खेल
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने किया खिलाड़ियों का सम्मान : कहा “आपने छत्तीसगढ़ का सिर गर्व से ऊंचा किया”
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने राष्ट्रीय खेल पदक विजेता खिलाड़ियों को बताया छत्तीसगढ़ का गौरव: खिलाड़ियों को दी ओलंपिक विजेता बनने की शुभकामनाएं
बस्तर में अमन लौटा, और साथ लौटी खेलों की रौनक, जहां कभी डरते थे पांव भी रखने से, आज वहीं खेलते हैं हज़ारों खिलाड़ी: मुख्यमंत्री
130 खिलाड़ियों को 1 करोड़ 95 लाख 20 हजार रूपए की सम्मान राशि उनके बैंक खाते में अंतरित
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने राष्ट्रीय खेल पदक विजेता खिलाड़ियों को बताया छत्तीसगढ़ का गौरव
रायपुर | आप सभी ने अपनी मेहनत, प्रतिभा और जुनून से छत्तीसगढ़ का नाम राष्ट्रीय पटल पर रोशन किया है। ये सिर्फ आपकी नहीं, पूरे प्रदेश की जीत है। आप प्रदेश के खेल जगत के हीरे हैं। सरकार आपको तराशेगी, निखारेगी और अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचाएगी। आपके लिए हर संभव संसाधन और समर्थन उपलब्ध कराया जाएगा। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मुख्यमंत्री निवास में आयोजित राष्ट्रीय खेल विजेता सम्मान समारोह में गोवा और उत्तराखंड नेशनल गेम्स में पदक जीतने वाले छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों को सम्मानित करते हुए यह बात कही। मुख्यमंत्री ने समारोह में गोवा में वर्ष 2023 में सम्पन्न 37वें नेशनल गेम में छत्तीसगढ़ के पदक विजेता 72 खिलाड़ियों को और वर्ष 2025 में उतराखंड में सम्पन्न 38 वें नेशनल गेम्स में छत्तीसगढ़ पदक विजेता 58 खिलाड़ियों को सम्मानित किया।

मुख्यमंत्री साय ने खिलाड़ियों को सम्मानित करते हुए कहा कि आप सभी छत्तीसगढ़ के गौरव है। आपने न सिर्फ पदक जीते हैं, बल्कि पूरे प्रदेश का मान बढ़ाया है। आप सभी ने छत्तीसगढ़ का सर गर्व से ऊंचा किया है। मुख्यमंत्री साय ने खिलाड़ियों से आह्वान किया कि वे अब एशियाड, कॉमनवेल्थ और ओलंपिक जैसे वैश्विक मंचों पर छत्तीसगढ़ और भारत का नाम रोशन करें।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने अपने संबोधन में कहा कि आज गोवा और उत्तराखंड में हुए नेशनल गेम्स विजेता खिलाड़ियों का सम्मान कर हम सब बहुत गौरव का अनुभव कर रहे हैं। आप सभी ने अपने शानदार प्रदर्शन से छत्तीसगढ़ का नाम रौशन किया है इसके लिए आप सभी की जितनी भी प्रशंसा की जाए, कम है।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि हम लोगों ने गोवा में पदक जीतने वाले राज्य के 72 खिलाड़ियों को 1 करोड़ 7 लाख 60 हजार रुपए की राशि एवं उत्तराखंड में नेशनल गेम्स जीतने वाले 58 खिलाड़ियों को 87 लाख 60 हजार रुपए की राशि प्रदान कर सम्मानित किया है। इस प्रकार समारोह के माध्यम से छत्तीसगढ़ के 130 राष्ट्रीय पदक विजेता खिलाड़ियों को कुल 1 करोड़ 95 लाख 20 हजार रुपए की सम्मान राशि हमारे प्रतिभाशाली खिलाड़ियों के खाते में अंतरित की जा रही है।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रदेश के जो भी खिलाड़ी ओलंपिक खेलों में पदक लाएंगे, उनके लिए विशेष पुरस्कारों की घोषणा हमारी सरकार ने की है। ओलंपिक खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को तीन करोड़ रुपए, रजत पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को दो करोड़ रुपए तथा कांस्य पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को एक करोड़ रुपए देने का निर्णय हमारी सरकार ने किया है।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि बरसों तक माओवादी आतंक झेलने के बाद जब बस्तर में अमन लौटा तो खेल भी लौटा, वहां हमने बस्तर ओलंपिक का आयोजन कराया। उन्होंने कहा कि जहां कभी पांव भी रखने से लोग डरते थे, आज वहीं हज़ारों खिलाड़ी खेल रहे हैं। लोगों में जबर्दस्त उत्साह दिखा, पूरे देश में कम ही हुआ होगा कि किसी खेल आयोजन में 1 लाख 65 हजार प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया और वह भी ऐसा आयोजन जो बस्तर संभाग में हुआ जहां की आबादी शेष जगहों की तुलना में काफी विरल है। इसमें ऐसे लोगों ने भी हिस्सा लिया, जो नक्सल हिंसा में अपने अंग गंवा चुके थे। आत्मसमर्पित नक्सलियों ने भी हिस्सा लिया। नक्सल हिंसा प्रभावित परिवारों ने भी हिस्सा लिया। इस आयोजन से प्रदेश के खेलप्रेमियों की उम्मीदें काफी बढ़ी हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों में काफी दमखम है। हम छत्तीसगढ़ में खेलों के लिए शानदार अधोसंरचना तैयार कर रहे हैं। खेलो इंडिया के 7 नये सेंटर हमने आरंभ किये हैं। छत्तीसगढ़ में हर तरह की खेल प्रतिभाएं हैं। हमने इसे ध्यान में रखते हुए अलग-अलग तरह के खेलों के लिए कोचिंग की विशेष व्यवस्था की है। इसी साल हमने तीन नई अकादमी की शुरूआत की है। रायपुर में टेनिस, राजनांदगांव में हाकी और नारायणपुर में मल्लखंभ अकादमी हमने आरंभ की है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ अपने परंपरागत खेलों के लिए भी प्रसिद्ध है। इन खेलों का समुचित विकास होता रहे, इसके लिए हमने 20 करोड़ रुपए का प्रावधान छत्तीसगढ़ क्रीडा प्रोत्साहन योजना के तहत किया है। हमारी सरकार खेलों को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि कुछ दिनों पहले हमने मल्लखंभ के खिलाड़ियों का ढोलकल की पहाड़ियों पर अद्भुत करतब देखा, यह मंत्रमुग्ध कर देने वाला दृश्य था। मल्लखंभ या किसी भी तरह के खेल के लिए लचीलापन बहुत जरूरी होता है और यह सब फिटनेस से आता है। खेलों में जीतने के लिए कुशल रणनीति, तकनीक में महारत के साथ ही एक अच्छे लेवल का फिटनेस भी बहुत जरूरी है। मोदी जी ने फिट इंडिया मूवमेंट चलाया है। फिटनेस के माध्यम से खेलों में तो सफलता हासिल की ही जा सकती है। फिट रहने से आप एक हेल्दी लाइफ स्टाईल भी जीते हैं जिससे कोई भी कार्य आप करें, उसमें आपको सफलता मिलती है।
