देश-विदेश
आईएनएस तमाल ने इटली में नेपल्स बंदरगाह की यात्रा पूरी की
देलही : भारतीय नौसेना ने नवीनतम व अत्याधुनिक युद्धक क्षमताओं से लैस युद्धपोत आईएनएस तमाल ने भारत आने के दौरान 13-16 अगस्त, 2025 तक इटली में नेपल्स बंदरगाह की यात्रा पूरी की। आईएनएस तमाल के इटली दौरे ने दोनों देशों के बीच सशक्त द्विपक्षीय संबंधों को उजागर किया है, जिन्हें औपचारिक रूप से 2023 में रणनीतिक साझेदारी के रूप में विस्तार दिया गया था।
आईएनएस तमाल ने नेपल्स बंदरगाह में प्रवेश करने से पहले इटली की नौसेना द्वारा हाल ही में कमीशन किए गए लैंडिंग हेलीकॉप्टर डॉक (एलएचडी) आईटीएस ट्राइस्टे के साथ एक पैसेज अभ्यास (पीएएसएसईएक्स) में भाग लिया। पीएएसएसईएक्स के दौरान संयुक्त अभियानों में संचार अभ्यास, युद्धाभ्यास और उड़ान संचालन तथा समुद्री सवारों का आदान-प्रदान शामिल था, पैसेज का समापन अंत में स्टीम पास्ट के साथ किया गया।
आईएनएस तमाल ने नेपल्स बंदरगाह पर प्रवास के दौरान, भारत और इटली के बीच रक्षा सहयोग व सहभागिता को बढ़ाने पर केन्द्रित अनेक गतिविधियों में भाग लिया। वरिष्ठ सैन्य एवं स्थानीय अधिकारियों के साथ द्विपक्षीय चर्चा और व्यावसायिक आदान-प्रदान इस यात्रा के मुख्य आकर्षण थे। कमांडिंग ऑफिसर ने इटली की नौसेना के लॉजिस्टिक्स कमांड के चीफ ऑफ स्टाफ वाइस एडमिरल पियरपोलो बुद्री और नेपल्स की डिप्टी मेयर लॉरा लिटो से मुलाकात की। दोनों पक्षों ने भारत-इटली रणनीतिक कार्य योजना 2025-2029 के अंतर्गत विभिन्न विषयों पर चर्चा की।
आईएनएस तमाल तथा रोम स्थित भारतीय दूतावास ने स्थानीय प्रशासन, इटली की नौसेना और रोम स्थित राजनयिक कोर के अधिकारियों व इटली स्थित संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों के प्रतिनिधियों एवं इतालवी रक्षा उद्योग के कारोबारियों के लिए जहाज पर एक सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया। इटली में भारत की राजदूत माननीय वाणी राव ने भी आईएनएस तमाल पर जहाज के चालक दल और इतालवी नौसेना के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बातचीत की।
भारत के 79वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर 15 अगस्त, 2025 को जहाज पर एक औपचारिक परेड आयोजित की गई। जहाज के चालक दल ने रोम स्थित भारतीय दूतावास में भी स्वतंत्रता दिवस समारोह में भाग लिया।
आईएनएस तमाल का बंदरगाह पर आगमन भारत द्वारा इटली के साथ अपने संबंधों को दिए जाने वाले महत्व तथा दोनों देशों के बीच बढ़ते रक्षा सहयोग को आगे बढ़ाने के प्रयास को दर्शाता है। इसने दोनों देशों की नौसेनाओं को सर्वोत्तम कार्य प्रणालियों को साझा करने और संयुक्त सहयोग हेतु आगे के अवसरों का लाभ उठाने का अवसर भी प्रदान किया है। 16 अगस्त, 2025 को नेपल्स से प्रस्थान के बाद, यह युध्दपोत भारत में अपने घरेलू बंदरगाह तक पहुंचने के रास्ते में अन्य यूरोपीय एवं एशियाई देशों के बंदरगाहों का दौरा करेगा, जिससे समुद्री कूटनीति को बढ़ावा मिलेगा और सभी क्षेत्रों में द्विपक्षीय संबंधों का सशक्तिकरण होगा।
जोगेश्वरी की टीम ने रचा इतिहास 10 मंजिला मानव पिरामिड बना वर्ल्ड रिकॉर्ड
इस तरह दही हांडी 2025 का पहला ही दिन महाराष्ट्र के लिए ऐतिहासिक बन गया, जिसने न केवल दर्शकों को रोमांचित किया बल्कि मुंबई का नाम एक बार फिर रिकॉर्ड बुक में दर्ज करा दिया।
प्रधानमंत्री 17 अगस्त को दिल्ली में 11,000 करोड़ रुपये की राजमार्ग परियोजनाओं का उद्घाटन करेंगे
