महाराष्ट्र मंडल में राज्योत्सव दो नवंबर को.... छत्तीसगढ़ी कार्यक्रमों की होगी प्रस्तुति
- कार्यक्रम की शुरुआत से लेकर अंतिम प्रस्तुति तक सभी कुछ छत्तीसगढ़ी में, समापन के बाद भी छत्तीसगढ़िया व्यंजनों को होगा आकर्षण
रायपुर। हर साल की तरह इस वर्ष भी महाराष्ट्र मंडल छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस दो नवंबर को शाम 5:30 बजे धूमधाम से मनाने जा रहा है। चूंकि इस बार छत्तीसगढ़ राज्य की 25वीं वर्षगांठ है, इसलिए हर साल की तुलना में इस बार का आयोजन अधिक भव्य और मनोरंजक होगा। महाराष्ट्र मंडल के विभिन्न प्रकल्पों, समितियों और महिला केंद्रों में इसकी तैयारियां शुरू हो चुकी हैं।
उपाध्यक्ष और कार्यक्रम की संयोजिका गीता श्याम दलाल ने बताया कि रविवार, दो नवंबर को महाराष्ट्र मंडल के खुला मंच एरिया में होने वाले आकर्षक छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस समारोह में लगभग सभी प्रकल्पों, समितियों और महिला केंद्रों की सहभागिता होगी। समूचा कार्यक्रम ही छत्तीसगढ़ी में संचालित किया जाएगा। कार्यक्रम की शुरुआत राजगीत ‘अरपा पैरी के धार...’ से होगी। कार्यक्रम के समापन के बाद भी छत्तीसगढ़ी व्यंजनों का लुत्फ कलाकारों सहित दर्शक दीर्घा के लोग भी ले सकेंगे।
संत ज्ञानेश्वर विद्यालय (एसडीवी) के प्रभारी व कार्यक्रम के सह संयोजक परितोष डोनगांवकर के अनुसार छत्तीगसढ़ी में कार्यक्रम का संचालन एसडीवी की शिक्षिकाएं करेंगी। इतना ही नहीं, एसडीवी के बच्चों की स्थानीय बोली में तीन- चार शानदार प्रस्तुतियां हमें देखने को मिलेंगी। इसी तरह महिला केंद्रों की ओर से कम से कम पांच छत्तीसगढ़ी आइटम आकर्षित करेंगे। साथ ही विभिन्न समितियों की ओर से संगीतमय प्रस्तुतियों का लॉन एरिया में बैठे दर्शकों को इंतजार रहेगा। परितोष के अनुसार पूरे कार्यक्रम की सबसे बड़ी विशेषता यह होगी कि इसमें न तो मराठी भाषा में कोई प्रस्तुति होगी और न ही मराठी से मंच का संचालन।