इस अवसर पर खेल एवं युवा कल्याण मंत्री टंकराम वर्मा ने अपने संबोधन में खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार खेल को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि राज्य के युवाओं में अपार खेल प्रतिभा है। जिसे पहचान कर तराशना हमारी प्राथमिकता है।
इस अवसर पर खेल विभाग के सचिव हिमशिखर गुप्ता, संचालक तनुजा सलाम, छत्तीसगढ़ ओलंपिक संघ के महासचिव विक्रम सिसोदिया उपस्थित थे।
गौतम गंभीर देंगे रायपुर के युवाओं को क्रिकेट कोचिंग… अगले महीने रायपुर आ रहे हैं गंभीर
रायपुर। भारतीय क्रिकेट टीम के कोच गौतम गंभीर के नेतृत्व में एक विशेष क्रिकेट मास्टर क्लास और प्रशिक्षण शिविर का आयोजन जल्द ही राजधानी रायपुर में किया जा रहा है। यह शिविर अप्रैल और मई के महीनों में आयोजित होगा, जिसमें युवा प्रतिभाओं को उच्च स्तरीय प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा।
कार्यक्रम का आयोजन एकाना और अरण्य के सहयोग से किया जा रहा है। इसके अलावा, इस मास्टर क्लास में मयंक सिद्धाना (पूर्व प्रथम श्रेणी क्रिकेटर और दिल्ली रणजी टीम के पूर्व चयनकर्ता), सुहैल शर्मा (पूर्व प्रथम श्रेणी क्रिकेटर और इंडिया कैपिटल्स के सहायक कोच), और अतुल रानाडे (पूर्व भारत सी टीम फील्डिंग कोच) जैसे अनुभवी कोच भी शामिल होंगे।
प्रदेश में लगातार क्रिकेट को लेकर चल रहे आयोजनों से छत्तीसगढ़ क्रिकेट के अच्छे दिन आने की संभावना बढ़ गई है, कल संपन्न हुए सुपर सक्सेस इंटरनेशनल मास्टर्स लीग के सफल आयोजन ने छत्तीसगढ़ के क्रिकेट के प्रति प्रेम को और मजबूत किया है।
अगले महीने कोच गंभीर के नेतृत्व में होने वाले कैंप के लिए ट्रायल की तिथियां 22 और 23 मार्च निर्धारित की गई हैं, जो रायपुर के अवंती विहार के पास स्थित एमर्जिंग क्रिकेट ग्राउंड पर आयोजित किए जाएंगे। इसके बाद अप्रैल और मई में इसका प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया जाएगा।
इस कैंप के लिए फीस भी निर्धारित की गई है, 16 वर्ष से अधिक आयु के छात्रों के लिए फीस 12,500 एवं 16 वर्ष से कम आयु के छात्रों के लिए फीस मात्र 9,000 रखी गई है। निर्धारित फीस में युवा खिलाड़ियों को क्रिकफेस्ट किट (गौतम गंभीर द्वारा हस्ताक्षरित टी-शर्ट और कैप), पोषण स्नैक्स और हाइड्रेशन, भविष्य में छात्रवृत्ति के अवसर, परिवहन सेवा, गौतम गंभीर द्वारा मेंटरशिप सत्र भी प्रदान किया जाएगा। इस कैंप की अधिक जानकारी के लिए संपर्क सूत्र भी जारी किया गया है , मोबाइल नंबर: +91 8815499614 एवं ईमेल: cricfest23@gmail.com पर भी संपर्क कर अपना रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं।
सचिन तेंदुलकर और ब्रायन लारा के बीच होगा महामुकाबला : आज रायपुर में
क्रिकेट प्रेमियों को आज शाम 7:30 बजे से शुरू होने वाले इस फाइनल में चौके-छक्कों की बरसात देखने को मिल सकती है।
रायपुर | इंटरनेशनल मास्टर्स लीग 2025 का फाइनल मुकाबला आज नवा रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह इंटरनेशनल स्टेडियम में खेला जाएगा। यह रोमांचक मैच इंडिया मास्टर्स और वेस्टइंडीज मास्टर्स के बीच होगा, जिसमें दो दिग्गज खिलाड़ी सचिन तेंदुलकर और ब्रायन लारा होंगे आमने-सामने।

क्रिकेट प्रेमियों को आज शाम 7:30 बजे से शुरू होने वाले इस रायपुर फाइनल में चौके-छक्कों की बरसात देखने को मिल सकती है।
इंडिया मास्टर्स ने सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया मास्टर्स को 94 रनों के विशाल अंतर से हराकर फाइनल में जगह बनाई थी। सचिन तेंदुलकर के नेतृत्व में टीम में युवराज सिंह, इरफान पठान और यूसुफ पठान जैसे धुरंधर खिलाड़ी शामिल हैं, जो मैदान पर अपनी बल्लेबाजी से धमाल मचाने के लिए तैयार हैं। दूसरी ओर, ब्रायन लारा की अगुवाई वाली वेस्टइंडीज मास्टर्स टीम भी मजबूत प्रदर्शन के साथ फाइनल में पहुंची है।
मैच का सीधा प्रसारण दर्शक लाइव देख सकते हैं और स्टेडियम में मौजूद क्रिकेट प्रशंसक इस ऐतिहासिक मुकाबले का आनंद उठा सकते हैं। यह फाइनल सिर्फ दो टीमों के बीच की जंग होगी, बल्कि क्रिकेट के दो महानायकों सचिन और लारा की टक्कर भी होगी, जिसे देखने के लिए फैंस बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।
इंटरनेशनल मास्टर्स लीग टी-20 चैंपियनशिप के अंतिम चरण का आगाज : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने किया शुभारंभ
नवा रायपुर में क्रिकेट का रोमांच चरम पर, सचिन-लारा-युवराज के चौके-छक्कों का आनंद लेने उमड़े क्रिकेट प्रेमी
रायपुर | छत्तीसगढ़ के खेल प्रेमियों के लिए ऐतिहासिक दिन रहा। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने शाम नवा रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में इंटरनेशनल मास्टर्स लीग टी-20 चैंपियनशिप के अंतिम चरण का शुभारंभ किया। इस रोमांचक लीग में भारत और वेस्टइंडीज के दिग्गज क्रिकेट खिलाड़ियों के बीच मुकाबला हुआ।

आज का मैच इंडिया मास्टर्स बनाम वेस्टइंडीज मास्टर्स के बीच खेला जा रहा है, जहां इंडिया मास्टर्स की कमान सचिन तेंदुलकर और वेस्टइंडीज मास्टर्स की अगुवाई क्रिकेट लीजेंड ब्रायन लारा कर रहे हैं। इस महामुकाबले को देखने के लिए हजारों क्रिकेट प्रेमी स्टेडियम पहुंचे और अपने चहेते खिलाड़ियों के चौके-छक्कों पर उत्साह से झूम उठे।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मैच शुरू होने से पहले मैदान में पहुंचकर दोनों टीमों के खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया और उन्हें बेहतरीन खेल प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएँ दीं। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव, विधायक श्री खुशवंत साहेब और मुख्यमंत्री के सचिव श्री पी. दयानंद भी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री ने कॉर्पोरेट बॉक्स में बैठकर मैच का रोमांच भी देखा और खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन की सराहना की।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ की धरती पर इंटरनेशनल मास्टर्स लीग में भाग लेने आए सभी महान क्रिकेट खिलाड़ियों का हृदय से स्वागत है। यह हमारे प्रदेश के लिए गर्व का क्षण है कि हम क्रिकेट जगत के दिग्गजों को एक साथ खेलते हुए देख रहे हैं।
