छत्तीसगढ़
अंतरक्षेत्रीय क्रिकेट प्रतियोगिता में रायपुर सेंट्रल रीजन बना चैंपियन
छत्तीसगढ़ को गैर कोयला मुख्य खनिज ब्लॉकों की नीलामी के लिए द्वितीय बेस्ट परफॉर्मेंस अवार्ड
राज्यपाल राजधानी रायपुर, मुख्यमंत्री जगदलपुर और विधानसभा अध्यक्ष राजनांदगांव में करेंगे ध्वजारोहण
रायपुर। गणतंत्र दिवस 26 जनवरी के अवसर पर राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन राजधानी रायपुर के पुलिस परेड ग्राउंड में आयोजित मुख्य समारोह में प्रातः 9 बजे ध्वजारोहण कर परेड की सलामी लेंगे। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह राजनांदगांव तथा मुख्यमंत्री विष्णु देव साय बस्तर संभाग के मुख्यालय जगदलपुर में आयोजित मुख्य समारोह में ध्वजारोहण करेंगे।
इसी प्रकार उप मुख्यमंत्री अरूण साव बिलासपुर में तथा उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा दुर्ग में आयोजित में ध्वजारोहण करेंगे। पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल महासमुंद, आदिम जाति विकास मंत्री रामविचार नेताम बलरामपुर-रामानुजंगज जिले में, खाद्य मंत्री दयालदास बघेल बेमेतरा, वनमंत्री केदार कश्यप नारायणपुर, वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री लखनलाल देवांगन कोरबा, स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले में ध्वजारोहण करेंगे।
वित्त मंत्री ओपी चौधरी रायगढ़, महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े सरगुजा संभाग के मुख्यालय अंबिकापुर, राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा बलौदाबाजार-भाटापारा जिले में, सांसद गुहा राम अजगले सक्ती, सांसद विजय बघेल बालोद, सांसद मोहन मण्डावी कांकेर, सांसद सुनील सोनी सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में, सांसद संतोष पाण्डेय खैरागढ़-छुईखदान-गंड़ई जिले में, सांसद चुन्नी लाल साहू गरियाबंद, विधायक धरमलाल कौशिक मुंगेली, विधायक अमर अग्रवाल जांजगीर-चांपा जिले तथा विधायक अजय चंद्राकर धमतरी में ध्वजारोहण करेंगे।
इसी तरह विधायक रेणुका सिंह सूरजपुर, विधायक भईया लाल राजवाड़े कोरिया जिले के मुख्यालय बैकुण्ठपुर, विधायक गोमती साय जशपुर, विधायक लता उसेंडी कोण्डागांव, विधायक विक्रम उसेंडी बीजापुर, विधायक भावना बोहरा कबीरधाम, विधायक नीलकंठ टेकाम सुकमा, विधायक चैतराम अटामी दंतेवाड़ा, विधायक प्रवीण कुमार मरपची गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिले में और विधायक आशाराम नेताम मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिले में ध्वजारोहण करेंगे।
मैदानी क्षेत्रों में पुलिस के जवानों को मिलेगा साप्ताहिक अवकाश... पुलिस मुख्यालय ने जारी किया परिपत्र
रायपुर। पुलिस कर्मचारियों की कार्य की प्रवृत्ति एवं कार्य के दबाव को दृष्टिगत रखते हुए मैदानी क्षेत्रों में पदस्थ आरक्षक से निरीक्षक स्तर के पदस्थ पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को एक दिवस का साप्ताहिक अवकाश दिया जाएगा। पुलिस मुख्यालय छत्तीसगढ़ से जारी परिपत्र के अनुसार थाना एवं जिले में तैनात छत्तीसगढ़ सशस्त्र पुलिस बल की कंपनियों में तैनात पुलिस कर्मियों के लिए साप्ताहिक अवकाश देने की प्रक्रिया तय कर दी गई है।
