देश-विदेश
भारत निर्वाचन आयोग ने 7 राज्यों की 13 विधानसभा सीटों पर उपचुनाव का एलान किया
नई दिल्ली | भारत निर्वाचन आयोग ने बिहार, पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब और हिमाचल प्रदेश में 13 विधानसभा क्षेत्रों में रिक्तियों को भरने के लिए उपचुनाव कराने का निर्णय लिया है। चुनाव 10 जुलाई को कराये जायेंगे और मतगणना 13 जुलाई को होगी। चुनाव को लेकर भारत निर्वाचन आयोग ने यह घोषणा की।
मध्य प्रदेश से अमरवाड़ा की सीट के साथ इन सभी सीटों पर उपचुनाव होगा। एमपी विधानसभा क्रमांक 123 की यह सीट कमलेश प्रताप शाह के इस्तीफे के बाद से रिक्त है। छिंदवाड़ा जिले की अमरवाड़ा विधानसभा सीट से विधायक कमलेश शाह ने पिछले दिनों इस्तीफा देकर भाजपा की सदस्यता ग्रहण की थी। इसके बाद से यह सीट खाली घोषित कर दी गई थी।
तीसरी बार प्रधानमंत्री बनते ही देशभर के किसानों को दी बड़ी सौगात : 9.3 करोड़ किसानों के खातों में आएंगे 20,000 करोड़
नई दिल्ली | 9 जून 2024 को लगातर तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ लेने के एक दिन बाद ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार 10 जून को अपना पदभार संभाल लिया। पदभार संभालते ही प्रधानमंत्री मोदी ने देश के किसानों को बड़ी सौगात दी है। प्रधानमंत्री मोदी ने प्रधानमंत्री किसान निधि की 17वीं किस्त जारी करने की फाइल पर हस्ताक्षर किए हैं। पीएम मोदी के इस फैसले से 9.3 करोड़ किसानों के बैंक खातों में लगभग 20,000 करोड़ रुपये आएंगे।
तीसरी बार लगातार प्रधानमंत्री पद की शपथ लेने के एक दिन बाद ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसानों को लेकर बड़ा फैसला लिया है | पीएम मोदी ने सोमवार 10 जून को किसान सम्मान निधि की किस्त जारी करने को लेकर फाइल पर साइन किए हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने प्रधानमंत्री किसान निधि की 17वीं किस्त जारी करने की फाइल पर हस्ताक्षर किए हैं। इससे 9.3 करोड़ किसानों को लाभ होगा और लगभग 20 हजार करोड़ रुपये वितरित किए जाएंगे।
फाइल पर साइन करने के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि किसानों के कल्याण को लेकर वे प्रतिबद्ध हैं। हम किसानों के कल्याण के लिए ज्यादा से ज्यादा काम करना चाहते हैं। इसको लेकर हमारी सरकार लगातार काम कर रही है और करती रहेगी।
जहां रेत खनिज उपलब्ध और खदान के रूप में घोषित नहीं है 15 जुलाई तक खदान घोषित किया जाए
भोपाल। जिन क्षेत्रों में रेत खनिज उपलब्ध है और उन्हें अब तक खदान के रूप में घोषित नहीं किया गया है ऐसे सभी क्षेत्रों को 15 जुलाई तक खदान घोषित किए जाने के निर्देश सभी कमिश्नर-कलेक्टर्स को दिये गए हैं। प्रमुख सचिव खनिज निकुंज श्रीवास्तव ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी कमिश्नर-कलेक्टर्स इस संबंध में निर्देश दिए। प्रमुख सचिव ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर अवैध उत्खनन और परिवहन पर नियंत्रण करने के निर्देश दिये गये हैं।
प्रमुख सचिव ने कहा कि कलेक्टर्स को अवैध उत्खनन एवं परिवहन पर प्रभावी रोकथाम के निर्देश और मार्गदर्शन दिया गया है। पानी के भीतर किसी भी प्रकार के उत्खनन को सख्ती से रोका जाये। साथ ही उपयुक्त स्थानों पर जाँच चौकियों की स्थापना एवं मानसून के दौरान निर्माण कार्यों को जारी रखने के लिये रेत भण्डारण की पर्याप्त व्यवस्था बनाये रखने के लिये कहा।
प्रमुख सचिव ने कहा कि खनिज साधन विभाग द्वारा अवैध उत्खनन एवं भण्डारण की रोकथाम के लिये Geo Spatial Technology का उपयोग कर खनन निगरानी प्रणाली विकसित की जा रही है। इस प्रणाली के अंतर्गत खदानों को जियो टैग कर सेटेलाइट इमेजेस एवं रिमोट सेंसिंग टेक्नोलॉजी की सहायता से प्रदेश में हो रहे अवैध उत्खनन एवं भण्डारण पर निगरानी रखी जायेगी। उन्होंने बताया कि यह प्रणाली खाद्यान्न के क्षेत्र के बाहर हो रहे अवैध उत्खनन का पता लगाने में सक्षम होगी।
प्रमुख सचिव ने कहा कि खनन निगरानी प्रणाली के अंतर्गत एक निश्चित समय अंतराल पर सतत रूप से प्राप्त सेटेलाइट इमेजेस का विश्लेषण कर सिस्टम द्वारा राज्य एवं जिला प्रशासन को अलर्ट भेजा जायेगा। क्षेत्रीय अमले द्वारा मोबाइल एप के माध्यम से परीक्षण/निरीक्षण कर रिपोर्ट पोर्टल/मोबाइल एप पर दर्ज कर प्रकरण पंजीकृत किया जायेगा। श्री श्रीवास्तव ने कहा कि आवश्यकता पड़ने पर खदान या उसके बाहर ड्रोन सर्वे कर वास्तविक उत्खनित मात्रा का पता लगाकर दोषियों पर कार्यवाही कर अर्थदण्ड आरोपित किया जायेगा। यह प्रणाली मध्यप्रदेश स्टेट इलेक्ट्रॉनिक्स डेव्हलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड द्वारा विकसित की जा रही है। यह प्रणाली पूरे प्रदेश में सितम्बर-2024 तक प्रभावी रूप से लागू कर दी जायेगी।
महाराणा प्रताप घास की रोटी खाकर स्वाभिमान के साथ जिये…. उन्होंने कभी स्वतंत्रता के साथ नहीं किया समझौता