उन्होंने कहा कि इस तरह के अंतरराष्ट्रीय आयोजनों से प्रदेश की युवा खेल प्रतिभाओं को नई ऊर्जा और प्रेरणा मिलेगी। छत्तीसगढ़ सरकार खेल अधोसंरचनाओं के विकास और खिलाड़ियों को उन्नत सुविधाएँ प्रदान करने के लिए निरंतर प्रयासरत है। राज्य में खेलों के प्रति बढ़ती रुचि और सुविधाओं के विस्तार को देखते हुए छत्तीसगढ़ तेजी से 'स्पोर्ट्स हब' बनने की दिशा में अग्रसर है।
मुख्यमंत्री साय ने चैंपियनशिप में हिस्सा ले रहे सभी खिलाड़ियों को शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि यह टूर्नामेंट क्रिकेट प्रेमियों के लिए अविस्मरणीय अनुभव होगा और भविष्य में भी छत्तीसगढ़ ऐसे अंतरराष्ट्रीय आयोजनों की मेजबानी करता रहेगा।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सचिन तेंदुलकर से मुलाकात के बाद अपने उत्साह को साझा करते हुए कहा कि हमने सचिन को अब तक सिर्फ टीवी पर खेलते हुए देखा था, लेकिन आज उनसे प्रत्यक्ष भेंट का अवसर मिला। यह मेरे लिए अविस्मरणीय क्षण है।
सचिन तेंदुलकर ने छत्तीसगढ़ आने पर खुशी व्यक्त करते हुए यह आश्वासन दिया कि वह भविष्य में भी छत्तीसगढ़ में खेलेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज युवराज सिंह, यूसुफ पठान, इरफान पठान और ब्रायन लारा जैसे महान खिलाड़ियों को लाइव खेलते देखना बेहद रोमांचक अनुभव था। इन दिग्गज खिलाड़ियों को देखकर छत्तीसगढ़ के युवा न केवल खेलों के प्रति प्रेरित होंगे, बल्कि अपने जीवन में भी उनसे सीख लेकर आगे बढ़ेंगे। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजनों से छत्तीसगढ़ में खेल संस्कृति को बढ़ावा मिलेगा और राज्य के युवा खिलाड़ियों को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा। छत्तीसगढ़ के क्रिकेट प्रेमियों के लिए यह आयोजन एक यादगार खेल उत्सव साबित हो रहा है, जहाँ क्रिकेट की दुनिया के दिग्गज खिलाड़ी अपनी चमक बिखेर रहे हैं। राज्य सरकार भविष्य में भी ऐसे आयोजन करती रहेगी, ताकि छत्तीसगढ़ के खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना सकें।
भारत मास्टर्स और वेस्टइंडीज मास्टर्स के बीच मुकाबला 8 मार्च को... सचिन और लारा होंगे आमने सामने
रायपुर। इंटरनेशनल मास्टर्स लीग (आईएमएल) 2025 का शानदार आगाज 8 मार्च से शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में होने जा रहा है। इस टूर्नामेंट में भारत, वेस्टइंडीज, श्रीलंका, इंग्लैंड, दक्षिण अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया के दिग्गज खिलाड़ी मैदान पर नजर आएंगे। क्रिकेट प्रेमियों के लिए यह किसी सपने के सच होने जैसा है, क्योंकि सचिन तेंदुलकर, ब्रायन लारा, युवराज सिंह, शेन वॉटसन जैसे सितारे एक बार फिर बल्ले और गेंद से कमाल दिखाएंगे।
पहला मुकाबला: भारत बनाम वेस्टइंडीज
टूर्नामेंट की शुरुआत 8 मार्च को भारत मास्टर्स और वेस्टइंडीज मास्टर्स के मुकाबले से होगी। सचिन तेंदुलकर की अगुवाई वाली भारतीय टीम का सामना कैरेबियाई दिग्गज ब्रायन लारा की टीम से होगा। यह मैच शाम 7:30 बजे शुरू होगा।
कब और कौन से मैच?
रायपुर को इस लीग के सात अहम मुकाबलों की मेजबानी मिली है। पूरा शेड्यूल इस प्रकार है:
8 मार्च: इंडिया मास्टर्स vs वेस्टइंडीज मास्टर्स
10 मार्च: श्रीलंका vs इंग्लैंड
11 मार्च: वेस्टइंडीज vs दक्षिण अफ्रीका
12 मार्च: इंग्लैंड vs ऑस्ट्रेलिया
13 मार्च: पहला सेमीफाइनल
14 मार्च: दूसरा सेमीफाइनल
16 मार्च: फाइनल
सभी मैच शाम 7:30 बजे से शुरू होंगे और स्टेडियम में क्रिकेट का जादू देखने का मौका प्रशंसकों को मिलेगा।
दिग्गजों का जलवा
इस लीग में सचिन और लारा के अलावा युवराज सिंह, इरफान पठान, यूसुफ पठान जैसे भारतीय सितारे और शेन वॉटसन जैसे अंतरराष्ट्रीय दिग्गज मैदान पर उतरेंगे। भारतीय टीम ने अब तक शानदार प्रदर्शन किया है और फाइनल में पहुंचने की प्रबल दावेदार मानी जा रही है।
क्रिकेट प्रेमियों के लिए सुनहरा मौका
रायपुर में पहली बार इतने बड़े स्तर का मास्टर्स टूर्नामेंट आयोजित हो रहा है। यह उन क्रिकेट फैंस के लिए सुनहरा अवसर है जो अपने पसंदीदा लीजेंड्स को लाइव एक्शन में देखना चाहते हैं। स्टेडियम में चौके-छक्कों की बारिश और रोमांचक मुकाबलों का इंतजार हर किसी को बेसब्री से है।
इंटरनेशनल मास्टर्स लीग का आगाज.... 8 मार्च को भिड़ेंगी सचिन और लारा की टीमें
रायपुर। इंटरनेशनल मास्टर्स लीग का आगाज हो चुका है। इस बार छह देशों की टीमें हिस्सा ले रही हैं। इस लीग का 12वां मैच भारत और वेस्टइंडीज के बीच रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में खेला जाएगा।
इस लीग में मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर, युवराज सिंह, पठान ब्रदर्स के साथ-साथ वेस्टइंडीज के दिग्गज ब्रायन लारा भी एक बार फिर से मैदान में उतरेंगे और चौके-छक्कों की बौछार करेंगे। रायपुर में कुल छह रोमांचक मुकाबले खेले जाएंगे। जिसमें दो सेमीफाइनल और फाइनल मैच भी होंगे।
ये मैच दर्शकों के लिए खास होंगे, क्योंकि उन्हें स्टेडियम में लाइव देखने का मौका मिलेगा। मैच की तैयारियां जोरों पर हैं, और आनलाइन टिकट बुकिंग भी शुरू हो चुकी है। बता दें कि लीग के मैचों के लिए मुंबई, लखनऊ और रायपुर के स्टेडियम का चयन किया गया है।
लीग मैचों में अब तक भारत ने शानदार प्रदर्शन दिखाया है। ऐसे में संभावना है कि इंडिया फाइनल में पहुंच सकती है। क्रिकेट प्रेमियों के लिए यह एक खुशी की खबर है कि फाइनल मैच रायपुर में आयोजित होगा. सात मार्च को खिलाड़ी रायपुर पहुंचेंगे और इसके बाद अभ्यास करेंगे। मैच 7:30 बजे से शुरू होगा। टिकटों की बिक्री पहले दिन क्रिकेट के दिग्गज खिलाडिय़ों को देखने के लिए लोगों ने टिकट खरीदने शुरू कर दिए हैं।
