देश-विदेश
दिल्ली एनसीआर में भूकंप के झटके... शाम 4 बजकर 8 मिनट पर महसूस हुए झटके
नईदिल्ली| दिल्ली-एनसीआर में भीषण भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। ये झटके गाजियाबाद, नोएडा, गुरुग्राम और फरीदाबाद में बहुत तेज महसूस किए गए। भूकंप के डर से लोग अपने घरों और ऑफिस के बाहर निकल आए। भूकंप करीब 4 बजकर 8 मिनट पर महसूस किया गया।
दिल्ली के साथ ही नोएडा और गाजियाबाद में रविवार को धरती हिली है. उधर, हरियाणा के कई हिस्सों में भूकंप आया है. इससे पहले 3 अक्टूबर को राजधानी दिल्ली और एनसीआर में भूकंप के झटके लगे थे. भूकंप की तीव्रता इतनी जोरदार थी कि लोग अपने घरों से निकलकर सड़कों पर आ गए. हालांकि भूकंप में किसी तरह के नुकसान की कोई खबर नहीं है।
नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी के मुताबिक दिल्ली-एनसीआर में आए भूकंप की तीव्रता 3.1 थी. रविवार को छुट्टी होने की वजह से लोग अपने घरों में ही थे, लेकिन जैसे ही धरती हिली, लोग बाहर की ओर भागे।
Read @ANI Story | https://t.co/t1TgVW6QAR#Earthquake #DelhiNCR pic.twitter.com/4FEQmQ7UhZ
आरपीएफ ने दिल्ली हाफ मैराथन में लिया भाग.... आरपीएफ ने 2023 में 862 महिलाओं को चलती रेलगाड़ियों के पास खतरनाक स्थितियों से बचाया
नईदिल्ली। महिलाओं के लिए रेलगाड़ियों में सुरक्षित यात्रा को बढ़ावा देने के लिए आरपीएफ की 25 सदस्यीय टीम ने आज दिल्ली में हाफ मैराथन 2023 में भाग लिया। इस दौड़ का उद्देश्य महिलाओं की सुरक्षा को बढ़ावा देने के लिए आरपीएफ की विभिन्न पहलों के बारे में सार्वजनिक जागरूकता सृजन करना था। इस दौरान विशेष रूप से ‘‘मेरी सहेली’’ पहल पर ध्यान केन्द्रित किया गया।
महिलाओं का सशक्तिकरण, भारत के विकास दृष्टिकोण का एक अपरिहार्य हिस्सा है। माननीय प्रधानमंत्री द्वारा परिकल्पित समृद्ध भारत का लक्ष्य सार्वजनिक स्थानों, विशेष रूप से व्यापक सार्वजनिक परिवहन नेटवर्क में महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने पर निर्भर है। रेलवे, सार्वजनिक परिवहन का प्राथमिक साधन है, इसलिए प्रतिदिन रेलगाड़ियों से यात्रा करने वाली महिलाओं की सुरक्षा हमारे देश के समग्र विकास के लिए महत्वपूर्ण है।
रेल मंत्रालय के अंतर्गत काम करने वाला रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) महिला रेल यात्रियों की सुरक्षा बढ़ाने के लिए लगन से कार्यरत हैं। भारत के विशाल रेलवे नेटवर्क पर काम कर रही ‘’मेरी सहेली’’ टीमें लंबी दूरी की रेलगाड़ियों में अकेले यात्रा करने वाली अनगिनत महिलाओं को सहायता और सुरक्षा प्रदान कर रही हैं। ट्रेनों और रेलवे परिसरों के भीतर महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) की महिला कर्मी, पुरुष कर्मियों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर काम करती हैं।
वर्ष 2023 में अब तक आरपीएफ कर्मियों ने चलती ट्रेनों के पास खतरनाक परिस्थितियों से 862 महिलाओं को सुरक्षित बचाकर उल्लेखनीय कार्य किया है। ‘‘ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते’’ के अंतर्गत उन्होंने 2,898 ऐसी अकेली लड़कियों की भी रक्षा की है, जो स्टेशनों और ट्रेनों में संभावित खतरे के दायरे में थीं। इसके अतिरिक्त, उन्होंने 51 नाबालिग लड़कियों और 6 महिलाओं को मानव तस्करों के चंगुल से बचाया है।
निर्वाचन प्रक्रिया में ई-चालान का उपयोग कराएं…. सागर संभाग में चुनाव तैयारियों की समीक्षा
भोपाल भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी मध्यप्रदेश श्री अनुपम राजन ने सागर संभाग में आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। निवाड़ी जिले के ओरछा में हुई समीक्षा बैठक में संभाग के सभी जिलों के कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक उपस्थित थे। बैठक में विधानसभा चुनाव-2023 की तैयारियों की विस्तार से समीक्षा की गई।