भोपाल। तमाम तरह के मुगल आक्रमण के बाद भी महाराणा प्रताप घांस की रोटी खाकर स्वाभिमान के साथ जिये, पर उन्होंने कभी स्वतंत्रता के साथ समझौता नहीं किया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शाजापुर जिले के शुजालपुर में महाराणा प्रताप की जन्म जयंती पर आयोजित समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए यह बात कहीं।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि महाराणा प्रताप का जीवन जितना पढ़ो उतना कम है। महाराणा प्रताप जीते-जी किवदंती बन गये। वे जब युद्ध में 76 किलो का कवच, 80 किलो का भाला और 2 तलवार लेकर जब उतरते थे, तो उनके सामने मुकाबला करने से हर दुश्मन कतराता था। महाराणा प्रताप के घोड़े चेतक से भी उनकी मित्रता का उदाहरण दुनिया में आज भी अद्वितीय है। तमाम प्रकार के मुगलों के आक्रमण एवं आतंक के बाद भी महाराणा प्रताप घास की रोटी खाकर स्वाभिमान के साथ जिये, लेकिन उन्होंने स्वतंत्रता के साथ समझौता नहीं किया। ऐसे शूरवीर महापुरूष महाराणा प्रताप की जन्म जयंती आज हम मना रहे हैं, यह हमारे लिए सौभाग्य की बात है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आर्मी में नायक के पद पर तैनात मेवाड़ा समाज के शहीद के स्मारक बनाने सहित छात्रावास की भूमि, महाराणा प्रताप की प्रतिमा की स्थापना एवं चौराहे का नामकरण किया जायेगा। जो भी मांगे रखी गई हैं, उन्हें प्रक्रिया के अनुसार पूरा किया जायेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मेवाड़ा समाज की पत्रिका प्रताप वार्ता का विमोचन भी किया गया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आज "जल गंगा संवर्धन" अभियान के तहत शाजापुर जिले की विभिन्न ग्राम पंचायतो में किए गए उत्कृष्ट कार्य की प्रदर्शनी का अवलोकन किया। इस दौरान उन्होंने उत्कृष्ट कार्य करने वाली ग्राम पंचायतो के कार्य की प्रशंसा भी की। उल्लेखनीय है कि 5 जून से 16 जून गंगा दशहरा तक जल गंगा संवर्धन अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के माध्यम से नदी, नालों और ऐतिहासिक एवं पारम्परिक जल संरचनाओं, तालाब, झील, कुंआ, बावड़ी आदि के संरक्षण, पुनर्जीवन के लिए कार्य किया जा रहा है तथा उनकी साफ-सफाई गहरीकरण का कार्य भी किया जा रहा है।
नेपाल के प्रधानमंत्री ने कहा : प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत-नेपाल संबंध मजबूत होंगे
नई दिल्ली | रविवार शाम को प्रधानमंत्री मोदी का शपथ ग्रहण समारोह हुआ और उन्होंने लगातार तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली। प्रधानमंत्री के शपथ ग्रहण समारोह में पड़ोसी देशों और हिंद महासागर के देशों के राष्ट्र प्रमुखों को आमंत्रित किया गया था। इनमें नेपाल के प्रधानमंत्री पुष्प कमल दहल प्रचंड भी शामिल हुये | शपथ ग्रहण के बाद पुष्प कमल दहल प्रचंड ने सोशल मीडिया पर साझा एक पोस्ट में लिखा कि, उन्हें विश्वास है कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत - नेपाल के संबंध नई ऊंचाइयों को छुएंगे और लगातार मजबूत होंगे।
नेपाल के प्रधानमंत्री पुष्प कमल दहल प्रचंड ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर साझा एक पोस्ट में लिखा कि नरेंद्र मोदी जी के साथ बैठक हुई | उन्हें प्रधानमंत्री के तौर पर लगातार तीसरे कार्यकाल की बधाई दी मैंने। हमारे बीच रणनीतिक मुद्दों पर चर्चा हुई और साथ ही दोनों देशों के बीच संबंधों को मजबूत करने पर बल दिया गया | उन्होंने कहा कि मुझे विश्वास है कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत - नेपाल संबंध और ज्यादा समृद्ध होंगे। साल 2014 में भारत के प्रधानमंत्री बनने के बाद से प्रधानमंत्री मोदी ने हमेशा पड़ोसी देशों के साथ अच्छे संबंधों को प्राथमिकता दी है। नेपाल की बात करें तो बीते कुछ वर्षों में भारत और नेपाल के बीच आर्थिक सहयोग बढ़ा है और प्रधानमंत्री मोदी के तीसरे कार्यकाल में भी इसके बढ़ने की उम्मीद है।
नेपाल की सरकार की कोशिश है कि भारत के साथ ज्यादा से ज्यादा आर्थिक सहयोग बढ़ाया जाए और भारतीय कंपनियां नेपाल में निवेश भी करें। इन दिनों नेपाल आर्थिक तौर पर चुनौतियों का सामना कर रहा है। ऐसे में उसकी इच्छा है कि बड़ी आर्थिक ताकत जैसे भारत उनके वहां निवेश को लेकर आगे बढे । नेपाल की वामपंथी सरकार अक्सर भारत पर उसके आंतरिक मामलों में दखल देने का आरोप लगाती रही है। खासकर वामपंथी सरकार में नेपाल में भारत के खिलाफ प्रौपेगेंडा बढ़ा है, लेकिन भारत की तरफ से कोई कड़ी प्रतिक्रिया अभी तक सामने नहीं आई है। नेपाल की चीन से बढ़ती नजदीकी भी भारत सरकार के लिए चिंता का विषय है।
प्रधानमंत्री मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में नेपाल के प्रधानमंत्री के साथ ही श्रीलंका के राष्ट्रपति रानिल विक्रमसिंघे, मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू, भूटान के प्रधानमंत्री शेरिंग तोबगे, मॉरीशस के प्रधानमंत्री प्रविंद कुमार जगन्नाथ, सेसेल्स के उपराष्ट्रपति अहमद अफीफ, बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना भी मौजूद रहीं। शपथ ग्रहण समारोह के बाद राष्ट्रपति भवन में विदेशी मेहमानों के सम्मान में भोज दिया गया, जिसमें पीएम मोदी ने सभी राष्ट्रप्रमुखों से बातचीत की।
भारतीय पशु चिकित्सा परिषद के निर्वाचित सदस्यों के नाम घोषित कर दिए गये हैं
नई दिल्ली | न्यायमूर्ति आशा मेनन (सेवानिवृत्त), न्यायालय आयुक्त एवं निर्वाचन अधिकारी ने 9 जून 2024 को भारतीय पशु चिकित्सा परिषद के निर्वाचित सदस्यों के नाम घोषित कर दिए। भारतीय पशु चिकित्सा परिषद अधिनियम, 1984 (1984 के 52) की धारा 3 (3) एवं धारा 64 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, भारतीय पशु चिकित्सा परिषद नियम, 1985 के नियम 15 के उप-नियम (3) के साथ पठित, भारतीय पशु चिकित्सा परिषद में 11 सदस्यों के लिए चुनाव 8 जून 2024 हुआ था।
यह चुनाव पशुपालन एवं डेयरी विभाग के राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (एनआईसी) द्वारा विशेष रूप से इस उद्देश्य के लिए विकसित ई-वोटिंग पोर्टल (https://evotevci.dahd.gov.in) के माध्यम से आयोजित किया गया था। भारतीय पशु चिकित्सा परिषद के सदस्यों के लिए मतदान 8 जून 2024 आयोजित किया गया था।