देलही : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 17 अगस्त, 2025 को दोपहर लगभग 12:30 बजे दिल्ली के रोहिणी में लगभग 11,000 करोड़ रुपये की संयुक्त लागत वाली दो प्रमुख राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं का उद्घाटन करेंगे। इस अवसर पर प्रधानमंत्री उपस्थित जनसमूह को भी संबोधित करेंगे।
ये परियोजनाएं - द्वारका एक्सप्रेसवे का दिल्ली खंड और शहरी विस्तार सड़क-II (यूईआर-II) - राजधानी को भीड़भाड़ से मुक्त करने की सरकार की व्यापक योजना के तहत विकसित की गई है। इसका उद्देश्य कनेक्टिविटी में व्यापक सुधार, यात्रा समय में कमी और दिल्ली तथा इसके आसपास के क्षेत्रों में यातायात में कमी लाना है। ये पहल प्रधानमंत्री मोदी के विश्वस्तरीय बुनियादी ढाँचे के निर्माण के दृष्टिकोण को दर्शाती हैं जो जीवन को सुगम बनाती है और निर्बाध आवागमन सुनिश्चित करती है।
द्वारका एक्सप्रेसवे के 10.1 किलोमीटर लंबे दिल्ली खंड का विकास लगभग 5,360 करोड़ रुपये की लागत से किया गया है। यह खंड यशोभूमि, डीएमआरसी की ब्लू लाइन और ऑरेंज लाइन, आगामी बिजवासन रेलवे स्टेशन और द्वारका क्लस्टर बस डिपो को मल्टी-मॉडल कनेक्टिविटी भी प्रदान करेगा। इस खंड में शामिल हैं:
- पैकेज I : शिव मूर्ति चौराहे से द्वारका सेक्टर-21 में रोड अंडर ब्रिज (आरयूबी) तक 5.9 कि.मी.
- पैकेज II : द्वारका सेक्टर-21 आरयूबी से दिल्ली-हरियाणा सीमा तक 4.2 कि.मी., शहरी विस्तार रोड-II को सीधी कनेक्टिविटी प्रदान करना।
द्वारका एक्सप्रेसवे के 19 किलोमीटर लंबे हरियाणा खंड का उद्घाटन प्रधानमंत्री द्वारा पहले मार्च 2024 में किया गया था।
प्रधानमंत्री लगभग 5,580 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित, बहादुरगढ़ और सोनीपत के लिए नए संपर्क मार्गों के साथ, शहरी विस्तार सड़क-II (यूईआर-II) के अलीपुर से ढिंचाऊ कलां खंड का भी उद्घाटन करेंगे। इससे दिल्ली के आंतरिक और बाहरी रिंग रोड तथा मुकरबा चौक, धौला कुआँ और एनएच-09 जैसे व्यस्त स्थानों पर यातायात सुगम होगा। नए मार्ग से बहादुरगढ़ और सोनीपत तक सीधी पहुँच होगी, औद्योगिक संपर्क में सुधार होगा, शहरी यातायात कम होगा और एनसीआर में माल की आवाजाही में तेज़ी आएगी।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्व. कुशाभाऊ ठाकरे को दी श्रद्धांजलि
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को स्व. कुशाभाऊ ठाकरे की जयंती पर कुशाभाऊ ठाकरे कन्वेंशन सेंटर में उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्व. ठाकरे जी ने अपना सम्पूर्ण जीवन देश सेवा को समर्पित कर दिया था। वे संगठन के कुशल शिल्पकार थे, जिनकी सांगठनिक दक्षता ने हजारों-लाखों व्यक्तियों को राष्ट्रप्रेम, जनसेवा और जनसंघ से जोड़ा।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्व. ठाकरे जी का यह विचार कि राष्ट्रहित सदैव सर्वोपरि है, आज भी हम सभी के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उनकी जीवन शैली और सिद्धांत भावी पीढ़ियों को देश सेवा के पथ पर निरंतर अग्रसर होने की प्रेरणा देते रहेंगे। उन्होंने अपने कुशल मार्गदर्शन से कई पीढ़ियों को संवारा और राष्ट्रभक्तों की फौज तैयार की। वे तपोनिष्ठ थे, हम सभी सदैव उन्हें स्मरण करते रहेंगे।
खेल एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास कैलाश सारंग, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री(स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर, सांसद आलोक शर्मा, विधायक रामेश्वर शर्मा, विधायक भगवान दास सबनानी, महापौर मालती राय, नगर निगम अध्यक्ष किशन सूर्यवंशी, समाजसेवी हितानंद शर्मा, रवीन्द्र यति, आलोक संजर, ध्रुवनारायण सिंह सहित जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