बैठक में निर्देशित किया गया कि निर्वाचन प्रक्रिया में ई-चालान का उपयोग कराएं। मतदान कर्मियों को ईवीएम, वीवीपेट का अधिक से अधिक प्रशिक्षण दिलाया जाए। निर्वाचन प्रक्रिया के दौरान सख्ती के साथ आदर्श आचार संहिता का पालन सुनिश्चित कराएं। शांतिपूर्वक चुनाव के लिए सुरक्षा के दो प्लान तैयार करें। डाक मतदान वाले पात्र व्यक्तियों को डाक मतदान करने की जानकारी समय सीमा में प्रदान की जाए। मतदाता सूची में डुप्लीकेशन न हो।
बैठक में बताया गया कि सागर संभाग में सात हजार से ज्यादा मतदान केंद्रों पर साठ लाख से अधिक मतदाता मतदान करेंगे। मृत लोगों के नाम सूची में न रहें, इस बात का विशेष ध्यान रखें। जिन मतदाताओं के नाम सूची में जोड़े गए हों, उनके ईपिक कार्ड वितरित किए जाएं। सभी रिटर्निंग आफिसर अपने क्षेत्र के मतदान केंद्रों का भ्रमण कर लें और मतदान केंद्रों पर सभी बुनियादी सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करें। निर्देशित किया गया कि जिन मतदान केंद्रों में 1500 से अधिक मतदाता हैं, ऐसे मतदान केंद्रों को मतदाता की सुविधा के लिए दो भागों में बाँटा जाए। नया मतदान केंद्र उसी परिसर में या निकटवर्ती भवन में बनाया जाए।
अंतरिक्ष में मानव भेजने के महत्वाकांक्षी मिशन ‘गगनयान’ के लिए उड़ान परीक्षण 21 अक्टूबर को
डेस्क। धरती से बाहर सुदूर अंतरिक्ष में अनंत रहस्यों को खोजने की रेस में भारत तेज गति से आगे बढ़ रहा है। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के चीफ एस सोमनाथ ने बताया है कि भारत अगले कुछ दिनों तक हर महीने अंतरिक्ष के सफर के लिए लांच करता रहेगा।
तमिलनाडु के मदुरै में मीडिया से चर्चा के दौरान सोमनाथ ने बताया कि सूरज के अध्ययन के लिए भारत का महत्वाकांक्षी सौर मिशन आदित्य एल-1 बिल्कुल सही सलामत धरती से 15 लाख किलोमीटर दूर एल-1 प्वाइंट के लिए बढ़ रहा है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि आगामी 21 अक्टूबर को अंतरिक्ष में मानव भेजने के महत्वाकांक्षी मिशन ‘गगनयान’ के लिए टेस्ट लॉन्च 21 अक्टूबर को ही होने जा रहा है।
सोमनाथ ने कहा कि भारत का पहला अंतरिक्ष-आधारित सौर मिशन, आदित्य-एल-1 अंतरिक्ष यान सुचारू रूप से आगे बढ़ रहा है और जनवरी के मध्य तक लैग्रेंज प्वाइंट-1 (एल-1) तक पहुंचने की उम्मीद है। उन्होंने कहा, यह (आदित्य एल-1) बहुत अच्छा काम कर रहा है. वर्तमान में, पृथ्वी से L1 बिंदु तक यात्रा करने में लगभग 110 दिन लगते हैं। तो जनवरी के मध्य तक यह L1 प्वाइंट पर पहुंच जाएगा. फिर उस प्वाइंट पर, हम (इसरो) L1 पॉइंट पर यान के इंसरशन की प्रक्रिया शुरू करेंगे. उसे हेलो ऑर्बिट कहा जाता है. यह एक बड़ी कक्षा है।
इसरो चीफ ने ‘गगनयान’ मिशन के बारे में भी बात की। उन्होंने कहा, “गगनयान मिशन के लिए परीक्षण उड़ान 21 अक्टूबर को होगा। गगनयान कार्यक्रम के लिए क्रू एस्केप सिस्टम का प्रदर्शन करते देखने के लिए परीक्षण की आवश्यकता है। गगनयान में क्रू एस्केप सिस्टम एक बहुत ही महत्वपूर्ण प्रणाली है. यदि रॉकेट को कुछ भी होता है, तो रॉकेट के विस्फोट में जलने से पहले कम से कम दो किमी दूर चालक दल को ले जाकर बचाना है। इसलिए यह परीक्षण क्रू मेंबर्स के एस्केप की प्रणाली को प्रदर्शित करने के लिए है। इसे ट्रांसोनिक स्थिति कहा जाता है।
भारत के नागपट्टिनम और श्रीलंका के कांकेसनथुरई के बीच नौका सेवा शुरू.... जानिए इस अवसर पर क्या बोले पीएम मोदी
नईदिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने वीडियो संदेश के माध्यम से भारत के नागपट्टिनम और श्रीलंका के कांकेसनथुरई के बीच नौका सेवाओं के शुभारंभ के अवसर पर संबोधित किया। सभा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत और श्रीलंका राजनयिक और आर्थिक संबंधों की दिशा में एक नए अध्याय का शुभारंभ कर रहे हैं और नागपट्टिनम और कांकेसनथुरई के बीच नौका सेवाओं का शुभारंभ दो देशों के बीच संबंधों को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है।
