कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने 'द केरल स्टोरी' को लेकर बड़ी चुनौती दे डाली है। सांसद थरूर ने इस फिल्म के दावे को लेकर कहा है कि पहले धर्म परिवर्तन का सबूत पेश करो और 1 करोड़ रुपए जीत लो।
दरअसल, 'द केरल स्टोरी' एक फिल्म है, जिसमें 32 हजार से ज्यादा गैर मुस्लिम लड़कियों के धर्म परिवर्तन करने और आईएसआईएस जैसे आतंकी संगठन के चंगुल में फसने की कहानी दिखाई गई है। सोशल मीडिया पर इस फिल्म में धर्म परिवर्तन के आंकड़ों को लेकर पहले से ही बवाल हो रहा था। अब कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने भी इस फिल्म को लेकर रिएक्शन दिया है। सुदिप्तो सेन के निर्देशन में बनी और अदा शर्मा स्टारर फिल्म द केरल स्टोरी रिलीज़ से पहले विवादों में घिर गई है।
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने एक ट्वीट किया है। इसके साथ उन्होंने एक तस्वीर शेयर की है, जिसमें लिखा है कि 32 हज़ार लड़कियों के धर्म परिवर्तन और सीरिया जाने की बात को साबित कीजिए। अपना सबूत सब्मिट कीजिए। इस चैलेंज को पूरा करने वाले को एक करोड़ रुपये देने का वादा किया गया है।
Now there’s an opportunity for all those hyping the alleged conversions of 32,000 women on Kerala to Islamism — to prove their case and make some money. Will they be up to the challenge or is there simply no proof because none exists? #NotOurKeralaStorypic.twitter.com/SrwaMx556H
शशि थरूर ने लिखा है, “जो लोग केरल में 32 हज़ार लड़कियों के इस्लाम कबूलने की बात को उछाल रहे हैं उनके लिए इस मामले को साबित करने और पैसा कमाने का बड़ा मौका है। उन्होंने कहा है कि क्या वो इस चैलेंज को कबूल करेंगे या फिर उनके पास सबूत ही नहीं क्योंकि ऐसा हुआ ही नहीं। शशि थरूर ने पोस्ट में हैशटेग दिया है ‘नोट आर केरल स्टोरी’।
शशि थरूर के इस पोस्ट के मुताबिक जो लोग चैलेंज लेकर एक करोड़ रुपये का इनाम जीतना चाहते हैं वो चार मई को केरल के हर जिले में काउंटर पर सबूत जमा करा सकते हैं। इसके लिए जारी किए गए पोस्टर में टाइम भी बताया गया है। 4 मई को सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे तक सबूत कलेक्ट किये जाएंगे। पोस्टर पर मुस्लिम यूथ लीग केरल स्टेट कमेटी का भी नाम है। ये चैंलेज मुस्लिम यूथ लीग की ओर से ही दिया गया है।
भोपाल। भारतीय संस्कृति में तपस्या और साधना का सबसे ज्यादा महत्व है। परम पूज्य गुरु जी षण्मुखानंद जी महाराज तपस्वी और साधक संत हैं। हम लोगों का सौभाग्य है कि उनके दर्शन यहां कर पा रहे हैं। वे ज्ञान, भक्ति और कर्म के त्रिवेणी संगम हैं। उक्त बातें मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने गुरु जी षण्मुखानंद के दर्शन के बाद कहीं। । मुख्यमंत्री चौहान और उनकी पत्नी साधना सिंह ने संत श्री षण्मुखानंद जी महाराज का आरती उतार कर और पुष्पहार से स्वागत किया़। भक्तों ने भी पुष्प-वर्षा कर गुरूदेव का स्वागत किया।
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि भारतीय संस्कृति अद्भुत है। प्राणियों में सद्भाव और विश्व का कल्याण की भावना हमारी संस्कृति में निहीत है। भगवान श्री कृष्ण ने गीता में जो लक्षण भक्त के बताए थे, वे सभी गुरुदेव में निहीत हैं। मैं आप सबके कल्याण की कामना करता हूँ। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत दुनिया को राह दिखाएगा, आज वह समय आ गया है। भारत माता फिर से विश्व गुरु के पद पर आसीन हो रही है।
पूज्य संत श्री षण्मुखानंद जी महाराज ने कहा कि आजादी से बढ़ कर सुख दुनिया में कोई नहीं है। अपने बेटा-बेटी उन्नति करें तो माता-पिता और भगवान को भी खुशी होती है। मुख्यमंत्री श्री चौहान प्रदेश को उन्नति के पथ पर ले जा रहे हैं। उनके अंदर संस्कार हैं और उनका आध्यात्मिक ज्ञान बेहतर है। मानव शरीर बड़ी दुर्लभता से मिलता है। इसलिए जीवन में हमेशा अच्छे कर्म करते रहना चाहिए।
भोपाल। राज्य सरकार की योजनाओं से आज समाज बेटियों को वरदान मानने लगा है और महिला सशक्तिकरण के साथ सामाजिक क्रांति भी हो रही है। उक्त बातें मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सीहोर जिले की भैरूंदा तहसील में गोंड और कोरकू समाज के सामूहिक विवाह सम्मेलन में कहीं। उन्होंने नव-दम्पतियों पर पुष्प-वर्षा कर आशीर्वाद दिया और मुख्यमंत्री कन्या-विवाह योजना की राशि के चेक प्रदान किये।
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि यह सौभाग्य की बात है कि योजना के शुरू होने से राज्य स्तरीय सामूहिक विवाह सम्मेलन लगातार जारी है। उन्होंने कहा कि लाड़ली लक्ष्मी योजना से प्रदेश में लिंगानुपात के अंतर में काफी कमी आई है। योजना का प्रतिफल यह भी रहा कि अब प्रदेश में बेटियों को अभिशाप नहीं वरदान माना जा रहा है। बेटियां पढ़-लिख कर आत्म-निर्भर बन रही है और प्रदेश के विकास में सहभागिता कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन बेटियो की शिक्षा का इंतजाम और उनके विवाह का खर्च भी राज्य सरकार उठा रही है। लाड़ली लक्ष्मी योजना के प्रभावी असर से अब बेटियो को बोझ नहीं माना जाता है। उन्होंने कहा कि स्थानीय निकाय चुनावों और सरकारी नौकरियों में आरक्षण के प्रावधान से प्रदेश की महिलाएँ सशक्त हुई हैं।
