रायपुर
छत्तीसगढ़ राज्य बाल कल्याण परिषद में मनाया शिक्षक दिवस
विद्यार्थियों को बड़ा सपना देखने प्रेरित करें शिक्षक : राज्यपाल
'सहयोग' ने रोचक खेलों के साथ मनाया तीज महोत्सव, बुजुर्गों ने किया पौधारोपण
राज्य में बहुत जल्द शुरू होगा लिवर और किडनी ट्रांसप्लांट : स्वास्थ्य मंत्री जायसवाल
ऑर्गन ट्रांसप्लांट उपकरणों के लिए 6 करोड़ रुपए की मंजूरी
अंबेडकर अस्पताल में पोस्टमार्टम के लिए नई वर्चुअल मशीन
रायपुर | मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मंशा के अनुसार छत्तीसगढ़ बहुत जल्द स्वास्थ्य के मामलों में वैश्विक सुविधाएं देने वाला राज्य बनने वाला है। इनमें ऑर्गन ट्रांसप्लांट और बायपास हार्ट सर्जरी जैसी सुविधाएं शामिल होंगी।
स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल के अनुसार राज्यभर में सुपर स्पेशियलिटी सुविधाओं को बढ़ावा देने के लिए, अब राजधानी के डीकेएस अस्पताल में लिवर और किडनी ट्रांसप्लांट की सुविधा जल्द शुरू की जाएगी। उन्होंने कहा कि डीकेएस में पहले ही अत्याधुनिक आईसीयू तैयार किया जा चुका है और लिवर तथा किडनी ट्रांसप्लांट के उपकरणों के लिए 6 करोड़ रुपए भी स्वीकृत किए गए हैं।
उन्होंने बताया कि यह सुविधा राजधानी के मरीजों के साथ-साथ आस-पास के राज्यों से आने वाले मरीजों को भी लाभान्वित करेगी। इसके अलावा, उन्होंने जानकारी दी कि प्रदेश के 6 जिलों में अत्याधुनिक मॉडल अस्पताल बनाए जाएंगे, जिनमें सुपर स्पेशियलिटी सेवाएं उपलब्ध होंगी।
स्वास्थ्य मंत्री जायसवाल के अनुसार अंबेडकर अस्पताल में आईवीएफ सेंटर भी स्थापित करने पर विचार किया जा रहा है। इस संबंध में रुकी हुई डीपीआर का निर्माण शीघ्र ही शुरू किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अंबेडकर अस्पताल में आधुनिक पोस्टमार्टम हाउस भी बनाया जाएगा, जिसमें नए उपकरणों के साथ-साथ विशेषज्ञ स्टाफ भी तैनात किया जाएगा।
स्वास्थ्य मंत्री जायसवाल के अनुसार अंबेडकर अस्पताल में पोस्टमार्टम के लिए नई वर्चुअल मशीन स्थापित की जा रही है। यह मशीन देश में सबसे आधुनिक तकनीक से युक्त होगी और इससे पोस्टमार्टम के कार्यों में तेजी आएगी। इसके साथ ही यह सुविधा राजधानी के लोगों के लिए अत्यधिक सहायक सिद्ध होगी।
अस्पतालों में बढ़ेंगी नई सेवाएं
स्वास्थ्य मंत्री जायसवाल के अनुसार सरकारी अस्पतालों में नई सेवाओं की संख्या बढ़ाई जाएगी। इसमें दूरस्थ परामर्श, अत्याधुनिक उपकरणों का उपयोग एवं विशेषज्ञ चिकित्सकों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। इससे राज्य के सभी नागरिकों को अत्याधुनिक एवं उच्च गुणवत्ता वाली चिकित्सा सेवाएं प्राप्त होंगी।
राजधानी में गणेश उत्सव को लेकर गाइडलाइन जारी : गणेश उत्सव को लेकर महत्वपूर्ण निर्देश
रायपुर | रायपुर जिला प्रशासन ने कलेक्टोरट स्थित रेडक्रास सभागार में गणेश उत्सव समितियों की बैठक आयोजित की | इस बैठक में सभी समितियों के पदाधिकारी मौजूद रहे | इस दौरान स्थानीय प्रशासन और गणेश उत्सव समितियों के प्रतिनिधियों को समय पर आवश्यक रिपोर्ट प्रस्तुत करने और एनजीटी के दिशा-निर्देशों के अनुसार प्रतिमाओं की विसर्जन प्रक्रिया और पॉलिथीन के उपयोग को लेकर विशेष निर्देश दिए गए।
जिला प्रशासन ने गणेश विसर्जन और पंडाल निर्माण को लेकर कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किया है | जारी निर्देशों के तहत गणेश पंडाल निर्माण और विसर्जन के आदेश दिए गए हैं।
निर्धारित स्थानों पर गणेश विसर्जन किया जाए।
सभी पंडालों पर सीसीटीवी कैमरे के साथ वांलटियर रखे।
बायोडिग्रेडेबल सामग्रियों का उपयोग किया जाए।
पॉलिथीन थैलियों का उपयोग पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।
समितियों के बैठक में एडीएम देवेंद्र पटेल ने गणेश उत्सव समितियों के पदाधिकारियों से शांतिभंग नहीं करने और यातायात बाधित न हो इसके लिए सड़क किनारे पंडाल नहीं लगाने की बात कही गई है | उत्सव के दौरान स्वच्छता अभियान भी चलाया जाएगा और किसी भी उल्लंघन के मामले में संबंधित समितियों को जिम्मेदार ठहराया जाएगा | साथ ही प्रदूषण और गंदगी फैलाने पर सख्त कार्रवाई की भी चेतावनी दी गई है | बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ओपी शर्मा सहित जिला प्रशासन के अधिकारी और पदाधिकारी मौजूद रहे।
हथबंध चौक में शिवाजी की प्रतिमा स्थापना और चौक के नामकरण को लेकर सरपंच से मिला मराठा समाज
रायपुर। अखंड भारत के दैवत श्रीमंत छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा की स्थापना नंदनवन रोड स्थित मां बगलामुखी मंदिर हथबंध के पास गोशाला में की जाएगी। प्रतिमा स्थापना के लिए मराठा समाज और हथबंध के सरपंच ने 24 सितंबर 2023 को भूमिपूजन किया था। आज मराठा समाज के पदाधिकारियों ने उस उल्लेखनीय कार्य के लिए सरपंच का सम्मान किया और उनसे शीघ्र कार्य प्रारंभ करने का अनुरोध किया। सरपंच ने मराठा समाज के पदाधिकरियों से कहा की निर्माण कार्य शीघ्र आरंभ किया जाएगा।