भारत और श्रीलंका के बीच संस्कृति, वाणिज्य और सभ्यता के साझा इतिहास को रेखांकित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि नागपट्टिनम और इससे जुड़े हुए आसपास के शहर श्रीलंका सहित कई देशों के साथ समुद्री व्यापार के लिए जाने जाते रहे हैं और प्राचीन तमिल साहित्य में भी पूंपुहार के ऐतिहासिक बंदरगाह को प्रमुख केन्द्र बताया गया है। उन्होंने पट्टिनप्पलाई और मणिमेकलाई जैसे संगम युग के साहित्य के बारे में भी अपने विचार रखे, जिसमें दोनों देशों के बीच नौका सेवा और समुद्री जहाजों के परिचालन का वर्णन है। उन्होंने महान कवि सुब्रमण्यम भारती के गीत 'सिंधु नधियिन मिसाई' को भी याद किया, जिसमें भारत और श्रीलंका को आपस में जोड़ने वाले एक पुल का वर्णन है। उन्होंने आगे कहा कि नौका सेवा उन सभी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक संबंधों को जीवन देगी।
राष्ट्रपति विक्रमसिंघे की हाल ही की यात्रा के दौरान, प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने जानकारी दी कि कनेक्टिविटी की केंद्रीय विषय वस्तु के साथ आर्थिक साझेदारी के लिए संयुक्त रूप से एक दृष्टि पत्र को लाया गया था। उन्होंने कहा, “कनेक्टिविटी दो शहरों को साथ जोड़ने के बारे में ही नहीं है। यह हमारे देशों को भी नजदीक लाती है, हमारे लोग और नजदीक आते हैं और हमारे दिलों को भी जोड़ती है।” उन्होंने जोर देकर कहा कि कनेक्टिविटी व्यापार, पर्यटन और लोगों के बीच संबंधों को बढ़ाती है, साथ ही दोनों देशों के युवाओं के लिए नए सुअवसरों का सृजन करती है।
जनसम्पर्क विभाग के अधिकारी कर रहे हैं प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया की खबरों की सतत मॉनिटरिंग
भोपाल। मध्यप्रदेश में 9 अक्टूबर से विधानसभा निर्वाचन 2023 की आदर्श आचरण संहिता प्रभावशील हो गई है। विधानसभा निर्वाचन के दौरान पेड न्यूज संबंधी मामलों, राष्ट्रीय एवं राज्य स्तरीय प्रिंट मीडिया में प्रकाशित एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया चैनल में प्रसारित खबरों की 24 घंटे सतत् मॉनिटरिंग/रिकॉर्डिंग की जा रही है। राज्यस्तरीय मीडिया मॉनिटरिंग प्रकोष्ठ, राज्य नोडल अधिकारी, आयुक्त जनसम्पर्क मनीष सिंह के मार्गदर्शन में कार्य कर रहा है। न्यूज मॉनिटरिंग एवं पेड न्यूज के मामलों सहित अन्य सभी कार्यों के लिये अपर संचालक डॉ. एच.एल. चौधरी को मुख्य नोडल अधिकारी बनाया गया है।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय, निर्वाचन सदन, अरेरा हिल्स, भोपाल में राज्यस्तरीय मीडिया मॉनिटरिंग प्रकोष्ठ (स्टेट लेवल एमसीएमसी सेल) कार्य कर रहा है। इस प्रकोष्ठ में जनसम्पर्क विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों की टीम तीन पारियों में प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया की खबरों की सतत् निगरानी कर रही है। यह कार्य प्रतिदिन तीन पारियों में सुबह 6 से दोपहर 2 बजे तक, दोपहर 2 से रात्रि 10 बजे तक और रात्रि 10 से अगले दिन सुबह 6 बजे तक निर्बाध रूप से निरन्तर किया जा रहा है।
राज्यस्तरीय मीडिया मॉनिटरिंग प्रकोष्ठ में तीनों पारियों में ड्यूटी में तैनात अधिकारी एवं कर्मचारी के साथ एक-एक नोडल अधिकारी के मार्गदर्शन में कार्य कर रहे हैं। इनकी सहायता के लिए सहायक नोडल अधिकारी भी बनाये गये हैं। प्रथम पारी सुबह 6 से दोपहर 2 बजे, दूसरी पारी दोपहर 2 से रात्रि 10 बजे और तीसरी पारी रात्रि 10 बजे से अगले दिन सुबह 6 बजे तक निर्बाध मॉनिटरिंग की जा रही है।
समाचार पत्र, पत्रिकाओं में प्रकाशित समाचारों एवं मीडिया रिपोर्ट्स की कतरनों के संधारण कार्य के लिए भी सुबह 6 से शाम 6 बजे तक के लिए अधिकारी, कर्मचारी तैनात किये गये हैं। तीनों पारियों के लिये आकस्मिक एवं वैकल्पिक व्यवस्था के लिए रिजर्व अधिकारी और कर्मचारी भी तैनात किये गये हैं।
यूनिसेफ की ‘पासपोर्ट टू अर्निंग’ पहल के माध्यम से एक मिलियन विद्यार्थियों को प्रमाणित किया गया
नईदिल्ली। शिक्षा मंत्रालय के स्कूल शिक्षा और साक्षरता विभाग के सचिव संजय कुमार ने 11 अक्टूबर 2023 को ‘पासपोर्ट टू अर्निंग’ (पी2ई) कार्यक्रम के तहत एक मिलियन प्रमाणन की उपलब्धि हासिल करने के उपलक्ष्य में आयोजित एक ऑनलाइन कार्यक्रम में भाग लिया। इस कार्यक्रम में कौशल विकास और उद्यमशीलता मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव डॉ. कृष्ण कुमार द्विवेदी, युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय (एमओवाईएएस) के युवा कार्यक्रम विभाग के संयुक्त सचिव नितेश कुमार मिश्र; और भारत में यूनिसेफ की प्रतिनिधि सुश्री सिंथिया मैक्कैफ्री भी उपस्थित थीं।
