देश-विदेश
गांधी उद्यान में तीन दिवसीय फल और फूलों की प्रदर्शनी... विद्यार्थियों के लिए कई स्पर्धाएं भी
रायपुर। प्रकृति और पर्यावरण प्रेमियों की संस्था ‘प्रकृति की ओर सोसायटी’ की ओर से मुख्यमंत्री निवास के पास गांधी उद्यान में फल, फूल और सब्जियों की प्रदर्शनी लगाई गई है। तीन दिवसीय प्रदर्शनी का शुभारंभ शनिवार 13 जनवरी को हुआ है।
‘प्रकृति की ओर सोसायटी’ के अध्यक्ष व सचिव मोहन वल्र्यानी ने बताया कि प्रति वर्ष की भांति इस वर्ष भी छत्तीसगढ़ अंचल में प्रकृति और पर्यावरण के प्रति लोगों में जागरूकता लाने के उद्देश्शय से 13 से 15 जनवरी तक तीन दिवसीय प्रदर्शनी का आयोजन किया जा रहा है। प्रदर्शनी मुख्यमंत्री निवास के पास गांधी उद्यान में लगाई जाएगी।
मोहन वल्र्यानी ने आगे बताया कि इस अवसर पर विद्यार्थियों के लिए तोरण सजाओ, चित्रकला, सलाद सजाओ, फूल और बुके सजाओ प्रतियोगिता का आयोजन किया गया है। 13 जनवरी को फल, फूल, पत्तियों और सब्जियों से तोरण सजाओ प्रतियोगिता होगी। शिल्पी नागपुरे (8839120445) और उषा सिंघल (7000691354) को इसकी जिम्मेदारी दी गई है। वहीं रविवार, 14 जनवरी को चित्रकला प्रतियोगिता होगी। इस स्पर्धा में भाग लेने के लिए प्रतिभागी जया भगवानानी (9425506672) के पास अपना पंजीयन करा सकते है। चित्रकला पर्यावरण पर आधारित होनी चाहिए। इसी दिन बुके सजाओ स्पर्धा भी होगी। इसके लिए मनीषा त्रिवेदी (9425509229) पर संपर्क किया जा सकता है।
उन्होंने आगे बताया कि प्रदर्शनी के तीसरे दिन सोमवार, 15 जनवरी को दोपहर 1 से 3 बजे के बीच सलाद सजाओ प्रतियोगिता होगी। सुनीता चंसोरिया (9425504069) को इसका प्रभारी बनाया गया है। सलाद सजाओं प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए इनके पास पंजीयन कराना होगा।
खिलाड़ियों के विकास के लिए प्रत्येक सुझाव और प्रस्ताव मान्य होगाः मुख्यमंत्री डॉ. यादव
भोपाल। प्रदेश के युवा खिलाड़ियों की एशियाड और ओलम्पिक खेलों में अर्जित उपलब्धियां सराहनीय हैं। खेलों और खिलाड़ियों के विकास के लिए प्रबंधन को बेहतर बनाते हुए राज्य सरकार प्राप्त सुझावों एवं प्रस्तावों को मान्य करते हुए उन पर अक्षरश: अमल करेगी। खिलाड़ियों के कोच अर्थात खेल प्रशिक्षक भी सामान्य शिक्षकों की तरह पदोन्नति के पात्र होंगे। उक्त बातें मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कुशाभाऊ ठाकरे कन्वेंशन सेंटर (मिंटो हॉल) में राष्ट्रीय युवा दिवस कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पुरस्कार प्राप्त समस्त खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। युवा दिवस के उपलक्ष्य में नासिक में राष्ट्रीय युवा दिवस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री श्री मोदी जी द्वारा दिए गए संबोधन का मुख्यमंत्री डॉ. यादव और अन्य अतिथियों ने कुशाभाऊ ठाकरे सभागृह में श्रवण किया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भारतीय संस्कृति में खेलों का विशेष स्थान है। प्राचीन काल में होने वाले स्वयंवर में तींरदाजी जैसी गतिविधि को स्थान प्राप्त था। स्वामी विवेकानंद जी युवाओं के लिए खेल आवश्यक मानते थे। उन्होंने उस कठिन समय में शिकागो में विश्व धर्म सम्मेलन में अपनी बात रखी, जब भारत को दकियानूसी लोगों और सपेरों का देश कहा जाता था। वास्तविकता यह है कि भारत की संस्कृति की ऊंचाइयां हिमालय की ऊंचाइयों से भी बढ़कर हैं। आज प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में हम चंद्रयान से गगनयान तक पहुंच रहे हैं। हमारे यान सूर्य देव (आदित्य) तक भी पहुंच सकते हैं। इक्कीसवीं सदी भारत की होगी, यह कोई कल्पना नहीं है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के कार्य को गौरवशाली बताते हुए कहा कि भगवान राम आदर्श पुत्र, आदर्श पिता और आदर्श शासक थे। उनका प्रकृति के प्रति सम्मान था। वनवासियों और मनुष्यों के साथ वन्य प्राणियों के प्रति भी प्रेम था। भारतीय संस्कृति की विशेषताओं को जहाँ स्वामी विवेकानंद ने विश्व तक पहुंचाया, वहीं प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी प्रत्येक कार्य से अमिट छाप छोड़ रहे हैं। उन्होंने कोविड वैक्सीन, देशवासियों के साथ ही अन्य देशों तक भी नागरिकों की जीवन रक्षा के लिए पहुंचाने का कार्य किया। हाल ही में उन्होंने लक्षद्वीप जाकर यात्रा को ऐतिहासिक बनाया। यहाँ पर पर्यटन की असीम संभावनाओं को साकार किया जा सकेगा। इसी माह विश्व के अन्य स्थानों पर पर्यटन के लिए जाने वाले लोग अपनी यात्रा निरस्त कर लक्षद्वीप जाने लगे हैं।
प्रधानमंत्री ने आज से शुरू किया श्री रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के लिए 11 दिवसीय विशेष अनुष्ठान
नईदिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 22 जनवरी को अयोध्या धाम में मंदिर में श्री रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के लिए 11 दिवसीय विशेष अनुष्ठान शुरू कर दिया है। “ये एक बहुत बड़ी ज़िम्मेदारी है। जैसा हमारे शास्त्रों में भी कहा गया है, हमें ईश्वर के यज्ञ के लिए, आराधना के लिए, स्वयं में भी दैवीय चेतना जागृत करनी होती है। इसके लिए शास्त्रों में व्रत और कठोर नियम बताए गए हैं, जिन्हें प्राण प्रतिष्ठा से पहले पालन करना होता है। इसलिए, आध्यात्मिक यात्रा की कुछ तपस्वी आत्माओं और महापुरुषों से मुझे जो मार्गदर्शन मिला है...उन्होंने जो यम-नियम सुझाए हैं, उसके अनुसार मैं आज से 11 दिन का विशेष अनुष्ठान आरंभ कर रहा हूं।”
अयोध्या में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा में केवल 11 दिन ही बचे हैं।
— Narendra Modi (@narendramodi) January 12, 2024
मेरा सौभाग्य है कि मैं भी इस पुण्य अवसर का साक्षी बनूंगा।
प्रभु ने मुझे प्राण प्रतिष्ठा के दौरान, सभी भारतवासियों का प्रतिनिधित्व करने का निमित्त बनाया है।
इसे ध्यान में रखते हुए मैं आज से 11 दिन का विशेष…
एक भावनात्मक संदेश में प्रधानमंत्री ने प्राण प्रतिष्ठा से पहले पूरे देश में राम भक्ति की भावना का उल्लेख किया। इस क्षण को ईश्वर का आशीर्वाद बताते हुए प्रधानमंत्री ने कहा, मैं भावुक हूँ,भाव-विह्वल हूँ! मैं पहली बार जीवन में इस तरह के मनोभाव से गुजर रहा हूँ, मैं एक अलग ही भाव-भक्ति की अनुभूति कर रहा हूं। मेरे अंतर्मन की ये भाव-यात्रा, मेरे लिए अभिव्यक्ति का नहीं, अनुभूति का अवसर है। चाहते हुए भी मैं इसकी गहनता, व्यापकता और तीव्रता को शब्दों में बांध नहीं पा रहा हूं। आप भी मेरी स्थिति भली भाँति समझ सकते हैं।”
प्रधानमंत्री मोदी ने इस अवसर के लिए आभार व्यक्त किया, ''मुझे उस सपने के पूरा होने के समय उपस्थित होने का सौभाग्य मिला है, जिस स्वप्न को अनेकों पीढ़ियों ने वर्षों तक एक संकल्प की तरह अपने हृदय में जिया, मुझे उसकी सिद्धि के समय उपस्थित होने का सौभाग्य मिला है। प्रभु ने मुझे सभी भारतवासियों का प्रतिनिधित्व करने का निमित्त बनाया है। ये एक बहुत बड़ी ज़िम्मेदारी है।”
प्रधानमंत्री ने इस पवित्र अवसर पर ऋषियों, मुनियों, तपस्वियों और परमात्मा का आशीर्वाद मांगा और खुशी व्यक्त की कि वह नासिक धाम- पंचवटी से अनुष्ठान शुरू करेंगे जहां प्रभु श्रीराम ने काफी समय बिताया था। उन्होंने आज स्वामी विवेकानन्द एवं माता जीजाबाई की जयंती के सुखद संयोग का भी उल्लेख किया और राष्ट्र चेतना के दो दिग्गजों को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की। प्रधानमंत्री को इस पल में अपनी मां की याद आई जो हमेशा सीता-राम के प्रति भक्ति से भरी रहती थीं।
भगवान राम के भक्तों के बलिदान को श्रद्धांजलि देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा, “शरीर के रूप में, तो मैं उस पवित्र पल का साक्षी बनूंगा ही, लेकिन मेरे मन में, मेरे हृदय के हर स्पंदन में, 140 करोड़ भारतीय मेरे साथ होंगे। आप मेरे साथ होंगे...हर रामभक्त मेरे साथ होगा। और वो चैतन्य पल, हम सबकी सांझी अनुभूति होगी। मैं अपने साथ राम मंदिर के लिए अपने जीवन को समर्पित करने वाले अनगिनत व्यक्तित्वों की प्रेरणा लेकर जाऊंगा''।
प्रधानमंत्री ने देश को अपने साथ जुड़ने के लिए कहा और लोगों का आशीर्वाद मांगा तथा उनसे अपने भाव उनके साथ साझा करने को कहा। प्रधानमंत्री ने कहा, “हम सब इस सत्य को जानते हैं कि ईश्वर निराकार है। लेकिन ईश्वर, साकार रूप में भी हमारी आध्यात्मिक यात्रा को बल देते हैं। जनता-जनार्दन में ईश्वर का रूप होता है, ये मैंने साक्षात देखा है, महसूस किया है। लेकिन जब ईश्वर रूपी वही जनता शब्दों में अपनी भावनाएं प्रकट करती है, आशीर्वाद देती है, तो मुझमें भी नई ऊर्जा का संचार होता है। आज, मुझे आपके आशीर्वाद की आवश्यकता है।”
सीडीएस जनरल अनिल चौहान ने किया सी-डॉट का दौरा... अनुसंधान एवं विकास प्रयासों की सराहना की
नईदिल्ली। चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) जनरल अनिल चौहान ने भारत सरकार के संचार मंत्रालय के दूरसंचार विभाग के एक प्रमुख दूरसंचार अनुसंधान एवं विकास केंद्र, सेंटर फॉर डेवलपमेंट ऑफ टेलीमैटिक्स (सी-डॉट) दिल्ली परिसर का दौरा किया। सी-डॉट सरकार के आत्मनिर्भर भारत के विजन के अनुरूप देश की जरूरतों के लिए स्वदेशी, सुरक्षित दूरसंचार समाधान विकसित करने में सक्रिय रूप से काम कर रहा है।
सी-डॉट के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. राजकुमार उपाध्याय ने सीडीएस जनरल अनिल चौहान और सशस्त्र बलों के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के सामने सुरक्षा संचालन केंद्र (नेटवर्क में मैलवेयर का वास्तविक समय में पता लगाना), एंटरप्राइज सुरक्षा केंद्र (सभीएंड प्वाइंट्स को कवर करते हुए एंटरप्राइज स्तर पर द्वेषपूर्ण खतरों और हमलों का वास्तविक समय में पता लगाना और उनको कम करना), क्वांटम की डिस्ट्रीब्यूशन, पोस्ट क्वांटम क्रिप्टोग्राफी, जैसे प्रमुख दूरसंचार सुरक्षा क्षेत्रों से विविध दूरसंचार उत्पाद पोर्टफोलियो/समाधानों पर एक विस्तृत प्रस्तुति दी।।