थाने में पदस्थ कर्मियों के लिए एक दिवसीय साप्ताहिक अवकाश प्रारंभिक तौर पर आरक्षक से निरीक्षक स्तर के अधिकारियों/कर्मचारियों को देय होगा। नक्सल प्रभावित एवं दुर्गम क्षेत्र में पदस्थ जिला पुलिस बल के अधिकारियों/कर्मचारियों को साप्ताहिक अवकाश के स्थान पर 3 माह में एक बार 8 दिवस का अवकाश दिया जायेगा।
थाने में पदस्थ कर्मियों को रात्रि ड्यूटी करने के पश्चात् पूरे 24 घंटे का अवकाश सप्ताह में एक बार दिया जाएगा। यानि कोई पुलिसकर्मी यदि रात्रि ड्यूटी करने के पश्चात् जाता है, तो उसे उस दिन एवं अगले दिन की प्रातः गणना तक उपस्थिति से छूट मिलेगी। यह साप्ताहिक अवकाश रात्रि ड्यूटी के पश्चात् प्रारंभ होकर अगले दिन प्रातः गणना/रोलकॉल तक के लिए रहेगा।
प्रत्येक पुलिस अधीक्षक अपने-अपने जिले में थाना एवं चौकियों में पदस्थ कर्मियों का इस प्रकार से रोस्टर तैयार करेंगे, जिससे प्रत्येक पुलिसकर्मी को यह ज्ञात रहे कि उसे कौन से दिन का साप्ताहिक अवकाश रहेगा। यानि कि मंगलवार को अवकाश दिया जाता है, तो उसे अगले प्रत्येक मंगलवार को ही साप्ताहिक अवकाश दिया जायेगा।
यदि किसी कारणवश जैसे व्ही. व्ही.आई.पी. भ्रमण एवं कानून व्यवस्था की संगीन स्थिति के फलस्वरूप प्रत्येक कर्मियों को साप्ताहिक अवकाश नहीं दिया जाता है, तो एक दिन की अधिकतम सीमा तक जमा होगी और सुनिश्चित किया जायेगा कि उसे उसी माह में यथासंभव यह सुविधा उपलब्ध करा दी जाये। नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में विषम सुरक्षात्मक कारणों से यह अवकाश निरस्त किया जा सकेगा। उपरोक्त परिस्थतियों में इकाई प्रमुख का निर्णय अंतिम होगा।
आपरेशन ‘सूर्य-शक्ति’: नक्सली के हथियार बनाने का कारखाना ध्वस्त, 4 की गिरफ्तारी
रायपुर। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित जिलों में चल रही आपरेशन ‘सूर्य-शक्ति’: को लगातार सफलता मिल रही है। नक्सल प्रभावित जिला कांकेर, नारायणपुर और पड़ोसी राज्य महाराष्ट्र के सीमावर्ती जिले में सुरक्षाबलों इस अभियान को चलाकर नक्सली शिविरों को ध्वस्त कर दिया है। यहां से 4 नक्सलियों को भी गिरफ्तार किया गया है।
दरअसल पुलिस अफसरों को सूचना मिली थी कि छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र की सीमा पर माड़ एवं उत्तर बस्तर मंडल के नक्सलियों की मौजूदगी है। ऐसे में इस इलाके में टीम को रवाना किया गया। पुलिस की टीम छत्तीसगढ़ के कांकेर और नारायणपुर तथा महाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले के सीमावर्ती क्षेत्र के उरचापाल, परैधी, पांगुर, टेकामेटा, मुसपर्से, कुकुर आदि गांवों के जंगल में 4 दिनों तक मौजूद रहकर अभियान ‘सूर्य-शक्ति’ चलाया। इस अभियान में एसटीएफ, कांकेर डीआरजी, नारायणपुर डीआरजी और सीमा सुरक्षा बल के जवान शामिल थे। कई स्थानों पर पुलिस और नक्सलियों के साथ मुठभेड़ हुई और सुरक्षा बलों ने बड़ी मात्रा में नक्सलियों के फेंके गए सामान को बरामद किया।
इस अभियान के दौरान जंगल-पहाड़ियों पर नक्सलियों के लिए बैरल ग्रेनेड लांचर ( BGL) बनाने के कारखाने को ध्वस्त किया गया तथा कारखाने से ड्रिलिंग मशीन व पंचिंग मशीन आदि बरामद की गई। अभियान के दौरान सुरक्षाबलों ने बाईपाड ग्रेनेड लांचर, 14 बीजीएल शैल, दो एयर राइफल, दो मजल लोडिंग वैपन 12 बोर की एक बंदूक, इंसास राइफल की तीन मैगजीन, एक टेलिस्कोप, दो जनरेटर और अन्य सामान बरामद किया। नारायणपुर जिले के टेकामेटा गांव की पहाड़ी के करीब सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई।