यूनिसेफ के वैश्विक स्तर के सीखने-से-कमाई संबंधी कदम, ‘पासपोर्ट टू अर्निंग’ (पी2ई) ने भारत में एक मिलियन से अधिक युवाओं को वित्तीय साक्षरता और डिजिटल उत्पादकता के क्षेत्रों में कुशल बनाया और प्रमाणित किया है। यह उपलब्धि युवाओं को भविष्य के काम और जीवन के लिए प्रासंगिक कौशल हासिल करने में मदद करने की दिशा में एक बड़ा कदम है। विशेष रूप से, भारत में पी2ई पाठ्यक्रमों से लाभान्वित होने वाले सभी युवा शिक्षार्थियों में से 62 प्रतिशत किशोरियां एवं युवतियां हैं।
भारत में, राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 के अनुरूप, पी2ई पहल डिजिटल उत्पादकता, वित्तीय साक्षरता, रोजगार हेतु योग्यता संबंधी कौशल और नौकरी के लिए तैयार कौशल से संबंधित प्रमाणन (सर्टिफिकेट) पाठ्यक्रमों तक निशुल्क पहुंच प्रदान करती है। पी2ई समाधान ऑनलाइन, हाइब्रिड एवं ऑफलाइन शिक्षण मॉडल का भी प्रावधान करता है।
इस डिजिटल लर्निंग प्लेटफॉर्म का लक्ष्य 2024 तक भारत में 14-29 वर्ष के आयु वर्ग के पांच मिलियन युवाओं को दीर्घकालिक टिकाऊ कौशल प्रदान करना और फिर उन्हें आर्थिक रूप से स्वतंत्र होने के लिए नौकरी, स्वरोजगार और उद्यमिता के अवसरों से जोड़ना है।
इस अवसर पर बोलते हुए, श्री संजय कुमार ने कहा, “मुझे यह जानकर खुशी हुई कि यूनिसेफ की ‘पासपोर्ट टू अर्निंग’ (पी2ई) पहल युवाओं के समग्र विकास के लिए 21वीं सदी के कौशल का निर्माण करने के लिए प्रौद्योगिकी का उपयोग करती है। इस पहल के परिणाम इसकी सार्थकता को प्रमाणित करते हैं: शुभारंभ के बाद से,पी2ई के तहत केवल 11 महीनों में एक मिलियन असाधारण युवाओं द्वारा एक मिलियन से अधिक पाठ्यक्रमों को पूरा किया गया है। इस यात्रा का हिस्सा बनने वाले सभी हितधारकों को बहुत-बहुत बधाई।”
प्रधानमंत्री 13 अक्टूबर को 9वें जी 20 संसदीय अध्यक्ष शिखर सम्मेलन (पी 20) का करेंगे उद्घाटन
नईदिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 13 अक्टूबर 2023 को सुबह लगभग 11 बजे यशोभूमि, नई दिल्ली में 9वें जी-20 संसदीय अध्यक्ष शिखर सम्मेलन (पी-20) का उद्घाटन करेंगे। शिखर सम्मेलन की मेजबानी भारत की संसद भारत की जी-20 प्रेसीडेंसी के व्यापक दायरे के तहत कर रही है।
भारत की जी-20 प्रेसीडेंसी की थीम के अनुरूप, 9वें पी20 शिखर सम्मेलन का विषय "एक पृथ्वी, एक परिवार, एक भविष्य के लिए संसद" है। इस कार्यक्रम में जी-20 के सदस्य देशों और आमंत्रित देशों की संसदों के अध्यक्ष भाग लेंगे। 9-10 सितंबर 2023 को नई दिल्ली जी-20 लीडर्स समिट में अफ्रीकी संघ के जी-20 का सदस्य बनने के बाद पैन-अफ्रीकी संसद पहली बार पी 20 शिखर सम्मेलन में भाग लेगी।
इस पी 20 शिखर सम्मेलन के दौरान विषयगत सत्र निम्नलिखित चार विषयों सार्वजनिक डिजिटल मंचों के माध्यम से लोगों के जीवन में बदलाव; महिलाओं के नेतृत्व में विकास; एसडीजी में तेजी लाना; और सतत ऊर्जा पारगमन पर केंद्रित होंगे।
प्रकृति के साथ तालमेल में हरित और टिकाऊ भविष्य की दिशा में पहलों पर विचार-विमर्श करने के लिए 12 अक्टूबर 2023 को एलआईएफई (पर्यावरण के लिए जीवन शैली) पर एक पूर्व शिखर सम्मेलन संसदीय मंच भी आयोजित किया जाएगा।
भारत-चीन सीमा पर पहुंचे पीएम मोदी.... आदि कैलाश का किया दर्शन
डेस्क। चीन-नेपाल सीमा पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी महत्वपूर्ण दौरे पर है। इस दौरे की शुरुआत पिथौरागढ़ जिले की ब्यास घाटी में स्थित आदि कैलाश के दर्शन से हुई। इसके बाद गुंजी में सीमावर्ती गांवों के लोगों से बातचीत करेंगे।
उत्तराखंड की 350 किमी लंबी सीमा चीन से लगती है। उत्तराखंड में पलायन पिछले कुछ सालों में तेजी से बढ़ा है। सीमावर्ती गांव रोजगार, शिक्षा और मूलभूत सुविधाओं के अभाव में खाली हो रहे हैं। जिसका सामरिक तौर पर भी नुकसान न हो इसलिए इन गांवों में केंद्र सरकार का विशेष ध्यान है।