मराठा समाज के गणेशा जाधव पाटिल ने बताया कि पिछले वर्ष सरपंच मणिलाल निषाद, मराठा समाज के सुरेंद्र डुकरे, लोकेश पवार ने 24 सितम्बर 2023 को भूमिपूजन किया था। इस भूमि पूजन के साथ चौक का नाम छत्रपति शिवाजी महाराज के नाम पर करने की घोषणा सरपंच ने की। आज मराठा समाज के अध्यक्ष गुणवंत राव घाटगे ने पदाधिकारियों की उपस्थिति में सरपंच मणिलाल निषाद का शाल, श्रीफल और पुष्पहार से अभिनंदन किया। तथा चौक के नामकरण की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए स्मरण पत्र सौंपा।
इस अवसर पर सभी समाजजनों ने गोशाला में गो पूजन कर के गोमाता को गुड़ खिलाया तथा मां बगुलामुखी का दर्शन कर आशीर्वाद लिया। तथा गोचारा के लिए गोशाला समिति को दान, सहयोग राशि प्रदान की गई। इस अवसर पर मराठा समाज अध्यक्ष गुणवंत राव घाटगे, सुरेन्द्र डुकरे, महेंद्र जाधव, गणेशा जाधव पाटिल, दीपक इंगले, माधव वांडेकर , हेमराव सिरगिरे, संतोष महाडिक, सतीश भोंसले, गणेश जाधव प्रमुख रुप से उपस्थित थे।
मराठा समाज के सदस्य एवं गोशाला समिति के सचिव गणेशा जाधव ने सभी आह्वान किया कि सभी लोग अपने विवाह समारंभ, जन्मदिन, वैवाहिक वर्षगांठ, पितरों की याद और अन्य धार्मिक आयोजन के अवसर पर गोसेवा से पुनीत कार्य में अपनी सहभागिता दें। अपनी क्षमता के अनुसार गोमाता को भोजन कराए।
बरसो रे मेघा... मुड़ मुड़ के न देख गीतों से सजा हरियाली तीज उत्सव
रायपुर। छतीसगढ़ स्टेट पॉवर कंपनी के आदर्शिनी महिला मंडल द्वारा क्लब भवन डंगनिया में हरियाली तीज उत्सव मनाया गया। कार्यक्रम में महिलाओं ने रंगारंग प्रस्तुतियां दी। विभा पांडे की गणेश वंदना के साथ उत्सव की शुरुआत हुई।
आभा चौकसे एवं साथियों ने बरसो रे मेघा..., ममता खंडेलवाल एवम साथियों ने माथे साजे बोरलो..., पूर्वा श्रीवास्तव, प्रीति साहू व साथियों ने ढाई शाम रोक लई..., मंजु नेताम व साथियों ने बलम सामी..., नमिता विश्वकर्मा ने साजन को बना लुंगी..., उर्मिला चौहान व साथियों ने मुड़ मुड़ के न देख..., यामिनी मोदी व साथियों ने ज़ुबी डूबी ज़ुबी डूबी. ., उदया पाठक ने पान खाए साईया...पर मनमोहक नृत्य पेश किया। वहीं आभा शुक्ला, अंजलि चंद्रा, दिव्या पत्रीकर, अनुराधा मुखर्जी ने सावन गीत गाए।
इस दौरान सावन क्वीन प्रतियोगिता भी हुई। जिसमें माधुरी निगम प्रथम व अनिता टिकरिहा द्वितीय रही। अंत में अध्यक्ष श्रीमती कटियार ने 75 पौधे बांट कर पर्यावरण को संरक्षित करने का संदेश दिया। अध्यक्ष मंजुला सिंह ने मौसमी बीमारियों से सतर्क रहने की सलाह दी। इस अवसर पर प्रिया चौहान, प्रवीणा बापट, प्रशांति मूर्ति, वंदना खंडेलवाल, अमिता जैन, पूनम विश्वकर्मा आदि कमेटी के सदस्य उपस्थित थे।
स्वास्थ्य मंत्री जायसवाल को स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी, अमेरिका से आमंत्रण
रायपुर। छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल को 10 से 22 सितंबर तक स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी में आयोजित EPPI Con 2024 कांफ्रेंस में शामिल होने का आमंत्रण मिला है। आईआईएम रायपुर के तत्वाधान में स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी के ग्लोबल आउटरीच के डायरेक्टर ने स्वास्थ्य मंत्री को इस कांफ्रेंस में शामिल होने का आमंत्रण दिया है।
इस कांफ्रेंस के माध्यम से छत्तीसगढ़ की स्वास्थ्य व्यवस्था पर चर्चा करने के साथ ही राज्य की प्राथमिक स्वास्थ्य इकाइयों (आशा कार्यकर्ता एवं मितानिन) को मजबूत करने की योजना पर कार्य होगा। कांफ्रेंस के मुख्य उद्देश्य के अनुसार आशा एवं मितानिन कार्यकर्ताओं को डिजिटल साक्षर बनाने के लक्ष्य पर काम करना है तथा उन्हें आईआईएम, आईआईटी, एम्स एवं एनएनएलयू के साथ मिलकर ट्रेनिंग देकर और सक्षम बनाना है ताकि राज्य मे निचले स्तर पर ही बुनियादी एवं प्रशिक्षित स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध रहें।
जैन यूथ मीट एवं कैरियर काउंसलिंग “आरंभ-02” का आयोजन : कैरियर निर्माण में धार्मिक संस्कारों को सदैव आत्मसात रखें
रायपुर | श्री चंद्रप्रभ दिगंबर जैन मंदिर शंकर नगर समिति द्वारा जैन यूथ मीट एवं करियर काउंसलिंग “आरंभ- 2” का आयोजन स्थानीय वृंदावन हॉल में गत दिवस संपन्न हुआ l इस कार्यक्रम में जैन समाज के बच्चों ने उत्साह पूर्वक भाग लेकर अपनी भावी शिक्षा हेतु मार्गदर्शन प्राप्त किया ।
बाल ब्रह्मचारी सुनील भैया जी के सानिध्य एवं मार्गदर्शन में आयोजित करियर काउंसलिंग संबंधी इस द्वितीय शिविर आरंभ-2 में मुख्य अतिथि रितु अमिताभ जैन, डॉ. प्रणय डॉ. शेफाली जैन रहे । नारायणपुर के एसडीएम वासु जैन (आईएएस) एवं अंशिका जैन (आईपीएस) ने ऑनलाइन जुड़कर आयोजन में अपने विचार व्यक्त किये । करियर काउंसलर के रूप में अध्यसा पट्टनायक एवं शिवली श्रीवास्तव ने मार्गदर्शन प्रदान किया ।
इस अवसर पर अपने प्रेरणा-प्रद संबोधन में ब्रह्मचारी भैया सुनील जैन जी ने खुद की पहचान बनाने पर जोर दिया । उन्होंने कहा कि खुद से बड़ा शिक्षक कोई नहीं होता अतः स्वयं को पहचाने साथ ही अपने अभिरुचि के अनुसार शिक्षा ग्रहण करें । आपने अभिरुचि को जीवन का एक महत्वपूर्ण दर्शन बताया ।