छत्तीसगढ़ में तकिलकोट और बिनागुण्डा गांव के बीच पहाड़ी में पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई। सुरक्षाबलों ने चार नक्सलियों को गिरफ्तार कर लिया। बुधवार को पुलिस अफसरों ने बताया कि क्षेत्र में नक्सलियों के खिलाफ अभियान जारी है।
टोनही बताकर महिला को गर्म हसिए से जलाया... पुलिस ने बैगा सहित 7 को किया गिरफ्तार
रायपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में एक महिला को टोनही बताकर गर्म हसिए से जलाने का मामला सामने आया है। घटना की सूचना पर पुलिस महिला के घर पहुंची लेकिन वह घटना के बाद से खौफ में थी। काउसिलिंग और परिवारवालों के खुलासे बाद पुलिस ने अपराध दर्ज कर 2 बैगा सहित एक ही परिवार के पांच लोगों को गिरफ्तार किया है।
मामला मस्तूरी थाना क्षेत्र का है। पुलिस के मुताबिक मस्तूरी क्षेत्र में भूरी बाई का परिवार निवास करता है। बुजुर्ग महिला के बेटे ने 12 जनवरी को मस्तूरी थाना में रिपोर्ट दर्ज कराया था। रिपोर्ट में उसने बताया कि उसके गांव के केजउ राठौर और उसके परिवार लोगों ने बैगा के साथ मिलकर उसकी मां को टोनही बताकर गर्म सलाखों से जलाकर मारने की कोशिश की है। एसपी संतोष सिंह ने बताया कि घटना काफी गंभीर और अंधविश्वास से जुड़ा था। लिहाजा उन्होंने तत्काल टीम गठित कर मामले की सूक्ष्मता से जांच कर आरोपियों के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई का निर्देश दिया था।
एसपी के निर्देश के बाद पुलिस अधिकारी द्वारा पीड़ित महिला का बयान दर्ज करने का प्रयास किया गया। लेकिन इस घटना से खौफ में आई महिला पहले तो घर में कुकर फटने की बात कहकर इस घटना का खुलासा करने से डरती रही। लेकिन पुलिस की काउंसलिंग और भरोसा दिलाये जाने के बाद हकीकत सामने आया। इस खुलासे के बाद पुलिस टीम ने पीड़ित महिला के साथ घटना को अंजाम देेने वाल केजउ राठौर व उसके परिवार वालों के खिलाफ हत्या का प्रयास और टोनही प्रताड़ना अधिनियम के तहत अपराध दर्ज किया गया। पुलिस ने केजऊ राठौर और उसके परिवार वालों को कोरबा से गिरफ्तार किया। वहीं दो बैगा का जांजगीर चांपा से गिरफ्तार किया गया। अंधविश्वास और हत्या के प्रयास के इस सनसनीखेज मामले का खुलासा होने के बाद पुलिस ने इस घटना में शामिल दोनों बैगा सहित एक ही परिवार के 5 लोगों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
हाइवे पर खड़े ट्रक से टकराई यात्री बस... हादसे के बाद मचा मौके पर कोहराम
रायपुर। बिलासपुर-अम्बिकापुर हाइवे पर एक बार फिर एक बड़ा सड़क हादसा हो गया। कोरबा जिले के बांगो थाना क्षेत्र से लगे केंदई पुल के पास एक तेज रफ़्तार यात्री बस हाइवे पर खड़े ट्रक से टकरा गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बस में सवार कई यात्री सीटों के बीच जा फंसे। घटना के बाद यात्रियों में कोहराम मच गया। राहगीर एवं ग्रामीणों की भीड़ घटना स्थल पर इकट्ठा हो गई, जिन्होंने राहत और बचाव कार्य शुरू कर दी और घायलों की मदद कर अस्पताल अस्पताल पहुंचाया।
