छत्तीसगढ़
70 साल पुराने जर्जर स्कूल में पढ़ने को मजबूर बच्चे, कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा
फिलहाल विद्यालय का संचालन अतिरिक्त कक्षों में किया जा रहा है, जहां बच्चे भय के साये में पढ़ाई कर रहे हैं। अब ग्रामीणों की नजर प्रशासन की त्वरित कार्रवाई पर टिकी है कि कब बच्चों को सुरक्षित और नया स्कूल भवन मिल सके।
छुरा राज परिवार में शोक: पूर्व विधायक कुमार ओंकार शाह की धर्मपत्नी राजदुलारी शाह का निधन
क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों और नागरिकों ने उनके निधन पर गहरा दुःख व्यक्त करते हुए ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति तथा शोकाकुल परिवार को इस दुःख की घड़ी में संबल प्रदान करने की प्रार्थना की है।
नीलकंठेश्वर महादेव मंदिर के प्राण-प्रतिष्ठा समारोह में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय हुए शामिल
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय आज जशपुर प्रवास के दौरान दुलदुला विकास खंड के ग्राम सिरीमकेला स्थित नीलकंठेश्वर महादेव मंदिर के पावन प्राण-प्रतिष्ठा समारोह में सम्मिलित हुए। उन्होंने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर देवाधिदेव महादेव से समस्त छत्तीसगढ़वासियों के सुख, समृद्धि और कल्याण की मंगलकामना की। महाशिवरात्रि के पावन पर्व के एक दिन पूर्व आयोजित इस आध्यात्मिक आयोजन को उन्होंने श्रद्धा, आस्था और सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक बताया। मुख्यमंत्री साय ने ग्राम सिरीमकेला में सामुदायिक भवन निर्माण की घोषणा करते हुए कहा कि इससे स्थानीय नागरिकों को सामाजिक, सांस्कृतिक एवं पारिवारिक आयोजनों के लिए सुदृढ़ आधार मिलेगा।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि कल हम सब महाशिवरात्रि का पावन पर्व मनाएंगे और इस अवसर पर आप सभी को हार्दिक बधाई देता हूं। उन्होंने कहा कि सिरीमकेला में भक्तों और अपने परिवारजनों के बीच आकर उन्हें आध्यात्मिक शांति और आनंद की अनुभूति हो रही है। भक्ति और श्रद्धा के इस अनूठे आयोजन में उन्होंने कहा कि राज्य सरकार सनातन परंपरा को पुनर्स्थापित करते हुए अयोध्या धाम दर्शन योजना एवं मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना के माध्यम से हजारों श्रद्धालुओं को धार्मिक यात्राएँ करा रही है। श्रवण कुमार के पदचिन्हों पर चलने का प्रयास करते हुए अब तक प्रदेश के 42 हजार से अधिक तीर्थ यात्रियों को श्रीरामलला के दर्शन कराए जा चुके हैं।
उन्होंने कहा कि 500 वर्षों के लंबे इंतजार के बाद अयोध्या धाम में श्री रामलला का भव्य मंदिर बनकर तैयार हुआ है और हमारे यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व में श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के शिखर पर आज ध्वज लहरा रहा है। प्रत्येक राम भक्त की आस्था 500 वर्षों तक प्रज्वलित रही — यह एक ऐसा यज्ञ था जिसकी लौ कभी नहीं डगमगाई। हम सब निमित्त मात्र हैं, जो अपने भांचा राम के दर्शन उनके भव्य मंदिर में कर रहे हैं और श्रद्धालुओं को करा पा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज नीलकंठेश्वर महादेव का दर्शन पाकर वे स्वयं को अत्यंत सौभाग्यशाली महसूस कर रहे हैं। दशहरा पर्व के दिन नीलकंठ के दर्शन को अत्यंत शुभ माना जाता है और आज प्राण-प्रतिष्ठा के उपरांत यहाँ निरंतर दर्शन लाभ मिलना हम सबके लिए गौरव का विषय है। उन्होंने कहा कि जशपुर में मधेश्वर महादेव स्थित हैं, जिसे लोक मान्यता के अनुसार एशिया का सबसे बड़ा प्राकृतिक शिवलिंग कहा जाता है। सनातन परंपरा में भक्ति का विशेष महत्व है और राज्य सरकार भक्तों का सम्मान करती है। सावन माह में भोरमदेव मंदिर में कांवड़ियों पर पुष्पवर्षा कर हर वर्ष आस्था प्रकट की जाती है।
