दिव्य महाराष्ट्र मंडल

देखें तस्वीरेंः भजन गायन में एक दूसरे को कांटे की टक्कर देती हैं महाराष्ट्र मंडल की महिला केंद्रों की टीम

रायपुर। अपने सामाजिक और शैक्षणिक दायित्वों के बीच महाराष्ट्र मंडळ की महिला केंद्रों की टीम भजन गायन में भी एक दूसरे को कांटे की टक्कर देती है। श्रीगणेश की स्तुति हो या भोलेनाथ की वंदना। गजानन महाराज का भजन या भगवान दत्तात्रेय की स्तुति। सभी देवी-देवताओं की भजन इतने शानदार और सुंदर ढंग से प्रस्तुत करती हैं, भजन स्पर्धाओं में आए जजों को विजेता का चयन करने के लिए अच्छी खासी मशक्कत करनी पड़ती है। 
 
महाराष्ट्र मंडल में बीते दिनों हुए चैत्रगौरी हल्दीकुंकू व भजन स्पर्धा के जबरदस्त मुकाबले के दौरान भी यही स्थिति जजों के सामने आई। कड़ी मशक्कत के बाद जजों ने विजेता का फैसला कर दिया, लेकिन मंच पर उन्होंने विजेता चयन को लेकर अपनी मशक्कत को शेयर भी किया। जज विनय बोपचे और के. पुष्पा रेड्डी ने कहा कि सभी केंद्रों की महिलाओं ने बहुत ही शानदार प्रस्तुति दी। 
 
महाराष्ट्र मंडल की महिला प्रमुख विशाखा तोपखानेवाले ने बताया कि महाराष्ट्र मंडळ के सभी 15 केंद्रों में महिलाएं भजन गायन में एक्सपर्ट है। सभी एक से बढ़कर एक भजन गायन करती है। भजन स्पर्धा हो या अलग-अलग केंद्रों की बैठक हो। भजन गायन का एक भी मौका केंद्र की महिलाएं मिस नहीं करती है। 

बूढ़ापारा महिला केंद्र
 
 
बूढ़ापारा केंद्र की महिलाओं ने स्पर्धा में प्रथम पुरस्कार प्राप्त किया। टीम में ‘श्रीरामच्या नाम गुमफनी’ मराठी भजन की शानदार प्रस्तुति दी। इस प्रस्तुति को केंद्र की प्रणिता नलगूंडवार, अंजली नलगूंडवार, अपर्णा मोघे, अनघा करकशे, अर्चना पराडकर, दमयंती देशपांडे, संगीता नांदेडकर, मनुजा काले ने प्रस्तुत किया। हारमोनियम में इनका साथ मोहन देसाई ने दिया। 

सरोना महिला केंद्र
 
 
सरोना महिला केंद्र की महिलाओं ने अंबे मां के भजन को प्रस्तुत कर स्पर्धा में द्वितीय स्थान प्राप्त किया। यहां की टीम ने ‘येई अंबे भजनाला धावून ये ग’ मराठी भजन प्रस्तुत किया। इस टीम में केंद्र की जयश्री ढेकणे, प्रियंका बोरवणकर, प्रविणा बापट, आरती ठोंबरे, मीना परदेशी, वैशाली जोशी, मीना नवरे और विभा पांडे शामिल रही। हारमोनियम में प्रमोद बोरवणकर ने साथ दिया। 

चौबे कालोनी महिला केंद्र
 
 
भगवान दत्तात्रेय का भजन प्रस्तुत कर चौबे कालोनी महिला केंद्र की टीम ने स्पर्धा में तीसरा स्थान अपने लिए सुनिश्चित किया। इस टीम में मनीषा वरवंडकर, सुषमा आपटे, अंजली वैद्य, अवंति अग्निहोत्री, गौरी क्षीरसागर, प्रमोदिनी देशमुख, धनश्री पेंडसे, अर्चना मुकादम, संध्या हिशीकर और रोहिणी नेने शामिल रही। तबला में रवि हिशीकर ने साथ दिया। चौबे कालोनी केंद्र की टीम ने ‘रात्रंदिवसा देवा तुमची मूर्ती ध्यानात’ की प्रस्तुति दी। 