प्रधानमंत्री द्वादश ज्योतिर्लिंगों में प्रसिद्ध जागेश्वर धाम में मास्टर प्लान के तहत होने वाले कार्यों का पिथौरागढ़ में शिलान्यास करेंगे। जिसके बाद जल्द ही दिव्य और भव्य स्वरूप में मंदिर दिखाई देगा। शिलान्यास के बाद अब तेजी से कार्य होंगे। मानसखंड मंदिर माला मिशन के तहत विश्व प्रसिद्ध जागेश्वर धाम को केदारनाथ व बदरीनाथ धाम की तर्ज पर मास्टर प्लान के तहत विकसित जाएगा।
उत्तराखंड में पिथौरागढ़ के पवित्र पार्वती कुंड में दर्शन और पूजन से अभिभूत हूं। यहां से आदि कैलाश के दर्शन से भी मन आह्लादित है। प्रकृति की गोद में बसी अध्यात्म और संस्कृति की इस स्थली से अपने देश के सभी परिवारजनों के सुखमय जीवन की कामना की। pic.twitter.com/iIEpO0Cta0
— Narendra Modi (@narendramodi) October 12, 2023
बिहार में बड़ा रेल हादसा, 4 की मौत.... एक्सप्रेस ट्रेन की सभी बोगियां पटरी से उतरी, 100 से ज्यादा घायल
डेस्क। बिहार के बक्सर में रघुनाथपुर स्टेशन पर बुधवार रात को एक ट्रेन दुर्घटनाग्रस्त हो गया। बताया जा रहा है कि ये ट्रेन आनंद विहार से आ रही थी।
जानकारी के अनुसार, आनंद विहार कामाख्या नार्थ ईस्ट एक्सप्रेस की छह बोगियां बेपटरी हो गई। ट्रेन हादसे में छह लोगों की मौत हुई हैं और करीब 100 लोग घायल बताए जा रहे हैं।
बिहार के बक्सर में नॉर्थ ईस्ट एक्सप्रेस दुर्घटना के बाद गुरूवार सुबह केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे घटनास्थल पर पहुंचे। केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे ने कहा, "मुझे जैसे ही इसकी खबर मिली मैंने तुरंत रेल मंत्री, NDRF, SDRF, बिहार के मुख्य सचिव, ज़िलाधिकारी आदि अधिकारियों को सूचना दी। मैं लोगों से अपील करुंगा की वे बड़ी संख्या आएं और पीड़ित लोगों की मदद करें... इस घटना के कारण का पताया लगाया जा रहा है।
बिहार के सीएम नीतीश कुमार ने कहा, "जैसे ही हमें दुर्घटना के बारे में पता चला, लोग काम में लग गए...चार लोगों की मौत हो गई है... .हम हर किसी की मदद करने जा रहे हैं
#WATCH | Patna: After 21 coaches of the Kamakhya-bound North-East Express derailed in Raghunathpur last night, Bihar CM Nitish Kumar says, "As soon as we got know about the accident, people have been working...Four people have died...We are going to help everybody..." pic.twitter.com/LQoLlHikPL
— ANI (@ANI) October 12, 2023
देश के किसानों को मिल सकता है बड़ा गिफ्ट... PM Kisan सम्मान निधि में अब मिलेंगे इतने रुपये
नई दिल्ली। मोदी सरकार छोटे किसानों को बड़ा गिफ्ट देने जा रही है। 2024 के चुनावों को देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, पीएम किसान की रकम को 6 हजार रुपए से बढ़ाकर 8 हजार रुपए कर सकते हैं। इस मामले को जानने वाले दो अधिकारियों के अनुसार, सरकार छोटे किसानों के लिए साल में तीन किस्तों के रूप में दी जाने वाली पीएम किसान सम्मान निधि की रकम 6 हजार रुपए से बढ़ाकर 8 हजार रुपए करने के विकल्पों पर विचार कर रही है।
पीएम किसान सम्मान निधि में इस अपडेट पर नाम न बताने की शर्त पर इन अधिकारियों ने सूत्रों के हवाले से कहा मामला अभी विचाराधीन है। यदि इसे मंजूरी मिल जाती है तो योजना पर सरकार को 20 हजार करोड़ रुपए का अतिरिक्त खर्च आएगा। यह चालू वित्तीय वर्ष में मार्च 2024 तक कार्यक्रम के लिए बजट में 60 हजार करोड़ रुपए के अलावा होगा। हालांकि, वित्त मंत्रालय के प्रवक्ता नानू भसीन ने इस मामले पर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया।
एनईजीडी ने डिजिटल इंडिया कार्यक्रम के तहत राज्य क्षमता निर्माण कार्यशालाएं शुरू कीं
नईदिल्ली। इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस डिवीजन ने अपने ज्ञान भागीदारों के सहयोग से क्षमता निर्माण योजना के तहत क्षमता निर्माण कार्यशालाएं शुरू की हैं। इन कार्यशालाओं का उद्देश्य सेवा वितरण में सुधार के लिए उभरती प्रौद्योगिकियों की क्षमता को दर्शाने के साथ-साथ यह भी बताना है कि नए डिजिटल परिदृश्यों को समायोजित करने के लिए नीतियों और रणनीतियों को कैसे आकार दिया जाए।