भैया जी ने कहा कि हमें जीवन में आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ना चाहिए लेकिन अति-आत्मविश्वास नुकसानदायक हो सकता है । आपने कहा कि हमें अपने कैरियर के लिए ऐसा रास्ता चुनना चाहिए जिसमें हमें संतोष प्राप्त हो जो हमें अंदर से आल्हादित करता हो ऐसा मार्ग चुने से परिणाम बहुत ही सकारात्मक रहते हैं साथ ही आपने कहा कि दृढ़ संकल्प करने के पहले भले ही आप कई बार विचार करें लेकिन जब एक बार आपने संकल्प कर लिया तो फिर पीछे ना हटते हुए पूरी शक्ति के साथ उसे संकल्प को पूरा करने के लिए प्रयासरत रहना चाहिए, आपको सफलता निश्चित ही रूप मिलेगी ।
भैया जी ने विषय पर प्रकाश डालते हुए कहा कि हम अपने आसपास ऐसा सर्किल बनाएं जिससे हमारी आंतरिक शक्ति में विकास हो हम ऐसे लोगों से ही मिले जो हमारी शक्ति व समझ को आगे बढ़ाने में सहायक हो सकते हो । जीवन में भरपूर धूप ले । नए मित्र बनाएं । नई सोच के साथ आगे बढ़े ।
आपने कहा कि आज कल व्हाट्सएप पर तमाम मैसेज देख लेने के बाद कुछ भी याद नहीं रहता जबकि आप यदि किताब का अध्ययन करते हैं और उसके विचार को अपने दिमाग में रख लेते हैं तो वह जीवन पर्यंत आपको स्मरण में बना रहता है । साथ ही आपने कहा कि जीवन में जोखिम उठाने की क्षमता भी विकसित करनी होगी क्योंकि समय के अनुसार नहीं चलने पर आप पीछे रह जाएंगे साथ ही जोखिम उठाऐंगे तो निश्चित रूप से उसके दूरगामी परिणाम अच्छे आएंगे ।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि समाज सेविका ऋतु अमिताभ जैन ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन समय की आवश्यकता है । इससे बच्चों को जो मार्गदर्शन मिलेगा वह जीवन में उन्हें मजबूती से खड़े रहने में सहायक होगा । पढ़ाई के साथ अतिरिक्त गतिविधियों को किया जाना बहुत जरूरी है । आपने संस्कारों पर जोर देते हुए कहा कि हमें अपने परिवार, धर्म, गुरुओं से मिले हुए संस्कारों को सदैव आत्मसात रखना चाहिए क्योंकि पेड़ों में भी मौसम आने पर पत्ते तो बदल जाते हैं लेकिन उनकी जडें वही रहती हैं । हमें घर परिवार से मिली संस्कारों की नींव जितनी मजबूत होगी हमारा भावी जीवन का भवन भी उतना ही मजबूत होगा । आपने कहा कि स्वयं पर विश्वास रखिए अच्छे मित्र बनाया और तनावपूर्ण वातावरण में रहकर शिक्षा परीक्षा में सहभागिता कीजिए आपको अवश्य ही अच्छे करियर में सफलता मिलेगी ।
अतिथि डॉ. प्रणय जैन ने कहा कि हमें किसी भी विषय को बार-बार पढ़ना चाहिए वह विषय हमें याद हो जाएगा । जीवन में कैरियर निर्माण हेतु दो-तीन वर्ष की कडी मेहनत सफल जीवन का मार्ग प्रशस्त करती है । आपने कहा कि धर्म के साथ जुड़े रहना अति आवश्यक है एवं जीवन में कमाया हुआ धन हमें धार्मिक कार्यों में अवश्य ही दान करना चाहिए जिससे धन एवं मन शुद्ध होती है ।
आयोजन में ऑनलाइन जुड़े नारायणपुर के परगना अधिकारी वासु जैन (आईएएस) एवं श्रीअंशिका जैन (आईपीएस) ने जैन धर्म की पहचान देव दर्शन, पानी छानकर पीना एवं रात्रि भोजन न करना आदि विशेषताओं के साथ जीवन में त्याग एवं सदविचारों के साथ स्वाध्याय को जीवन का अंग बनाकर चलने की सलाह दी । उन्होंने कहा कि करियर बनाने की दिशा में आप अपने अनुकूलता से विषय को चुने लेकिन मूलभूत धर्म के सिद्धांतों को ना छोडे । आपने भोजन में शुद्धता पर विशेष रूप से जोर दिया और कहा कि भोजन की शुद्धता मन की शुद्धता लाती है और उससे अच्छे विचार आते है जो आपको अपने अच्छे करियर बनाने में सहयोगी रहते है ।
इससे पूर्व करियर काउंसलर अध्यसा पट्टनायक एवं शिवली श्रीवास्तव ने उपस्थित बच्चों को उनके प्रश्नों का उत्तर देते हुए बेहतर भविष्य निर्माण एवं शिक्षा की सही दिशा चुनने हेतु मार्गदर्शन प्रदान किया । उन्होंने बच्चों के साथ उनके माता-पिता द्वारा भी की पूछे गए प्रश्नों का उत्तर देते हुए सब की शंकाओं का समाधान किया । आगामी 1 सितंबर को श्री शंकर नगर दिगंबर जैन मंदिर में निजी रूप से काउंसलिंग हेतु शिविर का अगला चरण संपन्न होगा ।
इस अवसर पर श्री दिगंबर जैन मंदिर शंकर नगर के अध्यक्ष मनीष जैन ने सभी अतिथियों का स्वागत सम्मान किया । प्रदीप जैन विश्व परिवार द्वारा अतिथियों को पौधे भेंट कर सम्मान किया ।
संगोष्ठी में आभार प्रदर्शन अरविंद पहाड़िया व डॉ. नीना द्वारा किया गया ।
संचालन विजय कस्तूरे द्वारा किया गया ।
समारोह को सफल बनाने में माया जैन, अमिताप जैन, अजय जैन, अमित जैन, संदीप बंडी, प्रतीक जैन, संतोष जैन, बंडी, पल्लवी, सुधांशु जैन, सुजीत जैन, स्नेह श्री जतिन जैन आदि ने अपना सहयोग प्रदान किया ।
नवा रायपुर में आईटीएम ड्रोन ट्रेनिंग एकादमी का शुभारंभ
स्वाभिमानी और स्वावलंबी युवाओं से भारत बनेगा ग्लोबल पावर : वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी
रायपुर | छत्तीसगढ़ के वित्त मंत्री ओ. पी. चौधरी ने नवा रायपुर स्थित आईटीएम यूनिवर्सिटी में एरीज एग्रो लिमिटेड के सहयोग से स्थापित आईटीएम ड्रोन ट्रेनिंग एकादमी का उद्घाटन किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि स्वाभिमानी और स्वावलंबी युवाओं से भारत ग्लोबल पावर बनेगा।
वित्त मंत्री चौधरी ने ड्रोन एकादमी के पहले बैच में प्रशिक्षण ले रहे ड्रोन दीदी और ड्रोन पायलट को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी जी के नेतृत्व में भारत सरकार के हाल के बजट में इंटर्नशिप के लिए विशेष प्रावधान किये गए हैं ताकि देश के एक करोड़ से ज्यादा यूथ इंटर्नशिप लेकर देश में मैनपावर की कमी दूर कर सके। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि दुनिया का 20 प्रतिशत युवा भारत में हैं और दुनिया को काम करने वालों की जरुरत है। यहाँ सात दिन की ड्रोन ट्रेनिंग कैरियर के लिए ज्यादा कारगर हो सकता है। उन्होंने जनकल्याणकारी योजनाओं के दीर्घकालीन सफलता में प्राइवेट सेक्टर की हिस्सेदारी पर जोर दिया।
