रायपुर

गुढ़ियारी स्थित बिजली कार्यालय में गूंजा वंदे मातरम्.... सभी ने किया सामूहिक गायन

रायपुर। राजधानी रायपुर के गुढ़ियारी स्थित सीएसपीडीसीएल कार्यालय में शुक्रवार, 7 नवंबर को वंदे मारतम् की गूंज सुनाई दी। कार्यपालक निदेशक रायपुर ग्रामीण शहर कार्यालय में लेखाधिकारी कार्यालय और अधीक्षण अभियंता कार्यालय के समस्त अधिकारियों और कर्मचारियों ने एक साथ वंदे मातरम का गायन किया। इस अवसर पर सभी वंदे मातरम्की 150वीं वर्षगांठ पर नई दिल्ली में आयोजित स्मरणोत्सव में वर्चुअली शामिल हुए और प्रधानमंत्री का उद्बोधन भी सुना। इस अवसर पर कार्यपालक निदेशक संदीप वर्मा, अतिरिक्त अभियंता भारती, अधीक्षण यंत्री साहू, मुरारी श्रीहरि, लेखाधिकारी शिलेदार सहित अधिकारी कर्मचारी उपस्थित थे।

कार्यपालक निदेशक संदीप वर्मा ने कहा कि इस पहल से भावी पीढ़ी को हमारे अतीत के संघर्षों और वंदे मातरम्जैसी अमर रचनाओं की आज़ादी की लड़ाई में भूमिका के बारे में जानने का अवसर मिलेगा। 7 नवम्बर 1875 को बंकिमचंद्र चट्टोपाध्याय ने इसकी रचना की थी। मातृभूमि की स्तुति में रचा गया यह गीत स्वतंत्रता संग्राम के दौरान देशभक्ति की सबसे प्रबल प्रेरणा बना। अनेक क्रांतिकारियों ने वंदे मातरम्कहते हुए हँसते-हँसते अपने प्राण न्योछावर कर दिए थे।

बतातें चले कि छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर कंपनीज मुख्यालयमें राष्ट्रगीत "वंदे मातरम" की 150वीं वर्षगांठ पर सामूहिक गान हुआ। पॉवर कंपनी के मुख्यालय डंगनिया स्थित विद्युत सेवा भवन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का उद्बोधन सुना गया। तत्पश्चात् अधिकारी-कर्मचारियों ने वंदे मातरम् का सामूहिक गान किया।