36,000 से अधिक पंजीकृत पशु चिकित्सक इस पोर्टल का उपयोग करके अपने मताधिकार का इस्तेमाल कर सके और इन लोगों ने पशुपालन एवं डेयरी विभाग की इस पहल की सराहना की है, जिसने बिना किसी परेशानी के अधिकतम मतदाताओं को सक्षम बनाने के लिए एक उपयोगकर्ता अनुकूल पोर्टल विकसित किया है।
पशुपालन एवं डेयरी विभाग परिषद के ग्यारह सदस्यों को चुनने के लिए तीन साल में एक बार चुनाव आयोजित करता है। इस परिषद में मनोनीत सदस्य भी होते हैं।
भाजपा ने राजनाथ सिंह और भूपेंद्र यादव को बनाया ओडिशा का ऑब्जर्वर... सीएम की दौड़ में ये नाम शामिल
नईदिल्ली। प्रधानमंत्री के शपथ ग्रहण के बाद भाजपा ने ओडिशा में के लिए पार्टी ने वरिष्ठ नेता राजनाथ सिंह और भूपेंद्र यादव को ऑब्जर्वर नियुक्त कर ओडिशा भेजा है। बतादें कि भाजपा ने विधानसभा चुनावों में शानदार प्रदर्शन करते हुए 147 सीटों में से 78 सीटें जीत ली हैं।
राज्य का अगला मुख्यमंत्री बनाने की लिए बीजेपी ने एक बयान में कहा है कि पार्टी के संसदीय बोर्ड ने राजनाथ सिंह और भूपेंद्र यादव को ऑब्जर्वर नियुक्त किया है ताकि वे राज्य में नए मुख्यमंत्री के चयन की प्रक्रिया की निगरानी कर सकें। यह दोनों नेता विधानसभा चुनावों में सक्रिय रूप से शामिल थे और अब मुख्यमंत्री पद के लिए सही उम्मीदवार का चयन करेंगे।
ओडिशा सरकार का शपथ ग्रहण समारोह 12 जून को होगा। बीजेपी नेता जतिन मोहंती और विजयपाल सिंह तोमर ने इसकी पुष्टि की है। मोहंती ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रतिबद्धताओं के कारण शपथ ग्रहण समारोह को स्थगित किया गया है। नवनिर्वाचित सदस्यों की पहली विधायक दल की बैठक अब 11 जून को निर्धारित की गई है।
जानकारी के अनुसार वरिष्ठ भाजपा नेता और नवनिर्वाचित विधायक सुरेश पुजारी नई दिल्ली पहुंचे हैं, जिससे अटकलें लगाई जा रही हैं कि वे सीएम पद की रेस में हैं। 2019 के चुनावों में बरगढ़ से लोकसभा चुनाव जीतने वाले पुजारी ने हाल ही में ब्रजराजनगर विधानसभा सीट से चुनाव जीता था। उनके समर्थकों का मानना है कि उन्हें केंद्रीय नेताओं के साथ चर्चा के लिए नई दिल्ली बुलाया गया है।
वहीं सीएम के चुनाव के लिए ओडिशा बीजेपी अध्यक्ष मनमोहन सामल से ये सवाल पूछने कि क्या वह मुख्यमंत्री पद की दौड़ में हैं, सामल ने स्पष्ट किया, “मैं सीएम पद की रेस में नहीं हूं… मुझे जो जिम्मेदारी सौंपी गई है, मैं बस उसे पूरा कर रहा हूं।” गौरतलब है कि सामल चांदबली सीट से विधानसभा चुनाव हार गए थे।
मोदी 3.0- ईश्वर के नाम की मोदी ने ली शपथ... शाह, शिवराज, नड्डा सहित 72 मंत्रियों ने ली शपथ
नईदिल्ली। लोकसभा चुनाव के परिणामों के बाद भारत में नई सरकार गठित हो गई है। प्रधानमंत्री के रूप में नरेंद्र मोदी ने तीसरी बार शपथ ली है। उनके बाद राजनाथ सिंह और अमित शाह ने भी शपथ ग्रहण किया। 2019 में भी इसी क्रम में शपथ ग्रहण हुआ था। कुल 72 मंत्रियों ने शपथ ली, जिनमें 30 कैबिनेट मंत्री, 5 राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार और 36 राज्य मंत्री शामिल हैं।
छत्तीसगढ़ संसदीय क्षेत्र बिलासपुर के नवनिर्वाचित सांसद तोखन साहू NDA मंत्रिमंडल में जगह मिली है. इसके बाद बिलासपुर जिले के भाजपा कार्यकर्ताओं और तोखन साहू के समर्थकों में उत्साह का माहौल है.
देखें मोदी 3.0 कैबिनेट की पूरी लिस्ट
1. नरेंद्र मोदी- लगातार तीसरी बार देश के प्रधानमंत्री के तौर पर शपथ ग्रहण की. उत्तर प्रदेश के वाराणसी से तीसरी बार लोकसभा का चुनाव जीतक सांसद बने हैं.
2. राजनाथ सिंह- उम्र 72 साल, देश के गृह और रक्षा मंत्री रह चुके हैं. उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री और बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद पर भी रहे हैं.
3. अमित शाह- उम्र 59 साल, देश के गृह मंत्री और बीजेपी अध्यक्ष रह चुके हैं. लगातार गांधीनगर से दूसरी बार सांसद बने. चार बार गुजरात के विधायक रहे हैं. गुजरात के पूर्व गृह राज्यमंत्री भी हैं.
4. नितिन गडकरी- उम्र 67 साल, 2014 से मोदी सरकार में कैबिनेट मंत्री रहे हैं. बीजेपी के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं. लगातार तीसरी बार महाराष्ट्र के नागपुर से चुनाव जीतकर सांसद बने हैं.
5. जेपी नड्डा- उम्र 63 साल, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं. 2014 में मोदी सरकार में स्वास्थ्य मंत्री थे. हिमाचल सरकार में भी कैबिनेट मंत्री रहे हैं.
6. शिवराज सिंह चौहान- उम्र 65 साल, पहली बार कैबिनेट मंत्री के तौर पर शपथ ग्रहण की. मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री हैं और मध्य प्रदेश की विदिशा से लोकसभा चुनाव जीते हैं.
7. निर्मला सीतारमन- उम्र 64 साल, पिछली सरकार में वित्त मंत्री रहीं. राज्यसभा से सांसद हैं.
8. एस जयशंकर- उम्र 69 साल, विदेश सचिव के पद से रिटायर होने के बाद देश के विदेश मंत्री बने. 2 बार राज्यसभा से सांसद चुने गए हैं.
9. मनोहरलाल खट्टर- उम्र 70 साल, पहली बार कैबिनेट मंत्री के तौर पर शपथ ग्रहण की. 9 साल तक हरियाणा के मुख्यमंत्री रहे. राष्ट्रीय स्वंयसेवक संघ के पूर्व प्रचारक हैं और हरियाणा की करनाल से पहली बार सांसद चुने गए हैं.
10. एचडी कुमारस्वामी- उम्र 65 साल, कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री हैं. पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा के बेटे हैं और वोक्कालिगा समुदाय से आते हैं. तीसरी बार लोकसभा सांसद बने हैं. एनडीए के सहयोगी जनता दल सेक्युलर के नेता हैं.