उन्होंने इसकी सूचना फ़ौरन डायल 112 और पुलिस को दी। बताया जा रहा हैं कि 20 से ज्यादा सवारी इस हादसे में घायल हुए हैं। 6 महिला और 8 पुरुषों को गंभीर चोट आई है। बस और ट्रक की टक्कर होने की वजह सामने नहीं आई है। हालांकि आशंका जताई जा रही है कि सुबह कोहरे की वजह से विजिबिलिटी कम होने के कारण बस, खड़ी ट्रक से टकराई होगी। घायलों को अस्पताल भेजने के साथ हादसे के कारणों का पता किया जा रहा है। बता दें कि ठंड के मौसम में कोहरे के कारण एक्सीडेंट की घटनाएं बढ़ गई है।
शिक्षित बेरोजगार युवाओं के हित ‘विष्णु सरकार’ बड़ा फैसला.... भर्ती आयु सीमा छूट को पांच साल और बढ़ाया
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित कैबिनेट की बैठक में राज्य के शिक्षित बेरोजगार युवाओं के हित में अहम फैसला लिया गया, जिसका लाभ राज्य के लाखों युवाओं को मिलेगा। छत्तीसगढ़ राज्य के स्थानीय निवासियों को अधिकतम आयु सीमा 35 वर्ष में दी गई 5 वर्ष की छूट को कैबिनेट में 5 साल के लिए और बढ़ा दिया गया है। अभ्यर्थियों को आयु सीमा में 5 वर्ष की छूट का लाभ 31 दिसंबर 2028 तक प्राप्त होगा।
मंत्रिपरिषद ने बैठक में यह भी निर्णय लिया कि अन्य विशेष वर्गों को अधिकतम आयु सीमा में मिल रही छूट पहले जैसे ही मिलती रहेगी। सभी छूटों को मिलाकर अधिकतम आयु सीमा 45 वर्ष होगी। यह छूट गृह (पुलिस) विभाग के लिए लागू नही होगी परंतु वर्तमान में छत्तीसगढ़ पुलिस के जिला पुलिस आरक्षक संवर्ग के लिए लंबे समय से चल रही भर्ती प्रक्रिया में अभ्यर्थियों के हितों को ध्यान में रखते हुए मंत्रिपरिषद ने यह भी फैसला लिया है कि पुलिस आरक्षक संवर्ग के पुरूष अभ्यर्थियों को उच्चतर आयु सीमा में पांच वर्ष की छूट दी जाएगी।
बतादें कि छत्तीसगढ़ पुलिस के जिला पुलिस आरक्षक संवर्ग में भर्ती के लिए वर्ष 2018 में 2259 रिक्त पदों पर भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया गया था। इसके पश्चात लगभग 5 वर्ष के बाद 4 अक्टूबर 2023 को आरक्षक संवर्ग के 5967 रिक्त पदों की भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया गया है, जिसके लिए अभ्यर्थियों से ऑनलाईन आवेदन लेने की प्रक्रिया जारी है। कैबिनेट के इस निर्णय से आरक्षक संवर्ग के लिए जारी भर्ती प्रक्रिया में पुरूष अभ्यर्थियों को उच्चतर आयु सीमा में पांच वर्ष की छूट मिलेगी, जिसके चलते राज्य के लाखों युवा जो पूर्व निर्धारित आयु सीमा के चलते आवेदन करने से अपात्र हुए हैं, उन्हें इस छूट के चलते पुलिस आरक्षक संवर्ग की भर्ती प्रक्रिया में भाग लेने का अवसर प्राप्त हो सकेगा।
छत्तीसगढ़ में विस चुनाव का सफल संचालन... रीना बाबा साहेब कंगाले को बेस्ट परफॉर्मिंग स्टेट का अवार्ड
रायपुर। छत्तीसगढ़ सहित देश के पांच राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव में अच्छा काम करने वाले अफसरों के लिए पुरस्कार की घोषणा की गई। छत्तीसगढ़ की मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी रीना बाबा साहेब कंगाले को बेस्ट परफॉर्मिंग स्टेट का अवार्ड दिया जाएगा। पुरस्कार पाने वालों की सूची नक्सल प्रभावित दंतेवाड़ा के कलेक्टर रहे विनीत नंदनवार का नाम भी शामिल है। बतादें कि निर्वाचन आयोग की तरफ से कुल 4 श्रेणियों में पुरस्कार की घोषणा की गई है।