उत्तराखंड में बारिश का कहर
तहसील बागेश्वर से मिली जानकारी के मुताबिक ग्राम हरबाड में बारिश और भूस्खलन के कारण 07 परिवारों के भवन खतरे की जद में आने के कारण सुरक्षा के दृष्टि सम्बन्धितों को रा.प्रा.वि.हरबाड और पंचायत घर हरबाड में शिफ्ट किया गया है| हर परिवार को खाद्यान्न किट पटवारी के माध्यम से वितरित किया गया है|
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्वामी रामकृष्ण परमहंस की पुण्यतिथि पर दी श्रद्धांजलि
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मां महाकाली के अनन्य भक्त, आध्यात्मिक गुरु स्वामी रामकृष्ण परमहंस की पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि दी है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्वामी रामकृष्ण परमहंस ने श्रद्धा-भक्ति के साथ मानव कल्याण को प्रभु प्राप्ति का माध्यम बताकर मोक्ष पाने का मार्ग प्रशस्त किया। तप, योग और ध्यान की त्रिवेणी उनकी आध्यात्मिक यात्रा प्रेरणा देती रहेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्वामी रामकृष्ण जी ने जीवनभर समाज को कुरीतियों से मुक्त करने का संदेश दिया। उन्होंने रामकृष्ण मिशन की स्थापना कर समाज सुधार और आध्यात्मिक उत्थान का कार्य किया। उनके आदर्श और उनके जीवन मूल्य आज भी प्रासंगिक हैं और आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव अनुकरणीय बने रहेंगे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भारत रत्न एवं पूर्व प्रधानमंत्री स्व. वाजपेयी की पुण्यतिथि पर किया नमन
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को भारत रत्न एवं पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि पर शौर्य स्मारक के समीप उनकी आदमकद प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि दी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्व. अटल जी देश सेवा की महान मिसाल थे। प्रधानमंत्री के रूप में उन्होंने पूरे विश्व में भारत का मान बढ़ाया और राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखते हुए अपना सम्पूर्ण जीवन देश को समर्पित कर दिया। कठिन से कठिन परिस्थितियों और चुनौतियों के बीच भी उन्होंने कभी राष्ट्र के हितों से समझौता नहीं किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्व. अटल जी ने भारत को विकास की नई दिशा दी और उनके अमूल्य विचार सदैव जन-जन के जीवन को आलोकित करते रहेंगे।
खेल एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास कैलाश सारंग, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर, खजुराहो सांसद एवं पूर्व भाजपा प्रदेशाध्यक्ष वी.डी. शर्मा, भोपाल सांसद आलोक शर्मा, विधायक रामेश्वर शर्मा, विधायक भगवान दास सबनानी, महापौर मालती राय, नगर निगम अध्यक्ष किशन सूर्यवंशी, समाजसेवी हितानंद शर्मा, रवीन्द्र यति, सुमित पचौरी सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वीरांगना रानी अवंती बाई की जयंती पर दी श्रद्धांजलि