11. पीयूष गोयल- उम्र 60 साल, राज्य सभा में नेता सदन रहे हैं, पहली बार लोकसभा से सांसद चुने गए हैं. इससे पहले राज्यसभा के सदस्य के तौर पर सांसद बन पिछली सरकारों में मंत्री रहे. महाराष्ट्र की मुंबई नॉर्थ सीट से सांसद चुने गए हैं.
12. धर्मेंद्र प्रधान- उम्र 54 साल, पिछली सरकार में शिक्षा मंत्री रहे हैं. ओडिशा के संबलपुर से लोकसभा चुनाव जीते हैं.
13. जीतनराम मांधी- उम्र 78 साल, एनडीए गठबंधन के सहयोगी हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा के नेता हैं. बिहार के पूर्व मुख्यंत्री रहे हैं. दलित समुदाय से आते हैं और पहली बार सांसद बने हैं.
14. ललन सिंह- उम्र 69 साल, एनडीए के सहयोगी दल जनता दल यूनाइटेड के नेता हैं. जेडीयू के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं और भुमिहार समाज से आते हैं. मुंगेर से सांसद चुने गए हैं.
15. सर्बानंद सोनोवाल- उम्र 62 साल, असम के पूर्व मुख्यमंत्री हैं और आदिवासी समुदाय से आते हैं. पिछली सरकार में मंत्री रहे हैं. असम के डिब्रूगढ़ से लोकसभा चुनाव जीते हैं.
16 वीरेंद्र खटीक- उम्र 70 साल, पिछली सरकार में मंत्री रहे हैं. आठवीं बार सांसद चुने गए हैं. मध्य प्रदेश के टीकमगढ़ सीट से चुनकर इसबार संसद पहुंचे हैं. मध्य प्रदेश में बड़े दलित नेता माने जाते हैं.
16. के राममोहन नायडू- उम्र 36 साल, आंध्र प्रदेश के श्रीकाकुलम से सांसद हैं, पूर्व मंत्री येरेन नायडू के बेटे हैं. इसबार सबसे युवा कैबिनेट मंत्री हैं.
कश्मीर में बड़ा हादसा, तीर्थयात्रियों से भरी बस खाई में गिरी,10 की मौत, कई घायल
डेस्क। जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में रविवार को संदिग्ध आतंकवादियों की गोलीबारी के बाद तीर्थयात्रियों से भरी एक बस गहरी खाई में जा गिरी। हादसे में 10 लोगों की मौत हो गई है। इस बारे में डीसी रियासी विशेष महाजन ने पुष्टि की।
अधिकारियों ने शुरुआती जानकारी देते हुए बताया कि शिव खोड़ी मंदिर जा रहे तीर्थयात्रियों की बस पर पोनी इलाके के तेरयाथ गांव में हमला हुआ। उन्होंने बताया कि बचाव अभियान शुरू किया गया और पुलिस, सेना व अर्धसैनिक बलों के जवान घटनास्थल पर पहुंच गए हैं। उन्होंने कहा कि मामले में अधिक विवरण का इंतजार है।
जाने : लोकसभा में कौन सांसद कहां बैठते है कैसे होता है तय ?
नई दिल्ली | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तीसरी बार सरकार बनाने जा रहे हैं | नरेंद्र मोदी 9 जून की शाम को शपथ ग्रहण करेंगे | जानकारी के मुताबिक इस दौरान कैबिनेट के मंत्री और सांसद भी शपथ लेंगे | संसद में पक्ष और विपक्षी दल कहां बैठते हैं, ये कैसे तय करते है | क्या कोई सांसद कहीं पर भी बैठ सकता है | संविधान में इसके लिए भी नियम दिए गये हैं | लोकसभा में अध्यक्ष तय करते हैं कि कौन सा सदस्य कहां पर बैठेगा | संसद में पारंपरिक व्यवस्था के तहत सत्ता पक्ष के लोग एक तरफ बैठेंगे और विपक्ष के लोग दूसरी तरफ बैठते हैं |
भारतीय संविधान में लोकसभा सदस्यों की अधिकतम संख्या 552 तय की गई थी | इसमें से 530 सदस्य अलग - अलग राज्यों से चुनकर आते थे, वहीं 20 सीटें केंद्र शासित प्रदेशों के लिए रिजर्व रहती है | दो सीटें एंग्लो इंडियन समुदाय के लिए निर्धारित थीं, जिन पर राष्ट्रपति सदस्यों को मनोनीत करते थे | अब यह व्यवस्था खत्म हो चुकी है | अभी लोकसभा में कुल सदस्यों की संख्या 543 है |
लोकसभा में सामान्य तौर पर स्पीकर के दायीं ओर की कुर्सियों पर सत्तारूढ़ पार्टी के सदस्य बैठते हैं | वहीं विपक्षी सांसद स्पीकर के बायीं ओर की सीटों पर बैठते हैं | स्पीकर के सबसे आगे एक टेबल पर लोकसभा सचिवालय के सभी अफसर बैठते हैं, जो सदन में दिन भर की कार्यवाही का पूरा लेखा-जोखा रिकॉर्ड करते हैं |
लोकसभा में प्रक्रिया और संचालन के नियम 4 के मुताबिक लोकसभा सदस्य स्पीकर द्वारा निर्धारित किए गए, नियम के अनुसार ही बैठते हैं | इस सम्बन्ध में जरूरी निर्देश क्लॉज 122(ए) में दिए गए हैं | इसी क्लॉज से स्पीकर को यह अधिकार मिलता है कि वह किसी पार्टी की लोकसभा में सीटों की संख्या के आधार उसके सदस्यों के लिए बैठने की जगह तय करता है |व्यवस्था करते समय स्पीकर इस बात का ध्यान रखते हैं कि वरिष्ठ सदस्यों को आगे की ओर बैठने की जगह मिले | चाहे वो किसी भी दल के सदस्य हो सकते हैं |
नए संसद भवन के लोकसभा कक्ष में 888 सांसदों के बैठने की व्यवस्था की गई है | वहीं राज्यसभा में 384 सदस्य बैठ सकते हैं | लोकसभा और राज्यसभा के संयुक्त सत्र के लिए नये संसद भवन में एक साथ 1272 सदस्यों के बैठने की पूरी व्यवस्था हो सकती है |
वर्तमान में लोकसभा सदस्यों की संख्या 1971 की जनगणना के आधार पर हुए परिसीमन पर आधारित है | उस समय से इन सीटों की संख्या में कोई बदलाव नहीं किया गया है और साल 2026 के पहले इसमें बदलाव हो भी नहीं सकता है | बढ़ती आबादी और कई राज्यों में जनसंख्या के हिसाब से लोकसभा की सीटों की संख्या बढ़ाने की मांग भी समय-समय पर उठती रही है | इसलिए संभावना जताई जा रही है कि 2026 के बाद देश में नया परिसीमन हो और सदस्यों की संख्या बढ़े | इसीलिए नए संसद भवन में अधिक सांसदों के बैठने की व्यवस्था की गई है, जिसे सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट के तहत तैयार किया गया है |
आईएनएस रजाली में नौसेना पायलटों की पासिंग आउट परेड
सब-लेफ्टिनेंट अनामिका बी राजीव ने ‘पहली महिला नौसेना हेलीकॉप्टर पायलट’ के रूप में स्नातक की उपाधि प्राप्त की
