छत्तीसगढ़
दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण के लिए सरकार संकल्पितः मुख्यमंत्री साय
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय राजधानी रायपुर स्थित एक निजी होटल में छत्तीसगढ़ सीमेंट ट्रांसपोर्ट वेलफेयर एसोसिएशन द्वारा आयोजित दीपावली मिलन समारोह में शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर जरूरतमंद दिव्यांग बच्चों के साथ दीपावली की खुशियां साझा कीं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण के लिए पूर्णतः संकल्पित है। उन्होंने कहा कि रायपुर में 5 एकड़ भूमि में दिव्यांगजनों के लिए सर्व-सुविधायुक्त पार्क का निर्माण किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने दिव्यांग बच्चों से बड़ी आत्मीयता के साथ भेंट की और उन्हें दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। कोंपलवाणी और अर्पण दिव्यांग संस्था में अध्ययनरत बच्चों ने मुख्यमंत्री सहित उपस्थित अतिथियों के समक्ष साइन लैंग्वेज का सुंदर प्रदर्शन किया। मुख्यमंत्री ने बच्चों के इशारों को दोहराते हुए उनसे साइन लैंग्वेज में गुड मॉर्निंग और गुड आफ्टरनून जैसे शब्द सीखे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में दिव्यांगजनों के विकास के लिए सराहनीय कार्य हो रहा है। दिव्यांगजनों को निःशुल्क कृत्रिम अंग उपलब्ध कराए जा रहे हैं। उन्हें स्वरोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाने के लिए ऋण की व्यवस्था भी की गई है। उन्होंने कहा कि केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. वीरेंद्र खटीक ने रायपुर में दिव्यांग पार्क बनाए जाने की घोषणा की थी, और अब रायपुर में 5 एकड़ भूमि पर यह सर्व-सुविधायुक्त दिव्यांग पार्क विकसित किया जाएगा।
महाराष्ट्र और त्रिपुरा के पूर्व राज्यपाल रमेश बैस ने कहा कि मैं सांसद के रूप में दिव्यांगजनों के लिए गठित सोशल जस्टिस स्टैंडिंग कमेटी का सदस्य रहा हूँ। संसद में दिव्यांग बिल के लिए हमने व्यापक अध्ययन किया था। बिल पारित होने के पश्चात दिव्यांगजनों को मिलने वाली सुविधाओं में तीन गुना वृद्धि हुई। राज्यपाल रहते हुए मुझे दिव्यांगजनों के लिए कार्य कर रही संस्थाओं में जाने का अवसर मिला। उन्होंने कहा कि दिव्यांगजनों की चुनौतियों को सामान्यजन अक्सर समझ नहीं पाते।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वनमंत्री केदार कश्यप ने कहा कि इस बार जीएसटी दरों में कमी के कारण दीपावली का उत्सव और अधिक भव्य रूप में मनाया गया। उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी वाजपेयी जी ने छत्तीसगढ़ राज्य का निर्माण किया, जिसकी हम आज रजत जयंती मना रहे हैं।
राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन के तहत छत्तीसगढ़ का योजनाबद्ध विकास निरंतर हो रहा है। सभी के सहयोग से विकसित छत्तीसगढ़ का सपना साकार होगा। कौशल विकास मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि दिव्यांगजनों के साथ दीपावली मिलन का आयोजन उत्तम सोच का प्रतीक है। खुशियां बांटने से बढ़ती हैं, और यह देखकर प्रसन्नता होती है कि एसोसिएशन जनसेवा में सक्रिय है तथा समाज के अन्य लोगों को भी इससे जोड़ रही है।
मुख्यमंत्री के समक्ष पैरों से पेंटिंग करने वाले दिव्यांग चित्रकार श्री गोकर्ण पाटिल ने अपनी अद्भुत कला का प्रदर्शन किया। मुख्यमंत्री ने उनकी कला की सराहना करते हुए उनका उत्साहवर्धन किया। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में दिव्यांग बच्चों को गर्म कपड़ों का वितरण भी किया।