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को वीरांगना रानी अवंतीबाई की 194वीं जयंती पर भोपाल के माता मंदिर चौक स्थित उनकी प्रतिमा और छायाचित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि रानी अवंतीबाई ने अपना जीवन देश की स्वतंत्रता और स्वाभिमान के लिए समर्पित कर दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि रानी अवंतीबाई भारतीय इतिहास की वह वीरांगना थीं, जिन्होंने अंग्रेजी हुकूमत के विरुद्ध डटकर संघर्ष किया और मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दी। वे सदैव समाज को साहस, त्याग और बलिदान की प्रेरणा देती रहेंगी।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि 1857 की क्रांति में मातृभूमि के लिए समर्पित, वीरांगना रानी अवंतीबाई लोधी की जयंती पर उन्हें नमन है, उनका वंदन है। उन्होंने कहा कि पराक्रम, शौर्य और रणकौशल से रानी अवंतीबाई ने दमनकारी अंग्रेजी हुकूमत की नींद उड़ा दी थी और जन-जन को स्वतंत्रता के लिए जागृत किया। उनके ऋण से देश कभी उऋण न हो सकेगा।
खेल एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास कैलाश सारंग, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर, सांसद आलोक शर्मा, विधायक रामेश्वर शर्मा, विधायक भगवान दास सबनानी, महापौर मालती राय, नगर निगम अध्यक्ष किशन सूर्यवंशी, समाजसेवी हितानंद शर्मा, रवीन्द्र यति सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण उपस्थित थे।
भगवान श्रीकृष्ण ने कर्म और धर्म के पथ पर अडिग रहना सिखाया : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेशवासियों को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के पावन पर्व की बधाई एवं मंगलकामनाएं दी हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण हमें जीवन की कठिनाइयों में भी मुस्कुराना सिखाते हैं, जिनको कोई तृष्णा नहीं, उनका नाम ही श्रीकृष्णा है। भगवान श्रीकृष्ण का जीवन अनेक कष्ट और संघर्षों से भरा रहा, फिर भी वे अपने कर्त्तव्य से विमुख नहीं हुए। उनका जीवन हम सभी के लिए सदैव प्रेरणादायी है। उन्होंने एक ओर जहां कालिया नाग को काबू में करके उसके फन पर नृत्य कर जीवन के कठिन से कठिन समय में मुस्कुराना सिखाया, वहीं दूसरी ओर कंस जैसे दुराचारी और अत्याचारी को उसके घर में मारकर साहस और वीरता के लिए प्रेरित किया। अत्याचारों के विरूद्ध उनकी वीरोचित भूमिका आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव पाथेय रहेगी।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जारी संदेश में कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ने महाभारत के भीषण युद्ध के बीच कर्मवाद के सिद्धांत से बताया कि चाहे कैसी भी विकट परिस्थिति हो, हमें बुद्धि और धैर्य का परिचय देते हुए सदैव कर्म और धर्म के सद्मार्ग पर अडिग रहना चाहिए। जीवन के हर पड़ाव में गोपाल श्रीकृष्ण के विविध रूप नजर आते हैं। इनमें गोवर्धनधारी श्रीकृष्ण, श्रीराधा-कृष्ण, विराट रूपधारी श्रीकृष्ण, योगीराज श्रीकृष्ण और द्वारकाधीश श्रीकृष्ण शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रीकृष्ण ललित कलाओं में पारंगत थे। उन्होंने विश्व को कलाओं से परिचित कराया। वे हम सबके लिए सदैव पूजनीय हैं और रहेंगे।