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना भी गरीब बहनों की जिंदगी को बदल देगी। योजना में 23 से 60 वर्ष की बहनों को अब समाज एवं परिवार में मान-सम्मान के साथ जीवन जीने का अवसर मिलेगा। उन्होंने कहा कि योजना में अब तक एक करोड़ 21 लाख बहनें फार्म भर चुकी हैं। प्रत्येक पात्र बहन को योजना का लाभ 1000 हजार रुपये जून माह से मिलना शुरू हो जायेगा।
मुख्यमंत्री ने ग्राम पिपलानी में सीनियर अनुसूचित जनजाति छात्रावास, हायर सेकंडरी स्कूल सहित क्षेत्र की विभिन्न सड़कों के निर्माण के लिए 53 करोड़ यपये से अधिक के निर्माण कार्यों का भूमि-पूजन कर शिलान्यास किया। मुख्यमंत्री ने गोंड समाज के आग्रह पर भैंरूदा में धर्मशाला निर्माण की घोषणा भी की। मुख्यमंत्री ने "मामा की दुआएँ लेती जा, जा तुझको सुखी संसार मिले" गीत की पंक्तियाँ गाकर बेटियों को विदाई दी।
नईदिल्ली। देश के नए जामताड़ा हरियाणा के नूंह इलाके में साइबर ठगी की आनलाइन कोचिंग चल रही थी। नूंह में 40 हजार रुपये से लेकर एक लाख रुपये तक की फीस लेकर लोगों को साइबर ठगी की ट्रेनिंग दी जा रही थी। आनलाइन लेक्चर देकर गांव-गांव में ठगों की फौज तैयार की जा रही थी। इसका खुलासा तब हुआ जब हरियाणा पुलिस ने छापामार कार्रवाई में 200 से ज्यादा ठग को एक साथ पकड़ा।
हरियाणा के नूंह जिले में चल रहे इन कोचिंग सेंटरों में साइबर ठगी की ट्रेनिंग दी जाती थी। पुलिस की नजर अब इन कोचिंग सेंटर्स पर है। पकड़े गए ठगों से पूछताछ के बाद इन कोचिंग सेंटरों के विषय में पुलिस को खासी जानकारी मिली है। पुलिस इन कोचिंग सेंटर के नेटवर्क को भी ध्वस्त करने की तैयारी में जुट गई है।
पुलिस ने बताया कि ठगी की क्लास लगाने वाले इन कोचिंग सेंटरों का अपना पाठ्यक्रम और यूनिफार्म भी है। इसमें ऑनलाइन लेक्चर भी दिए जाते थे। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद से ही गांवों में सन्नाटा पसरा हुआ है। गांव के ज्यादातर युवा पड़ोसी जिलों और राज्यों में रहने वाले अपने रिश्तेदारों के यहां चले गए हैं।
बता दें कि स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) और नूंह पुलिस ने पांच हजार पुलिसकर्मियों के साथ 14 गांवों में एक साथ 300 ठिकानों पर छापामार कार्रवाई करके 47 लोगों को गिरफ्तार किया और 160 लोगों को हिरासत में लिया गया था।
ठगी की ट्रेनिंग के लिए प्रवेश देने से पहले सवाल-जवाब की लंबी प्रक्रिया होती थी। इसमें पूछते थे कि यह काम क्यों करना चाहते हैं। संतुष्ट होने के बाद ही प्रवेश दिया जाता है। यहां पर एडमिशन के लिए अपना लैपटाप, कॉल सेंटर में काम का अनुभव आदि होना जरूरी था। इसके अलावा ऑनलाइन क्लास भी लगाई जाती। यहां के कुछ युवक जामताड़ा के ठगों से भी ट्रेनिंग हासिल किए हुए हैं।
दिल्ली के जंतर-मंतर पर पहलवानों के धरना का आज आठवां दिन था। इस प्रदर्शन के दौरान पहलवानों ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपने लिए इंसाफ की मांग उठाई है। इस विरोध प्रदर्शन में बजरंग पुनिया ने कहा, जब तक इंसाफ नहीं होगा, हमारी लड़ाई जारी रहेगी। पहलवान बजरंग पुनिया ने कहा वो (फेडरेशन) इस आंदोलन को दूसरा रूप देना चाहते हैं। हमें कोर्ट पर पूरा भरोसा है। पहलवानों ने स्पष्ट किया, हम कोई कब्जा नहीं चाह रहे हैं।
पहलवान बजरंग पुनिया ने परिवारवाद के मुद्दे पर कहा, सारा परिवारवाद वहीं हो रहा है और आरोप हम पर लगा रहे हैं। उन्होंने कहा, किसी खिलाडी का क्रिमिनल रिकॉर्ड नहीं है, बल्कि बृजभूषण का क्रिमनल रिकॉर्ड है। विनेश फोगाट ने कहा, कानूनी प्रक्रिया पर हम कुछ नहीं कहेंगे? कई राज्यों से खिलाड़ी समर्थन कर रहे हैं। आगे कहा कि प्रधानमंत्री हमारे मन की बात भी सुनें। करोड़ों लोग हमारे समर्थन में बैठे हैं, यही हमारी ताकत हैं। हमें नॉलेज नहीं कि कितने सांसद और विधायक हैं।
बृजभूषण से बड़ा अपराधी नहीं
इस प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान बजरंग पुनिया ने कहा, हमारी लड़ाई चुनाव के लिए नहीं है। उन्होंने WFI अध्यक्ष को लेकर कहा, बृजभूषण अब भी मुस्कुराते हुए बोल रहा है। ऐसे इंसान को मंच नहीं देना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट के आदेश का इंतजार करना चाहिए। बजरंग पुनिया ने कहा, WFI अध्यक्ष बृजभूषण ने कौन सा बड़ा काम किया जो उसे फूल माला पहनाई जा रही है। इससे बड़ा अपराधी हिंदुस्तान में कोई नहीं है।
बृजभूषण के खिलाफ दो मामले दर्ज
आपको बता दें कि दिल्ली पुलिस ने शुक्रवार को भारतीय कुश्ती महासंघ के प्रमुख बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ महिला पहलवानों द्वारा लगाए गए यौन उत्पीड़न के आरोपों के संबंध में दो प्राथमिकी (FIR) दर्ज की थीं। महिला पहलवानों से मिली शिकायतों के आधार पर कनॉट प्लेस थाने में दर्ज दो एफआईआर में गंभीर आरोप लगाए गए हैं। पहली प्राथमिकी एक नाबालिग द्वारा लगाए गए आरोपों से संबंधित है, जिसमें बाल यौन शोषण के खिलाफ कानून (पोक्सो) के तहत भारतीय दंड संहिता की प्रासंगिक धाराएं जोड़ी गई हैं।