नई दिल्ली | 102वें हेलिकॉप्टर कन्वर्जन कोर्स (एचसीसी) के स्नातक होने और चौथे बेसिक हेलिकॉप्टर कन्वर्जन कोर्स (बीएचसीसी) के चरण (I) प्रशिक्षण के पूरा होने के उपलक्ष्य में 07 जून 2024 को नौसेना वायु अड्डा – आईएनएस रजाली, अरक्कोणम, तमिलनाडु में पासिंग आउट परेड आयोजित की गई।
वाइस एडमिरल राजेश पेंढारकर, फ्लैग ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ, पूर्वी नौसेना कमान ने 03 बीएचसीसी के तीन अधिकारियों सहित 21 अधिकारियों को प्रतिष्ठित "गोल्डन विंग्स" से सम्मानित किया। इसके अतिरिक्त, 04 बेसिक कन्वर्जन कोर्स (बीसीसी) के तीन अधिकारियों ने सफलतापूर्वक अपना चरण - (I) प्रशिक्षण पूरा किया।
इस पासिंग आउट परेड ने भारतीय नौसेना के सभी हेलीकॉप्टर पायलटों के मातृ संस्थान, भारतीय नौसेना वायु स्क्वाड्रन 561 में कठोर उड़ान और जमीनी प्रशिक्षण को शामिल करते हुए 22 सप्ताह के गहन प्रशिक्षण कार्यक्रम के सफल समापन को चिह्नित किया।
लैंगिक समावेशिता और महिलाओं के लिए करियर के अवसरों के विस्तार के लिए भारतीय नौसेना की प्रतिबद्धता को उजागर करते हुए, सब लेफ्टिनेंट अनामिका बी. राजीव ने ‘पहली महिला नौसेना हेलीकॉप्टर पायलट’ के रूप में स्नातक की उपाधि प्राप्त करके इतिहास रच दिया। केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख से पहली कमीशन प्राप्त नौसेना अधिकारी लेफ्टिनेंट जामयांग त्सावांग ने भी योग्य हेलीकॉप्टर पायलट के रूप में सफलतापूर्वक स्नातक की उपाधि प्राप्त की।
उड़ान में योग्यता क्रम में प्रथम स्थान पर रहने वाले प्रशिक्षु पायलट के लिए एफओसीइनसी, पूर्वी नौसेना कमान रोलिंग ट्रॉफी लेफ्टिनेंट गुरकीरत राजपूत को प्रदान की गई। ग्राउंड विषयों में योग्यता क्रम में प्रथम स्थान पर रहने के लिए सब लेफ्टिनेंट कुंटे मेमोरियल बुक पुरस्कार लेफ्टिनेंट नितिन शरण चतुर्वेदी को प्रदान किया गया। समग्र योग्यता क्रम में प्रथम स्थान के लिए केरल राज्यपाल रोलिंग ट्रॉफी लेफ्टिनेंट दीपक गुप्ता को प्रदान की गई।
पांच दशकों से अधिक की अपनी समृद्ध विरासत में, इस हेलीकॉप्टर प्रशिक्षण स्कूल ने भारतीय नौसेना, भारतीय तटरक्षक बल के साथ-साथ मित्र विदेशी देशों के 849 पायलटों को प्रशिक्षित किया है। यह हेलीकॉप्टर प्रशिक्षण स्कूल आईएनएस रजाली, अरक्कोणम में स्थित है। इसकी कमान वर्तमान में कमोडोर कपिल मेहता के पास है और हेलीकॉप्टर प्रशिक्षण स्कूल की कमान कमांडर आर्चेश के पास है।
भारतीय नौसेना वायु स्क्वाड्रन का सुरक्षित और अनुकूल प्रशिक्षण वातावरण, सावधानीपूर्वक योजना और निष्पादन के साथ मिलकर ‘हर बार समय पर’ पाठ्यक्रम पूरा करना सुनिश्चित करता है। 102 एचसीसी के नए योग्य पायलटों को भारतीय नौसेना की विभिन्न फ्रंट-लाइन परिचालन इकाइयों में नियुक्त किया जाएगा, जहां वे टोही, निगरानी, खोज एवं बचाव और एंटी-पायरेसी जैसे विविध मिशनों को अंजाम देंगे। 04 बीएचसीसी के अधिकारियों ने सफलतापूर्वक चरण - (I) प्रशिक्षण पूरा कर लिया है, उन्हें हेलीकॉप्टर प्रशिक्षण स्कूल में चरण - (II) प्रशिक्षण के लिए रखा जाएगा।
मोदी 3.0 में केंद्रीय मंत्री बन सकती है यह सिने स्टार... इस प्रदेश से जीत दर्ज करने वाली इकलौती सांसद
नईदिल्ली। उत्तर प्रदेश की मथुरा सीट से तीसरी बार जीत दर्ज करने वाली सिने स्टार हेमा मालिनी को मोदी 3.0 में मंत्री पद मिलने का रास्ता साफ नजर आ रहा है। सूत्रों की मानें तो उन्हें संस्कृति और पर्यटन मंत्री बनाया जा सकता है। मथुरा लोकसभा से हेमा मालिनी ने 2,93.407 वोट से अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस के मुकेश धनगर को पराजित किया है।
बतादें कि भाजपा से 30 महिलाएं 2024 लोकसभा चुनाव में जीत दर्ज कर आई है। उत्तर प्रदेश से वे अकेली महिला है जो भाजपा से जीती है। मेनका गांधी और स्मृति ईरानी जैसे दिग्गज नेत्री हार गई है। ऐसी स्थिति में हेमा मालिनी को मंत्री बनाए जाने की उम्मीद बढ़ गई है।
ड्रीम गर्ल हेमा मालिनी 2014 में भी राष्ट्रीय लोक दल के जयंत चौधरी को 3.30.743 वोट से हराया था। 2019 में भी हेमा मालिनी ने राष्ट्रीय लोक दल के कुंवर नरेंद्र सिंह को 2.93.471वोट से हराया था। अभी उन्होंने 2.93.407 वोट से अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी को पराजित किया है।
हेमा मालिनी 2003 से 2009 तक राज्य सभा की भी सदस्य रही है। हेमा मालिनी, भारतीय संस्कृति की वाहक रही है। फिल्मों में काम करने के लिए उन्होंने कभी भी अंग प्रदर्शन नही किया। भारतीय नृत्य परंपरा में भरत नाट्यम की वे सच्ची शिष्य है और 75वर्ष की हो जाने के बावजूद सतत नृत्य साधना में रत है। ये उनका ही प्रभाव था कि भाजपा से धर्मेंद्र और सनी देओल को भी सांसद बनवा दिया था।
शाम 7.15 बजे तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ लेंगे नरेंद्र मोदी : गांधी-अटल की समाधि पर पहुंचकर दी श्रद्धांजलि
नई दिल्ली| तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ लेने से पहले नरेंद्र मोदी रविवार की सुबह सबसे पहले राजघाट पर पहुंच कर बापू को श्रद्धांजलि अर्पित की| फिर अटल समाधि जाकर पुष्पांजलि अर्पित की। इसके बाद वार मेमोरियल पहुंचकर देश के वीर शहीदों को नमन किया। प्रधानमंत्री मोदी के साथ 41 कैबिनेट मंत्री भी शपथ ले सकते हैं। मोदी आज शाम 7.15 बजे प्रधानमंत्री पद की शपथ लेंगे।