पहली कार्यशाला महाराष्ट्र में 9 से 12 अक्टूबर, 2023 तक आयोजित की जा रही है, जिसमें महाराष्ट्र के विभिन्न विभागों के 28 से अधिक अधिकारी भाग ले रहे हैं। चार दिवसीय गहन प्रशिक्षण का उद्देश्य नीतियां तय करने वाले सार्वजनिक अधिकारियों के तहत काम करने वाली टीम को राज्य में उभरती प्रौद्योगिकी पहलों को अपनाने और कार्यान्वयन में निरंतरता बनाए रखने के लिए प्रशिक्षित करना है।
कार्यशाला का उद्घाटन आईटी निदेशक सुश्री नीमा अरोड़ा और एनईजीडी तथा वाधवानी इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड पॉलिसी (डब्ल्यूआईटीपी) के वरिष्ठ अधिकारियों ने किया।
कार्यशाला में उद्योग और सरकार के लिए काम करने वाले विषय विशेषज्ञों को शामिल किया गया है, जो जीवन की असल कहानियों, इनके लिए विकसित टूल्स के प्रदर्शन और विचारों को अवधारणाओं, परिकल्पनाओं तथा परियोजनाओं में बदलने के दृष्टिकोण पर संपर्क सत्रों में चर्चा कर रहे हैं।
अगस्त 2023 में शुरू की गई, ये कार्यशालाएं सरकार और उद्योग संघ के बीच इस आशय की एक विशिष्ट साझेदारी है, ताकि सरकार सार्वजनिक सेवाओं के वितरण में सुधार लाने, शासन को मजबूत करने और बेहतर निर्णय लेने के लिए उभरती प्रौद्योगिकियों का प्रभावी ढंग से उपयोग कर सके। अगली कार्यशालाएं केरल, लद्दाख, तेलंगाना आदि में आयोजित करने की योजना है।
पर्यावरण को आत्मसात करते हुए मानव जीवन के साथ-साथ पशु और पौधों को भी लाभ पहुंचाता है आयुर्वेद
नईदिल्ली। केंद्रीय आयुष और पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने आज देश भर में 8 वें राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस के संबंध में एक महीने तक चलने वाले अभियान का अनावरण किया। आयुर्वेद के देवता भगवान धन्वंतरि के सम्मान में पूरे भारत में आयुर्वेद दिवस मनाया जाता है।
संवाददाता सम्मेलन में पत्रकारों को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री ने जनसंदेश, जनभागीदारी और जन आंदोलन पर जोर दिया और कहा आयुष मंत्रालय का उद्देश्य न केवल मानव बल्कि पर्यावरण की भलाई को बढ़ावा देने के लिए आयुर्वेद की संभावनाओं का पता लगाना है । यह विषय भारत की जी-20 प्रेसीडेंसी 'वसुधैव कुटुंबकम' की थीम के अनुरूप है और आयुर्वेद दिवस-2023 के लिए मुख्य विषय मानव-पशु-पौधे-पर्यावरण इंटरफेस पर ध्यान केंद्रित कर 'एक स्वास्थ्य के लिए आयुर्वेद' के रूप में निर्धारित किया गया है।
केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने महीने भर चलने वाले समारोह के सम्पूर्ण दृष्टिकोण के बारे में विस्तार से बताया और अब तक किए गए प्रयासों पर प्रकाश डाला। मंत्री ने कहा, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत वसुधैव कुटुम्बकम के सिद्धांत में विश्वास करता हुआ आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि आयुर्वेद की क्षमता, समग्र उपचार और स्वस्थ जीवन के विज्ञान का उपयोग कर, एक स्वास्थ्य की चिंताओं को दूर करने के लिए स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में एक क्रांति लाई जा सकती है।
आयुर्वेद के बारे में छात्रों, किसानों और जनता को जागरूक करने के लिए पूरे भारत में एक महीने के समारोहों की योजना बनाई गई है। इस साल का 8वां आयुर्वेद दिवस 10 नवंबर, 2023 को है। आयुष मंत्रालय ने आयुर्वेद दिवस के लिए विभिन्न विषयों को चुना है जिससे कि आयुर्वेद के माध्यम से विभिन्न स्वास्थ्य समस्याओं का समाधान किया जा सके। विभिन्न विषयों का चयन कर देश भर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं जिसमें लाखों लोग शामिल होते हैं।
भारतीय नौसेना ने शिक्षा शाखा के वरिष्ठ अधिकारियों के लिए संवर्धन कार्यक्रम आयोजित
नईदिल्ली। भारतीय नौसेना ने 5 और 6 अक्टूबर 23 को नई दिल्ली में अपना वार्षिक शिक्षा अधिकारी संवर्धन कार्यक्रम 2023 आयोजित किया। इस कार्यक्रम में भारतीय नौसेना अकादमी के प्राचार्य रियर एडमिरल राजवीर सिंह, कमोडोर जी रामबाबू, कमोडोर (नौसेना शिक्षा) और नौसेना की शिक्षा शाखा के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य शिक्षा शाखा से संबंधित विभिन्न नीतिगत पहलों और समकालीन मुद्दों के बारे में विचार-विमर्श करना और विकास एवं प्रगति की दिशा में भारतीय नौसेना की कार्यात्मक प्रभावशीलता को बेहतर बनाना था।