अल्पसंख्यक मंत्री सालेह मोहम्मद के गले में एक सपेरे ने दो कोबरा सांप डालने की कोशिश की। सांप को देखते ही मंत्री डर के मारे पसीने से तर—बतर हो गए और अपनी कुर्सी से उठकर खड़े हो गए। मंत्री के मना करने पर भी सपेरा सांप गले में डालने की कोशिश करता रहा। घटना जैसलमेर के फलसुंड में शनिवार शाम की है। इसका वीडियो रविवार को सामने आया।
जानकारी के मुताबिक मंत्री सालेह मोहम्मद एक निजी स्कूल के वार्षिक समारोह में पहुंचे थे। स्टेज पर डांस प्रोग्राम चल रहा था। सामने गेस्ट और बाकी लोग बैठे हुए थे। कार्यक्रम में सपेरा गजेंद्र सुथली भी सांपों का खेल दिखा रहा था।
प्रोग्राम के दौरान अचानक सपेरा दो कोबरा सांप लेकर मंत्री के पास आ गया और करीब 6 फीट लंबे सांपों को उनके गले में डालने लगा। मंत्री ने सपेरे को रोकने का प्रयास किया। सपेरे के नहीं मानने पर वो कुर्सी छोड़कर खड़े हो गए। इसके बाद सुरक्षाकर्मियों ने सपेरे को दूर धकेला।
— Abhishek Dubey 'Journalist' (@abhay230879) April 30, 2023
सपेरे की हरकत से मंत्री नाराज हो गए। इस पर सपेरे ने स्टेज पर जाकर मंत्री से हाथ जोड़कर माफी मांगते हुए कहा कि उसने ये हंसी मजाक में किया था। उसका ऐसा कोई इरादा नहीं था। मंत्री ने उसे माफ कर दिया, लेकिन वह भावुक हो गया। मंत्री ने स्टेज पर सपेरे के कंधे पर हाथ रखकर उसे चुप कराया।
एलन मस्क ने माइक्रो ब्लॉगिंग साइट ट्विटर पर बड़े बदलाव करने का ऐलान किया है। उन्होंने ट्वीट करते हुए बताया कि अब मीडिया पब्लिसर्स को अगले महीने से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर आर्टिकल पढ़ने के लिए यूजर्स से चार्ज लेने की अनुमित मिलेगी।
इस फीचर के रोल आउट होने के बाद वो यूजर भी आर्टिकल पढ़ सकेंगे जिनके पास मंथली सब्सक्रिप्शन नहीं है और कभी-कभार आर्टिकल पढ़ना चाहते हैं। ऐसे यूजर्स को प्रति आर्टिकल के हिसाब से चार्ज देना पड़ेगा। एलन मस्क ने कहा- यह मीडिया ऑर्गेनाइजेशन और पब्लिक दोनों के लिए एक बड़ी जीत होना चाहिए।
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ट्विटर ने ऑफिशियल अकाउंट से ट्वीट करते हुए बताया कि 'दुनियाभर के क्रिएटर्स अब साइन अप कर सकते हैं और ट्विटर पर कमाई कर सकते हैं। आज ही अप्लाई करने के लिए सेटिंग में मोनेटाइजेशन पर टैप करें।' हालांकि, इसके जरिए वही क्रिएटर्स पैसा कमा पाएंगे जिनके अकाउंट में कम से कम 500 फॉलोअर्स हों। वहीं अकाउंट वैरिफाइड होने के साथ ही पिछले 30 दिन से एक्टिव हो।
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ट्विटर के ट्वीट पर कमेंट करते हुए एलन मस्क ने कहा कि दुनिया भर के कंटेंट क्रिएटर्स को सपोर्ट करें! कई लोगों की इनकम का ये एक प्रमुख सोर्स है। इससे वो आपके लिए ज्यादा समय देकर बढ़िया कंटेंट बना सकेंगे।
मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह किसी ना किसी बात को लेकर चर्चा में बने ही रहते हैं। भाजपा के खिलाफ उनकी मुहिम हमेशा जारी रहती है, लेकिन इसका फायदा कांग्रेस को बीते 19 सालों में नहीं मिल पाया है। इस बार उन्होंने 'द कश्मीर फाइल्स' के डायरेक्टर विवेक अग्निहोत्री को एक फिल्म बनाने की सलाह दी है। बकायदा उस फिल्म के लिए उन्होंने नाम सुझाया है, तो कॉन्सेप्ट को लेकर भी अपनी राय दी है। साथ ही पैसों को लेकर चिंता नहीं करने की बात कहते हुए भविष्यवाणी करते हुए कहा है कि यदि वे इस फिल्म को बनाते हैं, तो वह ब्लॉक बस्टर होगी।
विवेक अग्निहोत्री जी आप एक सफल फ़िल्म निर्माता हैं और जो Trilogy आप बना रहे हैं उस Delhi Files के साथ एक और फ़िल्म अवश्य बनायें। जिसकी शुरुआत 2014 से हो सकती है। “The Thugs Of Modern India”। Block Buster होगी।@vivekagnihotri@BJP4India@RSSorg@INCIndia 1/n https://t.co/1kDzfUZ49b
दरअसल, दिग्गी ने विवेक अग्निहोत्री को 2014 के बाद की स्थितियों पर फिल्म बनाने की सलाह दी है। दिग्विजय सिंह ने ट्वीट कर लिखा- विवेक अग्निहोत्री जी, आप एक सफल फिल्म निर्माता हैं और जो Trilogy आप बना रहे हैं उस Delhi Files के साथ एक और फिल्म अवश्य बनायें, जिसकी शुरुआत 2014 से हो सकती है। “The Thugs Of Modern India”। Block Buster होगी। उदाहरण के लिए किरण पटेल, संजय शेरपुरिया नीरव मोदी, मेहूल चौकसी और भी कई हो सकते हैं। केवल आप को कुछ निष्पक्ष research करना होगा। इसकी शूटिंग का location गुजरात में ही होना चाहिए। funds की कोई दिक्कत नहीं होगी। पूर्व के आप के “मित्रों” में The Kerala Story के निर्माता विपुल अमृतलाल शाह भी अब जुड़ गए हैं। यह भी गुजरात के ही हैं।
इस पर विवेक अग्निहोत्री ने दिग्विजय सिंह को ट्विटर पर ही तीखा जवाब देते हुए लिखा है 'सोच रहा हूँ क्यों ना उसके पहले ‘Pidi Files’ बनायी जाये। पर आपके मालिक तो आपको Pidi बनने के काबिल भी नहीं समझते।
कई लोग कह रहे हैं “धोबी का कुत्ता ना घर का ना घाट का’ बना दी जाये।
अच्छा एक और बात, अगर सब कुछ मैं ही बनाऊँगा तो Bollywood में जो आपके प्यादे हैं वो क्या करेंगे?'