अन्य समाधान जैसे 4जी कोर और 4जी आरएएन, 5जी कोर और 5जी आरएएन, सीएपी का उपयोग करके आपदा प्रबंधन समाधान, ऑप्टिकल ट्रांसपोर्ट और एक्सेस समाधान, स्विचिंग और रूटिंग समाधान आदि पर भी विचार-विमर्श किया गया। इसके बाद उपयोग के मामलों पर प्रकाश डालते हुए इन समाधानों का प्रयोगशाला प्रदर्शन किया गया।
दिव्यांगजनों के लिए 70 घंटे के इंटरैक्टिव रोजगार कौशल पाठ्यक्रम शुरू... बनेंगे रोजगार के नये अवसर
नईदिल्ली। दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण विभाग ने एक अभूतपूर्व सहयोग में, दिव्यांगजनों के लिए एक परिवर्तनकारी 70 घंटे के इंटरैक्टिव रोजगार कौशल पाठ्यक्रम शुरू करने के लिए सक्षम भारत के साथ समझौता किया है। यह पाठ्यक्रम दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण विभाग के सचिव, राजेश अग्रवाल के दूरदर्शी मार्गदर्शन के अंतर्गत तैयार किया गया। राजेश अग्रवाल के अनुसार, इस अग्रणी पाठ्यक्रम को दिव्यांगजनों के लिए लाभकारी रोजगार के अवसरों तक पहुंच में क्रांति लाने के लिए तैयार किया गया है।
इस नए पाठ्यक्रम का भव्य शुभारंभ पर्पल फेस्ट में हुआ, जो दिव्यांगजनों के लिए एक आशाजनक और उज्ज्वल भविष्य की शुरुआत करता है। उपस्थित लोगों ने उद्घाटन समारोह देखा, जिसमें एक समावेशी और सशक्त समाज बनाने की प्रतिबद्धता पर प्रकाश डाला गया।
इस महत्वपूर्ण घोषणा के अलावा, राष्ट्रीय व्यावसायिक शिक्षा और प्रशिक्षण परिषद ने, दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण विभाग के सहयोग से, पहुंच मानकों के लिए व्यापक दिशानिर्देशों का अनावरण किया। भौतिक और डिजिटल कौशल प्रशिक्षण बुनियादी ढांचे दोनों के लिए सावधानीपूर्वक तैयार किए गए ये दिशानिर्देश, विविध दिव्यांगजनों के लिए समावेशिता के प्रतीक के रूप में उपस्थित हैं। यह क्रांतिकारी कदम यह सुनिश्चित करता है कि सभी सरकार से जुड़े कौशल प्रशिक्षण संगठनों द्वारा मानकों को देश भर में अपनाया जाएगा, जिससे सभी के लिए अधिक सुलभ वातावरण को प्रोत्साहन मिलेगा।
इन प्रयासों की परिणति कला अकादमी के मुख्य हॉल में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम द्वारा चिह्नित की गई, जहां सुभाष फल देसाई और राजेश अग्रवाल ने इन परिवर्तनकारी पहलों की शुरुआत की। यह आयोजन न केवल एक प्रमुख उपलब्धि का प्रतीक है, बल्कि सभी के लिए अधिक सुलभ और समावेशी भविष्य के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रगति का भी प्रतिनिधित्व करता है। इन पहलों का प्रभाव पूरे देश में दिव्यांगजनों के लिए रोजगार और पहुंच के परिदृश्य में स्थायी बदलाव लाने का आश्वासन प्रदान करता है।
परी बाज़ार हेरीटेज फेस्टिवल सीजन-4 का शुभारंभ... राज्यपाल बोले- दिल और दिमाग़ के अद्भुत समन्वय से सृजित होता है हस्तशिल्प
भोपाल। हस्तशिल्प का सृजन दिल और दिमाग़ के अद्भुत समन्वय का परिणाम होता है। परी बाज़ार में देश भर के उत्कृष्ट कलाकारों के शिल्प के प्रदर्शन का अवसर देना सराहनीय है। उक्त बातें बेगम्स ऑफ भोपाल लेडीज क्लब के तत्वावधान में आयोजित परी बाज़ार के शुभारम्भ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहीं। उन्होंने गौहर महल परिसर में परी बाज़ार का शुभारम्भ किया।
राज्यपाल ने सभी से आग्रह किया कि बाज़ार घूमने के लिए आये तो यहां से कुछ ना कुछ ज़रूर ख़रीदे। इससे स्थानीय कारीगरों को प्रोत्साहन मिलता है। उन्होंने दस्तकारों, हुनरमंद कारीगरों को मंच देने के भोपाल लेडीज़ क्लब के प्रयासों को सार्थक बताया। श्री पटेल ने भोपाल लेडीज़ क्लब द्वारा भारत के एकमात्र महिला बाज़ार को पुनर्जीवित करने के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने आयोजन के लिए परी बाज़ार की पूरी टीम को बधाई दी।
राज्यपाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिला सशक्तिकरण का कार्य चल रहा है। स्व सहायता समूह की गतिविधियों ने महिलाओं के जीवन में आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता प्रदान की है। अब महिलाएँ आर्थिक रूप से स्वतंत्र होकर आगे बढ़ रही है।
राज्यपाल श्री पटेल ने कहा है कि भोपाल शहर गंगा-जमुनी तहज़ीब की मिसाल रहा है। यह समृद्ध ऐतिहासिक और सांस्कृतिक परम्पराओं का मिलन स्थल है। सुल्तान जहाँ बेगम ने अनेक लोकहित कार्यों के साथ महिलाओं को सशक्त बनाने और उनकी रचनात्मकता को बढ़ावा देने परी बाज़ार की स्थापना की थी। यह उनका अभिनव और अद्वितीय प्रयास था।
राज्यपाल का कार्यक्रम के प्रारंभ में स्मृति चिन्ह और खादी के परिधान भेंट कर अभिनंदन किया गया। उन्होंने दीप प्रज्जवलन कर कार्यक्रम का शुभारम्भ किया। पटेल ने कमला पार्क में देशभर से आये कारीगरों के स्टॉल्स का अवलोकन किया। शुभारम्भ कार्यक्रम में स्वागत भाषण चिरायु फाउंडेशन के अध्यक्ष डॉ. अजय गोयनका ने दिया। नाबार्ड के चेयरमेन सुनील कुमार ने स्थानीय कारीगरों के प्रोत्साहन के लिए नाबार्ड के प्रयासों की जानकारी दी। बेगम्स ऑफ भोपाल लेडीज क्लब की अध्यक्ष सुश्री रक्षा ज़ाहिद ने आभार व्यक्त किया।
अयोध्या से अहमदाबाद के लिए सीधी उड़ान शुरू... सप्ताह में तीन बार भरेगी उड़ान