विरासतों को सहेजने हम हैं प्रतिबद्ध, महलपुर पाठा मंदिर को बनायेंगे भव्यतम : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि विरासत से विकास हमारा मूल मंत्र है। हम अपने तंत्र को भी इसी मंशा के अनुरूप तैयार कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि अपनी समृद्धशाली संस्कृति और विरासतों को बेहतर तरीके से सहेजकर उन्हें संवारने के हमारे प्रयास हमेशा जारी रहेंगे। महलपुर पाठा के अतिप्राचीन श्रीराधा कृष्ण मंदिर का सभी संभव तरीके से जीर्णोद्धार और परिसर का विकास कर इसे भव्यतम स्वरुप प्रदान करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर रायसेन जिले के गैरतगंज के महलपुर पाठा स्थित मंदिर परिसर में आयोजित श्री कृष्ण पर्व कार्यक्रम का दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य सरकार तेजी से विकास कार्यों के लक्ष्य हासिल करते हुए आगे बढ़ रही है। जल्द ही प्रदेश के दो बड़े शहर इंदौर और भोपाल मेट्रोपोलिटन सिटी के रूप में विकसित होंगे। राजधानी भोपाल से सटा जिला रायसेन, सांची और विदिशा भी मेट्रोपोलिटन सिटी का हिस्सा बनेगा। यही नहीं राजगढ़ और नर्मदापुरम भी मेट्रोपोलिटन क्षेत्र में शामिल होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मेट्रोपोलिटन सिटी विकसित होने पर रायसेन क्षेत्र के युवाओं को भी रोजगार के अवसर मिलेंगे। उन्होंने कहा कि रायसेन जिले के विकास के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जाएंगे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सांची विधानसभा क्षेत्र को 136 करोड़ रुपए के कई विकास कार्यों की सौगात भी दी। उन्होंने रिमोट का बटन दबाकर लोक निर्माण विभाग के 15 कार्य सहित जनजातीय ग्रामों तक सड़क निर्माण और अनेक विकास कार्यों का भूमि-पूजन किया। साथ ही विभिन्न योजनाओं में हितलाभ वितरण किए। मुख्यमंत्री ने मंदिर परिसर में पौद्यरोपण भी किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंदिर में पूजा-अर्चना की। गौमाता का पूजन कर पशुआहार खिलाया।
झारखंड के शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन का दिल्ली में निधन, सीएम हेमंत सोरेन ने जताया शोक
उनके निधन पर कई नेताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने शोक व्यक्त किया है। रामदास सोरेन झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के वरिष्ठ नेताओं में से एक थे और घाटशिला विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते थे। उनके निधन से झामुमो को भी गहरा आघात पहुंचा है। पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों के बीच उनकी सादगी और जनसेवा के लिए विशेष पहचान थी।
मंदिर में पूजा कर रही महिला के साथ हुई वारदात
जन्म से दृष्टिहीन 6 वर्ष की बालिका अब देखेगी किसी और की आँखों से दुनिया
स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने अम्बेडकर अस्पताल की इस बड़ी कामयाबी पर कहा है कि एक बार फिर यह साबित हो गया है कि नेत्रदान सिर्फ एक अंगदान नहीं, बल्कि किसी के जीवन को अंधकार से प्रकाश की ओर ले जाना है। उन्होंने कहा कि वो उन लोगों को तहे दिल से शुक्रिया अदा करते हैं जिन्होंने नेत्रदान जैसा महान कार्य करने का निर्णय लिया और अब उन लोगों की आंखों से जरूरतमंद लोग इस खूबसूरत दुनिया को देख पाएंगे। स्वास्थ्य मंत्री ने लोगों से अपील की है कि वो नेत्रदान के लिए आगे आएं ताकि और भी जरूरतमंद लोगों को अंधेरे से उजाले की तरफ आने का मौका मिल सके।
उत्तरकाशी समेत इन जनपदों में मौसम विभाग ने जारी की चेतावनी
विभाग के मुताबिक देहरादून, टिहरी, पौड़ी, नैनीताल, उत्तरकाशी, पिथौरागढ़, बागेश्वर जैसे जिलों में अलर्ट जारी किया गया है. खराब मौसम को देखते हुए प्रदेश के सात जनपदों में छुट्टी का आदेश भी जारी किया गया है. कक्षा 1-12वीं तक के सभी शैक्षणिक संस्थानों में छुट्टी का आदेश दिया गया है. सातों जिलों में आंगनबाड़ी केन्द्रों में भी अवकाश घोषित किया गया है.
