दिव्य महाराष्ट्र मंडल

मराठी मेला 2024: महालक्ष्मी ने साबित किया लगन और इच्छा शक्ति से हर काम संभव

रायपुर। महाराष्ट्र मंडल में आयोजित दो दिवसीय मराठी सोहळा (मेला) के दूसरे दिन मेहंदी सजाओं स्पर्धा में 20 से अधिक लोगो ने भाग लिया। 20 अक्टूबर को करवा चौथ होने के कारण मेहंदी लगाने और लगवाने वालों की भीड़ अधिक थीं। स्पर्धा में सभी ने एक से बढ़कर एक सुंदर मेहंदी लगाई। स्पर्धा में महाराष्ट्र मंडल द्वारा संचालित दिव्यांग बालिका विकास गृह में रहने वाली महालक्ष्मी ने बहुत सुंदर मेहंदी बनाई और यह साबित कर दिया कि लगन और दृढ़ इच्छा शक्ति से सफलता मिलती ही है। वहीं 62 वर्षीया मीनाक्षी पिंपलापुरे ने भी स्पर्धा में भाग लिया। उन्हें विशेष सांत्वना पुरस्कार दिया गया।

मेहंदी स्पर्धा की आयोजक कला एवं संस्कृति समिति की उपप्रमुख अंकिता किरवईवाले ने बताया कि चौथ के कारण मेहंदी लगाने और लगवाने को लेकर महिलाओं में खासा उत्साह था। स्पर्धा का आयोजन दो वर्गों सीनियर और जूनियर वर्ग में किया गया। निर्णायक की भूमिका में आय़ुष्का और शेखर थे।  मेहंदी स्पर्धा जूनियर में प्रथम स्वर्णिमा मांजरे,  द्वितीय अक्षदा किरवई और तृतीय स्थान पर मंडल द्वारा संचालित दिव्यांग बालिका विकास गृह में रहने वाली महालक्ष्मी  रही। वहीं सीनियर वर्ग में प्रथम सोनल पस्पुरे, द्वितीय टीना सोनी और तीसरे स्थान पर श्रेया रही।