नईदिल्ली। नागर विमानन और इस्पात मंत्री ज्योतिरादित्य एम सिंधिया ने नई दिल्ली से अयोध्या और अहमदाबाद के बीच सीधी उड़ान को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस उद्घाटन के साथ ही अयोध्या को अहमदाबाद से सप्ताह में तीन सीधी उड़ानें मिलेंगी।
इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उत्तर प्रदेश के पर्यटन और संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह, अयोध्या के सांसद लल्लू सिंह और अहमदाबाद से संसद सदस्य डॉ. किरीट प्रेमजीभाई सोलंकी उपस्थित थे। विमान सेवा इंडिगो इस मार्ग पर परिचालन करेगी और निम्नलिखित समय-सारणी के अनुसार 11 जनवरी 2024 से अहमदाबाद - अयोध्या - अहमदाबाद (सप्ताह में तीन बार) के बीच उड़ान शुरू होगी।
नागर विमानन और इस्पात मंत्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया ने अपने उद्घाटन भाषण में कहा कि अयोध्या से अहमदाबाद के लिए सीधी उड़ान से दोनों शहरों के बीच हवाई कनेक्टिविटी को और बढ़ावा मिलेगा। केंद्रीय मंत्री ने यह भी कहा कि दोनों शहर सही अर्थ में भारत का प्रतिनिधित्व करते हैं। उन्होंने कहा कि एक ओर अहमदाबाद भारत की आर्थिक शक्ति का प्रतीक है तो दूसरी ओर अयोध्या भारत की आध्यात्मिक और सभ्यतागत शक्ति का प्रतिनिधित्व करता है। दोनों शहरों के बीच हवाई संपर्क से आर्थिक विकास होगा, यात्रा और पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने 20 महीने के रिकॉर्ड समय में अयोध्या हवाई अड्डे के निर्माण के लिए आवश्यक भूमि आवंटित करने में सहयोग के लिए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भी धन्यवाद दिया। उन्होंने यह भी दोहराया कि हवाईअड्डा प्रधानमंत्री के इस विचार को पूरा कर रहा है कि हवाईअड्डे केवल 'हवाईअड्डे' नहीं हैं बल्कि किसी क्षेत्र के लोकाचार, संस्कृति और इतिहास के प्रवेश द्वार भी हैं। महर्षि वाल्मिकी अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे की बाहरी संरचना राम मंदिर से प्रेरित है, और टर्मिनल भवन सुंदर चित्रों और कलाकृतियों के माध्यम से भगवान राम की जीवन यात्रा को दर्शाता है।
उन्होंने उत्तर प्रदेश में पिछले 9 वर्षों में विमानन क्षेत्र की वृद्धि के बारे में कहा कि 2014 में उत्तर प्रदेश में केवल 6 हवाई अड्डे थे और अब राज्य में 10 हवाई अड्डे हैं, जिनमें अयोध्या में महर्षि वाल्मिकी अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा भी शामिल है। उत्तर प्रदेश में अगले महीने तक 5 और हवाई अड्डे होंगे, जिनमें आज़मगढ़, अलीगढ़, मोरादाबाद, श्रावस्ती और चित्रकूट में एक-एक हवाई अड्डा होगा। इसके अलावा 2024 के अंत तक जेवर में एक अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा भी तैयार हो जाएगा। कुल मिलाकर भविष्य में यूपी में 19 हवाई अड्डे होंगे।
रामलला के प्राण प्रतिष्ठा अनुष्ठान में विशेष यजमान बनेगा डोमराजा परिवार
डेस्क। मोक्षदायिनी मणिकर्णिका घाट पर सनानत धर्मावलंबियों का अंतिम संस्कार कराने वाला डोमराजा परिवार रामलला की प्राण प्रतिष्ठा अनुष्ठान में विशेष यजमान बनकर बैठेगा। डोमराजा अनिल चौधरी अपनी सहधर्मिणी के साथ विशेष यजमान के रूप में अनुष्ठान का हिस्सा बनेंगे। काशी की गोवर्धन पूजा समिति के कोषाध्यक्ष सीताराम यादव भी पत्नी के साथ विशेष यजमान के रूप में अयोध्या जाएंगे।
काशी का डोमराजा परिवार और गोवर्धन समिति से जुड़े सीताराम यादव भगवान राम की प्राण प्रतिष्ठा की पूजा विधि में खास मेहमान के तौर पर मौजूद रहेंगे। अखिल भारतीय संत समिति के राष्ट्रीय महामंत्री स्वामी जितेन्द्रानन्द सरस्वती के साथ संघ के प्रतिनिधि मंडल ने डोमराजा अनिल चौधरी को आमंत्रित किया। इस अवसर पर उनकी माता जमुना देवी और पत्नी सपना चौधरी भी उपस्थित रहीं। स्वामी जितेन्द्रानन्द सरस्वती ने कहा कि काशी में परिवार के साथ अयोध्या जाने का यह पहला निमंत्रण है। डोमराज अनिल चौधरी पत्नी सपना चौधरी के जाएंगे। उन्होंने कहा कि सनातन हिन्दू धर्म और श्रीरामजन्म भूमि ने कभी ऊंच-नीच का भेदभाव नहीं किया। इस समारोह यदि शंकराचार्य से लेकर राजा तक आमंत्रित हैं, तो काशी के डोमराज परिवार भी आमंत्रित है।
पौराणिक मान्यता के अनुसार भगवान श्रीराम सत्यवादी राजा हरिश्चन्द्र के वंशज रहे हैं। राजा हरिश्चन्द्र ने डोमराजा के यहां नौकरी की। इस नाते डोमराजा परिवार का संबंध भगवान श्रीराम से बताया जाता है। आमंत्रण पाकर बहुत ही प्रसन्न डोमराजा अनिल चौधरी ने कहा कि मैंने कभी सोचा नहीं था कि अयोध्या में भगवान श्रीराम का दर्शन करने का अवसर मिलेगा। लेकिन, आज उनके मंदिर के प्राण-प्रतिष्ठा समारोह में सम्मिलित होने का अवसर मेरे परिवार को प्राप्त हुआ, यह हमारे लिए सौभाग्य की बात है। (साभार-अमर उजाला)
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने लंदन में इंग्लैंड के प्रधानमंत्री ऋषि सुनक से की मुलाकात... कई मुद्दों पर हुई चर्चा