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से 27 प्रशिक्षु अधिकारियों ने की सौजन्य भेंट
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि लोकसेवक ही शासन की लोक कल्याण और विकास की भावना को धरातल पर क्रियान्वित करने का माध्यम है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के विकसित भारत के विजन में सुशासन की महत्वपूर्ण भूमिका है। जनकल्याण और लोगों की उन्नति के उद्देश्य से बनी योजना और कार्यक्रमों का लाभ अंतिम छोर पर खड़े अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे, यह सुनिश्चित करना ही लोकसेवक का अपने कर्तव्य के प्रति प्रतिबद्धता का प्रमाण है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि लोक सेवा परीक्षा में चयनित अधिकारी, निर्भीक, नि:स्वार्थ, निरामय और कर्तव्यनिष्ठ होकर अपने दायित्वों का निर्वहन करें यही अपेक्षा है। साथ ही अधिकारी नवाचारों के माध्यम से व्यवस्था को अधिक प्रभावी भी बनाएं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव बुधवार को वर्ष 2020 और 2021 बैच के उप जिलाध्यक्षों को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव से प्रशासन अकादमी भोपाल में परिचयात्मक प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे 27 प्रशिक्षु अधिकारी सौजन्य भेंट के लिए मुख्यमंत्री निवास स्थित समत्व भवन पहुंचे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रशिक्षु अधिकारियों को अध्ययनशील बने रहने, सदैव सीखने की प्रक्रिया में रहने, अहंकार न करने और आचरण में सदैव मानवीय मूल्यों का समावेश बनाए रखने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि विनम्रता और सेवाभाव ही लोकसेवा का आधार हो। अधिकारी अपने व्यवहार और व्यक्तित्व के आधार पर ही जनसामान्य में अपनी अमिट छाप छोड़ सकते हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रशिक्षु अधिकारियों से उनके पारिवारिक पृष्ठभूमि, अध्ययन क्षेत्र और रूचियों आदि पर भी चर्चा की।
"हर घर तिरंगा, हर घर स्वच्छता" अभियान की यात्रा में हुए शामिल सीएम यादव
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत शक्तिशाली राष्ट्र के रूप में उभरा है। अब अन्याय सहन नहीं किया जाएगा। हमारी जांबाज सेना ने दुश्मनों को मुंहतोड़ जवाब देकर भारत की शक्ति का परिचय कराया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव बुधवार इंदौर में "हर घर तिरंगा, हर घर स्वच्छता" अभियान की विशाल यात्रा में शामिल हुए। पूरा शहर राष्ट्र की आन-बान-शान तिरंगे के रंग में रंग गया। देशभक्ति के जोश और जुनून का अद्भूत वातावरण देखने को मिला। शहर देशभक्ति गीतों और वंदे् मातरम तथा भारत माता की जय के नारों से गूंज उठा।