हिंदी नाटक ‘टीस’ में नजर आएगी रंगकर्मियों की पीड़ा
- हिंदी रंचमंच दिवस पर महाराष्ट्र मंडल और रंगभूमि का आयोजन
- स्व. डा. कुंज बिहारी शर्मा जन्मतिथि के पुण्य स्मरण पर ‘रंगकुंज’ पत्रिका का विमोचन
रायपुर। हिंदी रंगमंच दिवस के अवसर पर महाराष्ट्र मंडल और रंगभूमि रायपुर की टीम द्वारा स्व. डा. कुंज बिहारी शर्मा की जन्मतिथि को पुण्य स्मरण करते हुए हिंदी नाटक ‘टीस’ का मंचन 3 अप्रैल को शाम 7.30 महाराष्ट्र मंडल के संत ज्ञानेश्वर सभागृह में किया जाएगा। इस अवसर पर रंगकुंज पत्रिका का विमोचन और इस प्रसंग पर अतिथियों का संबोधन होगा।
आचार्य रंजन मोड़क ने बताया कि हिंदी रंगमंच दिवस के अवसर पर महाराष्ट्र मंडल और रंगभूमि की टीम द्वारा टीस नाटक का मंचन किया जाएगा। इस नाटक में रंगकर्मी की उस पारिवारिक, सामाजिक, आर्थिक वेदना को दिखाने का प्रयास किया जाएगा जिसे वह सहजता से व्यक्त नहीं कर सकता। नाटक की परिकल्पना आचार्य रंजन मोड़क ने की है। वहीं लेखन लोकेश रंजन और निर्देशन लोकेश साहू ने किया है।
टीस नाटक की प्रस्तुति के पूर्व तीन कविता का मंचन किया जाएगा। जिसमें प्रथम वंदना ठाकुर द्वारा लिखित कविता शबरी को चंचल ध्रुव जीवंत करेगी। वहीं डा. गौरव सिंह के वाल से ली गई कविता किवाड़ को को डा. विकास अग्रवाल और भूपेंद्र साहू मंचित करेगी। वहीं कवयित्री निधि नरवाल की कविता जिंदगी को अक्षदा मातुरकर मंचित करेगी।
इसके उपरांत स्व. डा. कुंज बिहारी शर्मा की जन्मतिथि को पुण्य स्मरण को संजोई गई पत्रिका रंगकुंज का विमोचन भी किया जाएगा। रंगकुंज प्रसंग पर उद्बोधन के लिए ख्यातिलब्द नाट्य अख्तर अली, वरिष्ठ कवि सुधीर कुमार सोनी, वरिष्ठ कला समीक्षक राजेश गनोदवाले और महाराष्ट्र मंडल अध्यक्ष अजय मधुकर काले उपस्थित रहेंगे।