नईदिल्ली। भारतीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह इन दिनों ब्रिटेन के दौरे पर हैं। बुधवार को उन्होंने यहां 10 डाउनिंग स्ट्रीट में ब्रिटिश प्रधान मंत्री ऋषि सुनक से मुलाकात की और कई द्विपक्षीय मुद्दों पर चर्चा की। यह बैठक गर्मजोशी और सौहार्दपूर्ण माहौल में हुई। रक्षा मंत्री ने इस बात पर प्रकाश डाला कि दोनों देशों के नेताओं के नेतृत्व में दोनों ही देशों ने ऐतिहासिक संबंधों को आधुनिक, बहुआयामी और परस्पर लाभकारी साझेदारी में ढालने और उन्हें फिर से तैयार करने में महत्वपूर्ण प्रगति की है।
राजनाथ सिंह ने संयुक्त अभ्यास, प्रशिक्षण, क्षमता निर्माण, बढ़ी हुई अंतरसंचालनीयता, विशेष रूप से समुद्री क्षेत्र में परस्पर सैन्य संबंधों सहित, द्विपक्षीय रक्षा संबंधों में हाल में हुई वृद्धि का स्मरण किया। उन्होंने प्रौद्योगिकी क्षेत्र सहित रक्षा औद्योगिक सहयोग बढ़ाने में हो रहे मौजूदा प्रयासों पर जोर दिया। रक्षा मंत्री ने श्री ऋषि सुनक को इंग्लैंड के रक्षा उद्योग के साथ हुई अपनी सकारात्मक बातचीत और द्विपक्षीय रक्षा संबंधों में नई सकारात्मक ऊर्जा के बारे में भी जानकारी दी।
रक्षा मंत्री ने कहा कि इंग्लैंड और समान विचारधारा वाले अन्य देशों को शांतिपूर्ण और स्थायी वैश्विक नियम-आधारित व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए भारत के साथ मिलकर काम करना चाहिए, जिसमें भारत के ठोस उत्थान में भागीदारी भी शामिल है, जिसे मैत्रीपूर्ण सहयोग से अधिक मजबूत, सुदृढ़ करने के साथ-साथ गति प्रदान की जा सकती है।
राजनाथ सिंह ने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 21वीं सदी के मध्य तक एक विकसित देश बनने के राष्ट्रीय उद्देश्य की दिशा में 1.4 बिलियन भारतीयों के लक्ष्य का नेतृत्व कर रहे हैं। प्रधानमंत्री मोदी के प्रयासों से उल्लेखनीय परिणाम मिल रहे हैं, विकास में लगातार वृद्धि हो रही है, गरीबी में लगातार काफी कमी आई है और व्यापार अनुकूल ढांचा स्थापित किया गया है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत सरकार इंग्लैंड जैसे दोस्तों को नियम आधारित विश्व व्यवस्था मजबूत बनाने के लिए साझेदारी करने के लिए तैयार है।
प्रधानमंत्री सुनक व्यापार, रक्षा और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में इंग्लैंड और भारत द्वारा मिलकर काम करने की आवश्यकता पर रक्षा मंत्री से पूरी तरह सहमत हुए। विशेष रूप से, उन्होंने यह आशा व्यक्त की कि मौजूदा मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) वार्ताओं को जल्द ही एक सफल निष्कर्ष पर लाया जा सकता है। उन्होंने द्विपक्षीय संबंधों के रक्षा और सुरक्षा स्तंभ को मजबूत करने के लिए अपनी और अपनी सरकार की उत्सुकता पर भी जोर दिया, जिसमें भारतीय समकक्ष संस्थाओं के साथ मजबूत व्यापार और प्रौद्योगिकी भागीदारी के लिए सरकार का समर्थन भी शामिल है।
विकसित भारत संकल्प यात्रा का लाभ लोगों तक पहुंचाने में मध्यप्रदेश देश में अव्वल
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश के गरीबों का कल्याण हो रहा है और भारत का सांस्कृतिक तथा वैज्ञानिक गौरव भी निरंतर बढ़ रहा है। आजादी के अमृतकाल में देश के हर नागरिक तक सभी सुविधाओं का लाभ पहुंचाने और सभी पात्र नागरिकों को सरकारी योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराने के उद्देश्य से देशभर में विकसित भारत संकल्प यात्रा निकाली जा रही है।
सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास की भावना से प्रेरित इस संकल्प यात्रा के दौरान ग्राम पंचायतें और शहरी क्षेत्रों में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन कर जनकल्याणकारी योजनाओं के बारे में जानकारी दी जा रही है। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में अपने देश को 2047 तक दुनिया में नंबर वन बनाना है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मंत्रालय से वीसी के माध्यम से विकसित भारत संकल्प यात्रा के मंडला और बैतूल जिले के हितग्राहियों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने विभिन्न शासकीय योजनाओं से हितग्राहियों के जीवन में आए सकारात्मक बदलावों के बारे में जानकारी प्राप्त की।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि डिजिटल मोबाइल वैन के माध्यम से लाभार्थियों से जुड़ी सफलता की कहानियाँ, वीडियो संदेश और लघु फिल्में दिखाकर विभिन्न योजनाओं की जानकारी आमजन तक पहुंचाने का कार्य किया जा रहा है। जन-जन तक विकास की बयार ले जाने वाली यह यात्रा अब जन-जन की यात्रा बन चुकी है। गणतंत्र दिवस के शुभ अवसर पर इस यात्रा का समापन होगा। इस वर्ष का गणतंत्र दिवस कई मयानों में महत्वपूर्ण हैं, हम अपना 75वाँ गणतंत्र दिवस मना रहे हैं। हमारा प्रयास है कि यात्रा के अंतर्गत जन-जन तक लाभ पहुंचाने में मध्यप्रदेश देश में प्रथम रहे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने हितग्राहियों से प्रधानमंत्री आवास, प्रधानमंत्री स्वनिधि, किसान सम्मान निधि, उज्जवला सहित अन्य योजनाओं के संबंध में चर्चा की तथा हितग्राहियों की कुशलक्षेम पूछी। मंत्रालय में हुई वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में अपर मुख्य सचिव किसान कल्याण तथा कृषि विकास अशोक वर्णवाल उपस्थित थे। बैतूल सांसद डीडी उइके तथा अन्य जनप्रतिनिधि भी वीसी में जुड़े।