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि छत्तीसगढ़ का प्रयाग कहे जाने वाले राजिम त्रिवेणी संगम में इन दिनों राजिम कुंभ कल्प का भव्य आयोजन हो रहा है, जहाँ आस्था और संस्कृति का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है। उन्होंने श्रद्धालुओं से आग्रह किया कि महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर भगवान कुलेश्वरनाथ महादेव के दर्शन अवश्य करें। उन्होंने कहा कि सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत के संरक्षण के लिए राज्य सरकार निरंतर प्रयासरत है। राजिम कुंभ कल्प की प्रतिष्ठा को पुनर्स्थापित किया गया है, ऐतिहासिक बस्तर दशहरा की पहचान देश-विदेश तक है तथा छत्तीसगढ़ के पाँच शक्ति पीठों के विकास के लिए कार्य योजना बनाकर सतत कार्य किया जा रहा है।
कोबरा बटालियन के जवानों के निधन पर सीएम साय ने जताया शोक, ट्रक में जा घुसी थी कार
उन्होंने कहा कि – आज धमतरी में हुए अत्यंत दुखद सड़क हादसे में कोबरा बटालियन के हमारे वीर जवानों के असामयिक निधन का समाचार हृदयविदारक है। राष्ट्रसेवा में समर्पित दिवंगत जवानों को मैं विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूँ और शोकाकुल परिजनों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करता हूँ। ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान करें और घायल जवान को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ दें। इस दुखद घड़ी में हमारी सरकार पीड़ित परिवारों के साथ पूरी संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता के साथ खड़ी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, जगदलपुर से रायपुर की ओर जा रही एक कार अनियंत्रित होकर सामने चल रहे ट्रक में जा घुसी। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार सवार चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। मृतकों में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के तीन जवान और कार चालक शामिल बताए जा रहे हैं। दुर्घटना में एक अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हुआ है, जिसे तत्काल नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। फिलहाल पुलिस हादसे के कारणों की जांच में जुटी हुई है।
रेल यात्रियों के लिए राहत, बेहद कम शुल्क में बिलासपुर रेलवे स्टेशन के ठीक सामने मिलेगी ‘हाल्टिंग वे’ की सुविधा…
बिलासपुर रेलवे स्टेशन पर पहले से प्रीमियम पार्किंग और ड्रॉप एंड गो की सुविधा मौजूद है, लेकिन आम यात्रियों की जरूरतों को देखते हुए अब हॉल्टिंग वे विकसित की जा रही है. यह सुविधा स्टेशन के सामने रेल कोच रेस्टोरेंट से लगी खाली जमीन पर तैयार की जाएगी. पहले जमीन का विकास किया जाएगा, इसके बाद ठेके के माध्यम से इसका संचालन होगा.
हॉल्टिंग वे का सबसे ज्यादा फायदा उन लोगों को मिलेगा, जो अपने परिजनों या परिचितों को स्टेशन छोड़ने या रिसीव करने आते हैं. अभी उन्हें घंटों के हिसाब से पार्किंग शुल्क देना पड़ता है या सड़क किनारे वाहन खड़ा करने पर कार्रवाई का सामना करना पड़ता है.
फिलहाल, स्टेशन के सामने तितली चौक, सेकरसा मैदान और वर्तमान आरक्षण कार्यालय तक सड़क किनारे वाहन खड़े करने पर कार्रवाई होती है. नई व्यवस्था लागू होने से न केवल यात्रियों को राहत मिलेगी, बल्कि स्टेशन क्षेत्र की अव्यवस्था भी काफी हद तक कम होगी. कुल मिलाकर, रेलवे की यह पहल यात्रियों के साथ-साथ स्टेशन क्षेत्र में ट्रैफिक और अव्यवस्था को नियंत्रित करने में भी मददगार साबित होगी.