आज शाम 7.15 बजे राजधानी दिल्ली के रायसीना हिल्स स्थित राष्ट्रपति भवन प्रांगण में भव्य शपथ समारोह का आयोजन होगा। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू नरेंद्र मोदी और उनके कैबिनेट मंत्रियों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाएंगी। शपथ समारोह में नेपाल, बांग्लादेश, श्रीलंका, भूटान, मॉरीशस, सेशेल्स और मालदीव के प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति भी शामिल होंगे। इसके साथ ही साथ समाज के अलग-अलग वर्ग के लोगों जैसे - कुछ चुनिंदा डॉक्टर, कलाकार, मजदूर, इंजीनियर को भी आमंत्रित किया गया।
PM-designate Narendra Modi tweets "Paid tributes to Bapu at Rajghat. We are greatly inspired by his unwavering commitment to service and social welfare. His thoughts continue to guide us in building a better society." pic.twitter.com/BSYHasdQRO
— ANI (@ANI) June 9, 2024
आगामी 5 दिनों के दौरान महाराष्ट्र और कर्नाटक के तटीय एवं उत्तरी आंतरिक इलाकों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश होने की संभावना
पश्चिमोत्तर भारत में 9 जून से लू की स्थिति का नया दौर शुरू हो सकता है |
अगले 5 दिनों के दौरान पूर्वी एवं पूर्वी मध्य भारत, उत्तर प्रदेश और पूर्वोत्तर मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में लू की स्थिति जारी रहने के आसार |
उत्तर प्रदेश के दक्षिणी इलाकों में कुछ स्थानों पर लू की स्थिति बनी रही।
नई दिल्ली | दक्षिणी हरियाणा, दिल्ली, दक्षिणी उत्तर प्रदेश, दक्षिण-पूर्वी राजस्थान, मध्य प्रदेश और दक्षिण-पश्चिमी बिहार के छिटपुट इलाकों में अधिकतम तापमान 43 से 46 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। इन क्षेत्रों में तापमान सामान्य के मुकाबले 2 से 4 डिग्री सेल्सियस अधिक रहा।
झांसी (पश्चिमी उत्तर प्रदेश) में 45.8 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया जो देश भर में सबसे अधिक तापमान रहा।
तटीय कर्नाटक में कुछ स्थानों पर अत्यधिक भारी वर्षा के साथ भारी से बहुत भारी वर्षा, कोंकण एवं गोवा, तमिलनाडु, पुडुचेरी एवं कराईकल में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा, ओडिशा, पश्चिमी मध्य प्रदेश, तेलंगाना, दक्षिणी कर्नाटक के आंतरिक इलाके और केरल एवं माहे में कुछ स्थानों पर भारी बारिश हुई।
दक्षिण-पश्चिम मॉनसून 8 जून, 2024 को मध्य अरब सागर, दक्षिण महाराष्ट्र, तेलंगाना एवं दक्षिण छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों और दक्षिण ओडिशा एवं तटीय आंध्र प्रदेश के कुछ अन्य हिस्सों की ओर बढ़ चुका है।
मॉनसून की उत्तरी सीमा अब 18.0°N/60°E, 18.0°N/65°E, 17.5°N/70°E, हरनाई, बारामती, निजामाबाद, सुकमा, मलकानगिरी, विजयनगरम, 19.5°N/88°E, 21.5°N/89.5°E, 23°N/89.5°E और इस्लामपुर से होकर गुजरती है। अगले 2 से 3 दिनों के दौरान मध्य अरब सागर के शेष हिस्सों, महाराष्ट्र के कुछ अन्य हिस्सों (मुंबई सहित) और तेलंगाना में दक्षिण-पश्चिम मॉनसून की प्रगति के लिए परिस्थितियां अनुकूल हैं।
मध्य असम और उसके आसपास के इलाकों के ऊपर क्षोभमंडल के निचले स्तरों में एक चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। बंगाल की खाड़ी से पूर्वोत्तर राज्यों तक क्षोभमंडल के निचले स्तरों में तेज दक्षिण-पश्चिमी/ दक्षिणी हवाएं चल रही हैं।
अगले 7 दिनों के दौरान अरुणाचल प्रदेश, असम एवं मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम एवं त्रिपुरा और पश्चिम बंगाल एवं सिक्किम जैसे हिमालय के निचले इलाकों में गरज के साथ बिजली चमने और तेज हवाओं (30-40 किमी प्रति घंटे) के साथ व्यापक तौर पर हल्की से मध्यम वर्षा होने की संभावना है।
पश्चिम बंगाल एवं सिक्किम जैसे हिमालय के निचले इलाकों में 8 से 12 तारीख के दौरान, असम, मेघालय एवं अरुणाचल प्रदेश में 9 से 12 तारीख के दौरान और नागालैंड में 8 व 12 जून, 2024 को अलग-अलग जगहों पर भारी वर्षा होने की संभावना है। असम और मेघालय में 11 और 12 जून को भी अलग-अलग स्थानों पर अत्यधिक भारी वर्षा होने की संभावना है।
क्षोभमंडल के निचले एवं मध्यवर्ती स्तरों में 16°N के आसपास एक शियर जोन चल रहा है। क्षोभमंडल के निचले स्तरों में महाराष्ट्र से उत्तरी केरल तक एक गर्त रेखा चल रही है।
कोंकण एवं गोवा, मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा, कर्नाटक, केरल एवं माहे और लक्षद्वीप में गरज के साथ बिजली चमकने और तेज हवाओं (40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे) के साथ व्यापक तौर पर हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। अगले 5 दिनों के दौरान तटीय आंध्र प्रदेश एवं यनम, रायलसीमा, तेलंगाना, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।
12 जून, 2024 को कोंकण एवं गोवा, मध्य महाराष्ट्र, तटीय कर्नाटक में अलग-अलग जगहों पर भारी वर्षा होने की संभावना है। केरल और माहे में 10 से 12 जून के दौरान, दक्षिण कर्नाटक के भीतरी इलाकों में 8 से 10 जून, 2024 के दौरान, मराठवाड़ा, तमिलनाडु, पुडुचेरी एवं कराईकल और तेलंगाना में 8 जून, 2024 को अलग-अलग जगहों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। 8 से 11 जून के दौरान कोंकण एवं गोवा, मध्य महाराष्ट्र, तटीय एवं उत्तरी कर्नाटक के भीतरी इलाकों में अलग-अलग स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा होने की संभावना है। 8 से 9 जून, 2024 के दौरान केरल और माहे में अलग-अलग स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा होने की संभावना है। 8 से 10 जून के दौरान कोंकण और गोवा में अलग-अलग स्थानों पर अत्यधिक भारी वर्षा होने की भी संभावना है। 9 से 11 जून के दौरान मध्य महाराष्ट्र में, 8 से 9 जून को तटीय कर्नाटक और 9 जून को उत्तरी कर्नाटक के भीतरी इलाकों में अलग-अलग स्थानों पर अत्यधिक भारी वर्षा होने की भी संभावना है।