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव और यात्रा का जगह-जगह भव्य स्वागत किया गया, जिसमें हजारों नागरिक सहभागी बने। समाज के हर वर्ग, हर जाति, हर धर्म के लोग जोश और जुनून के साथ शामिल हुए। नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, सांसद शंकर लालवानी, महापौर पुष्यमित्र भार्गव, विधायकगण रमेश मेंदोला, गोलू शुक्ला, मालिनी गौड़, महेंद्र हार्डिया, मनोज पटेल, मधु वर्मा, पूर्व विधायक जीतू जिराती तथा सुदर्शन गुप्ता, अनुसूचित जाति वित्त विकास निगम के अध्यक्ष सावन सोनकर, सफाई कामगार आयोग के अध्यक्ष प्रताप करोसिया, सुमीत मिश्रा तथा श्रवण चावड़ा सहित अन्य जनप्रतिनिधि भी साथ थे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भारत विश्व का सबसे बड़ा लोकतांत्रिक देश है। यहां के नागरिकों को लोकतांत्रिक व्यवस्था तथा लोकतंत्र के प्रहरियों का सम्मान करना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में हमारे तिरंगे की आन, बान और शान पहले से कहीं अधिक बुलंद हुई है। यह हमारे लिए गौरव का विषय है कि 15 अगस्त को हमारा देश 79वां स्वतंत्रता दिवस मनायेगा। इस अवसर को अविस्मरणीय बनाने के लिए "हर घर तिरंगा, हर घर स्वच्छता" अभियान शुरू किया गया। इस अभियान के माध्यम से राष्ट्रीय पर्व को राष्ट्रीय उत्सव के रूप में मनाने के लिए सभी जिलों में तिरंगा यात्रा निकाली जा रही है। प्रधानमंत्री के संकल्पों को मूर्त रूप देने के लिए जन-जन तक स्वच्छता की अलख जगाई जा रही है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने डिजिटल इंडिया के सपने को साकार करते हुए इंदौर नगर निगम के स्मार्ट इंदौर हेल्पलाइन (वाट्सएप चेटबॉट सेवा) का शुभारंभ भी किया। महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने इंदौर की स्वच्छता यात्रा की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इंदौर लगातार 8 वर्षों से देश में स्वच्छता में अव्वल है। इंदौर अब डिजिटल तकनीकी का उपयोग कर स्वच्छता के कार्यों तथा जनसमस्याओं के निराकरण को त्वरित और अधिक प्रभावी बना रहा है। उन्होंने आज से प्रारंभ हुई स्मार्ट इंदौर हेल्पलाइन के बारे में भी जानकारी दी। कार्यक्रम को सुमित मिश्रा ने भी संबोधित किया।
एमएसडीई ने ओडिशा में राष्ट्रीय आईटीआई उन्नयन स्कीम को आगे बढ़ाने के लिए परामर्श कार्यशाला का आयोजन किया
देलही : इसके अतिरिक्त, उद्योग प्रतिनिधियों ने आईटीआई प्रशिक्षण को भविष्य की कार्यबल आवश्यकताओं के अनुरूप बनाने पर अपने विचार साझा किए, जबकि तकनीकी संस्थानों के प्राचार्यों और संकाय सदस्यों ने जमीनी स्तर के दृष्टिकोण, बहुमूल्य जानकारी और सुझाव प्रदान किए। प्रमुख अनुशंसाएं वैश्विक मानकों और उद्योग की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए पाठ्यक्रम उन्नयन, विशेष प्रयोजन वाहन (एसपीवी)-आधारित मॉडल के लिए मार्गदर्शन सहायता, प्रशिक्षकों के प्रशिक्षण की पहल को बढ़ावा देने, हाइब्रिड प्रशिक्षण विधियों को अपनाने, कौशल प्रतियोगिताओं को बढ़ावा देने, रक्षा क्षेत्र के लिए विशेष प्रशिक्षण, चिकित्सा और कृषि में एआई के एकीकरण और प्रशिक्षुता के अवसरों को सुदृढ़ करने पर केंद्रित थीं। ओडिशा के समृद्ध खनिज संसाधनों और भारत के खनन उद्योग में इसकी प्रमुख स्थिति को देखते हुए, हितधारकों ने इस क्षेत्र की विशिष्ट कार्यबल आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए लक्षित कौशल कार्यक्रमों की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने इस बात पर प्रकाश डाला कि कैसे ऐसी पहल स्थानीय उद्योग की आवश्यकताओं को पूरा करेंगी और उच्च-मूल्य वाले खनन कार्यों और संबद्ध उद्योगों में युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा करेंगी।