मुख्यमंत्री साय ने तीन दिवसीय मैनपाट महोत्सव का किया शुभारंभ, सरगुजा को 523 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों की दी सौगात
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का तिब्बती बंधुओं द्वारा तिब्बती संस्कृति पर आधारित “ताशी शोपा“ नृत्य के साथ आत्मीय स्वागत किया गया। मुख्यमंत्री साय ने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टालों का अवलोकन किया तथा शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं से पात्र हितग्राहियों को हितग्राहीमूलक सामग्रियों का वितरण किया। इस अवसर पर स्थानीय कलाकारों द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गईं।
वैलेंटाइन डे पर पुलिस अलर्ट, अनहोनी रोकने प्रेमी-युगलों पर रहेगी कड़ी नजर
अपशिष्ट से फसल खराब होने पर फूटा ग्रामीणों का गुस्सा, मक्का प्लांट में घुसकर की तोड़-फोड़, मौके पर मौजूद पुलिस-प्रशासन
प्रशासन ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है. नुकसान का आकलन किया जा रहा है और प्रदूषण से जुड़े आरोपों की भी जांच की जाएगी. अधिकारियों ने ग्रामीणों से शांति बनाए रखने की अपील की है. फिलहाल, कोकोड़ी गांव में हालात तनावपूर्ण हैं और प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है.
एनएचएआई की राजधानी को बड़ी सौगात.. 100 करोड़ की लागत से 10 मीटर चौड़ी होगी लाभांडी-सरोना सर्विस लेन
रायपुर। राजधानी रायपुर के निवासियों और एनएच 53 (मुंबई-कोलकाता हाईवे) का उपयोग करने वाले हजारों वाहन चालकों के लिए राहत भरी खबर है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने सरोना से लाभांडी के बीच सर्विस लेन के चौड़ीकरण के प्रोजेक्ट को मंजूरी दे दी है। लगभग 100 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली 14 किलोमीटर लम्बी सर्विस लेन 10 मीटर चौड़ी की जाएगी।
इस परियोजना की सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि चौड़ीकरण के लिए किसी भी तरह के भूमि अधिग्रहण की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। सड़क के दोनों किनारों पर एनएचएआई के पास पर्याप्त जमीन पहले से उपलब्ध है। निर्माण कार्य को गति देने के लिए सबसे पहले छत्तीसगढ़ स्टेट पावर ट्रांसमिशन कंपनी लिमिटेड द्वारा सर्विस लेन में लगे बिजली के खंभों को हटाया और शिफ्ट किया जाएगा। बिजली खंभों की शिफ्टिंग की प्रक्रिया पूरी होते ही एनएचएआई द्वारा चौड़ीकरण का सिविल वर्क शुरू कर दिया जाएगा।
14.25 किलोमीटर की लंबाई में होने वाले इस विस्तार से लाभांडी, तेलीबांधा, पचपेड़ी नाका, संतोषी नगर, बस स्टैंड और सरोना जैसे हाईवे से सटे इलाकों में रहने वाले लोगों को बड़ी राहत मिलेगी। वर्तमान में इस मार्ग पर 24 घंटे भारी वाहनों का भारी दबाव रहता है, जिससे स्थानीय ट्रैफिक को अक्सर जाम का सामना करना पड़ता है। सर्विस लेन की चौड़ाई दोगुनी होने से न केवल स्थानीय व्यापारियों को लोडिंग-अनलोडिंग और पार्किंग में सुविधा होगी, बल्कि रोजाना आवाजाही करने वाले हजारों वाहन चालकों का समय भी बचेगा।
एमसीबी में बिजली उपभोक्ता करीब 3 गुना, सिंचाई पंप 9 गुना बढ़े
डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी द्वारा एक जोन और 8 वितरण केंद्रों के माध्यम से जिले के सभी गांवों का शत-प्रतिशत विद्युतीकरण सुनिश्चित किया गया है। वर्तमान में 57 हजार से अधिक उपभोक्ताओं को नियमित बिजली आपूर्ति दी जा रही है।