उत्तर-पश्चिमी मध्य प्रदेश और पूर्वी बिहार में क्षोभमंडल के निचले स्तरों में एक चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है।
अगले 4 से 5 दिनों के दौरान बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल में गंगा के मैदानी इलाके, ओडिशा, मध्य प्रदेश, विदर्भ, छत्तीसगढ़ में गरज के साथ बिजली चमकने और तेज हवाओं (30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे) के साथ छिटपुट से लेकर हल्की व मध्यम बारिश होने की संभावना है।
8 और 9 जून, 2024 को मध्य प्रदेश में छिटपुट ओलावृष्टि और तेज हवाएं (50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे) चलने की संभावना है।
मध्य क्षोभमंडल की पश्चिमी हवाओं में एक गर्त के रूप में पश्चिमी विक्षोभ देखा जा रहा है जो मोटे तौर पर देशांतर 70° पूर्व से अक्षांश 30° उत्तर में है। उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों में अरब सागर से चल रही दक्षिण-पश्चिमी हवाएं अगले 2 दिनों तक जारी रहने की संभावना है। उनके प्रभाव में:
8 से 9 जून, 2024 के दौरान जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, गिलगित बाल्टिस्तान, मुजफ्फराबाद, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में गरज के साथ बिजली चमकने और छिटपुट से हल्की या मध्यम बारिश होने की संभावना है।
कांग्रेस कार्यसमिति में प्रस्ताव होगा पारित, राहुल गांधी को बनाया जाए विपक्ष का नेता
डेस्क | कांग्रेस नेता राहुल गांधी को लोकसभा में पार्टी का नेता नियुक्त किया जाने के लिए कांग्रेस कार्यसमिति (CWC) के सदस्यों ने एक प्रस्ताव पारित किया है। राहुल गांधी ने सीडब्ल्यूसी से कहा है कि वह बहुत जल्द (लोकसभा में विपक्ष का नेता बनने पर) फैसला लेंगे।
पार्टी की सीडब्ल्यूसी बैठक के बाद कांग्रेस नेता केसी वेणुगोपाल से जब ये पूछा गया कि राहुल गांधी कौन सी सीट (रायबरेली या वायनाड) रखेंगे, तो उन्होंने कहा, ‘यह फैसला 17 तारीख से पहले लिया जाना है और यह 3-4 दिनों में आ ही जाएगा।’
इस बैठक में पार्टी प्रमुख मल्लिकार्जुन खरगे, सोनिया गांधी, राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा सहित शीर्ष नेता शामिल हुए। इसके अलावा अन्य नेताओ ने भी इस बैठक में हिस्सा लिया। इस बैठक में वरिष्ठ पार्टी नेता और सीडब्ल्यूसी के सदस्य, कांग्रेस विधायक दल के नेता और विभिन्न राज्यों के प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष पार्टी के प्रदर्शन का विश्लेषण करेंगे और संगठन को मजबूत करने के उपाय सुझाएंगे।
इस बैठक के बाद सीडब्ल्यूसी सदस्यों और पार्टी सांसदों के लिए रात्रिभोज का आयोजन भी किया जाएगा। पार्टी सांसद इस बैठक में नए कांग्रेस संसदीय दल के अध्यक्ष का भी चुनाव करेंगे। सोनिया गांधी के सीपीपी अध्यक्ष के रूप में फिर से चुने जाने की संभावना है।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जयराम रमेश ने X पर CWC की बैठक को लेकर अपडेट दिया। उन्होंने लिखा, ‘2024 का चुनाव नरेंद्र मोदी और भाजपा के लिए नैतिक हार है, जबकि भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस और I.N,D.I गठबंधन के लिए मनोबल बढ़ाने वाला रहा है। विस्तारित कांग्रेस कार्य समिति की बैठक सुबह 11 बजे हो रही है और कांग्रेस संसदीय दल की बैठक शाम 5.30 बजे होगी।’
गाम्बिया के सिविल सेवकों के लिए दो सप्ताह का चौथा मिड-करियर प्रशिक्षण कार्यक्रम नई दिल्ली में सफलतापूर्वक संपन्न
चौथा मिड-करियर प्रशिक्षण कार्यक्रम भारत और गाम्बिया के बीच कार्मिक प्रशासन और शासन 2019-24 पर समझौता ज्ञापन (एमओयू) के सफल कार्यान्वयन को दर्शाता है
नई दिल्ली | गाम्बिया के मध्य-स्तर के सिविल सेवकों के लिए भारत सरकार के विदेश मंत्रालय (एमईए) के साथ साझेदारी में दो सप्ताह का चौथा मिड-करियर प्रशिक्षण कार्यक्रम 7 जून 2024 को नई दिल्ली में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस कार्यक्रम में गाम्बिया के प्रमुख मंत्रालयों का प्रतिनिधित्व करने वाले 30 अधिकारियों ने भाग लिया। इस कार्यक्रम में कार्मिक प्रशासन और शासन 2019-24 पर भारत गाम्बिया समझौता ज्ञापन के सफल कार्यान्वयन को चिह्नित किया गया।
इस कार्यक्रम के समापन सत्र के दौरान, प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (डीएआरपीजी) के सचिव और राष्ट्रीय सुशासन केंद्र (एनसीजीजी) के महानिदेशक वी. श्रीनिवास, आईएएस ने कार्यवाही की अध्यक्षता की और प्रतिभागियों को बधाई दी। उन्होंने कार्मिक प्रशासन और शासन 2019-24 पर भारत-गाम्बिया के पांच वर्षीय समझौता ज्ञापन के सफल कार्यान्वयन के लिए आभार व्यक्त किया। समापन सत्र को संबोधित करते हुए उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि डिजिटल परिवर्तन कैसे आर्थिक विकास को गति दे सकता है, सेवा वितरण को बढ़ा सकता है और समावेशी विकास को बढ़ावा दे सकता है। श्रीनिवास ने शासन प्रक्रियाओं को सुव्यवस्थित करने, पारदर्शिता में सुधार करने और सार्वजनिक प्रशासन में दक्षता बढ़ाने के लिए डिजिटल उपकरणों और प्रौद्योगिकियों का लाभ उठाने के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने डिजिटल डिवाइड (डिजिटल सुविधा तक पहुंच में कमी) को पाटने यानी डिजिटल सेवाओं की सर्वसुलभता के लिए डिजिटल पहल की क्षमता पर चर्चा की और इस प्रकार यह सुनिश्चित किया कि तकनीकी प्रगति का लाभ समाज के सभी वर्गों, विशेष रूप से वंचित और हाशिए पर पड़े समुदायों तक पहुंचे।

