दिव्य महाराष्ट्र मंडल

'जाणता राजा’ को हर जगह नहीं मिलती इतनी आत्‍मीयता: आप्टे

0  महाराष्‍ट्र मंडल ने महानाट्य के प्रमुख सितारों को किया सम्‍मानित

रायपुर। महानाट्य ‘जाणता राजा’ को हमेशा की तरह इस बार भी महाराष्‍ट्र मंडल की ओर से अभूतपूर्व  आत्‍मीयता मिली। यहां के कलाकारों से भी काम लेने में ऐसा नहीं लगा कि ये हमारी टीम के बाहर के हैं। इस आशय के विचार महानाट्य जाणता राजा के प्रबंधक अजीत आप्‍टे ने कहे। वे सोमवार को महाराष्‍ट्र मंडल के छत्रपति शिवाजी महाराज सभागृह में महानाट्य जाणता राजा टीम के सम्‍मान समारोह को संबोधित कर रहे थे।
 
आप्‍टे ने कहा कि महाराष्ट्र मंडल 91 साल पुरानी संस्‍था है और आप लोगों ने सभी मराठी भाषियों को एकत्रित कर रखा है। यह प्रशंसनीय है। उस पर अध्‍यक्ष अजय मधुकर काले और सचिव चेतन दंडवते की जोड़ी यहां 18 साल से लगातार काम कर रही है। महाराष्‍ट्र मंडल न सिर्फ बहुत से प्रकल्‍प संचालित कर रही है, बल्कि 110 कर्मचारियों से काम लेकर उन्‍हें संभाल भी रही है। यह कौतुकास्‍पद है।  
 
प्रबंधक आप्‍टे ने कहा कि पुणे में स्थित 21 एकड भूखंड में हमारा एक वृहद प्रकल्‍प शिव सृष्टि ऐतिहासिक थीम पार्क है, जो पूरी तरह शिवाजी महाराज पर ही आधारित है। इसे देखने में आपको चार घंटे तो लगेंगे ही। जब यह प्रकल्‍प पूरा हो जाएगा तो इसका भ्रमण करने में पूरा दिन लगेगा। हम महाराष्‍ट्र मंडल को अपने प्रतिष्‍ठान में आमंत्रित करते हैं। 
 
 ‘जाणता राजा’ के निर्देशक योगेश शिरोले ने कहा कि 18 साल पहले भी महाराष्‍ट्र मंडल से हमें पूरा सहयोग मिला था और इस बार भी मंडल हमारी टीम के साथ सहयोग करने के लिए तत्‍पर रही। योगेश ने छत्‍तीसगढ़ राज्‍य युवा आयोग के साथ महाराष्‍ट्र मंडल का विशेष आभार व्‍यक्‍त करते हुए कहा कि भविष्‍य में भी वे छत्‍तीसगढ़ के विभिन्‍न शहरों में इसी तरह के महानाट्य प्रयोग करना चाहेंगे। 
 
सबसे पहले अध्‍यक्ष अजय मधुकर काले ने महाराष्‍ट्र मंडल का 90 वर्षीय इतिहास बताते हुए इसके प्रकल्‍पों पर चर्चा की। कार्यक्रम का संचालन कर रहे चेतन गोविंद दंडवते ने महाराष्‍ट्र मंडल के ‘जाणता राजा’ के सहयोग से लेकर भूमिका करने तक के संबंधों की जानकारी दी। उन्‍होंने बताया कि 6 जून को महाराष्‍ट्र मंडल के लॉन एरिया में सिंहासन पर विराजित छत्रपति शिवाजी की प्रतिमा का उद्घाटन किया जाएगा। इसके भव्‍य आयोजन की तैयारी जारी है।
 
आभार प्रदर्शन करते हुए रंजन मोडक ने मुख्‍यमंत्री विष्‍णु देव साय, उप मुख्‍यमंत्री विजय शर्मा, छत्‍तीसगढ़ राज्‍य युवा आयोग के अध्‍यक्ष विश्‍वविजय सिंह तोमर का आभार व्‍यक्‍त किया। उन्‍होंने अपेक्षा व्‍यक्‍त की कि जल्‍दी ही वे इस महानाट्य का आयोजन रायपुर सहित अन्‍य ऐसे शहरों में करेंगे, जहां आज तक ‘जाणता राजा’ को देखा नहीं गया है। 
समारोह में सभी अतिथियों ने ‘जाणता राजा’ के प्रत्‍येक सदस्‍यों को सूतमाला, शाल- श्रीफल और स्‍मृति चिन्‍ह देकर सम्‍मानित किया। इसी तरह ‘जाणता राजा’ के निर्देशक योगेश शिरोले, प्रबंधक अजीत आप्‍टे सहित बाकी प्रमुख कलाकारों ने भी इस महानाट्य में काम करने वाले स्‍थानीय कलाकारों को प्रमाण पत्र देकर सम्‍मानित किया।  
 
 
तिथिनुसार करें शिवाजी की महाआरती
'जाणता राजा' में औरंगजेब की भूमिका निभाने वाले अजीत आप्‍टे ने महाराष्‍ट्र मंडल में प्रति माह 19 तारीख को शिवाजी महाराज की महाआरती करने की जमकर प्रशंसा की। उन्‍होंन शिवराया की महाआरती इंग्लिश कैलेंडर के 19 तारीख को करने के बजाय फाल्‍गुन मास कृष्‍ण पक्ष की तृतीया पर करने का सुझाव दिया। इसे मंच पर ही सचिव चेतन दंडवते ने स्‍वीकार कर अगली महाआरती तिथिनुसार करने की घोषणा की।