एनसीसी कैडेटों से मंत्रमुग्ध हुए सेना प्रमुख.... कहा- देश के युवाओं के लिए आदर्श बनें आप
नईदिल्ली। जनरल मनोज पांडे, पीवीएसएम, एवीएसएम, वीएसएम, एडीसी, सेना प्रमुख ने आज यहां डीजीएनसीसी कैंप में नेशनल केडेट कोर्प गणतंत्र दिवस शिविर 2024 का दौरा किया। उनके आगमन पर, लेफ्टिनेंट जनरल गुरबीरपाल सिंह, एवीएसएम, वीएसएम, डीजीएनसीसी ने उनका स्वागत किया। उन्होंने कैडेटों से यह आग्रह किया कि वे जो कुछ भी करें उसमें अपना दिल और दिमाग लगाएं और हमारे देश के युवाओं के लिए आदर्श बनें।
थल सेनाध्यक्ष ने एनसीसी के तीनों विंग यानी सेना, नौसेना, वायु सेना से आए कैडेटों द्वारा दिए गए प्रभावशाली 'गार्ड ऑफ ऑनर' की समीक्षा की। इसके पश्चात सिंधिया स्कूल के एनसीसी कैडेटों ने शानदार बैंड का प्रदर्शन किया। बाद में, सीओएएस ने एनसीसी कैडेटों द्वारा सामाजिक जागरूकता विषयों और सांस्कृतिक गतिविधियों को दर्शाने वाले 'ध्वज क्षेत्र' का दौरा किया। कैडेटों ने उन्हें अपने संबंधित राज्य निदेशालय विषयों के बारे में विस्तृत जानकारी दी।
इसके पश्चात, सीओएएस ने 'हॉल ऑफ फेम' का दौरा किया, जो एनसीसी का गौरवपूर्ण थाती है, जो एनसीसी के तीन विंग के पूर्व छात्रों की तस्वीरों, मॉडलों, प्रेरक वस्तुओं और अन्य विषयों का एक समृद्ध अभिलेखीय संग्रह प्रदर्शित करता है। थल सेनाध्यक्ष ने अन्य विशिष्ट अतिथियों के साथ सभागार में प्रतिभाशाली एनसीसी कैडेटों द्वारा प्रस्तुत एक शानदार 'सांस्कृतिक कार्यक्रम' भी देखा।
थल सेनाध्यक्ष ने इस बात पर प्रसन्नता व्यक्त की कि कई पूर्व एनसीसी कैडेट सरकार और सशस्त्र बलों में उच्च पदों पर हैं। उन्होंने कैडेटों को सशस्त्र बलों के अतिरिक्त विभिन्न व्यवसायों में नेतृत्वकारी भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने रक्तदान शिविर, पर्यावरण संरक्षण और पुनीत सागर अभियान आदि जैसी सामाजिक सेवा योजनाओं सहित राष्ट्रीय निर्माण गतिविधियों में एनसीसी के महत्वपूर्ण योगदान पर भी प्रकाश डाला।
सीओएएस ने कैडेटों की शानदार उपस्थिति, प्रभावशाली 'गार्ड ऑफ ऑनर' और मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रम के लिए उनकी सराहना की। उन्होंने कैडेटों को आत्मविश्वास और दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने सभी एनसीसी कैडेटों को उनके भविष्य के प्रयासों में सफलता की कामना की।
मोदी ने राम मंदिर ट्रस्ट से पूछा... मुख्य यजमान होने के नाते उन्हें किन-किन धार्मिक परंपराओं का करना होगा पालन
दिल्ली। अयोध्या में श्रीराम मंदिर में रामलला के प्राण प्रतिष्ठा समारोह के लिए अयोध्या सहित पूरे देश में उत्साह का माहौल हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी इन तैयारियों से अछूते नहीं हैं। प्रधानमंत्री मोदी अयोध्या में होने वाले समारोह के मुख्य यजमान हैं। मोदी ने राम मंदिर ट्रस्ट से जानकारी चाही है कि मुख्य यजमान होने के नाते उन्हें पूजा-उपवास आदि किन-किन धार्मिक परंपराओं का पालन करना है।
राम मंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्र के अनुसार मोदी ने पूछा है कि पूजा के लिए, प्राण प्रतिष्ठा से पहले कोई अनुशासन-व्यवस्था करनी है तो उसे बताएं। वह उसका पालन करते हुए ही प्राण-प्रतिष्ठा करने आएंगे। मिश्र ने बताया कि मोदी प्राण प्रतिष्ठा के दिन राम लला की नई प्रतिमा के नेत्र आवरण खोलेंगे और पवित्र जल से स्नान कराया जाएगा। श्रीराम प्रतिमा को स्वर्ण सिंहासन पर बिठाया जाएगा और सिंहासन पर अचल मूर्ति स्थापित होगी।
नृपेंद्र मिश्र ने बताया कि 22 जनवरी को प्राण प्रतिष्ठा के मौके पर पीएम मोदी सभा को संबोधित भी करेंगे। मंदिर के सामने एक केंद्रीय शिखर और दो पार्श्व शिखरों तथा खुले मंच पर करीब 6000 कुर्सियां लगाई जाएंगी। त्रेतायुग की अयोध्या कैसी थी, किसी ने नहीं देखी किंतु वाल्मीकि रामायण, रामचरितमानस और पुराणों में वर्णित अवधपुरी की छवि के आधार पर पर्यटकों को राम के त्रेता युग में ले जाने की तैयारी है। आज की इस ’अवधपुरी’ में देश-दुनिया के मेहमान ग्रामीण परिवेश में अवधी ठाठ से रूबरू होंगे, वहीं यहां की मेहमाननवाजी, रहन-सहन व खानपान का भी लुत्फ उठा सकेंगे। यूपी के पर्यटन विभाग और अयोध्या विकास प्राधिकरण ने हेरिटेज विलेज थीम्ड होम स्टे योजना शुरू की है।
आईएनएस काबरा श्रीलंका में कोलंबो पहुंचा... श्रीलंका की नौसेना ने किया गर्मजोशी से स्वागत
नईदिल्ली। भारतीय नौसेना का द्रुत गति और त्वरित हमला करने में सक्षम युद्धपोत आईएनएस काबरा 8 जनवरी 2024 को श्रीलंका की राजधानी कोलंबो पहुंचा। श्रीलंका की नौसेना द्वारा इस युद्धपोत का गर्मजोशी से स्वागत किया गया। आईएनएस काबरा के कमांडिंग ऑफिसर ने पोर्ट कॉल के दौरान पश्चिमी नौसेना क्षेत्र के कमांडर, रियर एडमिरल टीएसके परेरा से भेंट की।