सोच रहा हूँ क्यों ना उसके पहले ‘Pidi Files’ बनायी जाये। पर आपके मालिक तो आपको Pidi बनने के काबिल भी नहीं समझते।
कई लोग कह रहे हैं “धोबी का कुत्ता ना घर का ना घाट का’ बना दी जाये।
अच्छा एक और बात, अगर सब कुछ मैं ही बनाऊँगा तो Bollywood में जो आपके प्यादे हैं वो क्या करेंगे? https://t.co/ozPWWo7lA9
— Vivek Ranjan Agnihotri (@vivekagnihotri) April 30, 2023
नईदिल्ली। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह 1 से 3 मई, 2023 तक मालदीव की आधिकारिक यात्रा करेंगे। यात्रा के दौरान राजनाथ सिंह मालदीव की रक्षा मंत्री सुश्री मारिया अहमद दीदी और विदेश मंत्री अब्दुल्ला शाहिद के साथ द्विपक्षीय बातचीत करेंगे। विचार-विमर्श के दौरान दोनों देशों के बीच रक्षा संबंधों से संबंधित सभी क्षेत्रों की समीक्षा की जाएगी। रक्षा मंत्री मालदीव के राष्ट्रपति श्री इब्राहिम मोहम्मद सोलिह से भी मुलाकात करेंगे।
मित्र देशों और क्षेत्र के साझीदारों की क्षमता निर्माण के लिए भारत की प्रतिबद्धता के अनुरूप राजनाथ सिंह मालदीव के राष्ट्रीय रक्षा बलों को एक फास्ट पेट्रोल वेसल जहाज और एक लैंडिंग क्राफ्ट उपहार में देंगे। अपने प्रवास के दौरान वह देश में जारी परियोजना स्थलों का भी दौरा करेंगे और प्रवासी भारतीयों से बातचीत करेंगे। रक्षा मंत्री की यात्रा दोनों देशों के बीच मित्रता के प्रगाढ़ संबंधों के निर्माण में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगी।
भारत और मालदीव समुद्री सुरक्षा, आतंकवाद, कट्टरपंथीकरण, समुद्री डकैती, तस्करी, संगठित अपराध और प्राकृतिक आपदाओं सहित साझा चुनौतियों का प्रभावी ढंग से समाधान करने के लिए मिलकर काम कर रहे हैं। भारत की ‘पड़ोसी पहले’ नीति के साथ-साथ सागर (क्षेत्र में सभी के लिए सुरक्षा और विकास) विजन तथा मालदीव की ‘भारत पहले’ नीति में हिंद महासागर क्षेत्र के भीतर क्षमताओं को संयुक्त रूप से विकसित करने के लिए मिलकर कार्य करने की इच्छा जताई गई है।
कर्नाटक विधानसभा चुनाव के लिए 10 मई को मतदान होना है। मैदान में भाजपा के खिलाफ कांग्रेस और जेडीएस दमखम लगाकर जुटी हुई है, तो इधर भाजपा के स्टार प्रचारकों में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने खुद ही मोर्चा संभाल लिया है। पीएम मोदी का आज कर्नाटक में दूसरा दिन है। एक दिन पहले उन्होंने कर्नाटक में रोड शो किया, जिसमें बड़ी तादाद में मतदाताओं ने पीएम मोदी को प्यार दिया।
रविवार को पीएम मोदी ने कोलार में जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि कर्नाटक का ये चुनाव सिर्फ आने वाले 5 सालों के लिए MLA, मंत्री या मुख्यमंत्री बनाने का नहीं है। ये चुनाव आने वाले 25 सालों में विकसित भारत के रोडमैप की नींव को सशक्त करने का है। अस्थिर सरकार इस तरह के बड़े वीजन पर कभी काम नहीं कर सकती। इस बीच पीएम मोदी ने किसी का नाम लिए बगैर कांग्रेस पर जोरदार निशाना साधा। उन्होंने कहा कि शाही परिवार जमानत पर बाहर है, पर उपदेश देने में किसी तरह की कमी नहीं कर रहा है।
#WATCH आज जब मैं भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई लड़ रहा हूं तो सबसे ज्यादा तकलीफ कांग्रेस को हो रही है इसलिए कांग्रेस की दिनों दिन मुझसे नफरत और बढ़ गई है। उन्होंने मुझ पर हमला और बढ़ा दिया है। कांग्रेस के लोग धमकी दे रहे हैं, "मोदी तेरी कब्र खुदेगी।" अब वे मेरी तुलना सांप से कर रहे… pic.twitter.com/3Tc6AHQSli
इस दौरान पीएम मोदी ने कांग्रेस और जेडीएस पर निशाना साधते हुए कहा, इतनी बढ़ी संख्या में आपका यहां आना आज कांग्रेस और JDS दोनों की नींद उड़ाने वाला है। कर्नाटक के विकास में ये दोनों पार्टियां सबसे बड़ा रोड़ा हैं। कांग्रेस और JDS मिलकर चाहे जितना खेल लें लेकिन कर्नाटक की जनता उन्हें क्लीन बोल्ड करने जा रही है।
पीएम बोले, अस्थिर सरकारों के पास विजन नहीं हो सकता। कांग्रेस के शासन काल में दुनिया भारत से नाउम्मीद थी लेकिन जैसे ही बीजेपी सत्ता में आई दुनिया अब भारत को एक उज्ज्वल स्थान के रूप में देखने लगी। कर्नाटक ने बीजेपी को चुनने का फैसला किया है। राज्य में निरंतर विकास के लिए डबल इंजन की सरकार बहुत महत्वपूर्ण है। कांग्रेस और जेडीएस शासन के दौरान विकास की गति धीमी हो गई।
नईदिल्ली। केन्द्रीय वित्त तथा कॉरपोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज यहां केन्द्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। इस समीक्षा बैठक में राजस्व सचिव, सीबीआईसी के अध्यक्ष और सीबीआईसी के सदस्यों ने भी भाग लिया। वित्त मंत्री ने सीबीआईसी को अगले सप्ताह तक जीएसटी रिटर्न की जांच की स्वचालित प्रक्रिया शुरू करने और प्रौद्योगिकी के अधिक उपयोग के जरिए करदाता आधार बढ़ाने के लिए एक कार्य योजना को लागू करने का निर्देश दिया।