डंगनिया महिला केंद्र
 
प्रथम पूज्य श्रीगणेश की वंदना करते हुए मराठी भजन ‘ओम शब्द ओंकारात, ब्रम्ह पाहू या’ की प्रस्तुति देकर दर्शक दीर्धा की खूब तालियां बटोंरी। इस टीम में अनुजा महाडिक, रंजना राजिमवाले, भावना राजिमवाले, नमिता शेष, श्रद्धा देशमुख, श्रद्धा मरघडे, जया भावे, अनुभा जाउळकर, प्रणिता इंचुलकर और ज्योति डोलस ने भजन की प्रस्तुति दी। बतादें कि डगनिया केंद्र की महिलाओं भजन गायन को लेकर कोई मौका नहीं छोड़ती है। 
 
तात्यापारा महिला केंद्र
 
भजन गायन की बात हो और तात्यापारा महिला केंद्र का बात न हो ऐसा हो ही नहीं सकता। तात्यापारा के श्रीहनुमान मंदिर में आए दिन होने वाले भजन में इस केंद्र की महिलाओं की उपस्थिति देखी जा सकती है। स्पर्धा में इस केंद्र की अल्का मोहंदीवाले, अल्का संत, स्वाती परमानंद, अर्चना मोडक, रंजना शेष, सुरभि शेष,  अलका लेळे, सुरेखा हिशीकर और सुचीता निभट्ट ने अंबे मैय्या का मराठी भजन ‘जय अंबे जय जय जगदंबे’ की शानदार प्रस्तुति दी। 

टाटीबंध महिला केंद्र
 
भजना गायन मर्यादा पुरुषोतम  भगवान श्रीराम के भजन के बिना अधूरा प्रतीत होता है। इस कमी को टाटीबंध की महिला केंद्र ने पूरा किया। टीम की वर्षा परमानंद, अंजली खेर, शारदा लोणारे, अंजली देवडे, मनीषा मर्जिवे, रश्मि गोवर्धन, कीर्ति भिते, लीना साठे, मंजू भंडारी और पारूल ने प्रभु श्रीराम के मराठी भजन ‘राम जन्मला....’ की शानदार प्रस्तुति दी। 

वल्लभनगर महिला केंद्र
 
वल्लभनगर केंद्र की महिलाओं ने मां तुलजा भवानी को स्मरण अपने भजन के माध्याम से किया। इन्होंने ‘आई तुलजा भवानी…’ देवी भजन की शानदार प्रस्तुति दी। इस टीम में अपर्णा देशमुख, स्मिता चांदोलकर, अर्चना जतकर, विजया चौधरी, माधुरी गाडगिल, प्राजाक्ता पुसदकर, मनीषा सदन, सुवर्णा क्षत्रे,  वंदना पाटिल और नंदा अगस्ती शामिल रहीं। 
 

रोहिणीपुरम महिला केंद्र
 
 
देवी भजन प्रस्तुत कर रोहिणीपुरम महिला केंद्र की श्यामल जोशी, अर्चना मोहरीकर, शताब्दी पांडे, अपर्णा वरारपांडे, मीनाक्षी पिंपरापुरे, छाया अंजनकर और अनिता लेघे  आयोजन को पूरी तरह भक्तिमय बना दिया। 

कोटा महिला केंद्र
 
कुसुम मलेवार, माधुरी इंगोले, वैशाली पुरोहित, आरती दीवाते, वंदना कालमेघ, मोहिनी भिडे, श्वेता खरे, सुदक्षिणा शेंडे और शोभा शिंदे ने देवी का भजन प्रस्तुत किया। 

सिविल लाइन महिला केंद्र
 
शोभी जोशी, सुनंदा खानखोजे, मंजिरी गोविलकर, कल्पना पटवर्धन, विजया औरंगाबादकर, सुधा औरंगाबादकर, लीना केळकर, जयश्री केळकर और मीना विभूते ने राम की स्तुति प्रस्तुत कर सभी को भक्ति रस में सराबोर कर दिया