07 लीटर अवैध कच्ची महुआ शराब के साथ आरोपी गिरफ्तार, थाना पामगढ़ पुलिस की कार्यवाही
भानुप्रतापपुर में बीमार घोड़े की दर्दनाक दास्तान
जब सभी डॉक्टर अपने घरों में सोए रहे, तब पशु चिकित्सालय के वरिष्ठ कर्मचारी केपी मिश्रा , जो डॉक्टर नहीं हैं लेकिन 30 वर्षों से ईमानदारी से सेवा दे रहे हैं, आधी रात को स्वयं मौके पर पहुंचे। उन्होंने अपनी समझ और अनुभव के बल पर घोड़े का इलाज किया और उसकी जान बचाई। उनका यह कदम न केवल एक जीवन बचाने वाला साबित हुआ, बल्कि यह भी दिखाया कि सच्ची मानवता किसी पद या डिग्री की मोहताज नहीं होती।
बेमेतरा में तेज रफ्तार डिफेंडर कार ने मचाई तबाही, एक की मौत, कई घायल
फिलहाल पुलिस ने स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए अतिरिक्त बल तैनात कर दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
नेहा बड़वाईक सेंट्रल जोन महिला क्रिकेट टीम में छत्तीसगढ की एकमात्र महिला खिलाड़ी
राजनांदगांव। बीसीसीआई सीनियर महिला इंटर जोन T20 ट्रॉफी 4 नवंबर से नागालैंड में आयोजित की जा रही है। इस टूर्नामेंट में देश के विभिन्न ज़ोन– नॉर्थ, साउथ, सेंट्रल, नॉर्थ ईस्ट, वेस्ट और ईस्ट जोन की महिला टीमें हिस्सा ले रही हैं। छत्तीसगढ़ की नेहा बड़वाईक ने अपनी बेहतरीन खेल प्रतिभा से सेंट्रल जोन टीम में जगह बनाई। इस टीम में पूरे छत्तीसगढ़ की तरफ़ से नेहा ही एकमात्र महिला खिलाड़ी हैं, जिसका चयन टीम में हुआ है।
नेहा बड़वाईक ने 7 लीग मैचों में 206 रन बनाकर अपने आप को शीर्ष खिलाड़ियों में शामिल किया। उनका औसत 104 से अधिक रहा, जो उनके खेल की गंभीरता और काबिलियत को दर्शाता है। नेहा बड़वाईक वर्षों से राजनांदगांव के मैदानों में बालक खिलाड़ियों के साथ खेल कर कड़ी मेहनत कर यह मुकाम बनाया है। वर्तमान में वह इंडियन रेलवे में पदस्थ है।
राजनांदगांव निवासी नेहा के चयन पर जिला क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष सुशील कोठारी और सचिव योगेश बागड़ी ने उन्हें आगामी टूर्नामेंट के लिए शुभकामनाएं दी हैं। उनका चयन छत्तीसगढ़ की महिला क्रिकेट के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गया है। नेहा बड़वाईक का चयन यह संदेश देता है कि कड़ी मेहनत, समर्पण और आत्मविश्वास से किसी भी प्रदेश की महिला खिलाड़ी राष्ट्रीय मंच पर अपनी छाप छोड़ सकती है। उक्त जानकारी जिला क्रिकेट एसोसिएशन के मीडिया प्रभारी लक्ष्मण लोहिया ने दी है।
कांकेर जिले में 21 नक्सलियों ने हिंसा का रास्ता छोड़कर किया आत्मसमर्पण
सेक्टर 6 A मार्केट में गद्दा पर्दा दुकान में लगी भीषण आग, 4 गाड़ी पानी की बौछार से काबू पाया
रायपुर। भिलाई नगर थाना क्षेत्र के अंतर्गत सेक्टर 6 मार्केट स्थित गद्दा पर्दा दुकान में भीषण आग लग गई। दमकल की तीन टीम ने पहुंचकर चार गाड़ी पानी की मदद से आग पर काबू पा लिया। दुकान में आग कैसे लगी ज्ञात नहीं हो सका है।
जिला सेनानी एवं जिला अग्निशमन अधिकारी नागेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि आज दोपहर 1:40 बजे बीएसपी सेक्टर 6 A मार्केट स्थित विशाल जैन के ( गद्दा और पर्दों की ) दुकान पर आग लगने की सूचक पर तत्काल अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा दुर्ग के 3 दमकल टीम को मौके पर रवाना किया गया। मौका स्थल पर पहुँचकर अग्निशमन कर्मियों बड़े बहादुरी से धुएं से भरे दुकान में घुसकर आग को 4 गाड़ी पानी के द्वारा कंट्रोल किया।