आईटीएम ड्रोन ट्रेनिंग एकादमी को छत्तीसगढ़ प्रदेश का पहले ड्रोन ट्रेनिंग एकादमी बनने का गौरव प्राप्त हुआ है जो महज सात दिनों के प्रशिक्षण में ड्रोन दीदी और ड्रोन पायलट तैयार करेगा जो डीजीसीए सर्टिफाइड पायलट कहलाएंगे। आईटीएम यूनिवर्सिटी कैंपस में उद्घाटन समारोह में डायरेक्टर जनरल लक्ष्मी मूर्ति ने मुख्य अतिथि वित्त मंत्री ओ. पी. चौधरी और विशेष अतिथि के रूप में मौजूद एरीज एग्रो लिमिटेड के चेयरमैन एंड मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. राहुल मीरचंदानी का पुष्पगुच्छ भेंटकर स्वागत किया।
डायरेक्टर जनरल लक्ष्मी मूर्ति ने कहा कि आईटीएम यूनिवर्सिटी सर्टिफिकेशन के अलावा ड्रोन टेक्नोलॉजी में विशेषज्ञता लाने बहुत जल्द डिग्री एवं मास्टर प्रोग्राम भी प्रारंभ करेगा ताकि प्रदेश के युवाओं को इसका हरसंभव लाभ मिल सकें। एरीज एग्रो लिमिटेड के चेयरमैन एंड मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. राहुल मीरचंदानी ने कहाकि ड्रोन तकनीकों का कृषि में इस्तेमाल करने से किसानों की कई समस्याएं दूर होंगी। समय और मजदूर काम लगने के साथ ड्रोन से पानी की भी बचत होगी और फसलों की पैदावार दोगुनी होगी।
इसके पश्चात ड्रोन अकादमी में ड्रोन अकादमी के डायरेक्टर निलेश कोकाटे ने वित्त मंत्री सहित सभी अतिथियों को अत्याधुनिक ड्रोन से जुड़ी तकनीकी जानकारी दीं। इस कार्यक्रम में एरीज एग्रो लिमिटेड के वाइस प्रेसिडेंट डी. के. तिवारी, कार्यक्रम संयोजक मितुल कोठारी, छत्तीसगढ़ स्टेट इंचार्ज रवि मिश्रा, कामर्शियल मैनेजर अनुपम पांडेय, मार्केटिंग मैनेजर उमेश कुमार मिश्रा, दिवेश कुमार यादव, रजिस्ट्रार सौरव चटर्जी सहित अन्य मौजूद थे।
राष्ट्रीय पोषण माह 2024 : आयोजन 01 से 30 सितम्बर तक
समग्र पोषण के थीम पर आयोजित होंगे विभिन्न गतिविधियाँ
रायपुर | जनसमुदाय तक स्वास्थ्य पोषण एवं स्वच्छता संबंधित व्यापक प्रचार प्रसार एवं प्रभावी व्यवहार परिवर्तन हेतु जनआंदोलन के रूप में प्रतिवर्ष के भाँति इस वर्ष भी ‘‘राष्ट्रीय पोषण माह‘‘ का अयोजन 01 से 30 सितम्बर 2024 तक किया जाना है। महिला एवं बाल विकास विभाग की संचालक तुलिका प्रजापति ने समस्त कलेक्टर एवं जिला कार्यक्रम अधिकारियों को पत्र लिखकर ‘‘राष्ट्रीय पोषण माह 2024‘‘ के सफल आयोजन के लिए निर्देशित किया है।

राज्य द्वारा राष्ट्रीय पोषण माह 2024 के दौरान मुख्य रूप से एनीमिया, वृद्धि निगरानी, पूरक आहार, पोषण भी पढ़ाई भी, बेहतर प्रशासन, पारदर्शिता और कुशल सेवा वितरण के लिए प्रौद्योगिकी, समग्र पोषण के थीम पर विभिन्न गतिविधियाँ आयोजित की जानी है। प्रजापति ने पोषण माह के प्रभावी सुचारू एवं परिणाम मूलक आयोजन एवं गतिविधियों के आयोजन में सम्मानीय जनप्रतिनिधियों, पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधियों, स्थानीय निकाय के प्रतिनिधि, सहयोगी विभागों, स्वयं सेवी संस्थाओं, सार्वजनिक एवं निजी क्षेत्रों की सक्रिय भागीदारी, महिला स्व-सहायता समूहों, महिला मण्डली, नेहरू युवा केन्द्रों, नेशनल कैडिट कोर, राष्ट्रीय सेवा योजना आदि की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए है। पूर्व वर्षों में राज्य में आयोजित पोषण माह, पोषण पखवाड़ा में विभिन्न सहयोगी विभागों एवं डेव्हलेपमेंट संस्थाओं का सक्रिय एवं परिणाममूलक सहयोग प्राप्त होता रहा है। इस वर्ष भी विभिन्न सहयोगी विभागों के मैदानी अमले के मध्य प्रभावी समन्वय स्थापित करते हुए जिला, विकासखण्ड, ग्राम स्तर एवं प्रत्येक केन्द्र स्तर पर पोषण माह का आयोजन किया जाना है। पोषण माह 2024 का मुख्य उद्देश्य पोषण पंचायतों को सक्रिय करना है, इस हेतु ग्राम स्तर पर सरपंच एवं ग्राम पंचायतों को गतिविधियों का आधार बनाते हुए जनआंदोलन को जनभागीदारी के रूप में परिवर्तित करना है।
राष्ट्रीय पोषण माह 2024 अंतर्गत 01 सितम्बर से 30 सितम्बर 2024 तक प्रतिदिन आयोजित किए जाने वाले गतिविधि कैलेण्डर एवं सहयोगी विभागों की कार्य दायित्व की कार्ययोजना तैयार की गयी है। पोषण माह के दौरान की जाने वाली समस्त गतिविधियों को जन आंदोलन के डैशबोर्ड पोर्टल पर अनिवार्यतः प्रतिदिन प्रविष्ठी किया जायेगा।
प्रभारी मंत्री लखन लाल देवांगन : सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का क्रियान्वयन जमीनी स्तर पर अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुंचाएं
विद्युत व्यवस्था को दुरूस्थ करते हुए कबीरधाम जिले में निर्बाध बिजली आपूर्ति करने के निर्देश दिए
केंद्र तथा राज्य शासन की प्राथमिकता में शामिल महत्वाकांक्षी योजनाओं की समीक्षा की
