दिव्य महाराष्ट्र मंडल

लघु नाटिका व नुक्‍कड़ नाटकों से युवाओं को जागरूक व संस्‍कारी बनाने की जरूरत: शताब्‍दी

0- महाराष्‍ट्र मंडल के रोहिणीपुरम महिला केंद्र की बैठक में चित्रा बल्‍की बनीं नई संयोजिका

रायपुर। महाराष्‍ट्र मंडल भवन में रोहिणीपुरम महिला केंद्र की शुक्रवार को हुई बैठक में सर्व सम्‍मति से चित्रा बल्‍की को संयोजिका चुना गया। वहीं अचला मोहरीकर, अलका कुलकर्णी, जयश्री भूरे और साधना बरिहट सह संयोजिका बनाईं गईं हैं। बैठक में स्‍वावलंबन समिति की प्रभारी शताब्‍दी पांडे ने नई पीढ़ी को संस्‍कारी बनाने पर जोर दिया। बैठक में विशेष अतिथि के रूप में मंडल की उपाध्‍यक्ष गीता दलाल व महिला प्रमुख विशाखा तोपखानेवाले उपस्थित रहीं।
 
अपने संक्षिप्‍त संबोधन में शताब्‍दी ने कहा कि हर आयुवर्ग की महिलाओं पर किए गए राष्‍ट्रीय सर्वे के नतीजे चिंताजनक हैं। हालांकि इन आंकडों में बड़ा हिस्‍सा महानगरों का है। फिर भी हमें न केवल सचेत और सजग रहने की जरूरत है, बल्कि किशोरियों व युवतियों को संस्‍कार देते हुए जागरूक करने की आवश्‍यकता भी है। शताब्‍दी पांडे ने कहा कि हर आयु वर्ग की बच्चियों, किशोरियों व युवतियों को नियमित रूप से बातचीत करने, उन्‍हें संस्‍कार देने में लघु नाटिकाओं व नुक्‍कड़ नाटकों के माध्यम से जागरूक करने की जरूरत है। इसके लिए योजनाबद्ध काम करना होगा। 
 
बैठक की शुरुआत हमेशा की तरह हनुमान चालीसा के सामूहिक पाठ से हुई। महिलाओं के बीच अंकों का 'छपाक' गेम भी खेला गया। इसमें कल्‍पना किरवईवाले विजेता बनीं। सोनाली कुलकर्णी उप विजेता रहीं। सीमा बक्षी ने चैत्र गौर हल्‍दी कुंकू के बारे में ज्ञानवर्धक जानकारी दी। इस मौके पर पूर्व संयोजिका श्‍यामल जोशी, छाया अंजनकर, अपर्णा जोशी, प्राची जोशी, मीना विभूते, मंगला कुलकर्णी, सुनीता रामटेके, रचना ठेंगड़ी, अनुभा साड़ेगांवकर और जयश्री गायकवाड़ सहित अनेक महिला सभासद उपस्थित रहीं।