स्टेडियम में सबसे सस्ती टिकट 500 रुपये की है। इसके लिए दो ब्लाक विशेष रूप से निर्धारित किए गए हैं। वहीं लोअर टिकट की कीमत 1000 रुपये, गोल्ड 6000 रुपये, प्लेटिनियम 8000 रुपये और कापरिट बाक्स टिकट 10,000 रुपये रखी गई है। केवल इंडिया और वेस्टइंडीज के बीच होने वाले मैच की टिकट भी काफी महंगी है. बाकी मैचों की टिकट की शुरुआत 100 रुपये से हो रही है. जो कि काफी सस्ती मानी जा रही है।
भारत के मैच जीतते ही : पाकिस्तान से छिन गई चैंपियंस ट्रॉफी फाइनल की मेजबानी
नई दिल्ली | भारत ने ऑस्ट्रेलिया को सेमीफाइनल में 4 रन से हराकर चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के फाइनल में एंट्री मार ली है | भारतीय टीम लगातार तीसरी बार चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में पहुंची है | इस हार के साथ ऑस्ट्रेलिया की टीम इस टूर्नामेंट से बाहर हो गई है | ऑस्ट्रेलिया ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 264 रन बनाया था | जवाब में भारत ने 48.1 ओवर में ही 6 विकेट गंवाकर लक्ष्य को हासिल कर लिया | अब चैंपियंस ट्रॉफी 2025 का फाइनल मैच की मेजबानी पाकिस्तान नहीं बल्कि दुबई करेगा।

चैंपियंस ट्रॉफी 2025 का फाइनल मैच 9 मार्च को खेला जाएगा | टीम इंडिया ने फाइनल में जगह बना ली है | अब ये तय हो गया है चैंपियंस ट्रॉफी 2025 फाइनल मैच पाकिस्तान में नहीं बल्कि दुबई में खेला जाएगा | दरअसल अगर भारत फाइनल तक का सफर तय नहीं करता तो फाइनल मैच पाकिस्तान की मेजबानी में खेला जाता, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा | रोहित शर्मा की कप्तानी वाली टीम इंडिया अब दुबई में चैंपियंस ट्रॉफी का फाइनल मैच खेलेगी | टीम इंडिया 2013, 2017 के बाद लगातार तीसरी बार चैंपियंस ट्रॉफी की फाइनल मैच खेलेगी।
हालांकि फाइनल में पहुंचने वाली दूसरी टीम कौन होगी इसका फैसला 5 मार्च को साउथ अफ्रीका-न्यूजीलैंड दूसरे सेमीफाइनल मैच के बाद होगा. अब देखने वाली बात होगी कि फाइनल में भारत का सामना किसे होता है।
ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ इस मैच में विराट कोहली ने सबसे बड़ी पारी खेली | उन्होंने 98 गेंद पर 84 रन बनाया | वहां श्रेयस अय्यर ने 45 रनों की पारी खेली | जबकि केएल राहुल 34 गेंद पर 42 रन बनाकर नाबाद रहे | हार्दिक पांड्या ने 28, अक्षर पटेल ने 27 और रोहित शर्मा ने 28 रनों का योगदान दिया | इस तरह टीम इंडिया ने 6 विकेट गंवाकर लक्ष्य को हासिल कर लिया।
IND vs AUS: ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मुकाबले से पहले दुबई की पिच में बड़ा बदलाव.... जानिए किस टीम की बढ़ेंगी मुश्किलें
डेस्क। चैंपियंस ट्रॉफी का पहला सेमीफाइनल आज 4 मार्च को खेला जाएगा, जहां भारत और ऑस्ट्रेलिया की टीमें दुबई इंटरनेशनल स्टेडियम में आमने-सामने होंगी। यह मुकाबला भारतीय समयानुसार दोपहर 2:30 बजे शुरू होगा। लेकिन सवाल यह है कि दुबई की पिच आज कैसी होगी? क्या बल्लेबाजों को आसानी से रन बनाने का मौका मिलेगा या गेंदबाजों का दबदबा रहेगा?
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, भारत और ऑस्ट्रेलिया का यह सेमीफाइनल मैच एक नई पिच पर खेला जाएगा। हालांकि, स्टेडियम में कोई बदलाव नहीं होगा, लेकिन पिच का स्वभाव पहले से अलग हो सकता है। इससे पहले भारतीय टीम ने बांग्लादेश और पाकिस्तान के खिलाफ अलग-अलग पिचों पर मुकाबले खेले थे। लेकिन अगर यह मैच नई पिच पर खेला जाता है, तो हालात बदल सकते हैं। क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि नई पिच का मिजाज अलग होगा और यह पिछले मैचों की तरह व्यवहार नहीं करेगी। आईसीसी की देखरेख में एमिरेट्स क्रिकेट बोर्ड इस पिच को तैयार कर रहा है, जिसमें ऑस्ट्रेलियाई क्यूरेटर मैथ्यू सैंड्री मुख्य भूमिका निभा रहे हैं।
पिछले मुकाबले में न्यूजीलैंड के खिलाफ भारतीय टीम चार स्पिन गेंदबाजों के साथ उतरी थी, वरुण चक्रवर्ती, कुलदीप यादव, रवींद्र जडेजा और अक्षर पटेल। उस मैच में स्पिनरों ने बेहतरीन प्रदर्शन किया था, जिसमें वरुण चक्रवर्ती ने 5 विकेट लिए थे। लेकिन अगर यह नई पिच स्पिनरों के अनुकूल नहीं रही, तो भारतीय टीम को मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है। स्पिन गेंदबाजी भारतीय टीम की ताकत रही है, और अगर पिच से स्पिनरों को मदद नहीं मिली, तो यह भारत के लिए झटका साबित हो सकता है। अब देखना होगा कि इस नई पिच पर भारत की रणनीति क्या होगी और क्या टीम इंडिया ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ इन चुनौतियों से पार पा सकेगी।
मिलिंद रेगे का निधन : वे मुंबई के पूर्व कप्तान और चयनकर्ता थे
डेस्क | मुंबई के पूर्व कप्तान और चयनकर्ता मिलिंद रेगे का बुधवार को दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। वे 76 वर्ष के थे। रेगे को ब्रीच कैंडी अस्पताल की चिकित्सा इकाई में भर्ती कराया गया था और बुधवार सुबह करीब छह बजे उनका निधन हुआ। क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर ने मिलिंद रेगे के निधन पर गहरा दुख जताया है। उन्होंने एक्स पर पोस्ट किया, 'मिलिंद रेगे सर के निधन के बारे में सुनकर दुख हुआ। वह मुंबई के एक सच्चे क्रिकेटर थे। उनका शहर के क्रिकेट के उत्थान में बहुत बड़ा योगदान था।'

मिलिंद रेगे मुंबई क्रिकेट से गहराई से जुड़े हुए थे। उन्होंने मुंबई की कप्तानी की और रणजी ट्रॉफी में टीम का प्रतिनिधित्व किया। रेगे ने मुंबई क्रिकेट संघ (एमसीए) के साथ भी काम किया और क्रिकेट सलाहकार के रूप में अपनी सेवाएं दीं। मुंबई क्रिकेट टीम ने रेगे के सम्मान में काली पट्टी बांधकर मैदान में उतरी। एमसीए के अध्यक्ष अजिंक्य नाइक ने एक बयान में कहा, 'मिलिंद रेगे सर के निधन के बारे में सुनकर गहरा दुख हुआ। मुंबई क्रिकेट के दिग्गज। एक खिलाड़ी, चयनकर्ता और मार्गदर्शक (मेंटर) के रूप में उनका योगदान अमूल्य था।'
मिलिंद रेगे ने अपने क्रिकेट करियर की शुरुआत 1966-67 में की थी। उन्होंने 52 प्रथम श्रेणी मैच खेले और अपनी ऑफ स्पिन गेंदबाजी से 126 विकेट लिए। उन्होंने बल्ले से भी योगदान दिया और 23.56 के औसत से 1,532 रन बनाए।