रायपुर | वाणिज्य और उद्योग एवं श्रम विभाग मंत्री और कबीरधाम जिले के प्रभारी मंत्री लखनलाल देवांगन ने आज जिला कार्यालय के सभाकक्ष में केंद्र तथा राज्य शासन की प्राथमिकता में शामिल प्रधानमंत्री जनमन योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, जल जीवन मिशन, उज्ज्वला योजना, प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना, उद्यानिकी विभाग, राशन कार्ड की नवनीकरण कार्याे सहित अन्य महत्वाकांक्षी योजनाओं की समीक्षा की। इस दौरान कलेक्टर जनमेजय महोबे ने विभागीय योजनाओं के क्रियान्यवन और योजनाओं की प्रगति की जानकारी दी।

कैबिनेट मंत्री लखनलाल देवांगन ने कहा कि कबीरधाम जिले में लगातार विकास कार्य हो रहे हैं। जनप्रतिनिधि और अधिकारी जिले के विकास के लिए अच्छा कार्य कर रहें हैं। उन्होंने कहा कि हमारा मुख्य उद्देश्य शासन की जन कल्याणकारी योजनाओं का क्रियान्वयन जमीनी स्तर पर हो और इसका लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए। सभी को उत्साह के साथ टीम भावना से कार्य करते हुए सभी क्षेत्रों में कबीरधाम जिले की पहचान बनाना है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों द्वारा अपने क्षेत्रों से संबंधित विभिन्न समस्याओं से अवगत कराया है। जिले के सभी अधिकारी इन समस्याओं को संज्ञान में लेकर प्राथमिकता के साथ निराकरण करना सुनिश्चित करें। कैबिनेट मंत्री देवांगन ने कहा कि जिले में विद्युत आपूर्ति के संबंध में अधिक शिकायत मिली है। उन्होंने विद्युत विभाग के अधिकारियों को विद्युत व्यवस्था को दुरूस्थ करते हुए 24 घंटे आपूर्ति करने के निर्देश दिए।

कैबिनेट मंत्री देवांगन ने कहा कि पेयजल, सड़क, विद्युत, स्वास्थ्य, राशन मूलभूत आवश्यकता में शामिल है। यह सभी सुविधाएं अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए। इसके लिए सभी अधिकारी को निरंतर कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी जिला अधिकारी मैदानी क्षेत्रों में जाकर दौरा करें और वास्तविक वस्तु स्थिति की जानकारी लें। जिससे वहां की कमियों को पहचान कर पूरा किया जा सके। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना की समीक्षा करते हुए अधिक से अधिक लोगों को लाभान्वित करने और प्रगति लाने के निर्देश दिए। जल जीवन मिशन के तहत जानकारी लेते हुए कहा कि शासन की यह महत्वपूर्ण योजना है जिसका उद्देश्य नल के माध्यम से हर घर जल पहुंचाना है। इस योजना का क्रियान्वयन जमीनी स्तर पर पूर्ण गुणवत्तापूर्ण और समय सीमा के भीतर होना चाहिए। उन्होंने जिले में खेती किसानी के संबंध में वर्षा और खाद उपलब्धता की जानकारी ली।
बैठक में कलेक्टर जनमेजय महोबे ने जिले के विभिन्नि विभाग में संचालित योजनाओं के प्रगति के संबंध में विभागवार जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जिले में 2 लाख 83 हजार 704 राशन कार्ड प्रचलित है। जनवरी 2024 से अब तक 5 हजार 829 नवीन राशन कार्ड बनाया गया है। प्रधानमंत्री उज्जवला योजना के तहत 1 लाख 29 हजार 613 कनेक्शन जारी किया गया है। जिले में 108 धान उर्पाजन केन्द्रों में माध्यम से धान खरीदी की जा रही है। जिले के 43 हजार 419 किसानों को वर्ष 2014-15 के तहत 57 करोड़ 92 लाख 28 हजार रूपए और 42 हजार 944 किसानों को वर्ष 2015-16 के तहत 61 करोड़ 30 लाख 79 हजार रूपए बोनस राशि का भुगतान किया गया है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनांतर्गत 69 करोड़ 89 लाख रूपए का भुगतान किया गया है।
इस दौरान कलेक्टर महोबे ने केंद्र तथा राज्य शासन की प्राथमिकता में शामिल विभिन्न योजनाओं एवं कार्यक्रमों के क्रियान्वयन और उसके प्रगति की जानकारी दी। बैठक में विभाग के अधिकारियों ने भी अपने विभागों के प्रारंभ, अप्रारंभ और प्रगतिरत कार्यों की जानकारी दी।
बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष सुशीला रामकुमार भट्ट, पूर्व विधायक अशोक साहू, नगर पालिका अध्यक्ष मनहरण कौशिक, रूपेश जैन, पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक पल्लव, जिला पंचायत सीईओं संदीप अग्रवाल, सहित सर्व जनपद अध्यक्ष, सर्व नगर पंचायत के अध्यक्ष सहित जिला अधिकारी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से जु-जित्सु खिलाड़ियों ने की मुलाकात
राष्ट्रीय स्तर की प्रथम वेस्ट जोन जु-जित्सु चैंपियनशिप 2024 में जीते दो-दो पदक
सानिया परवीन ने सिल्वर और ब्राँज तथा शबा परवीन ने गोल्ड और सिल्वर मेडल जीते
मुख्यमंत्री ने शानदार उपलब्धियों के लिए खिलाड़ियों को दी बधाई और शुभकामनाएं
रायपुर | मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से मंत्रालय महानदी भवन में जु-जित्सु खिलाड़ी सानिया परवीन और शबा परवीन ने मुलाकात की। इन खिलाड़ियों ने मध्य प्रदेश के देवास में 19 से 21 जुलाई तक आयोजित राष्ट्रीय स्तर की प्रथम वेस्ट जोन जु-जित्सु चैंपियनशिप 2024 में गोल्ड, सिल्वर और ब्राँज मेडल सहित कुल चार पदक जीते हैं। सानिया परवीन ने 21 वर्ष आयु वर्ग में जु-जित्सु कॉन्टेक्ट में सिल्वर और जु-जित्सु फाइटिंग स्पर्धा में ब्रांज मेडल तथा शबा परवीन ने अंडर 16 आयु वर्ग में जु-जित्सु कॉन्टेक्ट में सिल्वर मेडल तथा अंडर 18 आयु वर्ग में जु-जित्सु फाइटिंग स्पर्धा में गोल्ड मेडल जीता है। इन खिलाड़ियों ने मुख्यमंत्री साय को अपनी उपलब्धियों के बारे में जानकारी दी। मुख्यमंत्री साय ने इन खिलाड़ियों की शानदार उपलब्धियों पर उन्हें बधाई और शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।