सूअर के लिए बिछाया था जाल… फंदे में फंसा तेंदुआ, शिकारी गिरफ्तार
रायपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर वन वृत्त के जंगलों में जंगली सूअर को पकड़ने के लिए लगाया गया तार का फंदा एक तेंदुए के लिए जानलेवा साबित हो सकता था…हालांकि वन विभाग और कानन पेंडारी की रेस्क्यू टीम की तत्परता से तेंदुए की जान बचा ली गई…और इस मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार भी किया गया है।
पाली रेंज के लाफा जंगल में एक ग्रामीण ने जंगली सूअर का शिकार करने के लिए तार का फंदा लगाया था। लेकिन किस्मत ने करवट ली और उस फंदे में एक तेंदुआ फंस गया। फंदे में फंसा तेंदुआ बुरी तरह छटपटा रहा था। जिसकी सूचना मिलते ही इलाके में दहशत फैल गई। वन विभाग की टीम और कानन पेंडारी जू के वन्य प्राणी चिकित्सक डॉ. पी.के. चंदन मौके पर पहुंचे। तेंदुआ को सामान्य स्थिति में निकालना संभव नहीं था।
ऐसे में पीसीसीएफ वन्य प्राणी से अनुमति लेकर सोमवार रात करीब एक बजे ट्रैंक्यूलाइज़र गन से उसे बेहोश किया गया। करीब तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने तेंदुए को सुरक्षित फंदे से बाहर निकाला। फंदे की वजह से उसके पेट और पिछले हिस्से में चोट आई थी। घायल तेंदुए को तत्काल रेस्क्यू वाहन से कानन पेंडारी लाया गया। जहां उसका उपचार किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए कटघोरा वनमंडल ने अचानकमार टाइगर रिजर्व के डॉग स्क्वॉड की मदद ली। डॉग स्क्वॉड की डाग ‘नीतू’ जांच करते हुए नगोई भाठा निवासी विजय कुमार गोंड तक पहुंच गई। तलाशी के दौरान शिकार में इस्तेमाल किए गए तार और फंदे बरामद हुए। आरोपी ने सूअर के शिकार की बात कबूल की।
वन्य प्राणी संरक्षण अधिनियम की धारा 09, 51 और 52 के तहत मामला दर्ज कर आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया। जहां से उसे 14 दिन के न्यायिक रिमांड पर उप जेल कटघोरा भेज दिया गया है। इलाज के बाद जब तेंदुए की हालत में सुधार हुआ तो मंगलवार शाम उसे उसी जंगल क्षेत्र में दोबारा छोड़ दिया गया।
राजधानी रायपुर में 13 फरवरी को विश्व रेडियो दिवस 2026 का होगा आयोजन
रायपुर। प्रसार भारती एवं यूनेस्को के संयुक्त तत्वावधान में 13 फरवरी 2026 को विश्व रेडियो दिवस का भव्य आयोजन रायपुर में किया जाएगा। अंतरराष्ट्रीय महत्व का यह कार्यक्रम सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, प्रसार भारती और आकाशवाणी महानिदेशालय के सहयोग से आकाशवाणी रायपुर द्वारा आयोजित किया जा रहा है।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय मुख्य अतिथि के रूप में कार्यक्रम में उपस्थित रहेंगे। उनके साथ यूनेस्को के प्रतिनिधि, प्रसार भारती एवं आकाशवाणी के वरिष्ठ अधिकारी तथा विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ भी कार्यक्रम में भाग लेंगे।
2026 के विश्व रेडियो दिवस की थीम “रेडियो और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (Artificial Intelligence)” निर्धारित की गई है। इस विषय के अंतर्गत रेडियो प्रसारण में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के नवाचारपूर्ण उपयोग, सामग्री निर्माण में एआई की भूमिका, श्रोताओं तक प्रभावी पहुंच तथा तकनीकी एवं नैतिक चुनौतियों पर व्यापक चर्चा की जाएगी।