एनसीजीजी के महानिदेशक वी. श्रीनिवास ने कहा कि दोनों देशों में शासन को बेहतर करने के लिए ज्ञान का परस्पर आदान-प्रदान करना महत्वपूर्ण है। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि कैसे गाम्बिया में भारत के सुशासन मॉडल को अपनाने से बड़े पैमाने पर विकास हो सकता है, जिससे दोनों देशों की उन्नति में लाभ मिल सकता है।
कार्यक्रम के दौरान, गाम्बिया के सिविल सेवक अधिकारियों ने डिजिटल गाम्बिया, गाम्बिया में महिला सशक्तिकरण और गाम्बिया में सामाजिक कल्याण योजना जैसे विषयों पर प्रस्तुतिया दीं। इन प्रस्तुतियों को प्रतिनिधियों ने खूब सराहा। महिला सशक्तिकरण पर अपनी उत्कृष्ट प्रस्तुति के लिए ग्रुप दो को पहला स्थान हासिल हुआ।
भारत में गाम्बिया के राजदूत मुश्तफा जावरा ने अनुभव और ज्ञान के आदान-प्रदान को सुविधाजनक बनाने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका के लिए एनसीजीजी प्रशिक्षण कार्यक्रम की सराहना की। उन्होंने इस बहुमूल्य अवसर को प्रदान करने के लिए एनसीजीजी के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त किया। जावरा ने दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने में ऐसे कार्यक्रमों के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि भारतीय शासन मॉडल को अपनाने और उससे सीखने से गाम्बिया में पर्याप्त और सकारात्मक विकासात्मक परिणाम प्राप्त हो सकते हैं, जिससे बेहतर शासन और बेहतर सार्वजनिक सेवा वितरण को बढ़ावा मिल सकता है।
इस कार्यक्रम के दौरान, एसोसिएट प्रोफेसर और पाठ्यक्रम संयोजक डॉ. एपी सिंह ने प्रशिक्षण कार्यक्रम से जुड़ी महत्वपूर्ण बातें साझा कीं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि कैसे अधिकारियों के लिए तैयार किए गए पाठ्यक्रम और परामर्शदाताओं के साथ बातचीत ने एनसीजीजी को गाम्बिया से अमूल्य सीखने के अनुभव प्रदान किए। उन्होंने कहा कि ये कार्यक्रम न केवल ज्ञान साझा करने में मदद करते हैं बल्कि अधिकारियों के साथ बातचीत के अवसर भी पैदा करते हैं, जिससे मूल्यवान मित्रता बढ़ती है। एनसीजीजी भविष्य में गाम्बिया से और अधिक अधिकारियों की मेजबानी करने का बेसब्री से इंतजार कर रहा है।
राष्ट्रीय सुशासन केंद्र, भारत सरकार के कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय के प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग के अंतर्गत एक स्वायत्त संस्था है। एनसीजीजी के प्रयास ‘वसुधैव कुटुम्बकम’ यानी “पूरा विश्व एक परिवार है” के भारतीय दर्शन के अनुरूप हैं और द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने और अन्य देशों के साथ सहयोग को बढ़ावा देने पर जोर देते हैं।
एनसीजीजी ने विदेश मंत्रालय के साथ साझेदारी में, 17 देशों बांग्लादेश, मालदीव, केन्या, तंजानिया, ट्यूनीशिया, सेशेल्स, गाम्बिया, श्रीलंका, अफगानिस्तान, लाओस, वियतनाम, नेपाल भूटान, म्यांमार, इथियोपिया, इरेट्रिया और कंबोडिया के सिविल सेवकों को सफलतापूर्वक प्रशिक्षण दिया है। एनसीजीजी को सिविल सेवकों के लिए क्षमता निर्माण के क्षेत्र में सहयोग के लिए कई देशों से अनुरोध प्राप्त हुए हैं। इस अवसर पर राष्ट्रीय सुशासन केंद्र (एनसीजीजी) में सलाहकार और मुख्य प्रशासन अधिकारी प्रिस्का पॉली मैथ्यू, एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. हिमाशी रस्तोगी, और असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. गजाला हसन ने भी समापन सत्र की शोभा बढ़ाई।
पाठ्यक्रम समन्वयक डॉ. ए.पी. सिंह, सह-पाठ्यक्रम समन्वयक डॉ. मुकेश भंडारी और कार्यक्रम सहायक संजय दत्त पंत ने संपूर्ण क्षमता निर्माण कार्यक्रम का पर्यवेक्षण किया।
भारत और अमेरिका के बीच 2024 के लिए पहली कमांड एवं कंट्रोल कम्पेटिबिलिटी बोर्ड की बैठक नई दिल्ली में आयोजित हुई
नई दिल्ली | भारत और अमेरिका के बीच 2024 के लिए पहली कमांड एंड कंट्रोल कम्पेटिबिलिटी बोर्ड (सीसीसीबी) बैठक 04-07 जून 2024 तक मानेकशॉ सेंटर, नई दिल्ली में आयोजित की गई। इस बैठक में यूएस इंडोपैकोम के कार्यकारी निदेशक पॉल निकोलसन के नेतृत्व में 29 सदस्यीय अमेरिका के प्रतिनिधिमंडल और हेडक्वार्टर्स इंटिग्रेटेड डिफेंस स्टाफ के ब्रिगेडियर राहुल आनंद के नेतृत्व में 38 सदस्यीय भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने भाग लिया।
सीसीसीबी भारत व अमेरिका के बीच संचार कम्पेटिबिलिटी और सुरक्षा समझौते (कॉमकासा) के अनुच्छेद XI के तहत गठित तकनीकी विशेषज्ञ समूह है, और इसे साल में दो बार आयोजित किया जाता है। सितंबर 2018 में ऐतिहासिक समझौते पर हस्ताक्षर करने के बाद, यह दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय रक्षा साझेदारी में निरंतर प्रगति को मापने, उसे सुदृढ़ करने और हासिल करने के लिए सातवीं ऐसी बैठक है।
इस चार दिवसीय बातचीत के दौरान, दोनों पक्षों के विषय विशेषज्ञों ने अंतर-संचालन परिदृश्यों और परिचालन संचार आवश्यकताओं को समझने के लिए कई दौर की व्यापक चर्चा की। अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल के साथ केंद्रित चर्चा भारतीय त्रि-सेवाओं की वर्तमान संचार अंतर-संचालन आवश्यकताओं के लिए परस्पर सहमति से समाधान निकालने में सहायक रही। इस बैठक का सफल परिणाम भारत और अमेरिका की सेनाओं के बीच मजबूत होते संबंधों का सच्चा प्रतिबिंब है।