छत्तीसगढ़ सहित पांच राज्यों में नवंबर 2023 को विधानसभा चुनाव हुए। इस दौरान बिना किसी विवाद के साफ सुथरा चुनाव छत्तीसगढ़ में संपन्न हुआ। यहां रिकाउंटिंग और विवाद जैसी स्थिति नहीं बनी। बस्तर के धुर नक्सल प्रभावित इलाकों में भी शांतिप्रिय ढंग से चुनाव हुए। इसी वजह से छत्तीसगढ़ की सीईओ को बेस्ट परफार्मिंग स्टेट अवार्ड के लिए चुना गया है। वहीं, दंतेवाड़ा के तत्कालीन कलेक्टर विनीत नंदनवार को बेस्ट इलेक्शन मैनेजमेंट अवार्ड प्रदान किया जाएगा।
बतादें कि छत्तीसगढ़ में पहली बार एक महिला अधिकारी को मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी की जिम्मेदारी दी गई थी। प्रदेश के नक्सल प्रभावित इलाकों में चुनाव करना हमेशा बड़ी चुनौती रहा है। रीना मुस्तैदी से बस्तर में निर्विघ्न चुनाव कराने के लिए जुटी हुई हैं। सुबह ऑफिस पहुंच देर रात तक मीटिंग, मानिटरिंग, चुनाव आयोग से वीडियो कांफ्रेंसिंग चलती रहती है।
कौन हैं रीना बाबा साहेब कंगाले
11 गोल्ड मैडल के साथ एलएलबी आईएएस रीना बाबा साहेब कंगाले का जन्म नागपुर में हुआ। उनके पिता आईपीएस अधिकारी थे। रीना का जन्म आठ मार्च 1978 को हुआ था। वे 2003 में यूपीएससी से आईएएस सलेक्ट हुईं। उन्होंने नागपुर यूनिवर्सिटी से फर्स्ट डिवीजन में एलएलबी की डिग्री हासिल की थी। वे यूनिवर्सिटी की टॉपर थीं और 11 गोल्ड मैडल अपने नाम किया था। छत्तीसगढ़ कैडर मिलने के बाद उन्हें दुर्ग के असिस्टेंट कलेक्टर के रूप में पहली पोस्टिंग मिली। इसके बाद दुर्ग, दंतेवाड़ा और कोरबा की कलेक्टर रहीं। 2011-12 में डायरेक्टर एजुकेशन बनीं। इसके बाद 2015-2017 तक खनिज विभाग की डायरेक्टर रहीं। 2017-2019 तक आदिम जाति कल्याण विभाग की सचिव रहीं। इसके बाद 2019 से 2020 तक वाणिज्यिक कर विभाग की सचिव रहीं। जनवरी 2020 में उन्हें मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी की जिम्मेदारी दी गई।
निजी स्कूलों पर जुर्माना लगाकर चर्चा में रहीं
रीना बाबा साहेब कंगाले जब दुर्ग की कलेक्टर थीं, तब उन्होंने दो निजी स्कूलों पर मनमानी फीस वसूली के मामले में 114 करोड़ रुपए जुर्माना किया था। इस फैसले के बाद कलेक्टर के साहसिक कदम की काफी चर्चा रही, क्योंकि उस दौरान दुर्ग व राजधानी रायपुर सहित कई जिलों में पालक संघ के सदस्य आंदोलित थे।
मैं सांसद मोहन मंडावी जी को रामायणी सांसद कहूँगा, वे हीरो हैं - मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
बैकुंठपुर में सर्जन सहित विशेषज्ञ डॉक्टरों की जल्द होगी पदस्थापना... जिला अस्पताल पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री
रायपुर। प्रदेश में स्वास्थ्य अधोसंरचना को और बेहतर बनाया जाएगा। सभी अस्पतालों में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए अत्याधुनिक उपकरणों से सुसज्जित किया जाएगा। अस्पतालों की व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए लगातार स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल अस्पतालों का निरीक्षण कर रहे है।
स्वास्थ्य मंत्री ने बैकुण्ठपुर प्रवास के दौरान जिला अस्पताल का निरीक्षण किया और मरीजों से अस्पताल में मिल रही सुविधाओं के बारे जानकारी ली। उन्होंने जिला अस्पताल और मातृ शिशु अस्पताल के निर्माणाधीन नये भवन का भी अवलोकन किया और अधिकारियों को एक माह के भीतर निर्माण कार्य पूर्ण कराने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान बैकुण्ठपुर विधायक भईया लाल राजवाड़े, कलेक्टर विनय कुमार लंगेह, पुलिस अधीक्षक त्रिलोक बंसल एवं मुख्य चिकित्सा अधिकारी उपस्थित थे।