इस कार्यक्रम के हिस्से के रूप में, राष्ट्रीय शैक्षिक योजना और प्रशासन संस्थान (एनआईईपीए) और इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू) के अतिथि वक्ताओं को उच्च शिक्षा सहित शिक्षा के क्षेत्र में हुए नवीनतम विकास पर व्याख्यान देने के लिए आमंत्रित किया गया था। इसके अलावा, नौसेना मुख्यालय में सहयोगी सेवाओं, अन्य शैक्षिक निकायों और नौसेना मुख्यालय के अन्य निदेशालयों के वक्ताओं ने प्रासंगिक और समकालीन विषयों पर व्याख्यान दिए।
कार्मिक एवं नियंत्रक कार्मिक सेवा के प्रमुख वाइस एडमिरल के. स्वामीनाथन ने अपने समापन भाषण में नौसेना शिक्षा निदेशालय की नवीनतम पहलों और नौसेना कर्मियों की शिक्षा, प्रशिक्षण और कल्याण के क्षेत्र में भारतीय नौसेना की भूमिका की सराहना की। उन्होंने प्रतिनिधियों से यह अनुरोध किया कि वे शाखा को निरंतर विकसित होती भारतीय नौसेना की भूमिका के अनुरूप ढालने की दिशा में प्रभावी नेतृत्व प्रदान करना जारी रखें।
पहाड़ के नीचे पहली सुरंग बनाने में मिली सफलता, रेल मंत्री ने शेयर की शानदार तस्वीरें
डेस्क। मुंबई-अहमदाबाद के बीच हाई स्पीड रेल गलियारे ( Mumbai-Ahmedabad High Speed Rail Corridor) यानी बुलेट ट्रेन (Bullet Train) के मार्ग का निर्माण कार्य चल रहा है। इस निर्माण कार्य में एक बड़ी सफलता मिली है। गुजरात (Gujarat) के वलसाड में बुलेट मार्ग में पहले पर्वतीय सुरंग बनाने में कामयाबी मिली है।
???? Fantastic!
— Ashwini Vaishnaw (@AshwiniVaishnaw) October 6, 2023
Breakthrough of first mountain tunnel for Mumbai-Ahmedabad High-Speed Rail Corridor achieved.
????Umbergaon Taluka, Valsad, Gujarat. pic.twitter.com/6NZQjM5wkq
इसका निर्माण नेशनल हाईस्पीड रेल कोरपोरेशन लिमिटेड (NHSRCL) द्वारा किया जा रहा है. 10 महीने में इस सुरंग का निर्माण किया गया है। यह सुरंग गुजरात में वलसाड के उम्बेरगांव तालुका में जरोली गांव से करीब एक किलोमीटर की दूरी पर है. 350 मीटर लंबी इस सुरंग का व्यास 12.6 मीटर और ऊंचाई 10.25 मीटर है. घोड़े के नाल के आकार वाली इस सुरंग में दो उच्च रफ्तार ट्रेन ट्रैक बनाए जाएंगे.
टेक्नोलॉजी इनोवेशन इन साइबर-फिजिकल सिस्टम्स की कार्यशाला.. वक्ता बोले-भारत में अपनी तरह का पहला साइबर सुरक्षा केंद्र
नईदिल्ली। टेक्नोलॉजी इनोवेशन इन साइबर-फिजिकल सिस्टम्स की तीसरी राष्ट्रीय कार्यशाला में तकनीकी क्षेत्र में प्रौद्योगिकी रूपान्तरण के लिए अंतर-विषयी साइबर-भौतिक प्रणालियों पर राष्ट्रीय मिशन के तहत स्थापित प्रौद्योगिकी नवाचार केंद्रों के महत्व पर प्रकाश डाला गया।
इस कार्यशाला के समापन सत्र में विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग के सचिव प्रोफेसर अभय करंदिकर ने कहा कि देश के सर्वश्रेष्ठ तकनीकी संस्थानों में 25 स्थानों पर मिशन हब स्थापित किए गए हैं, जो कृषि, ऊर्जा, जल, परिवहन जैसी साइबर-भौतिक प्रणालियों के सभी महत्वपूर्ण पहलुओं पर काम कर रहे हैं। 4 वर्ष की अवधि के बाद यह देखा जा सकता है कि मिशन ने न केवल प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में महत्वपूर्ण परिणाम दिए हैं और उत्पाद विकसित किए हैं, बल्कि उच्च महत्व की पत्रिकाओं के वैज्ञानिक प्रकाशन में भी योगदान दिया है।
उन्होंने इन हबों से जुड़े प्रौद्योगिकीविदों से यह आग्रह किया कि वे देश को महत्वपूर्ण क्षेत्रों में आत्मनिर्भर बनाने के लिए प्रौद्योगिकी रुपांतरण को प्रचलन में लाने के लिए मिलकर काम करें।
डीएसटी के वरिष्ठ सलाहकार और विज्ञान एवं इंजीनियरिंग अनुसंधान बोर्ड (एसईआरबी) के सचिव डॉ. अखिलेश गुप्ता ने इन हबों के बीच अधिक-से-अधिक सहयोग की आवश्यकता पर जोर दिया और स्टार्ट-अप को बढ़ावा देने एवं स्थापित करने पर अधिक-से-अधिक ध्यान देने के लिए अन्य मंत्रालयों और विभागों के साथ गठबंधन किए जाने की जरूरत पर जोर दिया।