जिसमें कुछ फायर कर्मचारी दुकान के सामने दुकान के ऊपर और दुकान के पीछे से लगातार कार्य कर आग पर काबू पाया। आग को अन्य दुकानों तक बढ़ने से रोक लिया। गद्दा पर्दा दुकान में आग लगने का कारण ज्ञात नहीं हो सका है। आग लगने के कारण की जांच पड़ताल पुलिस द्वारा की जा रही है। इस रेस्क्यू ऑपरेशन में पन्द्रह से अधिक फायर कर्मचारी शामिल रहे।
छत्तीसगढ़ की 10 दवाओं में खामियां, एक नकली घोषित
रायपुर। केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (CDSCO) द्वारा सितंबर 2025 में जारी औषधि गुणवत्ता रिपोर्ट ने देशभर में हड़कंप मचा दिया है। रिपोर्ट के अनुसार, 112 दवाओं के नमूने क्वालिटी टेस्ट में फेल हुए हैं, जबकि एक दवा नकली (Spurious) पाई गई है। चौंकाने वाली बात यह है कि नकली पाई गई यह दवा छत्तीसगढ़ से संबंधित है। राज्य में कुल 10 दवाओं के सैंपल गुणवत्ता मानकों पर खरे नहीं उतर सके हैं।
CDSCO और राज्य औषधि प्रयोगशालाओं की संयुक्त जांच में पाया गया कि 52 नमूने केंद्रीय प्रयोगशालाओं में और 60 नमूने राज्य प्रयोगशालाओं में अमानक (NSQ) घोषित किए गए। छत्तीसगढ़ की स्थिति और भी चिंताजनक रही, क्योंकि यहां एल्बेंडाजोल के चार अलग-अलग बैच लगातार फेल पाए गए। यह कृमिनाशक दवा है, जिसका निर्माण एएफएफवाई पैरेंटेरल्स (AFFY Parenterals) कंपनी द्वारा किया गया था।
सभी एल्बेंडाजोल सैंपल डिजोल्यूशन टेस्ट (Dissolution Test) में फेल हुए—यानी दवा शरीर में घुलकर अपेक्षित प्रभाव नहीं डाल रही थी। विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसी दवाएं मरीजों के लिए अप्रभावी होने के साथ-साथ नुकसानदेह भी साबित हो सकती हैं।
इसी रिपोर्ट में मैकलियोड्स फार्मास्युटिकल्स लिमिटेड की एक क्रीम — जिसमें क्लोबेटासोल, नियोमाइसिन और माइकोनाजोल शामिल हैं — को Spurious (नकली) घोषित किया गया है। यह क्रीम फंगल इन्फेक्शन के इलाज में दी जाती है। जांच में पाया गया कि यह उत्पाद असली ब्रांड की नकल कर बनाया गया था और इसे बनाने वाली कंपनी के पास वैध लाइसेंस भी नहीं था।
छत्तीसगढ़ की अन्य दवाओं में भी गंभीर गुणवत्ता दोष मिले हैं। एमोक्सिलीन टैबलेट (बैच CT2193), जो सर्दी-खांसी और बैक्टीरियल संक्रमण में उपयोग की जाती है, Assay Test में फेल पाई गई। इसका अर्थ है कि दवा में सक्रिय तत्व की मात्रा निर्धारित मानक से कम थी।
इसी तरह, HSN बॉयोटेक की पैरासिटामॉल टैबलेट (500 mg), एड केम फार्मास्युटिकल्स लिमिटेड की एसेक्लोफेनिक-पैरासिटामॉल टैबलेट और स्वेफन फार्मास्युटिकल्स प्राइवेट लिमिटेड की डाइक्लोफैनिक-पैरासिटामॉल टैबलेट भी क्वालिटी टेस्ट में असफल रहीं। इनमें “Assay” और “Misbranded” जैसी श्रेणियों में दोष पाए गए हैं।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने इस रिपोर्ट को गंभीरता से लेते हुए सभी संबंधित राज्यों को जांच और कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि यह मामला केवल गुणवत्ता नियंत्रण का नहीं, बल्कि जनस्वास्थ्य सुरक्षा का भी है। यदि ऐसी दवाएं मरीजों तक पहुंचती हैं, तो यह सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन सकती हैं।
बीएसपी खदान प्रभावित ग्रामीण दे रहे धरना
ग्रामीणों का कहना है कि वह खनन प्रभावित क्षेत्र में आते है, जिससे माईनस से आने वाले लाल पानी उनकी फसलों को चौपट कर देता है. लेकिन बीएसपी प्रबंधन इस पर कोई भी सुध नही लेता. ऐसे वह रोजगार की मांग कर रहे हैं.
