महाराष्ट्र मंडल में एक पात्रीय ‘शबरी’ का मंचन 31 मार्च को
रायपुर। महाराष्ट्र मंडल में 28 मार्च से होने वाले वाल्मिकी रामायण कथा के दौरान मंगलवार, 31 मार्च को शाम 6.30 बजे से छत्रपति शिवाजी महाराज सभागृह में एकल पात्रीय नाटक ‘शबरी’ का मंचन किया जाएगा। कवियत्री वंदना ठाकुर की कविता को आधार बनाकर इस एक पात्रीय प्रयोग की परिकल्पना एवं निर्देशन आचार्य रंजन मोड़क, आलेख लोकेश साहू द्वारा और अभिनय चंचल ध्रुव कर रही है।
आचार्य रंजन मोड़क ने बताया कि करीब 10 मिनट के एक एक पात्रीय अभिनय में युवा कलाकार चंचल ध्रुव माता शबरी की भक्ति और राम के इंतजार में बिताए पलों को मंचित करेगी। मोड़क ने बताया कि मतंग ऋषि ने माता शबरी को कहा था कि एक दिन श्री राम अवश्य आएंगे और तब तक वह उनकी सेवा व प्रतीक्षा करती रहे। कहा जाता है कि शबरी ने वर्षों तक की लंबी प्रतीक्षा की, और हर दिन रास्ते की बुहारी लगाकर, फूल बिछाकर राम के स्वागत की तैयारी करती थी। वह हर दिन श्रीराम की चरणरज को माथे पर लगाने का स्वप्न देखती तो कभी बेर एकत्रित करती और कभी भजन। माता की इसी भक्ति को दर्शाने का प्रयास इन नाटक में किया गया है।