आईआईटी कानपुर के कार्यवाहक निदेशक एस. गणेश ने कहा कि आईआईटी कानपुर में सीआईआई हब छात्रों को प्रशिक्षित करने के माध्यम से दो-आयामी दृष्टिकोण उपलब्ध करा रहा है ताकि साइबर सुरक्षा पेशेवरों का एक समर्पित कैडर तैयार किया जा सके, जो संस्थाओं के अधिकारियों को व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान कर सके ताकि वे साइबर सुरक्षा की खतरों से भलीभांति अवगत हो सकें, और साइबर हमलों से बचाव कर सकें।
आईआईटी कानपुर के सी3आई हब के परियोजना निदेशक प्रोफेसर मनींद्र अग्रवाल ने कहा कि सी3आई हब जो 25 टीआईएच में से एक है, भारत में अपनी तरह का पहला साइबर सुरक्षा केंद्र है। यह जल और सीवेज सिस्टम, पावर ग्रिड, परमाणु संयंत्रों और रॉकेट एवं मिसाइल नियंत्रण जैसे महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे की सुरक्षा के समाधान ढूंढने की प्रक्रिया में लगा है।
मिशन निदेशक, एनएम-आईसीपीएस और प्रमुख, एफएफटी डिवीजन, डीएसटी डॉ. एकता कपूर ने कहा कि यह मिशन भारत को सीपीएस प्रौद्योगिकियों में एक अग्रणी हस्ती बनाने, सामाजिक और वाणिज्यिक उपयोग के लिए सीपीएस प्रौद्योगिकियों का रुपांतरण करने, स्टार्टअप को पोषित करने, रोजगार बाजार में अवसरों को बढ़ाने और सीपीएस प्रौद्योगिकियों में अगली पीढ़ी के टेक्नोक्रेट्स तैयार करने जैसे अपने उद्देश्यों को प्राप्त करने में काफी सफल रहा है।
दिसंबर 2018 में विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग (डीएसटी) द्वारा कार्यान्वित करने के लिए अंतर-विषयी साइबर-भौतिक प्रणालियों (एनएम-आईसीपीएस) पर राष्ट्रीय मिशन शुरू किया गया था। यह मिशन समाज की बढ़ती हुई प्रौद्योगिकी जरुरतों को पूरा करने और अगली पीढ़ी की प्रौद्योगिकियों के लिए अग्रणी देशों के अंतर्राष्ट्रीय रुझानों को ध्यान में रखते हुए योजना तैयार करता है।
महिलाओं के नेतृत्व में विकास विषय पर नीति आयोग की कार्यशाला, गोवा में एक शानदार कार्यक्रम
नईदिल्ली। उद्यमिता के माध्यम से महिलाओं के नेतृत्व वाले विकास को संभव बनाने, विषय पर नीति आयोग की राज्य कार्यशाला श्रृंखला 3 अक्टूबर को गोवा स्थित सीएसआईआर-नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ ओशनोग्राफी (एनआईओ) ऑडिटोरियम में आयोजित की। इस कार्यशाला का आयोजन देश के पश्चिमी क्षेत्र पर ध्यान केन्द्रित करते हुए गोवा सरकार के सहयोग से किया गया था।
इस कार्यशाला में महिला उद्यमी, स्थानीय स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) एवं क्लस्टर, सरकारी अधिकारी, उद्योग जगत के प्रतिनिधि, इनक्यूबेटर/एक्सीलेटर, वित्तीय संस्थान, परोपकारी फाउंडेशन सहित 500 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लिया। प्राथमिक फोकस हब-एंड-स्पोक मॉडल पर विचार-विमर्श करना था, जिसका उद्देश्य महिलाओं के नेतृत्व वाले विकास को अंतिम छोर तक कवर करते हुए जमीनी स्तर तक पहुंचाना था। गोवा के माननीय मुख्यमंत्री डॉ. प्रमोद सावंत, नीति आयोग के सदस्य डॉ. वी.के. सारस्वत और नीति आयोग के सीईओ बीवीआर. सुब्रमण्यम सहित प्रतिष्ठित गणमान्य व्यक्तियों ने इस ऐतिहासिक कार्यशाला की शोभा बढ़ाई।
गोवा सरकार के माननीय मुख्यमंत्री डॉ. प्रमोद सावंत ने कहा कि नीति आयोग की मदद से गोवा राज्य विजन 2047 तैयार किया जाएगा। ‘स्वयंपूर्ण गोवा’ पहल के तीन साल पूरे होने की उपलब्धि का उत्सव मनाते हुए, डॉ. सावंत ने कौशल विकास पर ध्यान केन्द्रित करने और हर प्रखंड एवं पंचायत में सरकारी सेवाओं की आपूर्ति घरों तक करने हेतु “स्वयंपूर्ण ग्रामीण मित्र” की तैनाती पर जोर दिया। इसके अलावा दशहरा के दौरान स्वयंपूर्ण ई-बाजार की घोषणा करते हुए, मुख्यमंत्री ने सामाजिक-आर्थिक प्रगति में महिलाओं की भूमिका को दोहराया। स्वयंपूर्ण ई-बाजार का उद्देश्य साझा सेवा केंद्रों के माध्यम से बाजार तक पहुंच का विस्तार करना है।
सहकारी संघवाद हेतु नीति आयोग के अधिदेश पर प्रकाश डालते हुए, नीति आयोग के सदस्य डॉ. वी.के. सारस्वत ने देश के विकास को आगे बढ़ाने में राज्यों की महत्वपूर्ण भूमिका पर जोर दिया। उन्होंने रोजगार एवं शिक्षा के अनुपात को बनाए रखने, महिला उद्यमिता को बढ़ावा देने और श्रमशक्ति का पुनर्गठन करने की तीन प्रमुख प्राथमिकताओं पर जोर दिया।