बागबाहरा थाने में महिला सरपंच से अभद्रता, पुलिसकर्मी पर कार्रवाई की मांग
रायपुर। छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले के बागबाहरा थाना क्षेत्र से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां कसहीबाहरा ग्राम पंचायत की सरपंच पुष्पा ध्रुव ने थाने में पदस्थ आरक्षक मोहन साहू पर शराब के नशे में अभद्र व्यवहार करने का गंभीर आरोप लगाया है। वहीं अन्य ग्रामीणों ने बेवजह पुलिस कर्मी द्वारा मारपीट किए जाने का भी आरोप लगाया है।
ग्रामीणों ने जानकारी देते हुए बताया है कि 22 अक्टूबर को ग्राम मौलीमुड़ा में दो पक्षों के बीच विवाद की सूचना मिलने पर सरपंच पुष्पा ध्रुव कुछ ग्रामीणों के साथ बागबाहरा थाना पहुंचीं थीं। आरोप है कि उस दौरान ड्यूटी में प्रधान आरक्षक मोहन साहू नशे की हालत में थाने में मौजूद थे। उन्होंने न केवल ग्रामीणों के साथ दुर्व्यवहार किया, बल्कि महिला सरपंच के साथ गाली-गलौज और अपमानजनक बातें भी कहीं।
सरपंच पुष्पा ध्रुव ने बताया कि पुलिसकर्मी ने सभी ग्रामीणों को रात दो बजे तक थाने में बैठाए रखा, बिना किसी स्पष्ट कारण के। जब उन्होंने विरोध किया तो आरक्षक ने कहा “सरपंच हो तो क्या कर लोगी, जहां शिकायत करनी है कर लो।”
घटना से आहत सरपंच ने पुलिस अधीक्षक, महासमुंद को लिखित शिकायत दें कर प्रधान आरक्षक मोहन साहू के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि यह घटना न केवल एक महिला प्रतिनिधि का अपमान है, बल्कि कानून व्यवस्था पर भी प्रश्नचिह्न लगाती है। फिलहाल पुलिस अधीक्षक कार्यालय में शिकायत पहुंच चुकी है, और जांच की मांग तेज हो गई है।
मोदी ने मन की बात में की अम्बिकापुर के Garbage Cafe का उल्लेख
रायपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मन की बात की 127वीं कड़ी के प्रसारण में छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में चलाए जा रहे गार्बेज कैफे का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि स्वच्छता और स्वच्छता के प्रयास, इस पर भी मुझे ढ़ेर सारे संदेश मिले हैं। मैं आपसे देश के तीन अलग-अलग शहरों की ऐसी गाथाएं साझा करना चाहता हूँ जो बहुत प्रेरणादायक हैं। छतीसगढ़ के अम्बिकापुर में शहर से प्लास्टिक कचरा साफ करने के लिए एक अनोखी पहल की गई है। अम्बिकापुर में Garbage Cafe चलाए जा रहे हैं। ये ऐसे cafe हैं, जहाँ प्लास्टिक कचरा लेकर जाने पर भरपेट खाना खिलाया जाता है। अगर कोई व्यक्ति एक किलो प्लास्टिक लेकर जाए उसे दोपहर या रात का खाना मिलता है और कोई आधा किलो प्लास्टिक ले जाए तो नाश्ता मिल जाता है। ये cafe अम्बिकापुर म्युनिसिपल कॉरपोरेशन चलाता है।
इससे पूर्व प्रधानमंत्री ने मन की बात शुरूआत करते हुए कहा कि पूरे देश में इस समय त्योहारों का उल्लास है। हम सबने कुछ दिन पहले दीपावली मनाई है और अभी बड़ी संख्या में लोग छठ पूजा में व्यस्त हैं। घरों में ठेकुआ बनाया जा रहा है। जगह-जगह घाट सज रहे हैं। बाजारों में रौनक है। हर तरफ श्रद्धा, अपनापन और परंपरा का संगम दिख रहा है। छठ का व्रत रखने वाली महिलाएं जिस समर्पण और निष्ठा से इस पर्व की तैयारी करती हैं वो अपने आप में बहुत प्रेरणादायक है।
छठ का महापर्व संस्कृति, प्रकृति और समाज के बीच की गहरी एकता का प्रतिबिंब है। छठ के घाटों पर समाज का हर वर्ग एक साथ खड़ा होता है। ये दृश्य भारत की सामाजिक एकता का सबसे सुंदर उदाहरण है। आप देश और दुनिया के किसी भी कोने में हों, यदि मौका मिले, तो, छठ उत्सव में जरूर हिस्सा लें। एक अनोखे अनुभव को खुद महसूस करें। मैं छठी मैया को नमन करता हूँ। सभी देशवासियों को, विशेषकर बिहार, झारखंड और पूर्वांचल के लोगों को छठ महापर्व की शुभकामनाएँ देता हूँ।