इस व्यापक समीक्षा में कर संबंधी सुविधाएं, करदाताओं को प्रदान की जाने वाली सेवाओं, व्यापार जगत की शिकायत निवारण; अनुशासनात्मक मामलों और बुनियादी ढांचा परियोजनाओं को अंतिम रूप देना और नेशनल एकेडमी ऑफ कस्टम्स, इनडायरेक्ट टैक्स एंड नारकोटिक्स (एनएसीआईएन) के आगामी पलासमुद्रम परिसर की प्रगति सहित विविध कार्य क्षेत्रों को शामिल किया गया।
वित्त मंत्री ने करदाताओं को प्रदान की जाने वाली सेवाओं में निरंतर सुधार की आवश्यकता पर बल दिया। शिकायत निवारण के संबंध में, श्रीमती सीतारामन ने यह अपेक्षा व्यक्त की कि प्रत्येक जोन में व्यापार और उद्योग जगत के उन सदस्यों के साथ संवाद किया जाए जो जीएसटी इकोसिस्टम का हिस्सा हैं ताकि उनकी समस्याओं और सुझावों के बारे में जाना जा सके, ताकि उनके लिए निवारण की प्रक्रिया हेतु व्यवस्थित रूप से मामलों की पहचान की जा सके। उन्होंने निवारण की गुणवत्ता में सुधार के लिए शिकायतों के निवारण के बारे में प्रतिक्रिया लेने हेतु एक प्रणाली स्थापित करने का भी निर्देश दिया।
समीक्षा के दौरान, वित्त मंत्री को 2022-23 के दौरान कुल अप्रत्यक्ष कर संग्रह में अंतिम राजस्व उपलब्धियों के बारे में जानकारी दी गई, जोकि 2021-22 में 12.89 लाख करोड़ रुपये की तुलना में 13.82 लाख करोड़ रुपये है। जीएसटी के मामले में, वर्ष 2022-23 के दौरान औसत सकल मासिक संग्रह 1.51 लाख करोड़ रुपये और मासिक जीएसटी राजस्व संग्रह लगातार 12 महीनों के लिए 1.4 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया।
वित्त मंत्री ने नकली बिलिंग/इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) के खिलाफ अभियान को तेज करने के संबंध में, श्रीमती सीतारामन ने यह अपेक्षा व्यक्त की कि सीबीआईसी पहले से दर्ज किए गए मामलों की टाइपोलॉजी का अध्ययन करके व्यापक रूप से मूल कारकों का विश्लेषण कर सकता है और खतरे को दूर करने तथा इन्हें घटित होने से रोकने के लिए प्रौद्योगिकी आधारित उपायों के बारे में अपनी सिफारिशें दे सकता है।
नईदिल्ली। केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने आज ब्रिटेन में इंपीरियल कॉलेज लंदन का दौरा किया और कॉलेज में पढ़ रहे भारतीय छात्रों के साथ बातचीत की। उन्होंने कहा कि केंद्र की युवा-केंद्रित नीतियों की श्रृंखला के कारण यह समय भारत के युवाओं और छात्रों के लिए सर्वोत्तम है। इंपीरियल कॉलेज लंदन में डॉ. जितेंद्र सिंह की यात्रा के अवसर पर कॉलेज प्रबंधन ने कॉलेज में पढ़ने वाले भारतीय छात्रों के लिए चार लाख ब्रिटिश पौंड की छात्रवृत्ति की घोषणा की। इसमें से 50 प्रतिशत छात्रवृत्ति भारत की छात्राओं को दी जाएगी।
इस अवसर पर उपस्थित समुदाय को संबोधित करते हुए डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि वे यूरोप के सर्वाधिक प्रगतिशील विश्वविद्यालयों में से एक प्रमुख विश्वविद्यालय में आकर बहुत प्रसन्न हैं। इस विश्वविद्यालय ने विश्व को होनहारों के अतिरिक्त पेनिसिलिन, होलोग्राफी और फाइबर ऑप्टिक्स दिए हैं।
इंपीरियल कॉलेज लंदन, इंग्लैंड में एक सार्वजनिक अनुसंधान विश्वविद्यालय है। यह कॉलेज ब्रिटेन में अनुसंधान, पर्यावरण अनुसंधान और रसेल समूह विश्वविद्यालयों में अनुसंधान प्रभाव के लिए प्रथम श्रेणी में गिना जाता है। यह एमएस और पार्किंसंस का ऊतक बैंक, 'कई स्क्लेरोसिस, पार्किंसंस रोग और संबंधित स्थितियों वाले व्यक्तियों द्वारा दान किए गए केंद्रीय तंत्रिका तंत्र ऊतकों के नमूनों' का संग्रह भी है। यह ब्रिटेन के सबसे बड़े ब्रेन बैंक के संग्रह का हिस्सा है।
पिछले पांच वर्षों में इंपीरियल के विद्यार्थियों ने 300 से अधिक भारतीय संस्थानों में भागीदारों के साथ 1,200 से अधिक शोध प्रकाशनों में लेखन में साझेदारी की है। अनुसंधान भागीदारों में भारतीय विज्ञान संस्थान बैंगलोर, अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, क्रिश्चियन मेडिकल कॉलेज, भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान मुंबई, भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान खड़गपुर, भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र और टाटा मूलभूत अनुसंधान संस्थान शामिल हैं। कॉलेज में वर्तमान में 700 भारतीय छात्र शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं और भारत में इंपीरियल कॉलेज से शिक्षा पाने वाले 3,000 से अधिक पूर्व छात्रों का एक समुदाय है।
डॉ. जितेंद्र सिंह ने जीवंत माहौल में लगभग एक घंटा छात्रों से बातचीत की और उन्होंने कहा कि यह भारत में युवाओं के लिए सर्वोत्तम समय है, क्योंकि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने पिछले 9 वर्षों में कई बाधाओं को दूर किया है और कई बोझिल नियमों को हटाया है तथा एक सक्षम वातावरण बनाया गया है, जहां युवा अपनी आकांक्षाओं को अनुभव कर सकते हैं।