कार्यक्रम में ऑडियो विजुअल प्रस्तुतीकरण, परिचर्चा सत्र, विशेषज्ञ पैनल चर्चा आदि को शामिल किया गया है।जिनका उद्देश्य रेडियो माध्यम को तकनीकी रूप से सशक्त, समावेशी और भविष्य उन्मुख बनाना है। विश्व रेडियो दिवस प्रतिवर्ष 13 फरवरी को मनाया जाता है। यह दिवस रेडियो की विश्वसनीयता, पहुंच और समाज में उसकी महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित करता है।
यहां लगा “स्टडी कर्फ्यू”, शाम 6 बजे के बाद छात्र नहीं आएंगे नजर
रायपुर। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले का गांव बिरेतरा इन दिनों सोशल मीडिया पर खुब सुर्खियां बटोर रहे हैं। यह गांव इन दिनों शिक्षा और सामाजिक अनुशासन के अनोखे प्रयोग के कारण पूरे प्रदेश में चर्चा का केंद्र बन गया है। 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा (2026) से पहले गांव ने ऐसा निर्णय लिया है, जिसे ग्रामीण “भविष्य बचाओ अभियान” का नाम दे रहे हैं। गांव की सामूहिक बैठक में सर्वसम्मति से तय किया गया कि शाम 6 बजे के बाद कोई भी स्कूली छात्र सड़क, चौक-चौराहे, दुकान, ठेला, खेल मैदान या चौपाल पर नजर नहीं आएगा।
नियम तोड़ने की स्थिति में केवल छात्र ही नहीं, बल्कि उसके अभिभावकों को भी जिम्मेदार माना जाएगा और जुर्माना लगाया जाएगा।
शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि बोर्ड परीक्षा से पहले नियमित अध्ययन का समय तय करना लाभकारी होता है। हालांकि वे यह भी कहते हैं कि अनुशासन के साथ संतुलन जरूरी है, ताकि बच्चों पर मानसिक दबाव न बढ़े। बिरेतरा में यह पहल सामूहिक सहमति से लागू की गई है, इसलिए इसे सामाजिक सहयोग का मॉडल माना जा रहा है।
जिला अस्पताल में मौत की डिलीवरी! जबरन नॉर्मल डिलीवरी के चक्कर में थम गई नवजात की सांसें
मामला दुर्ग जिला अस्पताल का है, जहां करिश्मा भारती नाम की गर्भवती महिला से कथित तौर पर जबरन नॉर्मल डिलीवरी कराई गई। परिजनों का आरोप है कि चार दिनों तक इंतजार कराया गया और सीजर की मांग के बावजूद डॉक्टरों ने मना कर दिया। 10 फरवरी की सुबह करीब 3 बजे डॉ. नेत्रा नंद और नर्स रश्मि द्वारा डिलीवरी कराई गई। हालत बिगड़ने पर नवजात को ICU में भर्ती किया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
मृतक बच्चे के पिता राजा राम ने अस्पताल पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है।सिविल सर्जन ने मामले की जांच के लिए टीम गठित करने की बात कही है और दोषी पाए जाने पर कार्रवाई का आश्वासन दिया है। यह घटना एक बार फिर जिला अस्पताल की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर रही है।
धमतरी में पहाड़ी इलाके में लगी आग, वन विभाग की टीम पहुंची
सीतानदी रेंज के फॉरेस्ट गार्ड शिवा शुक्ला वन चौकीदारों और फील्ड स्टाफ के साथ मौके पर पहुंचे। सभी मिलकर आग पर काबू पाने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। तेज हवाओं और सूखी घास के कारण आग तेजी से फैलती जा रही है, जिससे राहत कार्य और चुनौतीपूर्ण हो गया है। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार, पास के खेत में लगाई गई आग पहाड़ी क्षेत्र तक फैल गई, जिसके चलते यह बड़ा हादसा हुआ। गर्मी की शुरुआत और जंगल में सूखे पत्तों की अधिकता के कारण आग ने तेजी पकड़ ली।
मां से बिछड़कर खेत में पहुंचा चार माह का तेंदुए का शावक... ग्रामीणों के सहयोग से वन विभाग ने किया सुरक्षित रेस्क्यू