प्रस्तुतिकरण के एक समारोह में आईएनएस काबरा द्वारा श्रीलंका की नौसेना एवं वायु सेना के लिए आवश्यक पुर्जे और आवश्यक उपकरण सौंपे गए। आईएनएस काबरा की यह यात्रा प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की सागर परिकल्पना के दृष्टिकोण को ध्यान में रखते हुए दोनों नौसेनाओं के बीच द्विपक्षीय सहयोग व सौहार्द को और सशक्त बनाती है।
चार साल के बेटे को मारकर बैग में लाश लेकर गोवा से कर्नाटक जा रही थी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कंपनी की CEO, गिरफ्तार
डेस्क। कर्नाटक के चित्रदुर्ग में एक दिल दहाले देने वाला हत्याकांड सामने आया है। जिसमें एक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कंपनी की महिला सीईओ ने अपने 4 साल के बेटे की हत्या कर दी। महिला बेटे की लाश को बैग में लेकर गोवा से कर्नाटक जा रही थी, लेकिन पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया है। महिला के पास से बच्चे की लाश बरामद कर ली गई है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार आरोपी महिला सूचना सेठ की शादी 2010 में हुई थी। 2019 में उसका बेटा पैदा हुआ था और 2020 में उसका अपने पति से विवाद शुरू हो गया। मामला कोर्ट में चला गया, जिसके बाद दोनों ने तलाक ले लिया। कोर्ट ने आदेश दिया था कि बच्चे के पिता अपने बच्चे से रविवार को मिल सकते हैं।
कोर्ट के आदेश के बाद आरोपी महिला प्रेशर आ गई, क्योंकि वह नहीं चाहती थी कि उसका पति बेटे से मिले। इसलिए प्लान के तहत आरोपी महिला शनिवार को बेटे को साथ लेकर गोवा गई और होटल में हत्याकांड को अंजाम दे दिया। महिला का सोचना था कि उसका पति बेटे से ना मिल सके। इसलिए उसने बेटे को ही खत्म कर दिया।
दरअसल, गोवा के जिस होटल में महिला रुकी थी, वहां वह अपने चार साल के बच्चे को भी साथ लेकर आई थी। जब महिला होटल छोड़कर निकलने लगी तो बच्चा उसके साथ नहीं था। महिला को अकेले जाते देखने के बाद होटल स्टाफ ने उससे बच्चे के बारे में पूछा। इस पर महिला ने कहा कि वह बच्चे को पहले ही घर भेज चुकी है। महिला के होटल से निकलने के बाद जब होटल स्टाफ ने उसका कमरा चेक किया तो वहां उन्हें खून के धब्बे मिले। इस बात की जानकारी होटल स्टाफ ने तुरंत पुलिस को दी। जिसके बाद पुलिस ने महिला को गिरफ्तार कर लिया।
विकसित भारत संकल्प यात्रा… सरकार आपके आंगन तक आई... इसका लाभ जरूर उठाए
भोपाल। मल्हारगढ़ विधानसभा क्षेत्र के गांव सूठोद पहुंची विकसित भारत संकल्प यात्रा में राज्यपाल मंगूभाई पटेल एवं उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा शामिल हुए। शिविर में राज्यपाल ने कहा कि विकसित भारत संकल्प यात्रा के माध्यम से सरकार आपके आंगन तक आई है। इसका लाभ जरूर उठाएं। देश बहुत अच्छे भविष्य की ओर आगे बढ़ रहा है।
राज्यपाल पटेल ने कहा कि केन्द्र और राज्य शासन द्वारा समाज के सभी वर्गो के लिए योजनाएं संचालित की जा रही हैं। पहले योजनाओं का लाभ लेने के लिए नागरिकों को कार्यालयों तक जाना पड़ता था, लेकिन अब संकल्प यात्रा के माध्यम से अधिकारी स्वयं नागरिकों के पास पहुंच कर उनका आवेदन प्राप्त कर रहे हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना के माध्यम से जहां पक्के मकान बनाये जा रहे हैं, वहीं गरीब व्यक्तियों को निःशुल्क 5 लाख तक का इलाज आयुष्मान भारत निरामय योजना से दिया जा रहा है। 2047 तक विकसित भारत बनाना है। इसमें हम सभी का योगदान आवश्यक है। स्व सहायता समूह से जुड़ने के बाद महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही है। समूह की महिलाएं भी अब 15 से 20 हजार महीने के कमा रही है। आजीविका के माध्यम से महिलाओं को विश्वास, साहस, और पैसा मिल रहा हैं। अब एक-एक योजनाओं की एक-एक स्टोरी और कहानी बन रही है।
उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा ने कहा कि प्रदेश में 16 दिसम्बर से विकसित भारत संकल्प यात्रा जारी है। ऐसे जरूरतमंद और पात्र नागरिक, जो किन्हीं कारणों से शासन की योजनाओं के हितलाभ से वंचित रह गए हैं, उन तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुंचाना और उनके जीवन में खुशहाली लाना ही विकसित भारत संकल्प यात्रा का मुख्य उद्देश्य है। महिलाएं अब अपने परिवार की उन्नति में भी योगदान दे रहीं हैं। महिला सशक्तिकरण के लिए महत्वपूर्ण कार्य किए गए हैं और इनके सकारात्मक परिणाम भी दिखाई दे रहे हैं। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, सुरक्षा बीमा, जीवन ज्योति एवं अटल पेंशन योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्ति तक पहुंचाया जा रहा है। प्रधानमंत्री गरीब कल्याण, प्रधानमंत्री आवास, आयुष्मान भारत, प्रधानमंत्री उज्जवला जैसी अनेक योजनाएं प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अभिनव पहल हैं।
जोन और थानों की सीमाओं का युक्तियुक्तकरण जनप्रतिनिधियों की सहमति… देर रात तक नहीं होगा जुलूसों का संचालन