मोदी ने कहा कि बेंगलुरु में इंजीनियर कपिल शर्मा ने यहां झीलों को नया जीवन देने का अभियान शुरू किया है। कपिल जी की टीम ने बेंगलुरु और आसपास के इलाकों में 40 कुंओं और 6 झीलों को फिर से जिंदा कर दिया है। खास बात तो ये है कि उन्होंने अपने mission में corporates और स्थानीय लोगों को भी जोड़ा है। उनकी संस्था पेड़ लगाने के अभियान से भी जुड़ी है।
बदलाव के एक और प्रयास का उदाहरण, मैं आपसे साझा करना चाहता हूँ। आप सब जानते हैं जैसे पहाड़ों पर और मैदानी इलाकों में जंगल होते हैं ये जंगल मिट्टी को बांधे रहते हैं, कुछ वैसी ही अहमियत समंदर के किनारे mangrove की होती है। Mangrove समुद्र के खारे पानी और दलदली जमीन में उगते हैं और समुद्री eco-system का एक अहम हिस्सा होते हैं। सुनामी या cyclone जैसी आपदा आने पर ये Mangrove बहुत मददगार साबित होते हैं।
क्या आप जानते हैं कि ‘मन की बात’ में हम जिन विषयों पर चर्चा करते हैं, उनमें मेरे लिए सबसे संतोष की बात क्या होगी? तो मैं इस बारे में यही कहूँगा कि ‘मन की बात’ में हम जिन विषयों की चर्चा करते हैं, उनसे लोगों को समाज के लिए कुछ अच्छा, कुछ Innovative करने की प्रेरणा मिलती है। इससे हमारी संस्कृति, हमारे देश के कई पहलू उभरकर सामने आते हैं।
सस्ती और गुणवत्ता पूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं हमारी सरकार की प्राथमिकताः मुख्यमंत्री
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि सस्ती और गुणवत्ता पूर्ण स्वास्थ्य सेवा सुनिश्चित करना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। वे आज राजधानी के नवा रायपुर स्थित एक निजी होटल में आयोजित क्रिटिकल केयर पर आधारित राष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस ‘क्रिटिकॉन रायपुर-2025’ में शामिल हुए।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि क्रिटिकॉन रायपुर-2025 चिकित्सा विज्ञान, विशेषकर क्रिटिकल केयर के क्षेत्र में नवाचार और उत्कृष्टता का मंच है। यह देश और विदेश के विशेषज्ञों, शोधकर्ताओं को एक साथ लाकर इस क्षेत्र में नई दिशाएं तय करने का अवसर देता है। क्रिटिकल केयर मेडिसिन जीवन रक्षा की रीढ़ है, जो गंभीर परिस्थितियों में मरीजों को नया जीवन देती है।उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में अस्पतालों, क्रिटिकल केयर इकाइयों और मेडिकल सुविधाओं के विस्तार पर विशेष ध्यान दे रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नवा रायपुर अटल नगर में मेडिसिटी और फार्मा हब का निर्माण किया जा रहा है, साथ ही प्रदेश के अन्य शहरों में भी लगातार नए अस्पतालों की स्थापना की जा रही है। उन्होंने कहा कि ये कदम छत्तीसगढ़ को स्वास्थ्य सुविधा के क्षेत्र में मील का पत्थर साबित होंगे। मुख्यमंत्री ने रामकृष्ण केयर ग्रुप की पूरी टीम को इस राष्ट्रीय आयोजन के लिए बधाई देते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ देशभर में एक चिकित्सा उत्कृष्टता केंद्र के रूप में उभर रहा है।
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि क्रिटिकल केयर जैसे अति महत्वपूर्ण विषय पर कॉन्फ्रेंस की मेजबानी रायपुर को मिलना गौरव की बात है। दो दिनों तक चलने वाले इस सम्मेलन में विशेषज्ञों के विचार-विमर्श से निश्चित रूप से ऐसे उत्कृष्ट नवाचार सामने आएंगे, जो मानव स्वास्थ्य उपचार के लिए वरदान साबित होंगे। डॉ. सिंह ने कहा कि आज चिकित्सा क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और रोबोटिक्स टेक्नोलॉजी के उपयोग से इलाज की नई संभावनाएं खुल रही हैं। यही नई तकनीक नए भारत की नई कहानी लिख रही है।