Legend 90 League 2025: पहले दिन छत्तीसगढ़ वॉरियर्स-दिल्ली रॉयल की टीम में भिड़ंत
रायपुर। लीजेंड 90 क्रिकेट टूर्नामेंट का आज 6 फरवरी से छत्तीसगढ़ के नवा रायपुर स्थित शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में शानदार आगाज हो रहा है। आज के मैच में छत्तीसगढ़ वॉरियर्स और दिल्ली रॉयल की टीमें आमने-सामने होंगी।
आज के मैच में भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार खिलाड़ी शिखर धवन और सुरेश रैना एक-दूसरे के खिलाफ खेलेंगे। दोनों खिलाड़ियों के बीच की रोमांचक टक्कर इस मैच में देखने को मिलेगी। तमन्ना भाटिया और बॉलीवुड सिंगर्स का शानदार परफॉर्मेंस भी होगा।
मैच के दौरान मशहूर एक्ट्रेस तमन्ना भाटिया और कई बॉलीवुड सिंगर्स का शानदार परफॉर्मेंस भी देखने को मिलेगा। इसके अलावा, एक्ट्रेस हुमा कुरैशी, आयुष्मान खुराना, सिंगर विशाल मिश्रा, सोनू निगम और हार्डी संधु जैसे सितारे भी अपने परफॉर्मेंस से दर्शकों का मनोरंजन करेंगे।
लीजेंड 90 टूर्नामेंट क्रिकेट और मनोरंजन का अनोखा संगम प्रस्तुत करेगा। इस टूर्नामेंट में दर्शकों को न सिर्फ शानदार क्रिकेट एक्शन देखने को मिलेगा, बल्कि बॉलीवुड और म्यूजिक इंडस्ट्री के सितारों के परफॉर्मेंस का भी आनंद लेने को मिलेगा।
भारतीय नौसेना हाफ मैराथन उद्घाटन संस्करण का कल नई दिल्ली में आयोजन
नई दिल्ली | भारतीय नौसेना 02 फरवरी 25 को नई दिल्ली में भारतीय नौसेना हाफ मैराथन (आईएनएचएम) के उद्घाटन संस्करण की मेजबानी करेगी।
दस हज़ार से ज़्यादा प्रतिभागी तीन दौड़ श्रेणियों 21.1 किमी, 10 किमी और 5 किमी में भाग लेंगे। इससे यह सभी स्तरों और पृष्ठभूमि के धावकों के लिए एक समावेशी आयोजन बनेगा। यह ऐतिहासिक आयोजन आईडीएफसी फर्स्ट बैंक के साथ भागीदारी में आयोजित होगा।
हर प्रतिभागी को अविस्मरणीय अनुभव देने के लिए तैयारियाँ जोरों पर हैं। यह कार्यक्रम जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में आयोजित किया जाएगा, जिसमें दौड़ का मार्ग इंडिया गेट और ऐतिहासिक कर्तव्य पथ से होकर रहेगा। केंद्रीय युवा मामले और खेल मंत्री मनसुख एल मांडविया आईएनएचएम को हरी झंडी दिखाएंगे। इसके अलावा, इस कार्यक्रम में सशस्त्र बलों के वरिष्ठ अधिकारी और विशिष्ट व्यक्ति, नागरिक अतिथि और प्रसिद्ध खिलाड़ी भी शामिल होंगे।

सबसे प्रतिबद्ध धावकों के समर्पण का उत्सव मनाने के लिए, नौसेना गर्व से इंडियन नेवी स्लैम का शुभारंभ करती है - यह प्रतिष्ठित सम्मान उन लोगों को दिया जाएगा जो कोच्चि, विशाखापत्तनम, मुंबई और नई दिल्ली में भारतीय नौसेना द्वारा आयोजित सभी चार दौड़ पूरी करेंगे। यह विशिष्ट सम्मान भारतीय नौसेना के अनुशासन और दृढ़ संकल्प का प्रतीक है, जो धावकों की दृढ़ता और धैर्य को प्रदर्शित करता है।
इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड भी सहयोगी भागीदार के रूप में इसमें शामिल है और इस आयोजन को प्रमुख एजेंसियों से मजबूत समर्थन प्राप्त हुआ है, जिसमें दिल्ली पुलिस और नई दिल्ली नगर पालिका परिषद (एनडीएमसी) ने इस आयोजन की सफलता सुनिश्चित करने में अहम भूमिका निभाई है।
इस आयोजन का उद्देश्य स्वस्थता, अनुशासन और राष्ट्रीय गौरव की भावना का उत्सव मनाना है। एक आकर्षक रेस मार्ग, प्रतिष्ठित गणमान्य व्यक्तियों और प्रमुख भागीदारों के अटूट समर्थन के साथ, यह आयोजन सभी प्रतिभागियों को प्रेरित करने के लिए तैयार है। इस उद्घाटन संस्करण के साथ, भारतीय नौसेना स्वास्थ्य, दृढ़ता और सौहार्द की संस्कृति को प्रोत्साहन देने की अपनी प्रतिबद्धता की पुष्टि करती है। भारतीय नौसेना, 2 फरवरी 25 को एक रोमांचक दौड़ दिवस का बेसब्री से इंतजार कर रही है और नई दिल्ली के दिल में इस शानदार खेल आयोजन में सभी प्रतिभागियों का स्वागत करने के लिए उत्सुक हैं।
केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने खो-खो विश्व कप 2025 की विजेता टीमों को सम्मानित किया
नई दिल्ली | केंद्रीय युवा मामले एवं खेल तथा श्रम एवं रोजगार मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने बुधवार को नई दिल्ली में विश्व कप विजेता खो-खो टीमों को सम्मानित किया। इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में 19 जनवरी को पहले खो-खो विश्व कप का खिताब जीतकर भारतीय पुरुष और महिला टीमों ने इतिहास रच दिया। दोनों टीमों ने अपने-अपने फाइनल में नेपाल को हराया।
पुरुष और महिला खो-खो टीमों की पूरी टीम के साथ-साथ कोच, भारतीय खो-खो महासंघ (केकेएफआई) के अध्यक्ष सुधांशु मित्तल और मंत्रालय तथा भारतीय खेल प्राधिकरण के अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।

देश में पारंपरिक खेलों के बारे में बात करते हुए डॉ. मांडविया ने कहा, "पारंपरिक खेल लचीलापन, सामुदायिक भावना को दर्शाते हैं और सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि ये हमारे पारंपरिक खेल मूल्यों को बनाए रखते हैं। दुनिया को इन पारंपरिक खेलों की समृद्धि से बहुत कुछ सीखना है।"
केंद्रीय मंत्री ने कहा, "माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने विभिन्न राष्ट्रीय मंचों पर कहा है कि हमें पारंपरिक खेलों को सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन देना होगा। अब हमारी टीमें न केवल सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर रही हैं, बल्कि शानदार प्रदर्शन भी कर रही हैं। मैं अपने खिलाड़ियों के जज्बे और दोनों टीमों के पारंपरिक कौशल की सराहना करता हूं।"
वर्ष 2036 में होने वाले ओलंपिक खेलों की मेज़बानी के लिए भारत ने दावेदारी पेश की है। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री ने कहा कि सभी हितधारकों की जीत का सिलसिला जारी रहना चाहिए, जिसका नवीनतम लक्ष्य 2026 एशियाई खेल हैं। हमने खो-खो विश्व कप के आयोजन में शानदार काम किया और हमें यह प्रयास करने की ज़रूरत है कि इन खिलाड़ियों को एशियाई खेलों में खेलने का मौका मिले। सरकार का प्रयास भी खो-खो को 2036 ओलंपिक खेलों में ले जाना है। इसके लिए खिलाड़ियों और कोचों को बेहतर प्रदर्शन करते रहना होगा। महासंघ को अच्छा प्रबंधन करते रहना होगा और खेल मंत्रालय खिलाड़ियों के प्रदर्शन को बेहतर बनाने में सहायता और सहयोग करता रहेगा।