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भोपाल में जोन और थानों की सीमाओं के प्रस्तावित युक्तियुक्तकरण का कार्य जनप्रतिनिधियों की सहमति से किया जाए। ऐसी व्यवस्था करें कि किसी भी जुलूस का संचालन देर रात तक न हो, आयोजन निश्चित समय सीमा में पूर्ण हों। इसके लिए शांति समितियों के साथ पहले से ही बैठक कर कार्य योजना बनाकर उसका क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। सघन बस्तियों से त्योहारों के समय निकलने वाले जुलूसों में जिन क्षेत्रों में अपराध, हिंसा, अव्यवस्था की संभावना रहती है, उन क्षेत्रों का विकास पुलिस तथा नगरीय निकाय सहित अन्य ऐजेंसियों के साथ मिलकर समन्वित रूप से किया जाए।
उद्देश्य यह हो कि इन क्षेत्रों में कानून व्यवस्था की स्थिति बनाए रखने के साथ-साथ एम्बुलेंस, फायर ब्रिगेड आदि का आवागमन भी सुगम हो सके। मुख्यमंत्री डॉ यादव आज कुशाभाऊ ठाकरे हॉल में भोपाल संभाग की कानून व्यवस्था की समीक्षा कर रहे थे। बैठक में राजस्व मंत्री करण सिंह वर्मा, खेल एवं युवा कल्याण, सहकारिता मंत्री विश्वास सारंग, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री कृष्णा गौर उपस्थित थीं।
मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि अपराध और ठगी के सामने आ रहे नए तरीकों पर नियंत्रण करने और इस संबंध में लोगों को जागरूक करने के लिए विशेष कार्रवाई की जाए। उच्चाधिकारी इस पर भी नजर रखें कि थानों में बेकसूर लोगों को न फंसाया जाए और झूठी कार्यवाईयाँ न हों। निर्दोष लोगों को फंसाने वाले अधिकारी कर्मचारी के विरूध कठोर कार्रवाई की जाएगी। मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि थानों में जब्त की गई सामग्री को उसके वास्तविक स्वरूप में ही रखा जाए, सामग्री से किसी भी प्रकार की छेड़-छाड़ न की जाए। मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि थाना प्रभारी उनके क्षेत्र में रहने वाले संभ्रांत लोगों से भी संबंध और सम्पर्क बनाएं।
मुख्यमंत्री डॉ यादव ने जिला कलेक्टर्स को जेलों का औचक निरीक्षण करने के निर्देश दिए, साथ ही प्रदेश के सभी जेलों में बंदियों की स्थिति का विश्लेषण कर 15 दिन में रिर्पोट प्रस्तुत करने के लिए भी निर्देशित किया गया। डॉ यादव ने कहा कि कैदियों के पुनर्वास के लिए उन्हें जेलों में विभिन्न कौशल संबंधी व्यवसायिक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। जेलों में बंद गलत फंसाए गए लोगों को आवश्यक विधिक सहायता उपलब्ध कराई जाए।
राष्ट्रीय मतदाता दिवसः वोट जैसा कुछ नहीं, वोट जरूर डालेंगे हम विषय पर होगी स्पर्धा
भोपाल। प्रदेश में 25 जनवरी 2024 को 14वां राष्ट्रीय मतदाता दिवस मनाया जाएगा। विद्यार्थियों को मतदान के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से प्रदेश के सभी जिलों में महाविद्यालय स्तर पर ‘’वोट जैसा कुछ नहीं वोट जरूर डालेंगे हम’’ विषय पर निबंध स्पर्धा का आयोजन कराया जाएगा। स्पर्धा के आयोजन को लेकर प्रदेश के सभी कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी को निर्देश जारी किए गए हैं।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी राजन ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर 25 जनवरी को पूरे प्रदेश में 14वां राष्ट्रीय मतदाता दिवस मनाया जाएगा। मतदाता जागरूकता के लिये मतदान केंद्र स्तर तक कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर सभी जिलों में महाविद्यालय स्तर पर निबंध प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा, जिसकी शब्द सीमा अधिकतम 1000 शब्दों की रहेगी। सभी जिलों में 15 जनवरी तक निबंध प्रतियोगिता का आयोजन कराया जाएगा। निबंध प्रतियोगिता में जिला स्तर पर प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को 25 जनवरी को राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर जिला स्तर पर आयोजित कार्यक्रम में सम्मानित किया जाएगा।
राजन ने बताया कि निबंध प्रतियोगिता के लिए सभी जिलों में आयुक्त उच्च शिक्षा विभाग द्वारा नोडल अधिकारी नियुक्त किए जाएंगे। इस संबंध में उच्च शिक्षा विभाग को निर्देश जारी किए गए हैं। जिला स्तरीय प्रतियोगिता के आयोजन की जिम्मेदारी जिला स्तर के उच्च शिक्षा विभाग के नोडल अधिकारी की रहेगी। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा सहयोग किया जाएगा। इसके साथ ही जिला स्तर पर चयन समिति का गठन कलेक्टर एवं उच्च शिक्षा विभाग द्वारा किया जाएगा, जबकि राज्य स्तर पर उच्च शिक्षा विभाग द्वारा किया जाएगा। समिति गठन की जानकारी मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय को दी जाएगी।
राजन ने बताया कि सभी 52 जिलों में चयनित प्रथम पुरस्कार प्राप्त करने वाले 52 प्रतिभागियों में से प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय (तीन नाम प्रविष्टि के साथ) 19 जनवरी तक आयुक्त उच्च शिक्षा विभाग भोपाल द्वारा चयनित कर कलेक्टर भोपाल एवं मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय को भेजें जाएंगे। इन प्रतिभागियों को मुख्य कार्यक्रम में पुरस्कृत किया जाएगा।