहीं शिवभक्त देवी अहिल्या बाई होल्कर की विजय गाथा के साथ अपने ऐतिहासिक गौरव को याद किया।
महाराष्ट्र मंडल रायपुर के डंगनिया केंद्र की बैठक में मंडल की महिला प्रमुख विशाखा तोपखानेवाले ने वर्तमान समाज में रानी अहिल्याबाई होलकर के योगदान को याद किया। उन्होंने कहा कि शिवभक्त देवी अहिल्याबाई होलकर समस्त नारियों के लिए बड़ी आदर्श है। उन्होंने महिलाओं की शिक्षा, दीक्षा, लेकर कई पुरानी कुरीतियों से उन्हें निजात दिलाई। वे एक आदर्श पत्नी के साथ आदर्श मां भी थी। वे जीवन के हर कठिन परिस्थिति से जूझने के लिए तत्पर रहती थी।