राष्ट्रीय राजधानी में आयोजित खो-खो विश्व कप 2025 में भाग लेने वाले 23 देशों में से भारत शीर्ष पर रहा। इसका श्रेय काफी हद तक भारतीय खेल प्राधिकरण जेएलएन स्टेडियम में महीने भर चलने वाले शिविर को दिया जाता है। भारतीय महिला खो-खो टीम के मुख्य कोच सुमित भाटिया ने बताया कि 10 दिसंबर को हमने 60 खिलाड़ियों के साथ साई जेएलएन स्टेडियम में शिविर शुरू किया। उनमें से, हमने पुरुष और महिला टीम के लिए 15-15 सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी चुने। टीमों में कश्मीर से लेकर कन्याकुमारी तक के खिलाड़ी शामिल थे और शिविर ने उन्हें टीम के बीच तालमेल बिठाने में मदद की।
सुमित भाटिया ने कहा, "खिलाड़ियों को पहली बार खेल विज्ञान परीक्षण से गुजरना पड़ा और उन्हें भारतीय खेल प्राधिकरण की ओर से सर्वोत्तम आहार और आवास सुविधाएं प्रदान की गईं। इसने आज हमारी सफलता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। चार साल बाद इंग्लैंड में होने वाले विश्व कप के अगले संस्करण के साथ, हम पोडियम के शीर्ष पर फिर से भारत का झंडा फहराने का प्रयास करेंगे।"
केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मंडाविया शीतकालीन खेल : खेलो इंडिया 2025 का उद्घाटन करेंगे
सेना, महाराष्ट्र आइस हॉकी और स्पीड स्केटिंग के अपने खिताब बचाने के लिए तैयार है, जैसाकि 19 टीमें अपने 428 एथलीटों के साथ दो आइस स्पर्धाओं - हॉकी और स्केटिंग में हिस्सा लेंगी |
नई दिल्ली | खेलो इंडिया सीजन की शुरुआत 23.01.2025 (गुरुवार) को लद्दाख में खेलो इंडिया विंटर गेम्स 2025 से होगी। राज्यों, केंद्र शासित प्रदेशों और संस्थागत संगठनों वाली उन्नीस टीमें पाँच दिनों तक दो स्पर्धाओं - आइस हॉकी और आइस स्केटिंग में प्रतिस्पर्धा करेंगी। यह के.आई.डब्ल्यू.जी 2025 का पहला भाग होगा। दूसरा भाग, जिसमें स्कीइंग जैसे बर्फ के खेल शामिल हैं, 22-25 फरवरी तक जम्मू और कश्मीर द्वारा आयोजित किया जाएगा।
केंद्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया गुरुवार को लेहोन के प्रतिष्ठित नवांग दोरजे स्टोबदान खेल परिसर में उद्घाटन समारोह में उपस्थित रहेंगे और खेलों के शुभारंभ की घोषणा करेंगे।

डॉ. मांडविया के साथ कई गणमान्य व्यक्ति शामिल होंगे, जिनमें केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख के उपराज्यपाल ब्रिगेडियर डॉ. बीडी मिश्रा और भारतीय खेल प्राधिकरण तथा लद्दाख स्वायत्त पर्वतीय विकास परिषद के वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे।
594 प्रतिभागियों के स्वागत के लिए पारंपरिक लद्दाखी शैली में उद्घाटन की योजना बनाई गई है, जिनमें से 428 एथलीट होंगे। यह दूसरा मौका होगा जब लद्दाख शीतकालीन खेलों की मेज़बानी करेगा, जबकि यह इसका पाँचवाँ संस्करण होगा।
एनडीएस और गुपुक्स तालाब में कई युवा स्केटर्स एक्शन में नज़र आएँगे, ये दो जगह हैं जहाँ शॉर्ट और लॉन्ग फॉर्म स्केटिंग का आयोजन किया जाएगा। एनडीएस और लद्दाख स्काउट्स रेजिमेंटल सेंटर में आइस हॉकी मैच खेले जाएँगे। इन इवेंट्स के तकनीकी संचालन की निगरानी भारतीय खेल प्राधिकरण द्वारा राष्ट्रीय खेल महासंघों की मदद से की जाएगी। के.आई.डब्ल्यू.जी. के उद्घाटन समारोह को दूरदर्शन स्पोर्ट्स द्वारा लाइव कवर किया जाएगा और 27 जनवरी तक हर दिन इवेंट्स का लाइव-स्ट्रीम किया जाएगा।
के.आई.डब्ल्यू.जी. 2024 में महाराष्ट्र ने स्केटिंग में 20 पदक जीते थे, जिसमें छह स्वर्ण पदक शामिल थे। कर्नाटक ने भी छह स्वर्ण पदक जीते, लेकिन महाराष्ट्र के 20 स्वर्ण पदकों के मुकाबले उनके कुल आठ पदकों ने उन्हें स्टैंडिंग में दूसरे स्थान पर पहुँचा दिया। मेज़बान लद्दाख, जिसने स्पीड स्केटिंग में दो ऐतिहासिक खेलो इंडिया स्वर्ण पदक जीते, 13 पदकों के साथ तीसरे स्थान पर रहा।
आइस हॉकी प्रतियोगिता में सेना, आईटीबीपी, हिमाचल प्रदेश और लद्दाख की टीमों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा होती है। गत पुरुष चैंपियन सेना और महिला खिताब धारक आईटीबीपी ने अधिकांश राष्ट्रीय और खेलो इंडिया विंटर गेम्स खिताब आपस में साझा किए हैं।
सभी टीमें लेह पहुँच चुकी हैं, जो 11,562 फीट की ऊँचाई पर स्थित है। हिमाचल प्रदेश का सबसे बड़ा दल 78 एथलीटों और सहयोगी स्टाफ का है। हरियाणा (62), लद्दाख (52) और महाराष्ट्र (48) लद्दाख संस्करण में प्रतिस्पर्धा करेंगे।
खेलो इंडिया योजना के तहत, युवा कार्यक्रम और खेल मंत्रालय (एमवाईएएस) प्रतिभाशाली एथलीटों को अपने खेल और प्रतिस्पर्धी कौशल का प्रदर्शन करने के लिए एक मंच प्रदान करने के लिए राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं, यानी खेलो इंडिया युवा खेल, खेलो इंडिया विश्वविद्यालय खेल, खेलो इंडिया पैरा गेम्स और खेलो इंडिया शीतकालीन खेलों का आयोजन करता है। 2020 से शुरू होकर, अब तक 36 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों की भागीदारी के साथ खेलो इंडिया शीतकालीन खेलों के चार संस्करण सफलतापूर्वक आयोजित किए जा चुके हैं। खेलो इंडिया शीतकालीन खेल 2025 का पाँचवा संस्करण केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख और जम्मू-कश्मीर में क्रमशः 23-27 जनवरी और 22-25 फरवरी को दो बर्फ और चार बर्फ विषयों में आयोजित किया जाएगा। प्रतिभाओं का दोहन करने के अलावा, खेलो इंडिया शीतकालीन खेल एक क्षेत्र की कला, संस्कृति और विरासत को भी प्रदर्शित करते हैं और खेलों के माध्यम से पर्यटन को बढ़ावा देते हैं।
एनसीसी गणतंत्र दिवस शिविर 2025 में भाग लेने वाले कैडेटों द्वारा ‘हॉर्स शो’