रायपुर। धमतरी जिले में स्थित श्रृंगी ऋषि पहाड़ी की तराई में स्थित खेतों में ग्रामीणों ने लगभग चार माह के तेंदुए के शावक को देखा। संभावना है कि शावक अपनी मां से बिछड़कर भटकते हुए रिहायशी क्षेत्र तक पहुंच गया था। ग्रामीणों द्वारा सूचना दिए जाने पर वन विभाग की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों के सहयोग से शावक को सुरक्षित अपने संरक्षण में लिया।
राज्य में वन्यजीव संरक्षण की दिशा में वन विभाग ने एक और सराहनीय कार्य किया है। वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री केदार कश्यप के मार्गदर्शन तथा प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्यप्राणी) अरुण कुमार पाण्डेय के दिशा-निर्देशों में धमतरी जिले के नगरी-सिहावा क्षेत्र अंतर्गत बिरगुड़ी वन परिक्षेत्र के ग्राम छिपली पारा में तेंदुए के एक शावक का सुरक्षित रेस्क्यू किया गया।
रेस्क्यू के बाद विभागीय प्रक्रिया के तहत शावक को नगरी स्थित पशु चिकित्सालय ले जाया गया, जहां पशु चिकित्सकों द्वारा उसका स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। जांच में शावक पूरी तरह स्वस्थ पाया गया। रेंज अधिकारी श्री सुरेंद्र कुमार ने बताया कि उच्च अधिकारियों के निर्देशानुसार शावक को आगे की देखभाल और सुरक्षित वातावरण के लिए नया रायपुर स्थित जंगल सफारी भेजा गया है।
नगरी-सिहावा क्षेत्र सघन वनों और पहाड़ी भू-भाग के कारण तेंदुए और अन्य वन्यजीवों के लिए उपयुक्त प्राकृतिक आवास माना जाता है। वन विभाग की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई से न केवल वन्यजीवों की सुरक्षा सुनिश्चित हो रही है, बल्कि मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करने में भी मदद मिल रही है। गांव के ग्रामीणों की सूझबूझ और जिम्मेदारी की खुलकर सराहना की है। विभाग का कहना है कि यदि लोग इसी तरह जागरूकता और संवेदनशीलता दिखाएं, तो मानव-वन्यजीव संघर्ष को काफी हद तक कम किया जा सकता है. इस घटना से यह भी साबित हुआ है कि सही समय पर सही कदम उठाने से वन्यजीवों की जान बचाई जा सकती है।
‘परीक्षा पे चर्चा’ पर आधारित कार्यशाला में कलेक्टर ने विद्यार्थियों को दिए जरूरी टिप्स
इस अवसर पर उपस्थित जिला पंचायत के सीईओ श्री हरेश मण्डावी ने विद्यार्थियों को विषयवार प्रबंधन एवं टाइम मैनेजमेंट और पेपर हल करते समय प्रश्नों के चयन की प्राथमिकता पर जरूरी टिप्स दिए। उन्होंने परीक्षा को लेकर तनाव लेने की जगह समय पर उत्तर पर हल पूर्ण आत्मविश्वास के साथ करने और अपनी क्षमता का बेहतर व सकारात्मक प्रदर्शन करने की बात कही। साथ ही विद्यार्थियों का व्यक्तिगत तौर पर मार्गदर्शन भी किया। कार्यशाला में मोटिवेशनल स्पीकर के तौर पर शिक्षा मनोविज्ञान पर आधारित सलाह देते हुए डॉ. पल्लवी क्षीरसागर ने विद्यार्थियों से कहा कि परीक्षा के पहले विषयों का गूढ़ अध्ययन करना बहुत आवश्यक होता है। इस दौरान तनाव से राहत के लिए स्वयं के लिए थोड़ा समय अवश्य निकालना चाहिए। उन्होंने सोशल मीडिया के स्थान पर किताबों के माध्यम से पढ़ाई पर एकाग्रता बढ़ाने पर जोर दिया। साथ ही अध्ययन एवं समय के मध्य सामंजस्य स्थापित करने की बात उन्होंने कही। इसके पहले, जिला शिक्षा अधिकारी ने भी परिचर्चा में विद्यार्थियों को प्रेरित व प्रोत्साहित किया। कार्यशाला में रायपुर से आए मोटिवेशनल स्पीकर्स के द्वारा भी विद्यार्थियों के संशय का समाधान किया गया।