मंत्री जायसवाल ने जिला अस्पताल के आपातकालीन चिकित्सा कक्ष, माइनर ऑपरेशन कक्ष, कीमोथेरेपी वार्ड, ब्लड बैंक, शिशु वार्ड, सीटी स्कैन कक्ष, डायलिसिस कक्ष, रसोई गृह आदि वार्डों का निरीक्षण किया साथ ही मरीजों को दी जा रही सुविधाओं के बारे में जानकारी प्राप्त की। जिला अस्पताल में जनरल सर्जन, स्त्री रोग विशेषज्ञ, शिशु विशेषज्ञ व एनेस्थीसिया के डॉक्टरों की कमी पर मंत्री श्री जायसवाल ने कहा कि शीघ्र ही जिला अस्पताल बैकुण्ठपुर में सर्जन एवं डॉक्टरों की पदस्थापना की जाएगी।
स्वास्थ्य मंत्री ने वार्ड में भर्ती अजय कोड़मेहरा से स्वास्थ्य के संबंध में जानकारी ली। अजय ने बताया कि दो-तीन दिन से उल्टी होने के कारण वे यहां भर्ती हुए हैं। इसी तरह किडनी रोग से पीड़ित डायलिसिस के लिए भर्ती हुए ओमप्रकाश दत्ता तथा महिमा बुनकर ने मंत्री से अपनी समस्याओं को साझा की।
मंत्री जायसवाल ने एम्बुलेंस के संबंध में जानकारी ली, जिस पर अधिकारियों ने बताया कि पुरानी एम्बुलेंस खराब हो गयी है। तत्काल मंत्री ने नए एम्बुलेंस तथा शव वाहन के लिए कलेक्टर के माध्यम से प्रस्ताव तैयार कर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए तथा पांच एम्बुलेंस एवं दो शव वाहन की व्यवस्था शासन स्तर पर करने का आश्वासन भी दिया।
सावधान... राम मंदिर के नाम पर कोई एप न करें डाउनलोड.. चल रहा स्कैम
रायपुर। अयोध्या में श्रीराम मंदिर की प्राण-प्रतिष्ठा 22 जनवरी को होनी है। ऐसे में राम मंदिर में वीआइपी एंट्री और मंदिर का प्रसाद सीधे घर बैठे प्राप्त करने सहित कई तरह एप डाउनलोड कराकर लोगों से स्कैम किया जा रहा है। छत्तीसगढ़ पुलिस ने इसे लेकर अलर्ट जारी किया है। लोगों से इस तरह के एप से या लिंक से बचने की अपील की जा रही है।
पुलिस के मुताबिक राम मंदिर अयोध्या में 22 जनवरी को प्राण प्रतिष्ठा होनी है। ऐसे में वहां काफी भीड़ होगी। लोग अपने रूकने और वीआईपी दर्शन को लेकर ललायित है। इसी का फायदा साइबर ठग उठा रहे है। लोगों के मोबाइल पर वीआईपी दर्शन और वहां ठहरने के लिए होटल की बुकिंग जैसे मैसेज आ रहे है। मोबाइल पर लोगों को एक ऐप भेजा जा रहा है। जिसे डाउनलोड करते ही लोग ठगी का शिकार हो सकते है। इस तरह के फाइल या लिंक को डाउनलोड या क्लिक करने से पुलिस लोगों को मना कर रही है।
बिना जाने समझे इस तरह के ऐप को डाउनलोड करना जोखिम भरा है। इसमें ऐसे सॉफ्टवेयर भी हो सकते है जो लोगों को पर्सनल डेटा चुरा सकते है। इस तरह की लिंक या फाइल से ठग आपके बैंक खाते से ऑनलाइन ठगी कर पैसे भी उड़ा सकते है।
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में अतिरिक्त महाधिवक्ताओं समेत जंबो पैनल लॉयर की घोषणा



आजाद भारत के इस गांव में पहली बार रखे पुलिस ने कदम... खोला पुलिस सहायता केंद्र
रायपुर। जी.. हां... यह सुनने में थोड़ा अजीब लग सकता है कि लेकिन 100 फीसदी सच है। भारत की आजादी के बाद ऐसा पहली बार हुआ कि पुलिस ने महाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले के गर्देवाड़ा में कदम रखे हो। यह इलाका बस्तर की सीमा से लगा है। धूर नक्सल प्रभावित इस इलाके में आज तक पुलिस की पहुंच नहीं थी। यह अब एक चौकी यानी पुलिस सहायता केंद्र खुल गया है। यह इलाका अबूझमाड़ से मजह 5 किमी दूर है।
पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार इस चौकी की स्थापना के लिए 600 से अधिक कमांडो गांव गए थे। इस दुर्गम इलाके में जाकर पुलिस चौकी स्थापित करना इतना कठिन काम था कि इन कमांडोज को 60 किलोमीटर तक पैदल चलकर गर्देवाडा पहुंचना पड़ा। यही नहीं वहां पहुंचकर करीब 1500 लोगों को काम पर लगाया गया और तेजी से काम करते हुए एक ही दिन में पक्की चौकी बना दी गई। इस परिसर में पुलिसकर्मियों के रहने के लिए भी पर्याप्त सुविधा होगी और वहां मजबूत सुरक्षा व्यवस्था रहेगी।
बतादें कि गर्देवाड़ा वर्ष 2019 में उस वक्त चर्चा में आया था, जब लोकसभा चुनाव के दौरान नक्सलियों ने एक पोलिंग कैंप में अफरातफरी मचा दी थी। यहां नक्सलियों ने तीन ब्लास्ट किए थे। यहां पर एक बड़ा नाला भी बहता है, जिसमें बरसात के दौरान काफी पानी रहता है। इसके चलते यह इलाका साल में कई महीनों तक शेष हिस्से से कटा हुआ रहता है। पुलिस चौकी की स्थापना के बाद पुल भी बनाया जाएगा।
वीर सपूतों और शहीदों से हमें मिलती है देश के लिए मर-मिटने की प्रेरणा: शर्मा
रायपुर। जिला मुख्यालय कवर्धा में शहीद कप सॉफ्ट बॉल क्रिकेट प्रतियोगिता का उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने शुभारंभ किया। यह प्रतियोगिता शहीदों की स्मृति में आयोजित की जा रही है। प्रतियोगिता का शुभारंभ करते हुए उन्होंने कहा कि देश में सुरक्षा में लगे भारत के लाखों वीर सपूतों की वजह से आज हम सब अमन और चौन की जिंदगी जी रहे हैं। देश की रक्षा के लिए मर मिटने वाले वीर सपूतों के बलिदान आने वाले पीढ़ियों के लिए भी प्रेरणा के स्रोत हैं।
उपमुख्यमंत्री ने कबीरधाम जिले के शहीद नरेन्द्र शर्मा की प्रतिमा पर अपने श्रद्धा-सुमन अर्पित की और वर्ष 1971 में बांग्लादेश को लेकर हुए भारत-पाकिस्तान के युद्ध में शहीद नरेन्द्र शर्मा के साहसिक कार्य का स्मरण किया। उपमुख्यमंत्री ने शहीद शर्मा के परिवारजनों से मुलाकात की।
उल्लेखनीय है कि 1971 में बांग्लादेश को लेकर भारत-पाकिस्तान में युद्ध हुआ था। इस युद्ध में कबीरधाम जिले के ग्राम दुल्लापुर (रबेली) निवासी नरेन्द्र शर्मा ने 20 वर्ष की छोटी सी उम्र में मातृभूमि के लिए अपने प्राण न्यौछावर कर दिया। उनका जन्म 12 दिसम्बर 1951 को दुल्लापुर में हुआ था। वे राम स्नेही शर्मा व केवरा बाई के लाडले सुपुत्र थे। 11 जनवरी 1971 को राजस्थान रेजिमेंट अंतर्गत भारतीय सेना में शामिल होकर वे देश की सेवा करने लगे। इसी बीच भारत पाकिस्तान का युद्ध छिड़ गया। 1971 का युद्ध पाकिस्तानी सैनिकों के आत्मसमर्पण व बांग्लादेश के विभाजन से समाप्त हुआ, इस लड़ाई में गांव के गौरव नरेन्द्र शर्मा मातृभूमि के लिए बलिदान हो गये।
सेवानिवृत्ति के बाद इंस्पेक्टर को नहीं मिली ग्रेच्युटी.... 60 दिनों में भुगतान का हाईकोर्ट ने दिया आदेश
रायपुर। हाईकोर्ट ने सेवानिवृत्त इंस्पेक्टर को ग्रेच्युटी की राशि वितरित करने का आदेश दिया है। सेवानिवृत्ति के चार साल बाद भी विभाग की तरफ से इंस्पेक्टर को ग्रेच्युटी की राशि विभाग की तरफ से नहीं जारी की गई थी। कोर्ट ने 60 दिन के भीतर इंस्पेक्टर को भुगतान का आदेश दिया है। दरअसल ग्राम-नायकबांधा, पुलिस थाना एवं तहसील-अभनपुर के रहने वाले छन्नूलाल उईके जिला-बेमेतरा में पुलिस विभाग में निरीक्षक (इन्सपेक्टर) के पद पर पदस्थ थे। दिनांक 30 अप्रैल 2020 को 62 वर्ष की आयु पूर्ण होने पर उन्हें सेवानिवृत्त कर दिया गया।