उन्होंने चिकित्सकों की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि जब घर में कोई आपात स्थिति होती है और मरीज को सही समय पर हॉस्पिटल पहुँचाया जाता है, तब परिवार के भय को मिटाने में क्रिटिकल केयर डॉक्टरों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण होती है। उन्होंने कहा कि आज समय की आवश्यकता है कि हर जिले और प्रत्येक बड़े अस्पताल में क्रिटिकल केयर यूनिट्स स्थापित हों। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार इस दिशा में लगातार काम कर रही है। आयुष्मान योजना के माध्यम से 5 लाख रुपये तक का निःशुल्क उपचार आम लोगों के लिए बड़ी राहत है।
रायपुर कलेक्टर डॉ. गौरव कुमार हो सकते हैं कोरबा के नए कलेक्टर
हालांकि, इस संबंध में अभी तक शासन की ओर से कोई आधिकारिक अधिसूचना जारी नहीं की गई है, लेकिन प्रशासनिक हलकों में इस संभावित बदलाव को लेकर चर्चाओं का दौर तेज है। यदि यह तबादला आदेश जारी होता है, तो आने वाले दिनों में कोरबा जिले के प्रशासनिक ढांचे में बड़ा परिवर्तन देखने को मिल सकता है।
पंडवानी एक ऐसी विधा है, जिसके माध्यम से छत्तीसगढ़ को विश्व में मिली पहचानः मुख्यमंत्री साय
उप मुख्यमंत्री शर्मा ने सुदूर वनांचल ग्राम कच्चापाल में बस्तर ओलंपिक 2025 का किया शुभारंभ
छत्तीसगढ़ में ड्राइवरों का चक्का जाम आंदोलन, स्टेयरिंग छोड़ो अभियान से ठप हुई परिवहन व्यवस्था
रायपुर। छत्तीसगढ़ ड्राइवर महासंघ ने आज से “स्टेयरिंग छोड़ो, चक्का जाम आंदोलन” शुरू कर दिया है। महासंघ ने सरकार को अपनी 11 सूत्रीय मांगों पर जल्द निर्णय लेने का अल्टीमेटम दिया है।
इन मांगों में प्रमुख रूप से राज्य में शराबबंदी लागू करने, ड्राइवर आयोग के गठन, तथा ड्राइवरों के लिए बीमा और पेंशन सुविधा शामिल हैं। महासंघ का कहना है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं की जातीं, तब तक यह अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी रहेगी। आंदोलन का असर आज सुबह से ही राजधानी रायपुर सहित पूरे प्रदेश में देखने को मिला।
यात्री बसें, ट्रक और मालवाहक वाहन सड़कों से हट गए हैं, जिससे परिवहन और आपूर्ति व्यवस्था पर असर पड़ने की आशंका बढ़ गई है। प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रण में रखने और आपूर्ति तंत्र को बनाए रखने के लिए वैकल्पिक इंतजाम शुरू कर दिए हैं, वहीं ड्राइवर संगठन अपने फैसले पर अडिग है।
नायब तहसीलदार की गाड़ी से टकराकर बाइक के उड़े परखच्चे, 2 की हालत गंभीर
रायपुर। छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले से सड़क हादसे को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। जहां नायब तहसीलदार दोनोश साहू की तेज रफ्तार बोलेरो ने बाइक सवारों को टक्कर मार दी। बाइक सवार 2 युवक गंभीर रूप से घायल हुए हैं। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई।
जानकारी के मुताबिक, यह हादसा छुरा थाना क्षेत्र के सारागंव पापराही के पास हुआ है। सामने की ओर से तेज रफ्तार कार (CG 02 AU 0138) की चपेट में बाइक आ गई, जिससे दो लोग घायल हुए हैं। घटना के दौरान बोलेरो में नायब तहसीलदार दोनोश साहू मौजूद थे। गनीमत रही कि वह सुरक्षित हैं।
हादसे की सूचना के बाद छुरा पुलिस मौके पर पहुंची। जिसके बाद दोनों घायलों को अस्पताल भेज दिया गया। फिलहाल उनका इलाज जारी है।