डॉ. जितेन्द्र सिंह ने बताया कि अंतरिक्ष क्षेत्र को निजी प्रतिभागियों के लिए खोला गया है। अब अंतरिक्ष क्षेत्र में भी सैकड़ों स्टार्टअप हैं। उन्होंने कहा कि स्टार्टअप आंदोलन को प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने व्यक्तिगत रूप से बढ़ावा दिया है, जिसके परिणामस्वरूप यह आंकड़ा 100 से अधिक यूनिकॉर्न के साथ 350 से बढ़कर 90,000 से अधिक हो गया है।
साथियो, ‘मन की बात’ मेरे लिए तो दूसरों के गुणों की पूजा करने की तरह ही रहा है। मेरे एक मार्गदर्शक थे – श्री लक्ष्मणराव जी ईनामदार। हम उनको वकील साहब कहा करते थे। वो हमेशा कहते थे कि हमें दूसरों के गुणों की पूजा करनी चाहिए। सामने कोई भी हो, आपके साथ का हो, आपका विरोधी हो, हमें उसके अच्छे गुणों को जानने का, उनसे सीखने का, प्रयास करना चाहिए। उनकी इस बात ने मुझे हमेशा प्रेरणा दी है। ‘मन की बात’ दूसरों के गुणों से सीखने का बहुत बड़ा माध्यम बन गयी है।
मेरे प्यारे देशवासियो, इस कार्यक्रम ने मुझे कभी भी आपसे दूर नहीं होने दिया। मुझे याद है, जब मैं गुजरात का मुख्यमंत्री था, तो वहां सामान्य जन से मिलना-जुलना स्वाभाविक रूप से हो ही जाता था। मुख्यमंत्री का कामकाज और कार्यकाल ऐसा ही होता है, मिलने जुलने के अवसर बहुत मिलते ही रहते हैं। लेकिन 2014 में दिल्ली आने के बाद मैंने पाया कि यहाँ का जीवन तो बहुत ही अलग है। काम का स्वरूप अलग, दायित्व अलग, स्थितियाँ-परिस्तिथियों के बंधन, सुरक्षा का तामझाम, समय की सीमा। शुरुआती दिनों में, कुछ अलग महसूस करता था, खाली-खाली सा महसूस करता था। पचासों साल पहले मैंने अपना घर इसलिए नहीं छोड़ा था कि एक दिन अपने ही देश के लोगों से संपर्क ही मुश्किल हो जायेगा। जो देशवासी मेरा सब कुछ है, मैं उनसे ही कट करके जी नहीं सकता था। ‘मन की बात’ ने मुझे इस चुनौती का समाधान दिया, सामान्य मानवी से जुड़ने का रास्ता दिया। पदभार और प्रोटोकॉल, व्यवस्था तक ही सीमित रहा और जनभाव, कोटि-कोटि जनों के साथ, मेरे भाव, विश्व का अटूट अंग बन गया। हर महीने में देश के लोगों के हजारों संदेशों को पढता हूँ, हर महीने में देशवासियों के एक से एक अद्भुत स्वरूप के दर्शन करता हूँ। मैं देशवासियों के तप-त्याग की पराकाष्ठा को देखता हूँ, महसूस करता हूँ। मुझे लगता ही नहीं है, कि मैं, आपसे थोडा भी दूर हूँ। मेरे लिए ‘मन की बात’ ये एक कार्यक्रम नहीं है, मेरे लिए एक आस्था, पूजा, व्रत है। जैसे लोग, ईश्वर की पूजा करने जाते हैं, तो, प्रसाद की थाल लाते हैं। मेरे लिए ‘मन की बात’ ईश्वर रूपी जनता जनार्दन के चरणों में प्रसाद की थाल की तरह है। ‘मन की बात’ मेरे मन की आध्यात्मिक यात्रा बन गया है।
‘मन की बात’ स्व से समिष्टि की यात्रा है।
‘मन की बात’ अहम् से वयम् की यात्रा है।
यह तो मैं नहीं तू ही इसकी संस्कार साधना है।
आप कल्पना करिए, मेरा कोई देशवासी 40-40 साल से निर्जन पहाड़ी और बंजर जमीन पर पेड़ लगा रहा है, कितने ही लोग 30-30 साल से जल-संरक्षण के लिए बावड़ियां और तालाब बना रहे हैं, उसकी साफ़-सफाई कर रहे हैं। कोई 25-30 साल से निर्धन बच्चों को पढ़ा रहा है, कोई गरीबों की इलाज में मदद कर रहा है। कितनी ही बार ‘मन की बात’ में इनका जिक्र करते हुए मैं भावुक हो गया हूँ। आकाशवाणी के साथियों को कितनी ही बार इसे फिर से रिकॉर्ड करना पड़ा है। आज, पिछला कितना ही कुछ, आँखों के सामने आए जा रहा है। देशवासियों के इन प्रयासों ने मुझे लगातार खुद को खपाने की प्रेरणा दी है।
भोपाल। प्रदेश में पहले सिंचाई का रकबा 7 लाख हेक्टेयर हुआ करता था, जो अब बढ़ कर 45 लाख हेक्टेयर हो गया है प्रदेश सरकार का लक्ष्य है कि 2025 तक प्रदेश का सिंचाई रकबा 65 लाख हेक्टेयर कर दिया जाए इसके लिए नवीन सिंचाई परियोजनाओं पर तेजी से काम किया जा रहा है।
जल संसाधन एवं मछुआ कल्याण मंत्री तुलसीराम सिलावट नीमच जिले के रामपुरा में शनिवार को मछुआ कॉलोनी में बनने वाले सामुदायिक भवन का शिलान्यास कर मछुआ बंधुओं से संवाद कर रहे थे। सांसद सुधीर गुप्ता, मनासा विधायक अनिरुद्ध मारू, विधायक गरोठ देवी लाल धाकड़ सहित जन-प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
मंत्री सिलावट ने कहा कि मत्स्य उत्पादन में बालाघाट जिला देश में प्रथम स्थान पर है। गांधी सागर जलाशय में मत्स्य उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए मांग और गुणवत्तापूर्ण कतला, रऊ, प्रजाति मत्स्य का बीज भी डाला जावेगा। उन्होंने कहा कि मछुआरों को नाव के लिए प्रदान किए जा रहे 12 हजार रूपये को बढ़ा कर 15 हजार रुपये किया जाएगा।
मंत्री सिलावट ने कहा कि मछुआरों की मछली पकड़ने की मजदूरी बढ़ाने की मांग के प्रस्ताव को मत्स्य महासंघ की बैठक में रखा जाएगा उन्होंने मछुआरों की विभिन्न मांगों पर सहानुभूति पूर्वक विचार करने की बात भी कही।
मंत्री सिलावट ने कहा कि मत्स्य महासंघ गांधी सागर रामपुरा के अनियमितता करने वाले अधिकारियों के विरुद्ध जांच कर दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्यवाही की जावेगी। जल संसाधन मंत्री सिलावट ने गांधी सागर से मनासा क्षेत्र एवं नीमच जिले की सिंचाई योजना में छुटे हुए।