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 7 मई, 2025 को देश भर के 1,000 आईटीआई संस्थानों को उन्नत बनाने के लिए पांच वर्षों में 60,000 करोड़ रुपये के परिव्यय के साथ राष्ट्रीय आईटीआई उन्नयन स्कीम को मंजूरी दी। इसका उद्देश्य व्यावसायिक शिक्षा को वैश्विक गुणवत्ता मानकों, उन्नत शिक्षाशास्त्र और वास्तविक उद्योग जगत की आवश्यकताओं के अनुरूप बनाना है।
त्रिपक्षीय मॉडल—केंद्र से 30,000 करोड़ रुपए, राज्यों से 20,000 करोड़ रुपए और उद्योग (सीएसआर सहित) से 10,000 करोड़ रुपए—के माध्यम से वित्त पोषित इस योजना से 1,000 आईटीआई का आधुनिकीकरण होगा, जिसमें अत्याधुनिक प्रयोगशालाओं, नवाचार केंद्रों और प्रशिक्षकों के प्रशिक्षण (टीओटी) सुविधाओं से युक्त 200 हब आईटीआई और व्यापक पहुंच तथा गुणवत्ता समानता सुनिश्चित करने के लिए 800 स्पोक आईटीआई शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, पांच राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थानों (एनएसटीआई) को वैश्विक साझेदारों के सहयोग से राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्रों (एनसीओई) के आयोजन के लिए उन्नत किया जाएगा, जो उच्च-स्तरीय कौशल विकास, पाठ्यक्रम नवाचार और क्षमता निर्माण को बढ़ावा देंगे। यह योजना गहन उद्योग सहयोग पर केंद्रित है, जिसमें प्रत्येक आईटीआई क्लस्टर के शासन, प्रबंधन और प्रचालन को संचालित करने के लिए एसपीवी का निर्माण शामिल है। एसपीवी का सह-स्वामित्व केंद्र सरकार, राज्य सरकारों और एंकर उद्योग साझेदारों के पास होगा। उन्नत क्लस्टर उच्च-गुणवत्ता, उद्योग-संबंधित और परिणाम-उन्मुख प्रशिक्षण प्रदान करेंगे, जिससे कौशल विकास भारत के युवाओं के लिए आकांक्षी और रोजगार-सक्षम बनेगा।
कार्यशाला में एमएसडीई की अपर सचिव सोनल मिश्रा; कौशल विकास एवं रोजगार निदेशक, विश्व कौशल केंद्र, भुवनेश्वर की निदेशक, रश्मिता पांडा; तकनीकी शिक्षा एवं प्रशिक्षण निदेशक, ओडिशा सरकार, चक्रवर्ती सिंह राठौर; और एसडी एवं टीई के अपर सचिव, सह सीओओ, विश्व कौशल केंद्र, भुवनेश्वर, पिनाकी पटनायक उपस्थित थे। इसमें सीटीटीसी, सीआईपीईटी, एनटीटीएफ, अदानी पोर्ट्स, टाटा स्ट्राइव, फिलिप्स एजुकेशन, आर्सेलर मित्तल एंड निप्पॉन स्टील, सीआईआई, फेस्टो इंडिया, ऑटोमोबाइल डॉक्टर इंडिया, डीएमजी मोरी, आईजी ड्रोन्स और राउरकेला स्टील प्लांट सहित विभिन्न संगठनों के उद्योग जगत के प्रमुख और शिक्षाविद भी उपस्थित थे।
अपने सहयोगात्मक दृष्टिकोण और मज़बूत उद्योग संबंधों के साथ, यह योजना भारत के व्यावसायिक प्रशिक्षण परिदृश्य को नया आकार देने, रोज़गार क्षमता बढ़ाने और देश के कार्यबल को भविष्य के रोजगार के लिए सक्षम बनाने हेतु तैयार है। इस कार्यशाला ने वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी कौशल केंद्र बनाने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता की पुष्टि की और उद्योगों को दीर्घकालिक सफलता सुनिश्चित करने के लिए एंकर उद्योग भागीदार के रूप में सक्रिय रूप से भाग लेने के लिए प्रोत्साहित किया।