गौरतलब है कि शबा परवीन ने अपने जन्मदिन 19 जुलाई को अंडर 16 आयु वर्ग की स्पर्धा में सिल्वर मेडल तथा अगले दिन 20 जुलाई को अंडर 18 आयु वर्ग की स्पर्धा में गोल्ड मेडल जीता है। इस अवसर पर इन खिलाड़ियों के पिता लतीफ मोहम्मद भी उपस्थित थे
छत्तीसगढ़ उद्यानिकी एवं प्रक्षेत्र वानिकी को उत्कृष्ट प्रदर्शनी के लिए मिला प्रथम पुरस्कार
राज्य सभा सांसद महेन्द्र भट्ट के हाथों मिला पुरस्कार
कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने दी बधाई और शुभकामनाएं
छत्तीसगढ़ उद्यानिकी एवं प्रक्षेत्र वानिकी को उत्कृष्ट प्रदर्शनी के लिए मिला प्रथम पुरस्कार
रायपुर | देश की राजधानी नई दिल्ली के भारत मण्डपम में आयोजित राष्ट्र स्टार की प्रदर्शनी एग्रीटेक इनोवेट इंडिया में छत्तीसगढ़ उद्यानिकी एवं प्रक्षेत्र वानिकी को उत्कृष्ट प्रदर्शनी के लिए प्रथम पुरस्कार प्राप्त हुआ है। कृषि विकास एवं किसान कल्याण मंत्री राम विचार नेताम ने स्टॉल प्रदर्शनी में प्रथम स्थान प्राप्त करने के लिए बधाई और शुभकामनाएं दी है। उद्यानिकी विभाग के संचालक जगदीशन एस. के मार्गदर्शन में उद्यानिकी एवं वानिकी कृषकों की सफलता की कहानी पर आधारित प्रदर्शनी लगाई गई है।

गौरतलब है कि नई दिल्ली में 29 से 31 अगस्त तक आयोजित एग्रीटेक इनोवेट इंडिया प्रदर्शनी में छत्तीसगढ़ शासन के उद्यानिकी एवं प्रक्षेत्र वानिकी, विभाग द्वारा भी स्टॉल लगाई गई है। इस स्टॉल में उद्यानिकी उत्पाद पुष्प, फल, सब्जी एवं प्रसंस्कृत उत्पादों से सुसज्जित कर प्रगतिशील कृषकों की सफलता की कहानी प्रदर्शित की गई। स्टॉल में सक्ती जिले की मल्लिका किस्म की आम एवं जेरेनियम का बना हुआ रूम फ्रेशनर आदि प्रसंस्कृत उत्पाद प्रदर्शित किया गया, जो मुख्य आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।
प्रदर्शनी के दूसरे दिन आज छत्तीसगढ़ उद्यानिकी एवं प्रक्षेत्र वानिकी के स्टॉल को आगंतुकों एवं जनप्रतिनिधियों सहित प्रबुद्धजनों द्वारा काफी सराहना मिल रही है। स्टॉल में दिल्ली सहित अन्य राज्यों के किसान उत्साह के साथ प्रदर्शनी का अवलोकन कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा ऋण ब्याज अनुदान योजना : 2 लाख से कम वार्षिक आय वाले परिवारों के विद्यार्थी होंगे पात्र
छत्तीसगढ़ के माओवादी आतंक प्रभावित जिलों के विद्यार्थियों को तकनीकी एवं व्यावसायिक शिक्षा के लिए मिलेगा ब्याज रहित ऋण : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
शेष जिलों के विद्यार्थियों को 1 प्रतिशत ब्याज दर पर मिलेगा ऋण
कमजोर आर्थिक स्थिति वाले विद्यार्थियों को मिलेंगे तकनीकी और व्यावसायिक शिक्षा के बेहतर अवसर
डिप्लोमा, स्नातक और स्नातकोत्तर स्तर के 35 तकनीकी एवं अन्य व्यावसायिक पाठ्यक्रम शामिल
ब्याज अनुदान के लिए शिक्षा ऋण की अधिकतम सीमा 4 लाख रूपए
कलेक्टरों को अभियान चलाकर अधिक से अधिक छात्रों को योजना का लाभ दिलाने के निर्देश
रायपुर | छत्तीसगढ़ के माओवादी आतंक से प्रभावित जिलों में कमजोर आर्थिक स्थिति वाले परिवारों के बच्चों को तकनीकी एवं व्यावसायिक उच्च शिक्षा के बेहतर अवसर दिलाने के लिए ब्याज मुक्त ऋण दिया जाएगा। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इन जिलों में अधिक से अधिक विद्यार्थियों को मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा ऋण ब्याज अनुदान योजना के तहत लाभान्वित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने इसके लिए विशेष अभियान चलाने कहा है।

मुख्यमंत्री साय ने राज्य के अन्य जिलों के कलेक्टरों को भी कमजोर आर्थिक स्थिति वाले परिवारों के बच्चों को भी तकनीकी एवं व्यावसायिक उच्च शिक्षा के लिए एक प्रतिशत के ब्याज दर पर दी जा रही ऋण सुविधा का लाभ दिलाने के निर्देश भी दिए हैं।
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने बताया कि मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा ऋण ब्याज अनुदान योजना के संचालन के लिए तकनीकी शिक्षा विभाग को नोडल विभाग बनाया गया है। इस योजना के अंतर्गत डिप्लोमा, स्नातक और स्नातकोत्तर स्तर के 35 तकनीकी एवं अन्य व्यावसायिक पाठ्यक्रमों को शामिल किया गया है। योजना में ब्याज अनुदान के लिए शिक्षा ऋण की अधिकतम सीमा रूपये 4 लाख निर्धारित है।
मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा ऋण ब्याज अनुदान योजना के तहत तकनीकी शिक्षा एवं अन्य व्यावसायिक शिक्षा पाठ्यक्रमों में प्रवेशित ऐसे छात्रों को, जिनके परिवारों की वार्षिक आय 2 लाख से कम है, उनको मोेरेटोरियम अवधि के पश्चात ऋण किश्तों के नियमित भुगतान की स्थिति में केवल एक प्रतिशत की दर से ब्याज देय होगा। शेष ब्याज की राशि का भुगतान राज्य शासन द्वारा सीधे संबंधित बैंक को किया जायेगा।
राज्य के माओवादी आतंक प्रभावित जिले बस्तर, बीजापुर, दक्षिण बस्तर दंतेवाड़ा, जशपुर, उत्तर बस्तर कांकेर, कोरिया, नारायणपुर, राजनांदगांव, सरगुजा, धमतरी, महासमुंद, गरियाबंद, बालोद, सुकमा, कोण्डागांव एवं बलरामपुर जिले के छात्रों को ब्याज मुक्त ऋण मिलेगा।
इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए निर्धारित शर्ताें में छात्र को छत्तीसगढ़ का मूल निवासी होना चाहिए। छत्तीसगढ़ राज्य में स्थापित तथा सक्षम प्राधिकारी (यथा एआईसीटीई, यूजीसी) मान्यता प्राप्त पाठ्यक्रम प्रवेशित हो। अधिकतम पारिवारिक आय रूपये 2 लाख होनी चाहिए, जो कि सक्षम अधिकारी द्वारा जारी आय प्रमाण-पत्र द्वारा प्रमाणित होनी चाहिए।
योजना के अंतर्गत ब्याज अनुदान के लिए शिक्षा ऋण की अधिकतम सीमा रूपये 4 लाख है। ब्याज अनुदान का लाभ लेने के लिए नियमित रूप से ऋण किश्तों का भुगतान अनिवार्य है। ड्राप ऑउट एवं निष्कासित छात्र इस योजना के लाभार्थी नहीं बने रहेंगे किन्तु चिकित्सीय कारणों से एक वर्ष की अधिकतम सीमा तक अध्ययन में रूकावट होने की दशा में पात्रता बनी रहेगी।
योजना के अंतर्गत बीई/बीटेक, एमई, एम टेक, डी आर्क, एग्रीकल्चर इंजीनियरिंग, एमसीए, एम.बी.ए, डीई, बी.पी.एड, एमपीएड, पी.जी.डी.सी.ए., बी.एच.एम.एस., बी.ए.एम.एस, बी.एन.वाई.एस, बी.एन.एस., बी.यू.एम.एस, वी.एफ.एस.सी., बी.टेक डेयरी, बी.एग्री, बी.डी.एस, एमडीएस, एमबीबीएस, बीव्हीएससी, बीएससी नर्सिंग बेसिक तथा पोस्ट बेसिक, बी. फार्मा, एम फार्मा, डी फार्मा, डिप्लोमा इन मॉर्डन आफिस मेनेजमेंट, डिप्लोमा इन इंटीरियर डेकोरेशन एण्ड डिजाइन, डिप्लोमा इस कास्टयूम डिजाईन एण्ड ड्रेस मेकिंग, बीएड, डीएड, एमएड, के पाठ्यक्रमों में अध्ययन के लिए योजना का लाभ लिया जा सकता है। अधिक जानकारी के लिए दूरभाष नंबर 0771-2331331 सम्पर्क तथा वेबसाइट
cgdteraipur.cgstate.gov.in
पर अवलोकन किया जा सकता है।
केंद्रीय पर्यटन मंत्री की अध्यक्षता में पर्यटन मंत्रियों का सम्मेलन पणजी गोवा में सम्पन्न : मंत्री केदार कश्यप शामिल हुए
मंत्री केदार कश्यप सम्मेलन में शामिल हुए और राज्य की आगामी 5 वर्षों की योजनाओं से अवगत कराया
राज्य में पर्यटन के विकास के लिए केंद्र से संसाधन एवं समर्थन की मांग की
रायपुर | केंद्रीय पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत की अध्यक्षता में पश्चिमी और मध्यवर्ती राज्यों तथा संघ राज्य क्षेत्रों के पर्यटन मंत्रियों का सम्मेलन गोवा के पणजी में आयोजित किया गया। इस महत्वपूर्ण सम्मेलन में छत्तीसगढ़ के कैबिनेट मंत्री केदार कश्यप ने भी भाग लिया। सम्मेलन का उद्देश्य विभिन्न राज्यों और संघ राज्य क्षेत्रों के पर्यटन विकास की संभावनाओं और चुनौतियों पर चर्चा करना था। इस मौके पर केंद्रीय पर्यटन मंत्री ने पर्यटन क्षेत्र में सुधार और नए आयाम जोड़ने के लिए विभिन्न राज्यों से सहयोग और समर्थन का आह्वान किया।

पर्यटन की समग्र प्रगति और विकास हेतु सभी राज्यों और संघ राज्य क्षेत्रों के साथ मिलकर कार्य करने के लिए केंद्रीय पर्यटन मंत्रालय द्वारा गोवा में पश्चिमी तथा मध्यवर्ती राज्यों/संघ राज्य क्षेत्र के पर्यटन मंत्रियों के सम्मेलन का आयोजन किया गया। ताकि पर्यटन क्षेत्र के लिए संकल्पना निर्माण तथा विचार-विमर्श किया जा सके और एक साझा विजन तैयार किया जा सके।
इस बैठक में वैश्विक स्तर पर प्रतिष्ठित पर्यटक केंद्रों के विकास, वैकल्पिक गंतव्यों के विकास, मार्केटिंग और संवर्धन, पर्यटन क्षेत्र में कनेक्टिविटी, स्वच्छता, व्यवसाय करने की सुविधा और सुगमता में सुधार के साथ-साथ पर्यटन में निजी क्षेत्र के निवेश को आकर्षित करने संबंधी उत्कृष्ट कार्य पद्धतियों को साझा करने पर फोकस किया गया। सम्मेलन में राज्यों के प्रतिष्ठित पर्यटक केंद्र, वैकल्पिक गंतव्य, मार्केटिंग और संवर्धन, व्यवसाय करने की सुगमता और निजी निवेश तथा स्वच्छता तथा पर्यटक सुरक्षा जैसे विषयों को शामिल किया गया।

छत्तीसगढ़ के कैबिनेट मंत्री केदार कश्यप ने छत्तीसगढ़ में पर्यटन के विकास की संभावनाओं और चुनौतियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने राज्य के प्राकृतिक सौंदर्य, सांस्कृतिक धरोहर और पर्यटन स्थलों की क्षमता को बढ़ावा देने के लिए आवश्यक कदमों पर चर्चा की, साथ ही विकास की राह में आने वाली चुनौतियों पर भी विचार-विमर्श किया। मंत्री श्री कश्यप ने केंद्र से समर्थन और संसाधनों की मांग की ताकि छत्तीसगढ़ को एक प्रमुख पर्यटन गंतव्य के रूप में विकसित किया जा सके।
मंत्री कश्यप ने सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़, प्राचीन स्मारकों, दुर्लभ वन्यप्राणियों, नक्काशीदार मंदिरों, बौद्ध स्थलों, राजमहलों, जलप्रपातों, गुफाओं और प्रागैतिहासिक काल के शैलचित्रों से परिपूर्ण राज्य है। हमारा राज्य ऐतिहासिक, पुरातात्विक, धार्मिक एवं प्राकृतिक धरोहरों के साथ गौरवशाली प्राचीन लोक संस्कृति का भी अद्वितीय उदाहरण है।
उन्होंने कहा कि भारत सरकार, पर्यटन मंत्रालय से भी पूरा सहयोग प्राप्त होता रहा है। हमने अनेक परियोजनाएँ केंद्रीय सहायता से विकसित की हैं। स्वदेश दर्शन में ’ट्रायबल टूरिज्म सर्किट’ विकसित किया है। प्रशाद योजना में डोंगरगढ़ का कार्य अंतिम चरणों में है। इसके पूर्व जगदलपुर, चित्रकोट, भोरमदेव, सिरपुर, रतनपुर, मैनपाट, राजिम, मल्हार आदि स्थलों को केंद्रीय सहायता से विकसित किया है। इसमें राज्य बजट से भी कार्य कराया गया है।