भोपाल। राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा है कि दूरस्थ शिक्षा स्वावलंबन का माध्यम बने। व्यावसायिक, रोजगार परक पाठ्यक्रमों के विद्यार्थियों के प्लेसमेंट में भी शिक्षण, प्रशिक्षण संस्थान द्वारा आवश्यक सहयोग किया जाए। इस संबंध में दूरस्थ शिक्षा प्रणाली की संभावनाओं पर सम्मेलन में विचार-विमर्श किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि शिक्षण, प्रशिक्षण पाठ्यक्रमों का आधार रोजगार, व्यवसाय और इन्डस्ट्री की जरूरतों के अनुसार होना चाहिए। ज्ञान विज्ञान, टेक्नोलॉजी, अकादमिक क्षेत्र में कुशल, दक्ष बनाने और कौशल उन्नयन के लिए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा डिस्टेंस लर्निंग में उपलब्ध होनी चाहिए।
राज्यपाल पटेल मध्यप्रदेश भोज मुक्त विश्वविद्यालय भोपाल के दो दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन के शुभारंभ कार्यक्रम को आज आरसीवीपी नरोन्हा प्रशासन एवं प्रबंधकीय अकादमी में संबोधित कर रहे थे। सम्मेलन "राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 कार्यान्वयनः मुक्त और दूरस्थ शिक्षा, शिक्षण संस्थानों के लिए दृष्टिकोण, अवसर और चुनौतियाँ" विषय पर चर्चा के लिए किया गया। राज्यपाल को कार्यक्रम में सम्मेलन की स्मारिका, पुस्तक एडाप्टिंग "आईसीटीटूदिएनईपी-2020 इन हायर एजूकेशन" और "लाइब्रेरी एंड इंफार्मेशन सर्विस इन न्यू नार्मल" पुस्तकें और तुलसी का पौधा, शॉल, श्रीफल, स्मृति-चिन्ह भेंट किए गए।
राज्यपाल पटेल ने कहा कि दूरस्थ शिक्षा प्रणाली के विस्तार के लिए जरूरी है कि ज्ञान और कौशल के विकास में भाषा बाधा नहीं बनने पाए, इसके लिए क्षेत्रीय भाषाओं में दूरस्थ शिक्षा में स्मार्ट लर्निंग टूल्स विकसित करने होंगे। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश जैसे विशाल भू-भाग वाले राज्य में शिक्षा की पहुँच बढ़ाने और उसे विद्यार्थी परक बनाने के प्रयासों में दूरवर्ती शिक्षा प्रभावी साधन बन सकती है।
उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि भोज मुक्त विश्वविद्यालय भी राष्ट्रीय इंदिरा गांधी ओपन यूनिवर्सिटी के समान चेनल प्रारंभ करे। उन्होंने कहा कि ज्ञान की गंगा के प्रवाह को बढ़ाने और विस्तारित करने के लिए दूरस्थ शिक्षा प्रणाली में गुणवत्ता पूर्ण शिक्षा की व्यवस्था की जाना चाहिए। यह सुनिश्चित किया जाये कि पारंपरिक शिक्षा और दूरस्थ शिक्षा की गुणवत्ता का स्तर समान हो।
इंदिरा गांधी नेशनल यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रो. नागेश्वर राव ने सारस्वत उद्बोधन में कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए डिस्टेंस लर्निंग एजूकेशन में अपार अवसर उपलब्ध हुए हैं। नैक द्वारा मुक्त विश्वविद्यालयों का भी ग्रेडेशन किया जाने लगा है। इग्नू और बाबा साहब मुक्त विश्वविद्यालय अहमदाबाद को नैक द्वारा "ए++" की ग्रेडिंग दी गई है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति में पारंपरिक, दूरस्थ शिक्षा और छात्र केन्द्रित व्यवस्थाएँ की गई हैं। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने वर्ष 2020 के नियमन के द्वारा पारंपरिक शिक्षा और दूरस्थ शिक्षा की उपाधियों को समतुल्य माने जाने की व्यवस्था भी कर दी है।
मानहानि केस में राहुल गांधी को 2 साल की सजा सुनाई गई थी। सूरत की सेशंस कोर्ट से राहत ना मिलने के बाद अब राहुल गांधी ने गुजरात हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। ऐसे में राहुल ने इस मामले में जल्द से जल्द सुनवाई करने की भी अपील की है। शनिवार को याचिका पर हुई सुनाई में कोर्ट ने शिकायतकर्ता पूर्णेश मोदी को रिकॉर्ड पर दस्तावेज पेश करने का अनुरोध स्वीकार कर लिया। ऐसे में अब मामले में 2 मई को अगली सुनवाई होगी।
हालांकि 2 मई की सुनवाई को 5 मई के लिए टाला जा सकता है। दरअसल जज का कहना है कि 'वो 5 मई के बाद देश से बाहर जा रहे हैं'। ऐसे में शनिवार को सुनवाई के दौरान लोक अभियोजक मितेश अमीन ने कहा कि 'इस स्तर पर कोर्ट को सिर्फ मामले की गंभीरता को देखना है और मजिस्ट्रेट और सत्र न्यायालय दोनों ने पहले ही मामले की गंभीरता पर विचार कर लिया है। हालांकि अपराध गैर-संज्ञेय और जमानती है, लेकिन जिस क्षण फैसला सुनाया जाता है, वे पहलू नगण्य होते हैं। जहां तक दोषसिद्धि पर रोक का विचार है, वह याचिकाकर्ता के लिए उपलब्ध नहीं है। यह ऐसा मामला नहीं है, जहां सजा पर रोक लगाई जा सके'।
Gujarat High Court asks senior advocate Abhishek Singhvi, representing Rahul Gandhi, to file a reply by 2nd May on plea seeking stay on Surat Sessions Court's decision of convicting Rahul Gandhi in 'Modi surname' defamation case.