सेवानिवृत्ति के लगभग 4 (चार) वर्ष बीत जाने के पश्चात् भी उन्हें उपादान (ग्रेच्युटी) राशि का भुगतान ना किये जाने से क्षुब्ध होकर छन्नूलाल उईके द्वारा हाईकोर्ट अधिवक्ता अभिषेक पाण्डेय एवं गीता देबनाथ के माध्यम से हाईकोर्ट बिलासपुर के समक्ष रिट याचिका दायर की गई। अधिवक्ता अभिषेक पाण्डेय एवं गीता देबनाथ द्वारा हाईकोर्ट के समक्ष यह तर्क प्रस्तुत किया गया कि पूर्व में उच्च न्यायालय, बिलासपुर द्वारा श्यामदेव विरुद्ध छत्तीसगढ़ शासन एवं अन्य के वाद में यह सिद्धान्त प्रतिपादित किया गया है कि किसी भी शासकीय सेवक के रिटायरमेन्ट के पूर्व ही उसके समस्त सेवानिवृत्ति देयक के भुगतान के संबंध में संपूर्ण प्रक्रिया समाप्त कर लेना है एवं सेवानिवृत्ति दिनांक को ही उस शासकीय सेवक को संपूर्ण सेवानिवृत्ति देयक का भुगतान कर दिया जाना है।
लेकिन, याचिकाकर्ता के मामले में रिटायरमेन्ट दिनांक के 04 (बार) वर्ष पश्चात् भी उसे उपादान (ग्रेच्युटी) राशि का भुगतान नहीं किया गया है। उच्च न्यायालय, बिलासपुर द्वारा उक्त रिट याचिका की सुनवाई के पश्चात् मामले को अत्यन्त गंभीरता से लेते हुए पुलिस महानिरीक्षक, दुर्ग रेन्ज, संभागीय संयुक्त संचालक (कोष, लेखा एवं पेंशन-दुर्ग) एवं पुलिस अधीक्षक-बेमेतरा को यह निर्देशित किया गया कि वे 60 (साठ) दिवस के भीतर याचिकाकर्ता को उपादान (पेच्युटी) राशि के भुगतान के संबंध में अभ्यावेदन का निराकरण कर तत्काल समस्त ग्रेच्युटी राशि का भुगतान करें।
कवर्धा के खेड़ापति हनुमान मंदिर में उप मुख्यमंत्री ने की साफ-सफाई
रायपुर। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आह्वान पर कवर्धा जिले के भी मंदिरों और तीर्थ स्थानों पर स्वच्छता अभियान चलाया जा रहा है। जिले के जनप्रतिनिधि इन स्थानों में साफ-सफाई कर रहे है। इसी कड़ी में उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने जिला मुख्यालय कवर्धा के खेड़ापति हनुमान मंदिर पहुंचकर पूजा-अर्चना की और प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि की कामना की। उन्होंने मंदिर परिसर की साफ-सफाई में जनप्रतिनिधियों के साथ हिस्सा भी लिया।
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने जिले के नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि वे भी मंदिरों एवं तीर्थस्थानों में स्वच्छता अभियान चलाएं। उन्होंने कहा कि भगवान राम के जन्मभूमि अयोध्या में श्री राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा होगी इस दिन हम सभी को दीपावाली की तरह ही घरों में दीपक जलाकर रौशन करना है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ वही कोसल है, जिसकी बेटी, माता कौशल्या ने भगवान राम को जन्म दिया था।
भगवान राम के इस ननिहाल में भी प्राण प्रतिष्ठा समारोह की खुशियां दिखे, ऐसा हम सबका प्रयास होना चाहिए। इस अवसर पर पूर्व संसदीय सचिव मोतिराम चंद्रवंशी, पूर्व विधायक अशोक साहू, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष अनिल सिंह ठाकुर सहित अनेक नगरीय तथा पंचायती राज संस्थाओं के जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित थे।