नई दिल्ली | गणतंत्र दिवस शिविर में भाग लेने वाले एनसीसी कैडेटों द्वारा 19 जनवरी, 2025 को दिल्ली कैंट स्थित 61 कैवलरी ग्राउंड में वार्षिक ‘हॉर्स शो’ प्रस्तुत किया गया। इस शिविर के दौरान राष्ट्रीय स्तर की अंतर-निदेशालय एनसीसी घुड़सवारी प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाता है, जिसका समापन एक शानदार ‘हॉर्स शो’ के साथ होता है। कैडेट, लड़के और लड़कियां दोनों, टेंट पेगिंग और शो जंपिंग की शानदार प्रस्तुति के माध्यम से अपने कौशल का प्रदर्शन करते हैं। इस वर्ष घुड़सवारी प्रतियोगिता में देश भर से 40 सीनियर डिवीजन और 20 सीनियर विंग के कैडेटों ने भाग लिया। इस घुड़सवारी प्रतियोगिता के पुरस्कार विजेता कैडेट इस प्रकार हैं |

• सर्वश्रेष्ठ घुड़सवार (संयुक्त): अंडर ऑफिसर अंश कर्णावत (राजस्थान निदेशालय) और जूनियर अंडर ऑफिसर वड्लमुडी लोकेश (आंध्र प्रदेश एवं तेलंगाना निदेशालय)
• सर्वश्रेष्ठ घुड़सवार (लड़की): सार्जेंट भूमिका कंवर (दिल्ली निदेशालय)
• सर्वश्रेष्ठ घुड़सवार उप-विजेता (लड़की): अंडर ऑफिसर स्वर्णिका राठौड़ (राजस्थान निदेशालय)
• सर्वश्रेष्ठ टेंट पेगर:
• डॉ. रूप ज्योति शर्मा ट्रॉफी: सीनियर अंडर ऑफिसर हर्षित सिंह (उत्तर प्रदेश निदेशालय)
• डीजी आरवीएस ट्रॉफी: सार्जेंट वतनदीप सिंह (पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश और चंडीगढ़ निदेशालय)
एनसीसी के महानिदेशक ने कैडेटों को ट्रॉफी और पुरस्कार देकर सम्मानित किया। उन्होंने इस बात पर प्रकाश डाला कि कैसे घुड़सवारी और घुड़सवारी में प्रशिक्षण एनसीसी कैडेटों को एक रोमांचक साहसिक कार्य का अनुभव प्रदान करता है, जिससे उन्हें दृढ़ता, अनुशासन, धैर्य और सहनशक्ति जैसे महत्वपूर्ण गुणों को हासिल करने में मदद मिलती है जो उन्हें जीवन के सभी क्षेत्रों में आगे बढ़ने में सहायक होंगे। इसके बाद, आइज़ॉल के मिज़ो हाई स्कूल के कैडेटों द्वारा एक मनमोहक बैंड प्रदर्शन किया गया।
मीडिया से बातचीत करते हुए एनसीसी के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल गुरबीरपाल सिंह ने कहा कि एनसीसी के पास वर्तमान में कैडेटों को प्रशिक्षित करने और समन्वय, शक्ति, अनुशासन, आत्मविश्वास, दृढ़ता तथा अडिग खेल भावना जैसे कौशल विकसित करने के लिए 294 घोड़े हैं।
एनसीसी के पास वर्तमान में 12 एनसीसी निदेशालयों में 20 राइडिंग इकाइयां हैं जो कैडेटों को खेल में उत्कृष्टता हासिल करने के पर्याप्त अवसर प्रदान करती हैं। सर्वोच्च स्तर का घुड़सवारी कौशल हासिल करने के लिए कैडेटों को एनसीसी रिमाउंट एंड वेटरनरी (आर एंड वी) इकाइयों में वर्ष भर कठोर प्रशिक्षण से गुजरना पड़ता है। वर्ष 2024 में कैडेटों ने कई क्षेत्रीय घुड़सवारी प्रतियोगिताओं में भाग लिया, जहां उन्होंने पांच स्वर्ण, चार रजत और एक कांस्य पदक जीता और तीन कैडेटों ने जूनियर राष्ट्रीय घुड़सवारी चैम्पियनशिप के लिए क्वालीफाई किया।
भारत बना महिला और पुरुष खो-खो वर्ल्ड चैंपियन : प्रधानमंत्री मोदी ने दी बधाई
नई दिल्ली | खो-खो विश्व कप 2025 में भारत ने बड़ा इतिहास रच दिया। भारतीय पुरुष और महिला दोनों टीमों ने अपने-अपने फाइनल मुकाबले जीतकर वर्ल्ड चैंपियन का खिताब हासिल किया। दिल्ली के इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में खेले गए फाइनल मुकाबले में पुरुष टीम ने नेपाल को 54-36 से हराया। वही इससे पहले महिला टीम ने भी नेपाल को 78-40 के बड़े अंतर से हरा कर खिताब अपने नाम किया। टूर्नामेंट 13 से 19 जनवरी तक नई दिल्ली में आयोजित किया गया, जिसमें भारतीय टीमों ने पूरे टूर्नामेंट में अपना दबदबा बनाए रखा और अजेय रहीं।
भारतीय टीम की इस शानदार उपलब्धि पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बधाई दी। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, "आज भारतीय खो-खो के लिए गर्व का दिन रहा। पुरुष और महिला टीम ने अपने कौशल, धैर्य और समर्पण से देश का नाम रौशन किया। यह जीत खो-खो जैसे पारंपरिक खेल को नई पहचान देने में मील का पत्थर साबित होगी।"

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी भारतीय टीम की जीत पर खुशी जाहिर की। उन्होंने लिखा, "भारतीय महिला और पुरुष खो-खो टीम को विश्व कप जीतने पर हार्दिक - हार्दिक बधाई। यह जीत आपके अद्वितीय खेल कौशल और टीम भावना का प्रतीक है। सभी खिलाड़ियों को उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं।"
पुरुष फाइनल में नेपाल ने टॉस जीतकर डिफेंस चुना। भारत ने पहली पारी में 26-0 की बढ़त बनाई और नेपाल को ऑलआउट कर दिया। दूसरी पारी में नेपाल ने 18 अंक जुटाए, लेकिन भारत ने तीसरी पारी में 28 अंक बटोरकर बढ़त 54-18 कर ली। चौथे टर्न में नेपाल ने 18 अंक जोड़े, लेकिन भारत ने 54-36 के अंतर से फाइनल जीत लिया।
महिला फाइनल में भारत ने पहली पारी में 34 अंक जुटाए और नेपाल को सिर्फ 24 अंकों पर रोक दिया। दूसरी पारी में भारत ने अपनी बढ़त को और मजबूत करते हुए 73-24 का स्कोर कर लिया। चौथी पारी में नेपाल सिर्फ 16 अंक ही जुटा सका, जबकि भारत ने 5 अंक और जोड़कर 78-40 से मैच जीत लिया।
महिला वर्ग में 19 टीमों ने हिस्सा लिया, वही पुरुष वर्ग में 20 टीमों ने। भारतीय महिला टीम ने ग्रुप स्टेज में साउथ कोरिया, ईरान और मलेशिया जैसी टीमों को बड़े अंतर से हराया। सेमीफाइनल में साउथ अफ्रीका को मात देने के बाद फाइनल में नेपाल को हराया।
पुरुष टीम ने ग्रुप स्टेज में नेपाल, ब्राजील, पेरू और भूटान को हराया। क्वार्टर फाइनल में श्रीलंका और सेमीफाइनल में साउथ अफ्रीका को हराने के बाद फाइनल में एक बार फिर नेपाल को शिकस्त दी।
भारत की इस ऐतिहासिक उपलब्धि ने खो-खो को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाई है और युवाओं के बीच इस खेल को लेकर नई उम्मीदें जगाई हैं।
छत्तीसगढ़ के प्रभतेज भाटिया बने बीसीसीआई के नए कोषाध्यक्ष... सचिव की जिम्मेदारी पूर्व क्रिकेटर देवजीत सैकिया को