इसे लेकर अब राहुल गांधी के वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा कि 'सजा पर रोक लगाई जाए या नहीं, इस पर फैसला कोर्ट और आरोपी के बीच का है। शिकायतकर्ता को इससे कोई लेना-देना नहीं है और अगर उनकी बात सुनी जाती है तो ज्यादा वेटेज नहीं दिया जाना चाहिए'।
सिंघवी ने कोर्ट से अपील करते हुए कहा कि 'अगर दोषसिद्धि पर रोक नहीं लगाई गई तो मुझे उस अवधि के लिए चुनाव लड़ने से रोक दिया जाएगा, जो राजनीति में लगभग अर्ध-स्थायी है, यहां तक कि राजनीति में एक सप्ताह भी लंबा समय है, यहां चुनाव लड़ने से 8 साल की रोक लग रही है। पूरा राजनीतिक करियर दांव पर लग जाएगा। यह कोई गंभीर अपराध नहीं है, मैंने कोई हत्या नहीं की है। मैं इस लायक नहीं हूं। कृपया ध्यान दिया जाए'।
जयपुर। राजस्थानी की राजधानी जयपुर के नाहरगढ़ इलाके में एक मेंहदी फैक्ट्री में पुलिस ने दबिश दी है। शिकायत थी कि बेंगलुरु की एक फेमस मेहंदी कंपनी के नाम से यहां पर एक फैक्ट्री में डूप्लीकेट मेंहदी का माल बनाया जा रहा था। फैक्ट्री पर दबिश देकर कॉपीराइट का सामान जब्त किया गया है। जब्त किए माल की कीमत हजारों रुपए में बताई जा रही है।
ACP (कोतवाली) नरेन्द्र कुमार ने बताया कि बैंगलुरु सिटी सिविल कोर्ट के आदेश का कालू सिंह उल्लंघन कर रहा था। कोर्ट के निर्देशानुसार कार्रवाई के लिए कोर्ट कमिश्नर बनाया गया। सिंह मेंहदी इंडस्ट्रीज कम्पनी के अधिकारी कोर्ट कमिश्नर के साथ जयपुर पहुंचे।
जयपुर पुलिस से मदद लेकर नाहरगढ़ इलाके में दबिश दी गई। पुरानी बस्ती में स्थित आदित्य राज मेंहदी प्रोडेक्ट के नाम से चल रही फैक्ट्री पर पुलिस ने दबिश दी। फैक्ट्री मालिक कालू सिंह पर आरोप है कि वह बैंगलुरु की कंपनी बांसुरी मेंहदी के नाम से माल बना रहा था। फैक्ट्री पर कार्रवाई कर हजारों रुपए कीमत का माल, पैकिंग मटेरियल जब्त किया गया है।
चित्तौड़गढ़ । सड़क के बीच लटक रहे हाईटेंशन बिजली के तारों को छूते ही टेम्पो में करंट दौड़ गया। उसमें आग लग गई और दो युवक समेत दो घोड़ी जिंदा जल गए। करंट की चपेट आए तीन लोगों ने किसी तरह बाहर निकलकर अपनी जान बचाई।
घटना चित्तौड़गढ़ जिले के कपासन थाना क्षेत्र के रामथली गांव का है। हादसा शनिवार अलसुबह करीब तीन बजे का है। हादसे की जानकारी मिलते ही स्थानीय लोगों ने बिजली विभाग को जानकारी दी और लाइट बंद करवाई।
आग की चपेट में आकर मरने वालों में से रामथली निवासी शांतिलाल (28) पुत्र लेहरु गाडरी और टेम्पो ड्राइवर गांव हथियाना निवासी किशन लाल (44) पुत्र शंकरलाल खटीक शामिल हैं। वहीं, टेम्पो में सवार दो घोड़ी भी जिंदा जल गईं।
कपासन थानाधिकारी गजेंद्र सिंह ने बताया कि शांतिलाल शादियों के दौरान निकलने वाली बिंदौरी में घोड़ी ले जाता था। शुक्रवार को शांतिलाल अपने छोटे भाई कैलाश (25) को साथ लेकर गांव पांछली में बिंदौली कार्यक्रम में दो घोड़ी लोडिंग टेम्पो में लेकर गए थे। टेम्पो गांव हथियाना निवासी किशन खटीक का था और किशन ही चला रहा था। इनके साथ में हथियाना निवासी शिवलाल पुत्र बंशीलाल तेली भी था। वह ड्राइवर के साथ गया था।
पांछली गांव में बिंदौली निकालने के बाद सभी सुबह 3 बजे टेम्पो से वापस लौट रहे थे। रास्ते में रामथली के पास 11 केवी लाइन का तार फॉल्ट होने के कारण टूट कर नीचे गिरा हुआ था। अंधेरा होने की वजह से तार दिखाई नहीं दिया और टेम्पो उसकी चपेट में आ गया। करंट का झटका लगते ही ड्राइवर किशन ने टेम्पो को रोका। तब तक वाहन में करंट फैल चुका था।