इन विकास कार्यों से और पर्यटन के व्यापक प्रचार-प्रसार से अब यहाँ पर्यटक आने लगे हैं और लगातार पर्यटकों की संख्या बढती जा रही है। आने वाले समय में राज्य में शक्तिपीठ स्थलों का विकास किया जायेगा। हम रोपवे एवं क्रूज पर्यटन के विकास के लिये भी कार्यवाही कर रहे हैं। नयी पर्यटन नीति पर कार्य चल रहा है एवं पर्यटन को उद्योग का दर्जा देने हेतु भी कार्यवाही चल रही है। हमने केंद्र की होमस्टे गाइडलाइन्स के आधार पर राज्य में ’होमस्टे एंड बेड-एंड-ब्रेकफास्ट’ गाइडलाइन्स तैयार कर जारी की है। इको टूरिज्म पॉलिसी, एडवेंचर गतिविधियों की गाइडलाइन्स, वाटर एक्टीविटी लाइसेंस हेतु गाइडलाइन्स बनाने की भी तैयारी चल रही है।
राज्य में पर्यटन को और गति देने के लिये हमें पर्यटन मंत्रालय से नयी योजनाओं की स्वीकृति की अपेक्षाएँ हैं। स्वदेश दर्शन 2.0 में चयनित डेस्टीनेशंस बिलासपुर एवं जगदलपुर के लिये भारत सरकार के स्तर से कंसल्टेंट नियुक्त किया जाना है। प्रशाद योजना में सूरजपुर जिले के कुदरगढ़ का कांसेप्ट प्लान जमा किया जा चुका है जिसकी स्वीकृति अपेक्षित है। अगले प्रस्तुतिकरण के अनुसार आगे भी नयी योजनाएँ तैयार हो रही हैं जिनके प्रस्ताव जल्द ही पर्यटन मंत्रालय को भेजे जायेंगे।
मंत्री कश्यप ने कहा कि निजी सहभागिता एवं निवेश तथा छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड के द्वारा निर्मित किये गए हाइवे मोटलों को संचालन एवं प्रबंधन हेतु लीज पर निजी क्षेत्र को सौंपे जाने की कार्यवाही की जा रही है। जिससे पर्यटकों को पर्यटन स्थलों के भ्रमण के दौरान राजमार्गों पर स्तरीय सुविधा उपलब्ध हो सके।
स्थानीय सहभागिता, छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड के द्वारा चित्रकोट में वन विभाग के सहयोग से नेचर ट्रेल का विकास किया गया है। इसका संचालन स्थानीय महिला स्वसहायता समूह की महिलाओं के द्वारा किया जा रहा है तथा पर्यटन से उनके लिये अतिरिक्त आय के स्रोत बढ़ाने एवं पर्यटकों को स्थानीय संस्कृति, रहन-सहन व खानपान का अनुभव प्रदान करने के उद्देश्य से होमस्टे बेड एंड ब्रेकफास्ट की सुविधा भी प्रदान की जा रही है तथा हॉस्पिटेलिटी क्षेत्र में प्रशिक्षित मानव संसाधन तैयार करने एवं युवाओं को रोजगार प्रदान करने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड के माध्यम से छत्तीसगढ़ राज्य में इंस्टीट्युट ऑफ होटल मैनेजमेंट, केटरिंग टेक्नॉलाजी एंड अप्लाइड न्यूट्रिशन संस्थान का संचालन किया जा रहा है।
कश्यप ने आगामी 5 वर्षों की राज्य की योजनाएं से अवगत कराया जिसके तहत राज्य के पाँच शक्तिपीठों को जोड़ते हुए सर्किट विकसित करना, स्वदेश दर्शन योजना 2.0 के तहत बिलासपुर एवं जगदलपुर डेस्टीनेशंस के पर्यटन स्थलों का विकास। प्रशाद योजना के तहत सूरजपुर जिले के माँ कुदरगढ़ी देवी स्थल का विकास कार्य एवं रोपवे की स्थापना शामिल है। इसी तरह नवनिर्मित राजमार्गों एवं बायपास पर पर्यटकों के लिये वेसाइड अमेनिटी विकसित करना। पर्यटन गतिविधियों में स्थानीय लोगों की सहभागिता को बढ़ावा देना। ईको टूरिज्म, एग्री टूरिज्म, रूरल टूरिज्म एवं माइस (डप्ब्म्) टूरिज्म को बढ़ावा देना। छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड की आवासीय इकाईयों को लीज पर निजी क्षेत्र को संचालन हेतु दिया जाना जैसी योजनाएं भी शामिल है।
इस अवसर पर केंद्रीय पर्यटन राज्य मंत्री सुरेश गोपी, राजस्थान की उप मुख्यमंत्री दीया कुमारी, गोवा के पर्यटन मंत्री रोहन खाउंते, मध्यप्रदेश से मंत्री धर्मेंद्र लोधी, राज्यों से आए पर्यटन मंत्रीगण एवं वरिष्ठ अधिकारीगण शामिल थे।
हैदराबाद-रक्सौल-सिकंदराबाद साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन अब 31 दिसंबर तक
दो स्पेशल ट्रेनों के परिचालन में विस्तार
रायपुर। रेल यात्रियों की सुविधाओं एवं मांग को ध्यान में रखते हुए दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे से होकर जाने वाली 07051/07052 हैदराबाद–रक्सौल-सिकंदराबाद साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन की सुविधा दिनांक 28 सितम्बर, 2024 तक चल रही है । इस गाड़ी के परिचालन में विस्तार कर 31 दिसम्बर, तक किया गया है ।
यह गाड़ी 07051 हैदराबाद –रक्सौल साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन प्रत्येक शनिवार को हैदराबाद से 12 अक्टूम्बर, 2024 से 28 दिसम्बर तक चलेगी । इसी प्रकार विपरीत दिशा में भी 07052 रक्सौल-सिकंदराबाद साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन प्रत्येक मंगलवार को रक्सौल से 15 अक्टूम्बर, से 31 दिसम्बर, तक चलेगी । इस गाड़ी में 06 एसी थ्री, 02 एसी टू टायर, 01 एसी प्रथम कम एसी टू टायर, 10 स्लीपर, 02 सामान्य एवं 02 एसएलआर सहित कुल 23 कोच रहेंगे ।

रेलवे के द्वारा सिकंदराबाद-रक्सौल के मध्य 30 सितम्बर, तक चल रही स्पेशल ट्रेन के परिचालन में विस्तार 2 जनवरी, तक किया गया है । यह गाड़ी प्रत्येक सोमवार को सिकंदराबाद से चलने वाली 07005 सिकंदराबाद–रक्सौल स्पेशल ट्रेन के परिचालन में विस्तार 7 अक्टूम्बर से 30 दिसम्बर तक किया गया । इसी प्रकार विपरीत दिशा में भी प्रत्येक गुरुवार को रक्सौल से चलने वाली 07006 रक्सौल-सिकंदराबाद स्पेशल ट्रेन के परिचालन में विस्तार 10 अक्टूम्बर,तक किया गया । इस गाड़ी में 02 एसएलआर, 04 सामान्य, 08 स्लीपर, 05 एसी थ्री, 02एसी टू, 01 एसी टू कम एसी थ्री सहित कुल 22 कोच के साथ रवाना होगी ।