डेस्क। पूर्व विकेटकीपर बल्लेबाज देवजीत सैकिया आधिकारिक रूप से भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के नए सचिव चुने गए हैं। सैकिया ICC के नवनियुक्त अध्यक्ष जय शाह की जगह यह पद संभालेंगे। वहीं, प्रभतेज सिंह भाटिया को कोषाध्यक्ष चुना गया है। सैकिया और भाटिया अपने-अपने पद पर निर्विरोध चुने गए। सैकिया और भाटिया को चुनने का फैसला बीसीसीआई की विशेष आम बैठक (एसजीएम) के दौरान हुआ।
प्रभतेज सिंह भाटिया छत्तीसगढ़ राज्य क्रिकेट संघ (सीएससीएस) से हैं और बीसीसीआई की शीर्ष परिषद में पहले भी काम कर चुके हैं। वे छत्तीसगढ़ राज्य क्रिकेट संघ (CSCS) के प्रतिनिधि हैं और छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध उद्योगपति और समाजसेवी बलदेव सिंह भाटिया के पुत्र हैं। बलदेव सिंह भाटिया भी छत्तीसगढ़ क्रिकेट संघ के अध्यक्ष रह चुके हैं। भाटिया कोषाध्यक्ष की भूमिका में तब आए जब उनके पूर्ववर्ती आशीष शेलार ने महाराष्ट्र राज्य सरकार में कैबिनेट मंत्री के तौर पर शामिल होने के बाद पद छोड़ दिया।
बता दें कि जय शाह ने पिछले साल 1 दिसंबर को आईसीसी चेयरमैन का पद संभाला था। देवजीत सैकिया विकेटकीपर बल्लेबाज हैं, जो असम के रहने वाले हैं। उन्होंने केवल 4 फर्स्ट क्लास मैच खेले हैं। जिसमें उन्होंने 6 इनिंग में केवल 53 रन बनाए हैं। उनका उच्चतम स्कोर 24 रन रहा है। उनके नाम केवल एक स्टंपिंग है. जबकि विकेट के पीछे 8 कैच लपके हैं।
राज्य के 75 युवा राष्ट्रीय युवा महोत्सव में होंगे शामिल
राष्ट्रीय युवा महोत्सव-2025 : उत्कृष्ट और मनमोहक प्रस्तुति से युवा छत्तीसगढ़ का नाम करें रोशन -मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय
छत्तीसगढ़ से शामिल होने वाले युवाओं को मुख्यमंत्री और विधानसभा अध्यक्ष,मंत्रीगणों सहित विधायकों ने दी शुभकामनाएं
रायपुर | राष्ट्रीय युवा महोत्सव में शामिल होने जा रहे युवाओं को उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं देते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने के साथ ही छत्तीसगढ़ को भी विकसित राज्य बनाना है।
उल्लेखनीय है कि स्वामी विवेकानन्द के जन्मदिवस पर आयोजित राष्ट्रीय युवा महोत्सव में उत्कृष्ट और मनमोहक प्रस्तुति से युवा छत्तीसगढ़ का नाम रोशन करेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन भारत को वर्ष 2047 से पूर्व विकसित बनाने की भारत सरकार की मुहिम में छत्तीसगढ़ के युवाओं ने अपना टैलेंट दिखाया है। राष्ट्रीय युवा उत्सव के लिए कुल 75 प्रतिभागियों का चयन छत्तीसगढ़ राज्य के प्रतिनिधित्व के लिए किया गया है। भारत मण्डपम नई दिल्ली में 11 एवं 12 जनवरी 2025 को भारत के प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के समक्ष भारत को विकसित बनाने के विज़न को प्रस्तुत करने का अवसर राज्य के 75 युवाओं को उपलब्ध कराया जाएगा।

विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि युवा दिल्ली में अपनी प्रतिभा का जौहर दिखाकर छत्तीसगढ़ का नाम रोशन करें। आगामी 11 और 12 जनवरी को राष्ट्रीय युवा महोत्सव में ऐसा प्रदर्शन करें कि देश के अन्य राज्यो से आये युवाओं के जुबान पर "छत्तीसगढ़िया सब ले बढ़िया" हो।
खेल मंत्री टंक राम वर्मा ने कहा कि युवा भारत की शक्ति है। युवाओं को छत्तीसगढ़ में अपने प्रतिभा को निखारने का अवसर प्रदान किया जा रहा है। छत्तीसगढ़ के 75 युवा राष्ट्रीय युवा महोत्सव में शामिल होंगे।
गौरतलब है कि युवा महोत्सव के माध्यम से खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा राज्य के 80 हजार से अधिक युवाओं को प्लेटफार्म उपलब्ध कराया गया। रायपुर स्थित सरदार वल्लभ भाई पटेल अंतर्राष्ट्रीय हाॅकी स्टेडियम में 26 और 27 दिसम्बर 2024 को यूथ डाॅयलाग सम्पन्न हुआ । भारत को विकसित बनाने के लिए भविष्य के लिए बुनियादी ढांचे का निर्माण, महिलाओं को सशक्त बनाना और सामाजिक संकेतक में सुधार, विकसित भारत के लिए युवाओं को सशक्त बनाना, कृषि में उत्पादकता बढ़ाना, भारत को एक स्पोर्टिंग और फिट राष्ट्र बनाना, भारत को वैश्विक विनिर्माण पावर हाऊस बनाना, भारत को विश्व की स्टार्टअप राजधानी के रूप में विकसित करना, भारत को पूर्णतः टिकाऊ भविष्य की ओर ले जाना, विकसित भारत के लिए तकनीकी, विकास भी विरासत भी की थीम पर माई भारत पोर्टल पर छत्तीसगढ़ के 3 लाख 26 हजार से अधिक पंजीकृत वालेंटियर्स एवं प्रदेश के विद्यालयीन एवं महाविद्यालयीन छात्र-छात्राओं के लिए सर्व प्रथम आनलाइन क्वीज का आयोजन किया गया, जिसमें राज्य के 80 हजार से अधिक युवाओं ने हिस्सा लिया।
आनलाईन क्वीज़ में क्वालीफाईड 6,103 युवाओं में से 635 युवाओं ने भारत को विकसित राष्ट्र बनाने संबंधी निर्धारित 10 थीम पर निबंध लेखन किया। निबंध लेखन अंतर्गत प्रत्येक विषय में अधिकतम 25 अभ्यर्थियों का चयन स्टेट चैम्पियनशिप के लिए किया जाना था। इसमें से 228 युवाओं का चयन स्टेट चैम्पियनशिप के लिए किया गया।
सरदार वल्लभ भाई पटेल अंतर्राष्ट्रीय हाॅकी स्टेडियम जी.ई. रोड रायपुर में स्टेट चैम्पियनशिप का आयोजन संचालनालय खेल एवं युवा कल्याण द्वारा किया गया। इसके अंतर्गत युवा प्रतिभागियों ने पी.पी.टी. के माध्यम से भारत को विकसित बनाने हेतु अपना विज़न विषय विशेषज्ञों के समक्ष प्रस्तुत किया। छत्तीसगढ़ राज्य से 12 विषय विशेषज्ञों ने युवा प्रतिभागियों के द्वारा प्रस्तुत विज़न पी.पी.टी. का मूल्यांकन किया।
स्टेट चैम्पियनशिप में छत्तीसगढ़ के 45 युवाओं का चयन कर उन्हें नई दिल्ली भेजने हेतु "Sending Off" समारोह का आयोजन किया गया। इसके अतिरिक्त विकासखण्ड स्तर से जिला स्तर और जिला स्तर के विजेता प्रतिभागियों के सांस्कृतिक प्रदर्शन का विशेषज्ञों के माध्यम से वीडियो अवलोकन कर राष्ट्रीय युवा उत्सव के लिए 30 प्रतिभागियों का चयन लोकगीत, लोकनृत्य, कविता, कहानी, चित्रकला, साइंस मेला एवं वक्तृत्व कला विधाओं से चयनित किया गया है।
इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल, विधायकगण किरण देव, मोतीलाल साहू, इंद्र कुमार साव, अनुज शर्मा,गुरु खुशवंत साहेब, खेल विभाग के सचिव हिमशिखर गुप्ता एवं संचालक तनुजा सलाम सहित संबंधित अधिकारी-कर्मचारी और युवा उपस्थित थे।